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#MeToo: TV एंकर गौरव सावंत ने यौन शोषण के लगे आरोप पर कही ये बात...
सालभर पहले हॉलिवुड से शुरू हुआ #MeToo कैंपेन अब भारत में...
समाचार4मीडिया ब्यूरो 7 years ago
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
सालभर पहले हॉलिवुड से शुरू हुआ #MeToo कैंपेन अब भारत में एक आंदोलन का रूप ले चुका है। आए दिन महिलाएं आगे आकर अपने साथ हुए उत्पीड़न का अनुभव साझा कर रही हैं। इसी क्रम में ‘द हिन्दू’ अखबार की पूर्व हेल्थ एडिटर विद्या कृष्णन ने ‘इंडिया टुडे’ के एग्जिक्यूटिव एडिटर और जाने-माने टीवी एंकर गौरव सावंत पर यौन शोषण के आरोप लगाए हैं।
'द कैरावैन' पत्रिका में प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक, विद्या कृष्णन ने 15 साल पहले हुए इस मामले का ज़िक्र करते हुए बताया कि एक असाइनमेंट के दौरान गौरव ने उनके साथ छेड़छाड़ की थी।
विद्या कृष्णन के इस आरोप पर गौरव सावंत ने ट्वीट किया है कि 'द कैरावैन' में प्रकाशित लेख 'गैर जिम्मेदार, आधारहीन और पूरी तरह से झूठ है।' साथ ही उन्होंने लिखा है, 'मैं मेरे वकीलों से बात कर रहा हूं और इस पर कानूनी कदम उठाऊंगा। मेरा सपोर्ट करने के लिए मेरे परिवार, दोस्त और दर्शकों का आभारी हूं।'
The article published by Caravan is irresponsible, baseless, and completely false. I am talking to my lawyers and will take full legal action. So grateful to my family, friends, and viewers for their support.
— GAURAV C SAWANT (@gauravcsawant) November 12, 2018
वहीं ‘इंडिया टुडे’ ने इस मामले में टिप्पणी और जांच करने से इसलिए इनकार कर दिया क्योंकि साल 2003 में सावंत इस समूह के साथ नहीं जुड़े थे।
'द हिन्दू' की पूर्व हेल्थ एडिटर विद्या कृष्णन ने बताया कि जब यह घटना हुई, उस वक्त उन्होंने 'द पॉयनियर' अखबार जॉइन किया था। उन्होंने बताया कि यह घटना उस वक्त हुई जब वह पंजाब के ब्यास में भारतीय सेना द्वारा आयोजित एक मिलिट्री ड्रिल को कवर करने गई थीं। यह उनका दिल्ली से बाहर पहला असाइनमेंट था। पहले से डिफेंस पत्रकार के तौर पर ख्याति पा चुके सावंत भी इस ट्रिप पर थे। विद्या सेना के उस वाहन में अकेली महिला थी, जिसमें पत्रकारों की टीम को ले जाया जा रहा था।
वे लिखती हैं कि गाड़ी में सावंत उनके पीछे बैठे हुए थे। एक जगह अचानक सांवत अपना दायां हाथ पहले उनके कंधे पर और फिर उनकी छाती पर रख देते हैं। विद्या ने बताया कि उस समय वह कोई प्रतिक्रिया नहीं दे पाईं और न ही इस बारे में किसी को बता पाईं क्योंकि वह इसके लिए पर्याप्त साहस नहीं जुटा सकीं।
विद्या के अनुसार, सावंत के भद्दे व्यवहार का सिलसिला यहीं नहीं रुका। उस रात सावंत ने उन्हें एक लिखित मैसेज भेजकर अपने कमरे में बुलाया। मैसेज में उन्होंने यह भी कहा था कि वह उनके साथ बाथटब में जाना चाहते हैं।
विद्या ने बताया कि उन्होंने इनकार कर दिया। उसके कुछ ही मिनट के बाद सावंत उनके कमरे में बिना इजाजत पहुंच गए और उनके साथ बदसलूकी करना शुरू कर दिया।
विद्या के अनुसार, उसके बाद सावंत ने अपनी पैंट की जिप खोली और उन पर अपना निजी अंग छूने का दबाव बनाने लगे। उन्होंने उन्हें धक्का देने की कोशिश की पर वो असमर्थ रहीं। विद्या कहती है, ‘उसके बाद मैंने चिल्लाना शुरू कर दिया।’
विद्या आगे लिखती है कि जैसे ही उनकी आवाज तेज हुई, सावंत रुक गए। विद्या ने कहा, ‘मुझे लगता है कि उस वक्त उनके दिमाग में विचार आया होगा कि वह उनका रेप नहीं कर सकते, इसलिए उस वक्त वह चले गए।’
हालांकि, विद्या ने उस वक्त न ही ‘द पॉयनियर’ अखबार के प्रबंधन से शिकायत की और न ही अखबार के संपादक और पूर्व राज्यसभा सांसद चंदन मित्रा से इस बारे में संपर्क करना चाहा। वे आगे बताती हैं कि उन्हें उस वक़्त इस बात की जानकारी भी नहीं थी कि द पॉयनियर में कोई आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) थी या नहीं।
विद्या ने बताया कि उन्होंने सावंत का नाम नहीं लिया इसके पीछे उनकी केवल पेशेवर मजबूरियां ही नहीं, बल्कि सामाजिक मजबूरियां भी थीं।
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