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IIMC तक पहुंची ये 'चिंगारी', धरने पर बैठे छात्र-छात्राएं
प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों ने ‘आईआईएमसी’ प्रबंधन पर लगाया आंखें मूंदे रखने का आरोप
समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago
‘जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी’ (जेएनयू) में फीस वृद्धि को लेकर चल रहा विरोध प्रदर्शन अब देश के प्रतिष्ठित मीडिया शिक्षण संस्थान ‘इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन’ (IIMC) तक पहुंच गया है। शिक्षण शुल्क, हॉस्टल और मेस चार्ज में बढ़ोतरी के खिलाफ ‘आईआईएमसी’ के विद्यार्थियों ने मंगलवार को संस्थान परिसर में हड़ताल शुरू कर दी। इन विद्यार्थियों का आरोप है कि उनके मामलों पर ‘आईआईएमसी’ प्रबंधन ने आंखें मूंद रखी हैं।
‘आईआईएमसी’ में विरोध प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों का कहना था कि पिछले तीन सालों में यहां करीब 30 प्रतिशत तक फीस बढ़ चुकी है। संस्थान में फीस बढ़ोतरी के कारण गरीब और मध्यवर्गीय परिवारों के बच्चों के सामने काफी मुश्किल आती है। इन विद्यार्थियों के अनुसार, महंगी फीस के कारण कई छात्र-छात्राओं को पहले सेमेस्टर के बाद ही पढ़ाई छोड़नी पड़ जाती है।
बताया जाता है कि रेडियो और टीवी जर्नलिज्म कोर्स के लिए 168500 रुपए फीस ली जा रही है। एडवर्टाइजिंग और पीआर कोर्स की फीस 131500 रुपए है। हिंदी और अंग्रेजी पत्रकारिता की फीस 95000 रुपए है। वहीं, उर्दू पत्रकारिता की फीस 55000 रुपए है। इसके अलावा हॉस्टल और मेस का खर्च अलग है। हॉस्टल और मेस के नाम पर हर महीने लड़कियों से 6,500 रुपए और लड़कों से 5,250 रुपए लिए जाते हैं। प्रदर्शन कर रहे विद्यार्थियों का यह भी कहना था कि हॉस्टल की सुविधा भी प्रत्येक विद्यार्थी को नहीं मिल पाती है।
इन विद्यार्थियों का कहना था, ‘पिछले एक हफ्ते से हम बातचीत के द्वारा अपने इन मुद्दों के निस्तारण का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन संस्थान प्रबंधन ध्यान नहीं दे रहा है। संस्थान प्रबंधन का कहना है कि फीस में कटौती करना उनके हाथ में नहीं है। ऐसे में अब हमारे पास प्रदर्शन के अलावा कोई विकल्प नहीं रह गया है।’
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