होम / डिजिटल / नए IT नियमों के खिलाफ वरिष्ठ पत्रकार निखिल वागले ने दायर की याचिका, जताई ये आपत्ति

नए IT नियमों के खिलाफ वरिष्ठ पत्रकार निखिल वागले ने दायर की याचिका, जताई ये आपत्ति

सूचना प्रौद्योगिकी कानून (आईटी एक्ट) के तहत डिजिटल मीडिया के नियंत्रण को लेकर तय किए गए नियमों के खिलाफ वरिष्ठ पत्रकार निखिल वागले ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की है।

समाचार4मीडिया ब्यूरो 4 years ago

सूचना प्रौद्योगिकी कानून (आईटी एक्ट) के तहत डिजिटल मीडिया के नियंत्रण को लेकर तय किए गए नियमों के खिलाफ वरिष्ठ पत्रकार निखिल वागले ने बॉम्बे हाई कोर्ट में एक याचिका दायर की है। वरिष्ठ पत्रकार ने आरोप लगाया है कि केंद्र द्वारा जारी सूचना और प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम के तहत अधिसूचित किए गए दिशा-निर्देश व नियम भारत के संविधान के अनुच्छेद 14, 19 और 21 के तहत मिले मौलिक अधिकारों के विपरीत हैं और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करते हैं, क्योंकि यह नियम कार्यपालिका से जुड़े अधिकारियों को असीम व मनमानीपूर्ण अधिकार प्रदान करते हैं।

याचिका में आरोप लगाया गया है कि सरकार के पास डिजिटल मीडिया और ओटीटी प्लेटफॉर्म को नियंत्रित करने का अधिकार नहीं है।

याचिका में कहा गया है कि केंद्र सरकार ने सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम में नए नियम बनाए तो हैं, लेकिन न तो धारा 87 और न ही आईटी अधिनियम संपूर्ण रूप से केंद्र सरकार और सूचना-प्रसारण मंत्रालय को डिजिटल न्यूज मीडिया व ओटीटी प्लेटफॉर्म्स को नियंत्रित या विनियमित करने का अधिकार देता है। इस लिहाज से सरकार की ओर से डिजिटल मीडिया को नियंत्रित करने को लेकर सरकार की ओर से अधिसूचित किए गए नियम मनमानीपूर्ण व सुप्रीम कोर्ट की ओर से दिए गए फैसले के खिलाफ हैं।

पत्रकार निखिल वागले ने आपत्ति जताते हुए कहा कि नए नियमों के तहत सोशल मीडिया मध्यस्थों पर कथित ‘साइबर सुरक्षा’ के मामलों की ‘उत्पत्ति का पता’ लगाने के लिए सरकारी एजेंसियों को अनुमति देने के साथ ही बलात्कार, बाल यौन शोषण या गलत आचरण आदि को दर्शाने वाली किसी भी सामग्री को पहचानने और सेंसर करने की जिम्मेदारी थोपी जा रही है।

याचिका में पत्रकार वागले ने कहा है कि ‘एंड टू एंड एन्क्रिप्शन’ के कारण वर्तमान समय में अंतिम उपयोगकर्ता या श्रोत का पता लगाना सम्भव नहीं है। नए नियमों के तहत थोपी गई जिम्मेदारियां ‘स्रोत’ की पहचान की खातिर उपयोगकर्ताओं के संदेश पढ़ने के लिए ‘सोशल मीडिया मध्यसथों’ को बाध्य करते हैं। वागले ने तर्क दिया कि यह गोपनीयता के मौलिक अधिकारों का हनन होगा।

पत्रकार वागले के अनुसार, महामारी के दौरान अनुचित जल्दबाजी और सभी हितधारकों के पर्याप्त परामर्श किए बिना ही नए नियम थोपना सरकार की मंशा पर सवाल खड़ा करता है।

