विचार मंच न्यूज़

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन ने गणतंत्र को परिभाषित करते हुए कहा था कि गणतंत्र लोगों का लोगों के लिए लोगों के द्वारा किया जाने वाला शासन है अर्थात अंत:रूप में जनता ही सर्वोपरि होती है

समाचार4मीडिया ब्यूरो 1 day ago


इस कॉलम के जरिये मैंने कई बार इसका इजहार किया कि अब मीडिया को अपनी आचार संहिता तैयार करने का समय आ गया है

राजेश बादल 1 day ago


पत्रकारिता से राजनीति में आए हरिवंश नारायण सिंह इन दिनों राज्यसभा के उप सभापति की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं

समाचार4मीडिया ब्यूरो 2 days ago


यह वाराणसी नहीं है और न ही 2014, लेकिन यह चुनावी रण है और इस चुनावी रण में आमने-सामने दिख रहे वही दो चेहरे हैं, जो वाराणसी के चुनावी रण में 2014 में दिख रहे थे

समाचार4मीडिया ब्यूरो 1 week ago


अगर हमारी मानसिक सीमाएं सिकुड़कर केवल टीआरपी की होड़ पर टिक जाएंगीं तो इसका खामियाजा कौन भुगतेगा?

राजेश बादल 1 week ago


वैसे तो हिंदुस्तान की परम्परा है कि बच्चे लड़ रहे हों तो बड़े बीच में नही पड़ते

प्रमिला दीक्षित 1 week ago


भारत, चीन और जापान में आज भी प्रिंट मीडिया की तूती बोल रही है। भारत में तो डिजिटल ही संकट में दिखता है

समाचार4मीडिया ब्यूरो 2 weeks ago


आज की पत्रकारिता में वैचारिक आस्थाएं जिस तरह कट्टरता में बदली हैं और अखाड़ों में पहलवानों की तरह खम ठोंके जा रहे हों वहां राधेश्याम जी जैसे पत्रकार की मौजूदगी एक दीपस्तंभ की तरह थी

समाचार4मीडिया ब्यूरो 2 weeks ago


सत्ता के शिखरों ने अपने हित साधने में पत्रकारों और पत्रकारिता का भरपूर इस्तेमाल किया और हम खड़े-खड़े ग़ुबार देखते रहे

राजेश बादल 3 weeks ago


फिल्म की तर्ज पर देश के हालात भी कुछ ऐसे ही हो गए हैं। लोग तौबा कर रहे हैं,खासतौर पर पत्रकार

प्रमिला दीक्षित 3 weeks ago


इसी 20 दिसंबर को तकरीबन 88 साल की उम्र में दादी मां ने हम सबका साथ छोड़ दिया

समाचार4मीडिया ब्यूरो 3 weeks ago


वरिष्ठ पत्रकार राजेश बादल ने रायपुर के पत्रकारिता विश्वविद्यालय में नए कुलपति के चयन पर उठाया सवाल

राजेश बादल 1 month ago


इस फैसले का बस एक ही फायदा है। वह यह कि अब पाक में शायद फौजी तख्तापलट बंद हो जाएं

डॉ. वेद प्रताप वैदिक 1 month ago


बीएचयू  मेरे लिए जो थी, वही है-कालातीत और भावातीत। हालांकि, आपकी भावनाएं दुनिया नहीं चलातीं

समाचार4मीडिया ब्यूरो 1 month ago


पत्रकारिता के दोनों शिक्षक मुकेश कुमार और दिलीप मंडल बरसों से पत्रकारिता और मीडिया शिक्षा के तमाम रूपों से जुड़े हुए हैं

राजेश बादल 1 month ago


लगातार मिल रहे इस तरह के संकेतों को संयुक्त कर देखें तो साफ है कि अब हमें अपना घर ठीक करने की नौबत आ गई है

राजेश बादल 1 month ago


जिन राज्यों में भाजपा की सरकारें हैं, वहां भी शहरों और गांवों में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए हैं। भीड़ लूटपाट और तोड़-फोड़ से भी बाज नहीं आ रही है

डॉ. वेद प्रताप वैदिक 1 month ago


रिपब्लिक भारत की पत्रकार ज्योत्सना बेदी ने रखी मांग-जो करना है, जहां जरूरत है कराइए, क्योंकि इससे देश की छवि बहुत खराब होती है

समाचार4मीडिया ब्यूरो 1 month ago