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विधायक बोले, मीडिया पर लगाओ सेंसरशिप वरना नेताओं का जीवन असहनीय हो जाएगा...
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।। देश की एक राज्य की विधानसभा में बुधवार को सदस्यों ने स्थानीय न्यूज चैनलों और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पर प्रतिनिधियों और राजनेताओं का चरित्र हनन करने का आरोप लगाया। इतना ही नहीं मीडिया को आड़े हाथों लेते हुए बहस के दौरान सदस्यों ने आरोप लगाया कि
समाचार4मीडिया ब्यूरो 8 years ago
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
देश की एक राज्य की विधानसभा में बुधवार को सदस्यों ने स्थानीय न्यूज चैनलों और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया पर प्रतिनिधियों और राजनेताओं का चरित्र हनन करने का आरोप लगाया। इतना ही नहीं मीडिया को आड़े हाथों लेते हुए बहस के दौरान सदस्यों ने आरोप लगाया कि कुछ स्थानीय न्यूज चैनल सकारात्मक खबरें दिखाने के बजाय अपनी टीआरपी बढ़ाने के लिए अनर्गल खबरें प्रसारित करते हैं। जी हां, हम बात कर रहे हैं कर्नाटक विधानसभा की।
सभी सदस्यों ने लगभग पूरे दिन इस बात पर बहस की, कि क्या मीडिया पर सेंसरशिप लगाई जानी चाहिए, क्योंकि सदस्यों का मानना है कि प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया चरित्र हनन और जबरन वसूली में शामिल हो गई है और यह अपनी रिपोर्ट से समाज को गुमराह कर रहे हैं।
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बहस के बाद क्षेत्रीय कन्नड़ न्यूज चैनलों की कथित मनमानी पर रोक लगाने का कानून बनाने के लिए सदन समिति का गठन करने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया। बता दें कि कन्नड़ इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की मनमानी के खिलाफ निर्दलीय सदस्य बी.आर. पाटिल ने अपना मत रखा था।
नियम 69 के तहत चली बहस के बाद अध्यक्ष के.बी. कोलीवाड ने सदन समिति का गठन करने और 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट पेश किए जाने की घोषणा की।
बी.आर. पाटिल ने बहस की शुरुआत करते हुए कहा कि ये चैनल छोटी-छोटी बातों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश करने के साथ ही राजनेताओं की छवि को भी धूमिल करते हैं। उन्होंने बताया कि राज्यसभा चुनाव के समय हम कुछ लोग विधायक भवन में बैठकर बात कर रहे थे कि तभी टीवी चैनलों ने हम पर वोट बेचने का गंभीर आरोप लगाकर हमारी प्रतिष्ठा धूमिल कर दी। उन्होंने मीडिया संगठनों की इस तरह की रिपोर्टिंग पर अंकुश लगाने के लिए सरकार से कानून बनाने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा नहीं किया गया तो नेताओं का जीवन असहनीय हो जाएगा।
पाटिल ने आगे कहा कि पत्रकार बनने के लिए योग्यता निश्चित नहीं है, यही वजह है कि ऐसे लोग मनमानी तरीके से खबरों का प्रसारण करते हैं।
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