Amagi के CEO भास्कर सुब्रमणियन ने Q1 अर्निंग कॉल में कंपनी की ग्रोथ, AI, क्लाउड, Connected TV और नए प्रोडक्ट्स पर अहम बातें साझा कीं।
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Vikas Saxena
Amagi Media Labs के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO भास्कर सुब्रमणियन ने कंपनी की वित्तीय वर्ष की पहली तिमाही की अर्निंग कॉन्फ्रेंस कॉल में कारोबार की ग्रोथ, AI, क्लाउड, Connected TV और कंपनी के नए प्रोडक्ट्स को लेकर कई अहम बातें कहीं। उन्होंने कहा कि कंपनी के लिए बाजार का मौका अभी काफी बड़ा है और AI आने वाले समय में इस अवसर को और बढ़ा सकता है।
भास्कर सुब्रमणियन ने कहा कि चालू वित्त वर्ष की शुरुआत कंपनी के लिए मजबूत रही है। पहली तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू 32 फीसदी बढ़ा, जबकि ट्रेलिंग 12 महीने का नेट रिटेंशन रेट (NRR) 125 फीसदी रहा। एडजस्टेड EBITDA मार्जिन भी 11.5 फीसदी तक पहुंच गया। उनके मुताबिक, कंपनी जिस बाजार में काम कर रही है, उसका कुल संभावित बाजार यानी TAM करीब 17 अरब डॉलर का है और अभी प्लेआउट का केवल करीब 10 फीसदी हिस्सा ही क्लाउड पर आया है। ऐसे में आगे बढ़ने की काफी गुंजाइश है।
FIFA World Cup से नहीं, ऑर्गेनिक ग्रोथ से बढ़ा कारोबार
अर्निंग कॉल में भास्कर ने कंपनी के एड इम्प्रेशन और THUNDERSTORM कारोबार को लेकर भी बात की। उन्होंने साफ किया कि तिमाही में दिखी ग्रोथ का सीधा फायदा FIFA World Cup से नहीं आया है। उनके मुताबिक, कंपनी के प्लेटफॉर्म पर ऑर्गेनिक ग्रोथ मुख्य रूप से अमेरिका और दूसरे बाजारों में Connected TV की बढ़ती पहुंच से आई है।
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे ज्यादा कंटेंट इन प्लेटफॉर्म पर पहुंच रहा है, वैसे-वैसे व्यूअरशिप और विज्ञापन के मौके भी बढ़ रहे हैं।
प्लेटफॉर्म खुद काम करने के बजाय आउटसोर्सिंग को दे रहे हैं तरजीह
भास्कर सुब्रमणियन ने कहा कि मीडिया और डिस्ट्रीब्यूशन प्लेटफॉर्म फिलहाल इन-हाउस काम करने के बजाय आउटसोर्सिंग की तरफ ज्यादा जा रहे हैं। कंपनी को अभी तक इंडस्ट्री में बड़े स्तर पर इन-सोर्सिंग की कोई बड़ी चुनौती नजर नहीं आई है।
उन्होंने कहा कि एड मैनेजमेंट और एड इंसर्शन का काम लगातार ज्यादा जटिल हो रहा है। ऐसे में बड़े प्लेटफॉर्म Amagi जैसी कंपनियों के साथ काम करना पसंद कर रहे हैं, ताकि इस जटिलता को बेहतर तरीके से संभाला जा सके।
नए बाजारों में पहुंच बढ़ाने पर फोकस
भास्कर ने बताया कि Amagi नए डिस्ट्रीब्यूशन प्लेटफॉर्म इसलिए जोड़ रही है, ताकि उसके कंटेंट ओनर ग्राहक ज्यादा से ज्यादा देशों और बाजारों तक पहुंच सकें। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के Kogan TV और जर्मनी में Vodafone जैसे उदाहरण दिए।
उनके मुताबिक, कई डिस्ट्रीब्यूशन प्लेटफॉर्म बाद में खुद भी Amagi के ग्राहक बन गए हैं। लेकिन किसी प्लेटफॉर्म के साथ पार्टनरशिप करने के लिए उसका Amagi का ग्राहक बनना जरूरी नहीं है। मुख्य उद्देश्य कंटेंट ओनर्स को अलग-अलग भौगोलिक बाजारों तक पहुंचाना है।
