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एडिटर्स गिल्ड ने असम के मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, जताई ये चिंता
एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल को पत्र लिखकर राज्य में पत्रकारों के खिलाफ हिंसा के बढ़ते मामलों पर चिंता व्यक्त की है
समाचार4मीडिया ब्यूरो 5 years ago
एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल को पत्र लिखकर राज्य में पत्रकारों के खिलाफ हिंसा के बढ़ते मामलों पर चिंता व्यक्त की है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाने की मांग की है। गिल्ड ने राज्य में 1991 के बाद मारे गए 32 पत्रकारों की सूची भी दी है।
पत्र में कहा गया है कि असम में पत्रकारों पर भीड़ द्वारा हमले किये जाने और उन्हें डराने-धमकाने की घटनाएं सामने आई हैं। इन घटनाओं से स्वतंत्र और निष्पक्ष मीडिया के कामकाज के लिए जरूरी माहौल खराब हो रहा है।
पत्र में कहा गया है, 'एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने असम में पत्रकारों के खिलाफ हिंसा के बढ़ते मामलों को लेकर बेहद चिंता के साथ आपको पत्र लिखा है। हम आपके द्वारा इन घटनाओं की कड़ी निंदा किए जाने की प्रशंसा करते हैं, लेकिन हालात इस मामले में आपके तत्काल हस्तक्षेप की मांग करते हैं।'
गिल्ड ने पत्र में यह भी कहा कि 1991 के बाद राज्य में मारे गए पत्रकारों के मामलों में अभी तक ठीक से जांच नहीं हुई है। काफी सारे मामलों में अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं और पत्रकारों के परिवार को डरा रहे हैं। हम आशा करते हैं कि आप राज्य की पुलिस को उचित कदम उठाने को कहेंगे ताकि मीडिया में विश्वास की बहाली हो सके और बिना डरे वे काम कर पाएं।
पत्र में गिल्ड ने पिछले हफ्ते पत्रकार मिलन महंता पर हुए हमले का भी जिक्र किया। कथित तौर पर रविवार को महंता पर कुछ लोगों ने हमला किया, जिसमें उन्हें एक बिजली के खंभे में बांधा गया और पिटाई की गई।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए फुटेज में असम के बड़े दैनिक अखबार ‘प्रतिदिन’ के पत्रकार मिलन महंता हैं, जो करुप जिले के रहने वाले हैं। तस्वीरों में देखा जा सकता है कि उनके हाथ खंभे से बांध दिए गए हैं और पांच व्यक्ति उन पर हमला कर रहे हैं।
यह घटना रविवार को गुवाहाटी से 40 किमी पश्चिम के मिर्जा में घटी। उन्होंने पलाश बारी पुलिस स्टेशन में एक एफआईआर दर्ज कराई है। उन्होंने अपनी एफआईआर में बताया है कि उनके हमलावर जुआरी थे।
अपनी शिकायत में महंता ने बताया कि असम में दीवाली से पहले ग्रामीण इलाकों में जुए की खबरें सामने आई थीं, जिसकी खबर उन्होंने कई बार की, जिसके चलते ही कुछ जुआरियों ने उन पर हमला किया। पत्रकार मिलन महंता को गर्दन, सिर और कानों पर चोट आई है।
पत्रकार की शिकायत पर कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इस तरह की घटना के बाद पूरे देश के पत्रकारों में आक्रोश है।
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