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नए वर्ष के पहले दिन राज्यसभा टीवी का ये तोहफा आपके लिए...
नए वर्ष के पहले दिन राज्यसभा टीवी का ये तोहफा आपके लिए...
राज्यसभा टेलीविजन अपने ख़ास कार्यक्रम विरासत में इस बार ग़ज़ल के बादशाह जगजीत सिंह पर बनी ख़ास श्रृंखला की आख़िरी कड़ी नए साल के पहले दिन यानी कल रविवार दोपहर एक बजे और शाम सात बजे प्रसारित करेगा। एक-एक घंटे के पाँच कड़ियों में बना ये वृतचित्र अनेक मामलों में अनोखा है। टेलीविजन के इतिहास में पहली बार किसी एक व्यक्ति पर बिना किसी ब्रेक के पाँच घंटे
समाचार4मीडिया ब्यूरो
9 years ago
राज्यसभा टेलीविजन अपने ख़ास कार्यक्रम विरासत में इस बार ग़ज़ल के बादशाह जगजीत सिंह पर बनी ख़ास श्रृंखला की आख़िरी कड़ी नए साल के पहले दिन यानी कल रविवार दोपहर एक बजे और शाम सात बजे प्रसारित करेगा। एक-एक घंटे के पाँच कड़ियों में बना ये वृतचित्र अनेक मामलों में अनोखा है। टेलीविजन के इतिहास में पहली बार किसी एक व्यक्ति पर बिना किसी ब्रेक के पाँच घंटे का बायोपिक बनी है।
राज्यसभा टीवी के कार्यकारी निदेशक ,फ़िल्मकार और पत्रकार राजेश बादल के निर्देशन में बने इस धारावाहिक बायोपिक में ग़ज़ल सम्राट जगजीत सिंह के व्यक्तित्व, गायिकी के अलग-अलग रूप और रूहानी ज़िंदगी पर समग्रता से प्रकाश डाला गया है। 'मैं जगजीत' नाम से तैयार इस श्रृंखला में पहली बार ग़ज़ल सम्राट जगजीत सिंह से जुडे अनेक रोचक और अनकहे -अनसुने प्रसंगों को उजागर किया गया है। इसके लिए 'विरासत' की टीम ने मीर, ग़ालिब, सुदर्शन फ़ाकिर, कतिल सिफ़ाई जैसेआला दर्जे के शायरों को पढ़ा समझा, जिनके लिखे ग़ज़लों को जगजीत सिंह ने अपनी मखमली आवाज़ दी। साथ ही जगजीत के जन्म स्थान श्रीगंगानगर, उनकी शिक्षा भूमि जलंधर और कर्मभूमि मुंबई जाकर उनके जीवन के अनेक पहलुओं को क़रीब से देखा और फ़िल्मांकन किया
जगजीत सिंह की पत्नी चित्रा सिंह, गीतकार गुलज़ार, जावेद अख़्तर, फ़िल्मकार और जगजीत के करीबी दोस्त सुभाष घई, महेश भट्ट और जगजीत के साजिंदे जिन्होंने वर्षों उनके साथ संगत की सब ने काफी सहयोग किया और एक्सक्लूसिव बातचीत की । इनलोगों ने जगजीत के जीवन से जुड़े अनेक व्यक्तिगत पहुलओं को पहली बार विरासत के साथ साझा किया। चित्रा सिंह ने जगजीत के जीवन से जुड़ीं अनेक घटनाओं को पहली बार उजागर किया।
इन सब के अलावा जगजीत के चाहने वालों ने दुनिया के कोने कोने से जगजीत से जुड़ी सामग्रियों को पहुँचाया। विशेषकर अमेरिका में रहने वाले नरेश जी ने जगजीत के जीवन के दुर्लभ वीडियों और चित्रों को उपलब्ध कराया। इसी तरह न्यूजीलैंड, लंदन, कीनिया और क़रीब एक दर्जन देशों से संदर्भ सामग्री जुटाई गई ।
इससे पहले राजेश बादल अनेक विभूतियों पर वृत चित्र बना चुके हैं। इस कड़ी में साहिर लुधियानवी, गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर, खुशवंत सिंह, कवि गोपाल दास नीरज, कवि प्रदीप, अमृता प्रीतम,रस्किन बॉण्ड, राजेंद्र माथुर, सुरेंद्र प्रताप सिंह, फणीश्वरनाथ रेणु, जोहरा सहगल, शरद जोशी, गीतकार शैलेंद्र, मजरुह सुल्तानपुरी, दुष्यंत कुमार, भूपेन हज़ारिका, मीना कुमारी,रामधारी सिंह दिनकर जैसी अनेक हस्तियां शामिल हैं। विरासत के आने वाले एपिसोड में उपन्यास सम्राट प्रेमचंद , महान गायक के एल सहगल ,मोहम्मद रफ़ी और पृथ्वी राज कपूर पर भी इसी तरह की फ़िल्में बनाइ जा रहीं हैं ।
राज्यसभा टीवी अपनी स्थापना के बाद से ही लगातार साहित्यिक और सांस्कृतिक विषयों और उनसे जुड़ी हस्तियों के माध्यम से खालिस हिंदुस्तानी परंपरा को दिखाने की कोशिश कर रहा है। इस तरह के कार्यक्रम भी राज्यसभा टीवी ने ही सबसे पहले शुरू किए। साथ ही राज्य सभा टीवी की ये कोशिश है कि अलग-अलग क्षेत्रों की हस्तियों से जुड़ी यादें और उनके कामों को इस तरह के कार्यक्रम के माध्यम से सहेजा जाए ताकि आने वाली पीढ़ी उनके बारे में जान सके। राज्यसभा टीवी अपने कार्यक्रमों के कारण ही कम समय में मीडिया के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बना चुका है।
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