AI को लेकर बड़ी उम्मीद, 10 कस्टमर पायलट पर काम
भास्कर सुब्रमणियन ने अर्निंग कॉल में AI को कंपनी की भविष्य की ग्रोथ का अहम हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि कंपनी के AI प्रोडक्ट्स को ग्राहकों से अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है और इस समय 10 एक्टिव कस्टमर पायलट चल रहे हैं।
उन्होंने खास तौर पर Newspulse का जिक्र किया। उनके मुताबिक, अमेरिका के एक बड़े न्यूज नेटवर्क ने अपने न्यूजरूम को AI-first वर्कफ्लो में बदलने के लिए Amagi के Newspulse के साथ काम शुरू किया है।
AI से कमाई का मॉडल अभी शुरुआती दौर में
AI प्रोडक्ट्स की कीमत तय करने के सवाल पर भास्कर ने कहा कि यह अभी काफी शुरुआती दौर है। कंपनी फिलहाल ग्राहकों के साथ यह समझने की कोशिश कर रही है कि AI से उन्हें कितनी लागत बचत या अतिरिक्त कमाई हो रही है।
उन्होंने बताया कि Amagi ने कुछ मीडिया ऑपरेटिंग एनवायरमेंट्स के लिए AI Credits मॉडल भी शुरू किया है। इसमें ग्राहक AI से किए जाने वाले अलग-अलग कामों के लिए क्रेडिट का इस्तेमाल कर सकता है। उदाहरण के तौर पर भाषा बदलने या मेटाडेटा एनरिचमेंट जैसे कामों के लिए क्रेडिट इस्तेमाल किए जा सकते हैं।
भास्कर के मुताबिक, कंपनी आगे चलकर AI की कीमत को ग्राहक को मिलने वाली वैल्यू से जोड़ना चाहती है। यानी अगर AI से ग्राहक की लागत घटती है या उसकी कमाई बढ़ती है, तो उसी के आधार पर प्राइसिंग मॉडल को आगे बढ़ाया जा सकता है। हालांकि उन्होंने साफ कहा कि इस मॉडल को लेकर अभी कुछ और तिमाहियों का अनुभव जरूरी है।
नए AI प्रोडक्ट्स पर भी काम जारी
भास्कर ने बताया कि Newspulse के अलावा कंपनी कई दूसरे प्रोडक्ट्स पर भी काम कर रही है। उन्होंने कहा कि अगले क्वार्टर में अलग-अलग जॉनर के कुछ और प्रोडक्ट्स को लेकर जानकारी सामने आ सकती है।
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि नए प्रोडक्ट्स को तुरंत रेवेन्यू में बदलने में समय लगेगा। कंपनी के ग्राहक इन प्रोडक्ट्स को ट्रायल कर रहे हैं और आने वाली तिमाहियों में इनसे कमाई का असर ज्यादा साफ दिखाई दे सकता है।
ग्राहकों का कंपनी पर भरोसा बढ़ा
कंपनी के बिजनेस में ग्राहकों की स्थिरता को लेकर भास्कर ने कहा कि कंपनी के टॉप 10 ग्राहकों के साथ औसत संबंध करीब 5 साल का है और लोगो चर्न लो सिंगल डिजिट में है। इससे संकेत मिलता है कि कंपनी के ग्राहक लंबे समय तक उसके साथ बने हुए हैं।
कंपनियां कम वेंडर्स के साथ काम करना चाहती हैं
भास्कर ने मीडिया इंडस्ट्री में हो रहे कंसॉलिडेशन को भी Amagi के लिए एक अवसर बताया। उन्होंने कहा कि कंपनी के Customer Advisory Board में ग्राहकों ने साफ तौर पर कहा है कि वे बहुत सारे अलग-अलग वेंडर्स के साथ काम नहीं करना चाहते। वे ऐसे चुनिंदा वेंडर्स के साथ काम करना चाहते हैं जो उन्हें एंड-टू-एंड सर्विस दे सकें।
