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महान व्यक्तित्वों का मूल्यांकन व्यापक दृष्टिकोण से हो: अखिलेश शर्मा
बेंच ने राहुल गांधी के वकील अभिषेक मनु सिंघवी से पूछा कि क्या राहुल गांधी को पता है कि महात्मा गांधी ने भी खुद के लिए 'आपका वफादार सेवक' शब्द का इस्तेमाल किया था।
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।। 9 months ago
स्वतंत्रता सेनानी विनायक दामोदर सावरकर पर आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने के मामले में राहुल गांधी को सुप्रीम कोर्ट ने नसीहत दी है। कल अदालत ने कांग्रेस नेता से कहा कि वीर सावरकर जैसे लोगों ने हमें आजादी दिलाई थी और आप उनके साथ इस तरह का बर्ताव कर रहे हैं।
इस मामले पर वरिष्ठ पत्रकार अखिलेश शर्मा ने भी अपने सोशल मीडिया हैंडल से एक पोस्ट की और अपनी राय व्यक्त की। उन्होंने एक्स पर लिखा, सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों के बाद क्या अब वीर सावरकर को लेकर चल रहा विवाद हमेशा के लिए थम जाएगा? इतिहास के महान व्यक्तित्वों का मूल्यांकन व्यापक दृष्टिकोण से किया जाना चाहिए। लेकिन जब उन्हें राजनीतिक लाभ के लिए उपकरण बना लिया जाता है, तो इससे उनकी गरिमा नहीं, बल्कि उन्हें हथियार बनाने वालों की ही प्रतिष्ठा घटती है।
आपको बता दें, वीर सावरकर पर राहुल गांधी की माफीवीर वाली टिप्पणी को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों का मजाक न उड़ाएं। बेंच ने राहुल गांधी के वकील अभिषेक मनु सिंघवी से पूछा कि क्या राहुल गांधी को पता है कि महात्मा गांधी ने भी अंग्रेजों से संवाद में खुद के लिए 'आपका वफादार सेवक' शब्द का इस्तेमाल किया था।
सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों के बाद क्या अब वीर सावरकर को लेकर चल रहा विवाद हमेशा के लिए थम जाएगा? इतिहास के महान व्यक्तित्वों का मूल्यांकन व्यापक दृष्टिकोण से किया जाना चाहिए। लेकिन जब उन्हें राजनीतिक लाभ के लिए उपकरण बना लिया जाता है, तो इससे उनकी गरिमा नहीं, बल्कि उन्हें हथियार…
— Akhilesh Sharma (@akhileshsharma1) April 25, 2025
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