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किस खबर पर चूक गया ‘इंडियन एक्सप्रेस’, पीएम मोदी ने कुछ यूं बताया
‘इंडियन एक्सप्रेस’ के पत्रकार रवीश तिवारी और राज कमल झा ने हरियाणा के रोहतक में पीएम मोदी का इंटरव्यू लिया
समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अब तक कई इंटरव्यू दिए हैं और इनमें से अधिकांश उन मीडिया संस्थानों के साथ थे, जिन्हें सरकार का समर्थक या कहें कि सरकारी नीतियों या कार्यशैली में खामियां खोजने वाला नहीं माना जाता है। लिहाजा, जब सरकार को कठघरे में खड़ा करने वाला संस्थान पीएम से सवाल जवाब करे तो चर्चा लाज़मी हो जाती है।
‘इंडियन एक्सप्रेस’ के पत्रकार रवीश तिवारी और संपादक राज कमल झा ने हरियाणा के रोहतक में रैली के दौरान मोदी का इंटरव्यू लिया। जैसा कि अनुमान लगाया जा सकता है कि इस इंटरव्यू में कई बेहद तीखे प्रश्न पूछे गए। मीडिया, संवैधानिक संस्थानों पर नियंत्रण से लेकर राष्ट्रवाद,किसान और नोटबंदी पर भी बात हुई। यह भी पूछा गया कि सभी दल आपके खिलाफ क्यों हैं? प्रधानमंत्री ने हर सवाल का जवाब कभी सहजता तो कभी असहजता के साथ दिया। उनके शब्दों के चयन में यह भाव झलकता है, लेकिन इस इंटरव्यू से यह बात भी साफ़ हो गई कि मोदी के जहन में कहीं न कहीं इसे लेकर गुस्सा या कहें कि टीस है कि इंडियन एक्सप्रेस सरकार की उपलब्धियों को उस ढंग से रेखांकित नहीं करता, जिस ढंग से वह खामियों को करता है।
रवीश तिवारी और राज कमल झा ने इंटरव्यू की शुरुआत में चुभने वाला प्रश्न दागा। उन्होंने पूछा कि 11 दिसंबर 2018 आपके और आपकी पार्टी के लिए एक झटके की तरह था, क्योंकि आपको मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में हार का सामना करना पड़ा था। आज मई 11 है, आपने 200 से ज्यादा सार्वजानिक रैलियां की हैं, आपने क्या सीखा?
इस पर पीएम ने जवाब दिया, ‘प्रत्येक मतदान सर्वेक्षक, मीडिया, लुटियन क्लब, खान मार्केट गिरोह हमें हराने के लिए उत्सुक था और भविष्यवाणी की जा रही थी कि हम तीनों राज्यों में लगभग 40 सीटों पर ही सिमट जाएंगे। हम मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में 15 वर्षों से सत्ता में थे। कैडर के साथ-साथ स्टेकहोल्डर्स के भीतर भी कुछ स्वाभाविक एंटी-इनकंबेंसी थी। वे (कांग्रेस) पूर्ण बहुमत की सरकार नहीं बना सके, न तो मध्य प्रदेश में और न ही राजस्थान में। हमारे पास उनसे (मध्य प्रदेश में) अधिक वोट थे। इसलिए, परिणाम, एक तरह से पार्टी कैडर के लिए एक विश्वास निर्मित करने वाले रहे। जनता ने सोचा कि वे (कांग्रेस) बदल चुके हैं, लेकिन सत्ता संभालते ही उनकी पुरानी आदतें सामने आने लगीं। यह खबर देश भर में वायरल हो गई। नोटों के बंडल फिर से सामने आने लगे।’
इसके बाद मोदी ने इंडियन एक्सप्रेस की तारीफ की और फिर उस तारीफ को धीरे से कटाक्ष में बदल दिया। उन्होंने आगे कहा, ‘यह द इंडियन एक्सप्रेस के लिए भ्रष्टाचार नहीं हो सकता है, जो खोजी पत्रकारिता करता है। मैं इंडियन एक्सप्रेस के समाचारों को बहुत गंभीरता से लेता हूं। इसने खोजी पत्रकारिता की दुनिया में अपना अलग नाम बनाया है। उस मामले में यह अभी भी दूसरों से आगे है। आपका अख़बार हमेशा पिछड़े समुदाय के खिलाफ अपराध से संबंधित मुद्दों को उठाने में आगे रहा है। लेकिन राजस्थान के अलवर में हुए भयावह बलात्कार के मामले में ऐसा नहीं लगा। आप अपने लगातार फॉलो-अप के लिए पहचाने जाते हैं, पर यहां चूक गए। आपका अख़बार ‘अपनी बात कहने की स्वतंत्रता’ की रक्षा करने में सबसे आगे रहा है, मगर जब मोदी-मोदी का नारा लगाने वालों पर मध्य प्रदेश पुलिस ने कार्रवाई की तो मुझे वह आपके फ्रंट पेज पर नहीं दिखा।’
बात यहीं ख़त्म नहीं हुई, जैसे-जैसे सवालों की चुभन बढ़ती गई, पीएम की इंडियन एक्सप्रेस से शिकायतें भी बढ़ती गईं। जब उनसे पूछा गया कि आपने एक हाथ से बेचा, दूसरे हाथ से खरीदा है। ONGC ने HPCL को खरीदा, PFC ने REC का अधिग्रहण किया? इसके जवाब में मोदी ने कहा, ‘आप ऐसे उदाहरण दे सकते हैं। इंडियन एक्सप्रेस के एक जमाने में कर्ताधर्ता ने कभी अपने लेख में लिखा था कि देश में बैंकों का विलय बड़ा रिफार्म है। मैंने एसबीआई में पांच बैंकों का विलय किया और तीन अन्य बैंकों का विलय किया गया है। अब वो कहां हैं? यूनियन की मौजूदगी में बैंकों का विलय कोई छोटा विषय नहीं है। हमने स्टेट बैंक में पांच बैंकों का विलय किया है, प्रक्रिया जारी है। ये काम रातों-रात नहीं होते। एक आदमी पाँच वर्षों में वह कर रहा है, जो पिछले 70 वर्षों में नहीं हुआ। क्या आप इसे ध्यान में नहीं रखेंगे? ’
इतना ही नहीं एक अन्य सवाल के जवाब में भी मोदी इंडियन एक्सप्रेस पर कटाक्ष करना नहीं भूले। सवाल था कि 282 सीटें लाने के बाद भी क्या कुछ ऐसा है, जो आपकी सरकार से संभव नहीं हो सका? इसका जवाब था, ‘हां, मोदी की आलोचना करते वक़्त इंडियन एक्सप्रेस को उद्देश्यपरक बनाना।’ इसके अलावा भी इस इंटरव्यू में कई सवाल पूछे गए, जिनके जवाब में पीएम की यह टीस साफ़ तौर पर सामने आई।
पूरा इंटरव्यू आप यहां क्लिक कर पढ़ सकते हैं-
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