उनके मुताबिक, यह बदलाव Amagi के लिए खास तौर पर AI बिजनेस में बड़ा मौका पैदा कर सकता है। कंपनी के मौजूदा ग्राहक ही उसके नए AI प्रोडक्ट्स को अपनाने वाले शुरुआती ग्राहक बन रहे हैं।
अगले कुछ साल AI के लिए अहम
AI के मार्जिन पर असर को लेकर कंपनी ने कहा कि फिलहाल इसका प्रभाव बहुत बड़ा नहीं है, क्योंकि AI बिजनेस अभी शुरुआती स्तर पर है। लेकिन आने वाले 2-3 वर्षों में तस्वीर बदल सकती है।
कंपनी का मानना है कि AI में शुरुआत में मार्जिन पर थोड़ा दबाव आ सकता है, लेकिन जैसे-जैसे कारोबार बड़ा होगा, मार्जिन में फिर सुधार होगा। कंपनी ने पहले भी करीब 64 फीसदी से 69 फीसदी तक ग्रॉस मार्जिन का सफर लंबी अवधि में पूरा किया है और AI को लेकर भी इसी तरह के चरणबद्ध सुधार की उम्मीद है।
कुल मिलाकर, भास्कर सुब्रमणियन की बातों से साफ है कि Amagi का अगला बड़ा फोकस AI, Connected TV, नए ग्लोबल प्लेटफॉर्म और मौजूदा ग्राहकों के साथ ज्यादा कारोबार बढ़ाने पर है। कंपनी को उम्मीद है कि AI से नए प्रोडक्ट और नए रेवेन्यू मॉडल सामने आएंगे, हालांकि इनके असर को पूरी तरह समझने में अभी कुछ और तिमाहियां लग सकती हैं।
असद खान ने डेंट्सू में हेड ऑफ एक्सपीरियंस का पद संभाला है। इससे पहले वह सिंगापुर स्थित डिजिटल मार्केटिंग फर्म First Page में डिजिटल डायरेक्टर थे।
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Samachar4media Bureau
डिजिटल मार्केटिंग और क्लाइंट लीडरशिप के क्षेत्र में करीब 15 साल का अनुभव रखने वाले असद खान (Asad Khan) ने डेंट्सू (dentsu) में हेड ऑफ एक्सपीरियंस के तौर पर नई जिम्मेदारी संभाली है।
डेंट्सू से पहले खान सिंगापुर स्थित डिजिटल मार्केटिंग कंपनी फर्स्ट पेज (First Page) में डिजिटल डायरेक्टर के पद पर कार्यरत थे। वहां उन्होंने एपीएसी क्षेत्र में इंटीग्रेटेड डिजिटल स्ट्रैटेजी और एंटरप्राइज क्लाइंट ग्रोथ का नेतृत्व किया। उनकी जिम्मेदारियों में प्रमुख क्षेत्रीय अकाउंट्स, कमर्शियल परफॉर्मेंस और अलग-अलग टीमों के बीच डिलीवरी को संभालना शामिल था।
फर्स्ट पेज से पहले खान करीब चार साल तक आईप्रॉस्पेक्ट (iProspect) से जुड़े रहे। इससे पहले उन्होंने परफॉर्मिक्स इंडिया (Performics India) में करीब आठ साल तक काम किया।
अपने करियर के दौरान खान ने इंटीग्रेटेड डिजिटल स्ट्रैटेजी, सर्च और क्लाइंट लीडरशिप के अलग-अलग पहलुओं में काम किया है। उनका अनुभव खास तौर पर डिजिटल ग्रोथ, क्लाइंट पार्टनरशिप और रणनीतिक नेतृत्व से जुड़ा रहा है।
डेंट्सू में नई भूमिका के तहत खान एक्सपीरियंस से जुड़े कार्यों का नेतृत्व करेंगे और उनके पिछले अनुभव को देखते हुए डिजिटल रणनीति, क्लाइंट ग्रोथ और इंटीग्रेटेड मार्केटिंग में उनकी विशेषज्ञता कंपनी के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है।
Echo Collective का मॉडल इस सोच पर आधारित है कि ब्रांड की कहानी अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर बंटी हुई नहीं, बल्कि एक स्पष्ट और एकीकृत रूप में सामने आनी चाहिए।