याचिका एडवोकेट अभय नेवगी के जरिए दायर की गई है। आईटी एक्ट जांच एजेंसियों को अतिरिक्त शक्तियां देता है और एक तरह से उन्हें संबंधित मीडिया पर कार्रवाई करने की शक्ति देता है। इसके गंभीर परिणाम होने की संभावना है, जिसमें धार्मिक या मानहानि के लिए सीधे आपराधिक मुकदमा चलाना शामिल है। याचिका में यह भी दावा किया गया है कि जांच अधिकारियों को यह तय करने की शक्ति दी जाएगी कि क्या सही है और क्या गलत। याचिका पर अगले हफ्ते सुनवाई होने की उम्मीद है।


टैग्स डिजिटल मीडिया पत्रकार सूचना प्रसारण मंत्रालय आईटी नियम निखिल वागले
सम्बंधित खबरें

निकुंज डालमिया ने लॉन्च किया नया बिजनेस प्लेटफॉर्म ‘The Broadview’

ET Now और ET Now Swadesh के एडिटर-इन-चीफ रह चुके निकुंज डालमिया अब अपना नया वेंचर ‘The Broadview’ लेकर आए हैं।

1 day ago

CCI के आदेश पर झुका वॉट्सऐप, यूजर की सहमति से ही होगा डेटा शेयर

वॉट्सऐप ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि वह भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) के आदेशों को लागू करेगा और यूज़र्स की सहमति के आधार पर ही अन्य मेटा कंपनियों के साथ डेटा शेयर करेगा।

1 day ago

कर्नाटक में बच्चों के मोबाइल उपयोग पर लग सकती है रोक, सरकार कर रही मंथन

कर्नाटक की कांग्रेस सरकार 16 साल से कम उम्र के छात्रों के लिए मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर रोक लगाने पर मंथन कर रही है।

2 days ago

AI व डिजिटल न्यूज के भविष्य पर बड़ी चर्चा, 26 फरवरी को DNPA Conclave

डिजिटल न्यूज पब्लिशर्स एसोसिएशन (DNPA) 26 फरवरी 2026 को नई दिल्ली के Shangri-La Eros होटल में DNPA Conclave 2026 का आयोजन करने जा रहा है

5 days ago

सुंदर पिचाई का ऐलान, 2 करोड़ कर्मचारियों को गूगल देगी AI की ट्रेनिंग

सुंदर पिचाई AI इम्पैक्ट समिट 2026 में हिस्सा लेने भारत आए हैं और इसी दौरान उन्होंने कई बड़े ऐलान किए।

6 days ago


बड़ी खबरें

NDTV World की कमान अब सीनियर मीडिया प्रोफेशनल नवीन कपूर के हाथों में

अपनी इस भूमिका में वह ‘एनडीटीवी वर्ल्ड’ की संपादकीय दिशा का नेतृत्व करेंगे। नवीन कपूर को मीडिया के क्षेत्र में 25 साल से ज्यादा का अनुभव है।

50 minutes ago

PMAR 2026: चुनौतियों के बीच 2025 में प्रिंट विज्ञापन खर्च में बढ़त

पिच मैडिसन ऐडवर्टाइजिंग रिपोर्ट (PMAR) 2026 के मुताबिक 2025 में प्रिंट विज्ञापन ने सकारात्मक और वास्तविक ग्रोथ दर्ज की, हालांकि इस माध्यम पर संरचनात्मक दबाव बने रहे।

7 hours ago

संतुलित अंदाज में ग्लोबल स्तर की ओर बढ़ रहा भारत का डिजिटल विज्ञापन बाजार: सैम बलसारा

मैडिसन वर्ल्ड की ओर से जारी की गई पिच मैडिसन ऐडवर्टाइजिंग रिपोर्ट (PMAR) 2026) ने भारत के विज्ञापन बाजार की बदलती तस्वीर को साफ तौर पर सामने रख दिया है।

7 hours ago

SonyLIV में इस बड़े पद से अलग हुए सौगात मुखर्जी

ढाई दशक से ज्यादा के करियर में मुखर्जी विभिन्न संस्थानों में प्रमुख पदों पर काम कर चुके हैं।

3 hours ago

‘NDTV’ से जल्द अलग हो सकते हैं गौरव देवानी

गौरव देवानी ने दिसंबर 2023 में कंटेंट बिजनेस हेड के पद पर एनडीटीवी जॉइन किया था।

3 hours ago