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NBF ने ‘Puthiya Thalaimurai’ चैनल के ब्लैकआउट को बताया प्रेस की आजादी पर हमला
‘एनबीएफ’ के फाउंडिंग प्रेजिडेंट अरनब गोस्वामी का कहना है यह ब्लैकआउट नागरिकों के स्वतंत्र समाचार पाने के अधिकार को छीनता है और लोकतंत्र की आत्मा पर हमला करता है।
समाचार4मीडिया ब्यूरो ।। 4 months ago
‘न्यूज ब्रॉडकास्टर्स फेडरेशन’ (NBF) ने तमिलनाडु में राज्य सरकार के स्वामित्व वाले तमिलनाडु अरासु केबल टीवी नेटवर्क (TACTV) द्वारा ‘Puthiya Thalaimurai’ न्यूज चैनल का प्रसारण 10 दिनों से अधिक रोके रखने की कड़ी निंदा करते हुए इसे प्रेस की आजादी पर हमला बताया है। यह चैनल ‘एनबीएफ’ का अहम सदस्य है। फेडरेशन ने कहा कि राज्य-स्वामित्व वाले डिस्ट्रीब्यूशन प्लेटफॉर्म को किसी वैध न्यूज चैनल की आवाज को मनमाने ढंग से बंद करने का न तो कानूनी और न ही नैतिक अधिकार है।
‘एनबीएफ’ की ओर से जारी एक प्रेस स्टेटमेंट में कहा गया है, ‘पिछले 10 दिनों से जारी यह ब्लैकआउट ‘राज्य प्रायोजित सेंसरशिप’ (State-Sponsored Censorship) का उदाहरण है। यह प्रेस की स्वतंत्रता और नागरिकों के निर्बाध रूप से समाचार प्राप्त करने के अधिकार का गंभीर उल्लंघन है। ‘Puthiya Thalaimurai’ को प्रसारण से रोककर राज्य सरकार ने सार्वजनिक संसाधनों का दुरुपयोग करते हुए स्वतंत्र पत्रकारिता को दबाने और सूचना के प्रवाह को नियंत्रित करने की कोशिश की है।’
फेडरेशन का कहना है कि यह कदम पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे लोकतांत्रिक सिद्धांतों पर सीधा हमला है। किसी सरकारी नेटवर्क का इस्तेमाल उन मीडिया संस्थानों को रोकने के लिए करना, जो सरकार से स्वतंत्र या आलोचनात्मक रुख रखते हैं, बेहद खतरनाक मिसाल है और मीडिया की आजादी के लिए गंभीर खतरा पैदा करता है।
इस बारे में ‘एनबीएफ’ के फाउंडिंग प्रेजिडेंट अरनब गोस्वामी का कहना है, ‘एनबीएफ प्रेस की स्वतंत्रता को दबाने के ऐसे जबरदस्ती और अनुचित प्रयासों से काफी चिंतित है। यह ब्लैकआउट नागरिकों के स्वतंत्र समाचार पाने के अधिकार को छीनता है और लोकतंत्र की आत्मा पर हमला करता है। राज्य की ताकत का इस तरह दुरुपयोग किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा।’
फेडरेशन ने ‘TACTV’ से मांग की है कि ‘Puthiya Thalaimurai’ न्यूज चैनल का प्रसारण उसके सभी 1.75 करोड़ सब्सक्राइबर्स के लिए तुरंत और बिना शर्त बहाल किया जाए। साथ ही तमिलनाडु सरकार से आग्रह किया गया है कि इस ‘सेंसरशिप’ जैसी कार्रवाई की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कदम उठाया जाए।
इसके साथ ही एनबीएफ ने केंद्र सरकार से अपील करते हुए कहा कि ‘सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय’ (MIB) और भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (TRAI) इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप करें। यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी राज्य या निजी डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क नागरिकों की न्यूज तक पहुंच को बाधित न करे या किसी चैनल के साथ भेदभाव न करे।
इस प्रेस स्टेटमेंट के अंत में ‘एनबीएफ’ ने प्रेस की स्वतंत्रता के बचाव के अपने संकल्प को दोहराया और कहा कि वह ‘Puthiya Thalaimurai’ सहित उन सभी मीडिया संस्थानों के साथ मजबूती से खड़ा है, जो जनहित में निष्पक्ष और निर्भीक पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं।
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