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Samachar4media Bureau
करीब एक दशक की दोस्ती और इंडस्ट्री के अनुभव के बाद रिआ जुमानी (Rheaa Jumaani) और मेहक सिंघी (Mehek Singghi) ने Echo Collective नाम से नई कम्युनिकेशन कंपनी शुरू की है। कंपनी का उद्देश्य ब्रांड्स के लिए PR, सोशल, डिजिटल, क्रिएटर और पार्टनरशिप को अलग-अलग माध्यमों के बजाय एक साझा रणनीति के तहत जोड़ना है।
Echo Collective का मॉडल इस सोच पर आधारित है कि ब्रांड की कहानी अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर बंटी हुई नहीं, बल्कि एक स्पष्ट और एकीकृत रूप में सामने आनी चाहिए। कंपनी स्ट्रैटेजी और एग्जीक्यूशन को साथ लेकर चलने के साथ रिलेशनशिप और लॉन्ग-टर्म ब्रांड बिल्डिंग पर भी जोर देगी।
दोनों फाउंडर्स के पास एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल, फैशन, हॉस्पिटैलिटी, स्पोर्ट्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स में काम करने का अनुभव है। कंपनी फिलहाल PR, सोशल और डिजिटल सेवाओं पर काम कर रही है, जबकि इसके व्यापक मॉडल में क्रिएटर्स, पार्टनरशिप और कल्चर-लेड स्टोरीटेलिंग भी शामिल हैं।
रिआ जुमानी और मेहक सिंघी ने कहा कि उन्होंने इंडस्ट्री में वर्षों तक ब्रांड लॉन्च करने और कहानियां तैयार करने का काम किया है। अब वे ज्यादा सहयोग और कम साइलो के साथ ऐसा मॉडल बनाना चाहती हैं, जहां कोई अच्छा आइडिया केवल PR या सोशल तक सीमित न रहे, बल्कि कल्चर का हिस्सा बने।
Echo Collective के मौजूदा क्लाइंट्स में Equinox Virtual, Z Studios, Manifest Films, GSEAMS Productions और आर्टिस्ट Rani KoHEnur समेत एंटरटेनमेंट, टैलेंट और उभरते बिजनेस से जुड़े नाम शामिल हैं।
भारत की प्रमुख पब्लिक रिलेशंस और कम्युनिकेशन कंसल्टेंसी Adfactors PR ने ऑस्ट्रेलिया की स्वतंत्र कम्युनिकेशन कंसल्टेंसी SenateSHJ में बहुमत हिस्सेदारी हासिल कर ली है
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Samachar4media Bureau
भारत की प्रमुख पब्लिक रिलेशंस और कम्युनिकेशन कंसल्टेंसी Adfactors PR ने ऑस्ट्रेलिया की स्वतंत्र कम्युनिकेशन कंसल्टेंसी SenateSHJ में बहुमत हिस्सेदारी हासिल कर ली है। इस डील के साथ Adfactors PR ने एशिया-पैसिफिक (APAC) क्षेत्र में अपनी मौजूदगी और कम्युनिकेशन क्षमताओं को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है।
हालांकि, इस साझेदारी के बाद भी SenateSHJ अपनी मौजूदा पहचान के साथ काम करती रहेगी। कंपनी की क्लाइंट टीमें और नेतृत्व भी पहले की तरह बने रहेंगे।
Sydney और Melbourne से जारी रहेगा काम
SenateSHJ की कमान उसके को-फाउंडर व चेयर एंजेला स्काफिदी एएम (Angela Scaffidi AM) और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर डैरन बेहर (Darren Behar) के पास बनी रहेगी। कंपनी ऑस्ट्रेलिया के सिडनी और मेलबर्न स्थित अपने मौजूदा कार्यालयों से ही काम जारी रखेगी।
