होम / सोशल मीडिया / विपक्ष के नेताओं को देश से क्षमा अवश्य मांगनी चाहिए: अवधेश कुमार
विपक्ष के नेताओं को देश से क्षमा अवश्य मांगनी चाहिए: अवधेश कुमार
उन्होंने दुनिया को भी स्पष्ट कर दिया कि विश्व समुदाय भी सुन ले कि आतंकवाद पर हमारा जीरो टॉलरेंस जारी रहने वाला है। पाकिस्तान से अगर बातचीत होगी तो टेरर पर होगी
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।। 9 months ago
पीएम मोदी के राष्ट्र के नाम संबोधन पर कांग्रेस ने सवाल उठाये है। कांग्रेस ने सवाल खड़े किए हैं कि क्या भारत ने अमेरिका की मध्यस्थता को स्वीकार कर लिया है और अमेरिका के कहने पर वह पाकिस्तान के साथ किसी तीसरे देश में वार्ता के लिए सहमत हो गया है। इस मामले पर वरिष्ठ पत्रकार अवधेश कुमार ने कहा कि यह समय राजनीति करने का नहीं है।
उन्होंने एक्स हैंडल पर लिखा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद कम से कम हमारे देश के महान विपक्ष के नेताओं को एक बार देश से क्षमा अवश्य मांगनी चाहिए। जो कुछ मैं कई दिनों से बोल रहा हूं ,लिख रहा हूं कि भारत ने कोई सीजफायर नहीं किया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमने केवल स्थगित किया है और हम इस कसौटी पर पाकिस्तान को कसेंगे कि वह क्या रुख अपनाते हैं।
साफ कह दिया कि न्यूक्लियर ब्लैकमेल नहीं चलेगा, टेरर और टॉक नहीं चलेगा, टेरर और ट्रेड भी नहीं चलेगा तथा पानी और खून एक साथ नहीं बहेगा। उन्होंने दुनिया को भी स्पष्ट कर दिया कि विश्व समुदाय भी सुन ले कि आतंकवाद पर हमारा जीरो टॉलरेंस जारी रहने वाला है। पाकिस्तान से अगर बातचीत होगी तो टेरर पर होगी और पाक अधिकृत कश्मीर पर होगी।
हमारे देश में ऐसे नीच लोगों की संख्या बढ़ गई है जो राजनीतिक विरोध के नाम पर अपने देश के पराक्रम को भी नीचा दिखाने में शर्म नहीं महसूस करते। मैं विरोधियों के लिए भी शब्द प्रयोग में हमेशा गरिमा में रहने की कोशिश करता हूं लेकिन आज कहना पड़ रहा है कि ये बेशर्म हैं, कुल घातक हैं, अपने पितरों और पूर्वजों के नाम को कलंकित कर रहे हैं।
हमारे मिसाइलों ने पाकिस्तान द्वारा खड़े किए गए आतंकी अड्डों को सटीकता से ध्वस्त कर दिया जो पहले कभी नहीं हुआ और इस कारण अमेरिका सहित कई देशों के लिए परेशानी खड़ी हो गई कि भारत ऐसा करता रहा तो वह दुनिया का नेता बन जाएगा और हमारे देश के नेताओं, उनके मूर्ख समर्थकों, पापी अपराधी पत्रकारों- बुद्धिजीवियों का एक समूह ऐसे नैरेटिव चल रहा था जैसे भारत ने कहीं आत्मसमर्पण कर दिया। डूब मरें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद कम से कम हमारे देश के महान विपक्ष के नेताओं को एक बार देश से क्षमा अवश्य मांगनी चाहिए। जो कुछ मैं कई दिनों से बोल रहा हूं ,लिख रहा हूं कि भारत ने कोई सीजफायर नहीं किया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमने केवल स्थगित किया है और हम इस कसौटी पर…
— Awadhesh Kumar (@Awadheshkum) May 12, 2025
टैग्स