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HC के आदेश पर पलकी शर्मा ने कहा- स्वतंत्रता हर पत्रकार का अधिकार
दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा 'जी मीडिया' की याचिका को ठुकराए जाने के बाद अंग्रेजी न्यूज चैनल WION की पूर्व मैनेजिंग एडिटर पलकी शर्मा ने एक ट्वीट किया है
समाचार4मीडिया ब्यूरो 3 years ago
दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा 'जी मीडिया' की याचिका को ठुकराए जाने के बाद अंग्रेजी न्यूज चैनल WION की पूर्व मैनेजिंग एडिटर पलकी शर्मा ने एक ट्वीट किया है, जिसमें उन्होंने लिखा है कि यह फैसला स्वतंत्र रूप से अपने करियर का रास्ता चुनने का हर पत्रकार को अधिकार देता है और उसकी आजादी की पुष्टि करता है। साथ ही एक संदेश भी देता है कि कॉर्पोरेट के बॉस (corporate bosses) अब प्रोफेशनल्स को धमका नहीं सकते हैं या उसकी स्वतंत्रता को बाधित नहीं कर सकते हैं। अब ये वो दिन नहीं रहे, जब एक एम्प्लॉयी, हमेशा एक एम्प्लॉयी ही रहेगा।
This is an affirmation of every journalist’s right & freedom to independently choose her/his career path. Also a message that corporate bosses cannot bully professionals or impede this freedom. These are not the days of "once an employee, always an employee!” https://t.co/dWo1H6MBcq
— Palki Sharma (@palkisu) November 22, 2022
बता दें कि दिल्ली हाई कोर्ट ने मंगलवार को 'जी मीडिया कॉर्पोरेशन' की उस याचिका को खारिज करते हुए अंग्रेजी न्यूज चैनल WION की पूर्व मैनेजिंग एडिटर पलकी शर्मा के पक्ष में फैसला सुनाया, जिसमें ये मांग की गई थी कि पलकी शर्मा को TV18 के साथ जुड़ने या उसके साथ काम करने से रोका जाए।
दरअसल, पलकी शर्मा ने सितंबर में 'जी मीडिया' से इस्तीफा दे दिया था और बाद में TV18 ब्रॉडकास्ट लिमिटेड में बतौर मैनेजिंग एडिटर शामिल हो गईं थीं।
अपनी याचिका में, जी मीडिया ने दावा किया था कि उन्होंने (पलकी शर्मा ने) अनिवार्य नोटिस नीति (mandatory notice policy) और गैर-प्रतिस्पर्धा खंड (non-compete clause) का उल्लंघन किया है और उनके पास 'गोपनीय जानकारी' है, जिसका उपयोग वह 'जी' के प्रतिस्पर्धियों को लाभ पहुंचाने के लिए कर सकती हैं।
इन आधारों पर, जी ने अदालत से अनुरोध किया था कि उन्हें TV18 में शामिल होने या उनके काम को जारी रखने से रोका जाए।
वहीं पलकी शर्मा के वकील, सैफ महमूद और अनिल सपरा ने जी के इस अपील का विरोध किया और तर्क दिया कि इस याचिका का अपने आप में ही कोई वजूद नहीं है। उनका किसी संस्थान से जुड़ने से रोकने का अनुरोध करना तो दूर की बात है।
उन्होंने अदालत को आश्वासन दिया कि उनके मुवक्किल की गोपनीयता भंग करने की मंशा नहीं है और इस संबंध में जी मीडिया की दलीलें निराधार हैं। अदालत ने जी के वकील जॉय बसु की दलीलों में कोई दम नहीं पाया और कहा कि पलकी शर्मा को किसी अन्य चैनल में काम करने से नहीं रोका जा सकता है।
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