वहीं, Adfactors PR के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर निजय एन. नायर (Nijay N. Nair), जो कंपनी के M&A और ग्लोबल इनिशिएटिव्स भी संभालते हैं, SenateSHJ के बोर्ड में शामिल होंगे।
भारत-ऑस्ट्रेलिया बिजनेस कॉरिडोर पर नजर
Adfactors PR के को-फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर मदन बहल ने कहा कि SenateSHJ की मजबूत प्रतिष्ठा, शानदार नेतृत्व और जटिल कम्युनिकेशन चुनौतियों को हल करने की क्षमता ने दोनों कंपनियों के बीच साझेदारी को मजबूत आधार दिया है।
उन्होंने कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया तेजी से एक महत्वपूर्ण रणनीतिक बिजनेस कॉरिडोर के रूप में उभर रहे हैं। ऐसे में यह नई साझेदारी दोनों देशों के क्लाइंट्स के लिए एशिया-पैसिफिक क्षेत्र में नए अवसर पैदा करने में मदद कर सकती है।
Bahal ने यह भी कहा कि Adfactors PR आने वाले समय में इस क्षेत्र में और अवसर तलाशने की उम्मीद कर रही है, ताकि एशिया-पैसिफिक में कंपनी की मजबूत मौजूदगी बनाई जा सके।
Adfactors PR के 29 साल के अनुभव का होगा फायदा
Adfactors PR के को-फाउंडर और चेयरमैन राजेश चतुर्वेदी ने कहा कि कंपनी पिछले 29 वर्षों से India Inc. को अलग-अलग वैश्विक और घरेलू कारोबारी परिस्थितियों में कम्युनिकेशन सेवाएं देती रही है।
उन्होंने कहा कि SenateSHJ के साथ नई साझेदारी से Adfactors PR का रिलेशनशिप नेटवर्क ऑस्ट्रेलिया जैसे महत्वपूर्ण बाजार तक पहुंचेगा और कंपनी के लिए नए अवसर खुलेंगे।
SenateSHJ को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क
SenateSHJ की को-फाउंडर व चेयर एंजेला स्काफिदी एएम (Angela Scaffidi AM) ने कहा कि कंपनी को पिछले 24 वर्षों में बनाए गए अपने कारोबार, एम्प्लॉयीज, क्लाइंट्स और काम पर गर्व है।
उन्होंने बताया कि SenateSHJ और Adfactors PR के बीच पिछले करीब एक दशक से मजबूत भरोसे का रिश्ता रहा है। दोनों कंपनियों के काम करने के तरीके और क्लाइंट्स को लेकर सोच में भी काफी समानता है।
Scaffidi के मुताबिक, आज क्लाइंट्स की समस्याएं तेजी से अलग-अलग देशों की सीमाओं से आगे बढ़ रही हैं। ऐसे में भारत, एशिया-पैसिफिक और अन्य बाजारों में मजबूत नेटवर्क वाले ग्रुप का हिस्सा बनने से SenateSHJ अपने क्लाइंट्स को ज्यादा व्यापक स्तर पर मदद कर सकेगी।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कंपनी की मौजूदा पहचान और उसकी खासियतों में बदलाव नहीं किया जाएगा।
APAC में Adfactors PR की बड़ी विस्तार रणनीति
Adfactors PR के लिए यह निवेश एशिया-पैसिफिक क्षेत्र में कारोबार के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इस साझेदारी से कंपनी को ऑस्ट्रेलियाई बाजार में मजबूत आधार मिलने के साथ-साथ अपनी कम्युनिकेशन सेवाओं और क्षमताओं को भी बढ़ाने का मौका मिलेगा।
वहीं, SenateSHJ को Adfactors PR के बड़े नेटवर्क और अंतरराष्ट्रीय स्तर की पहुंच का फायदा मिलेगा। इससे कंपनी अपने मौजूदा एक्सपर्टाइज, इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी और क्लाइंट सर्विसिंग को और बड़े स्तर पर विकसित कर सकेगी।
