होम / इंडस्ट्री ब्रीफिंग / अरनब के Times Now छोड़ने से चैनल पर क्या पड़ा प्रभाव? बताया- सीईओ एमके आनंद ने
अरनब के Times Now छोड़ने से चैनल पर क्या पड़ा प्रभाव? बताया- सीईओ एमके आनंद ने
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।। ‘टाइम्स नेटवर्क’ (Times Network) के एमडी और सीईओ एमके आनंद का कहना है कि इस साल कंपनी की वार्षिक ग्रोथ (annual growth) में कमी हो सकती है, यह नोटबंदी (demonetisation) के कारण मार्केट डाउन होने का परिणाम ह
समाचार4मीडिया ब्यूरो 9 years ago
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
‘टाइम्स नेटवर्क’ (Times Network) के एमडी और सीईओ एमके आनंद का कहना है कि इस साल कंपनी की वार्षिक ग्रोथ (annual growth) में कमी हो सकती है, यह नोटबंदी (demonetisation) के कारण मार्केट डाउन होने का परिणाम है।
एक्सचेंज4मीडिया (exchange4media) के साथ खास बातचीत में वरिष्ठ पत्रकार अरनब गोस्वामी के इस्तीफे के बारे में एमके आनंद ने कहा कि उससे चैनल के मार्केट शेयर पर कोई असर नहीं पड़ा। ‘टाइम्स नाउ’ ने मार्केट शेयर में अपनी हिस्सेदारी बरकरार रखी। इसके अलावा उन्होंने संकेत दिए कि ‘वाइस न्यूज’ (Vice News) के साथ उनका जॉइट वेंचर भी जल्द ही लाइव हो जाएगा।
बातचीत के दौरान एमके आनंद ने यह भी माना कि ‘टाइम्स ग्रुप’ के कुल रेवेन्यू में टेलिविजन न्यूज की हिस्सेदारी कम हुई है। हालांकि इससे पहले एमके आनंद ने नवंबर 2015 में एक बिजनेस न्यूजपेपर को बताया था कि टाइम्स नेटवर्क के एनुअल रेवेन्यू (annual revenues) में टेलिविजन न्यूज की हिस्सेदारी 55-60 प्रतिशत थी।
रेवेन्यू और ग्रोथ का आकलन
उन्होंने कहा, ‘इस तिमाही में हमारी औसत ग्रोथ 20 प्रतिशत से ज्यादा रही है। टाइम्स नेटवर्क का इसमें योगदान बढ़ रहा है क्योंकि यह प्रिंट कंपनी की अपेक्षा तेजी से आगे बढ़ रहा है। जबकि नेटवर्क का बेस काफी कम था।’
एमके आनंद के अनुसार, हालांकि इस वित्तीय वर्ष की पहली छमाही सामान्य थी लेकिन इसके बाद यह असामान्य हो गई। इस परिस्थिति में इसकी ग्रोथ कम होगी। यदि हमें 8-10 प्रतिशत की ग्रोथ मिल जाती है तो भी हमें खुश होना चाहिए।
एमके आनंद ने कहा, ‘एडवर्टाइजिंग पर नोटबंदी का प्रभाव पॉजिटिव और नेगेटिव दोनों रूप में पड़ा है। मीडिया पर इसका कुल प्रभाव 25 प्रतिशत तक पड़ सकता है। मेरा मानना है कि नवंबर की तुलना में दिसंबर काफी सही रहेगा लेकिन मार्केट पर ज्यादा प्रभाव पड़ता नहीं दिखाई दे रहा है।’ उन्होंने कहा कि फरवरी-मार्च तक जब लोगों के हाथों में नई करेंसी आ जाएगी तक स्थिति थोड़ी सुधर सकती है।
अरनब के बाद टाइम्स नाउ
आनंद ने कहा, ‘अरनब गोस्वामी चैनल का फेस थे लेकिन अरनब के चैनल छोड़ने के बाद मेरे लिए ज्यादा कुछ नहीं बदला है।’
आनंद ने कहा, ‘अरनब के चैनल छोड़ने के बाद भी हमने अपने मार्केट शेयर को बनाए रखा है। कुछ चीजें ऊपर नीचे होने से कोई फर्क नहीं पड़ता। हमने जरूरत के अनुसार सभी काम किए हैं।’ आनंद ने कहा कि वर्ष 2016 में 41वें से 45वें हफ्ते के बीच टाइम्स नाउ का मार्केट शेयर 41 प्रतिशत था। उन्होंने कहा कि अरनब गोस्वामी के चैनल छोड़ने के बाद 46वें से 49वें हफ्ते तक यह मार्केट शेयर वैसा ही बना रहा था।
पिछले महीने छपी एक रिपोर्ट में कहा गया था कि अरनब गोस्वामी के चैनल छोड़ने के बाद कई एडवर्टाइजर्स काफी परेशान थे और उन्होंने अपने कॉन्ट्रैक्ट को लेकर दोबारा से बातचीत की इच्छा जताई थी, एमके आनंद ने इस तरह की खबरों को पूरी तरह नकार दिया।
एडवर्टाइजिंग की कीमतों के पुन: निर्धारण के सवाल पर आनंद ने कहा, ‘मैंने टाइम्स ऑफ इंडिया की एड सेल्स यूनिट से बात की। मुझे नहीं बता कि कीमत कैसे वापस होती हैं मैं तो सिर्फ यह जानता हूं कि कीमतें बढ़ाई कैसे जाएं।’ आनंद ने कहा कि किसी भी कारण से हमारी प्राइसिंग पॉलिसी से कभी भी समझौता नहीं किया जाएगा।
हाल ही में टाइम्स नेटवर्क छोड़ने वाले कर्मचारियों को कानूनी नोटिस भेजने के सवाल को लेकर उठ रहीं खबरों के बारे में एमके आनंद ने कहा कि इस तरह की बातें बेबुनियाद हैं। ऐसी खबरें कुछ खाली लोगों ने उड़ाई हैं जिनके पास कोई काम नहीं है। उन्होंने कहा कि संस्थान सिर्फ इस कारण से किसी भी कर्मचारी को कानूनी नोटिस नहीं दे सकता है जिसने इस्तीफा दिया हो।
उन्होंने कहा, ‘जब भी कोई कर्मचारी इस्तीफा देता है तो एचआर डिपार्टमेंट उसे एक जवाब भेजता है और उससे बातचीत करना चाहता है। यह एक सामान्य प्रक्रिया है।’
‘show must go on’ का जिक्र करते हुए एमके आनंद ने इस बात पर जोर दिया कि टीवी स्क्रीन पर जो भी दिखाई देता है उसके पीछे कई लोगों की भूमिका होती है। यदि उनमें से कोई एक भी छोड़ दे तो इसका मतलब यह नहीं है कि दूसरे लोग कबाम नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि टाइम्स नाउ की टीम बहुत अच्छा काम कर रही है।
आखिर में एमके आनंद ने कहा कि अरनब गोस्वामी सेलिब्रिटी थे लेकिन वह सब कुछ (endorsement specialist) नहीं थे। वह टाइम्स नाउ के रिप्रजेंटेटिव कर रहे थे और इसकी व्युअरशिप अभी भी बरकरार है।
समाचार4मीडिया देश के प्रतिष्ठित और नं.1 मीडियापोर्टल exchange4media.com की हिंदी वेबसाइट है। समाचार4मीडिया.कॉम में हम आपकी राय और सुझावों की कद्र करते हैं। आप अपनी राय, सुझाव और ख़बरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। आप हमें हमारे फेसबुक पेज पर भी फॉलो कर सकते हैं।
टैग्स