कुल मिलाकर, Adfactors PR और SenateSHJ की यह साझेदारी भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच बढ़ते कारोबारी रिश्तों के बीच कम्युनिकेशन और पब्लिक रिलेशंस क्षेत्र में एक अहम विस्तार के तौर पर देखी जा सकती है।
ब्यूटी और लाइफस्टाइल प्लेटफॉर्म Nykaa ने अपनी अगली ग्रोथ स्ट्रैटेजी में Gen Z को खास जगह देते हुए नया कैंपेन ‘Be The Face of Nykaa’ लॉन्च किया है।
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ब्यूटी और लाइफस्टाइल प्लेटफॉर्म Nykaa ने अपनी अगली ग्रोथ स्ट्रैटेजी में Gen Z को खास जगह देते हुए नया कैंपेन ‘Be The Face of Nykaa’ लॉन्च किया है। इस पहल के जरिए देशभर के युवा ब्यूटी लवर्स को Nykaa के कैंपेन, कंटेंट और पूरे ब्रैंड इकोसिस्टम का हिस्सा बनने का मौका मिलेगा।
इस प्रोग्राम में 18 से 26 साल की उम्र के युवा हिस्सा ले सकते हैं। इसके लिए उन्हें अपना ‘Get Ready With Me’ (GRWM) वीडियो सबमिट करना होगा। इनमें से तीन लोगों को चुनकर ‘Faces of Nykaa’ बनाया जाएगा।
सिर्फ ब्रैंड एंबेसडर बनने का मौका नहीं
Nykaa के मुताबिक, यह पहल सिर्फ किसी सामान्य ब्रैंड एंबेसडर प्रोग्राम तक सीमित नहीं है। चुने गए तीन विजेताओं को एक साल तक Nykaa के साथ जुड़कर काम करने और कंपनी के कामकाज को करीब से समझने का मौका मिलेगा।
विजेताओं को Nykaa में इंटर्नशिप मिलेगी। इसके साथ ही वे कंपनी के अलग-अलग ब्रैंड कैंपेन और डिजिटल कंटेंट में नजर आएंगे। इससे उन्हें देश के बड़े ब्यूटी और लाइफस्टाइल प्लेटफॉर्म में कंटेंट, मार्केटिंग और ब्रैंड बिल्डिंग किस तरह होती है, इसे समझने का अनुभव मिलेगा।
दीपिका पादुकोण जैसे बड़े नामों के साथ दिखने का मौका
तीनों विजेताओं को Nykaa के डिजिटल प्लेटफॉर्म और रिटेल नेटवर्क पर फीचर किया जा सकता है। उन्हें कंपनी के जाने-माने ब्रैंड एंबेसडर्स के साथ भी काम करने का मौका मिल सकता है, जिनमें दीपिका पादुकोण जैसे बड़े नाम शामिल हैं।
इसके अलावा विजेताओं को कंटेंट क्रिएशन, मार्केटिंग कैंपेन और अलग-अलग ब्रैंड एक्सपीरियंस के बिहाइंड-द-सीन्स देखने और उनमें हिस्सा लेने का अवसर मिलेगा।
1,800 से ज्यादा ब्यूटी ब्रैंड्स का एक्सपीरियंस
इस एक साल के प्रोग्राम के दौरान विजेताओं को Nykaa के 1,800 से ज्यादा ब्यूटी ब्रैंड्स के पोर्टफोलियो का एक्सेस मिलेगा। इसमें मेकअप, स्किनकेयर और हेयरकेयर जैसी कैटेगरी शामिल हैं।
इसके साथ ही उन्हें प्रमुख ब्यूटी, स्किनकेयर और हेयर एक्सपर्ट्स के साथ पर्सनलाइज्ड कंसल्टेशन का भी मौका दिया जाएगा। यानी यह प्रोग्राम युवाओं को सिर्फ कैमरे के सामने आने का मौका नहीं देगा, बल्कि ब्यूटी इंडस्ट्री को करीब से समझने का अनुभव भी देगा।
कॉलेजों में भी पहुंचेगा कैंपेन
Nykaa इस कैंपेन को सिर्फ ऑनलाइन प्लेटफॉर्म तक सीमित नहीं रखना चाहती। कंपनी मुंबई और दिल्ली में कॉलेज एक्टिवेशन और पॉप-अप्स भी आयोजित करेगी। इन एक्टिवेशन के जरिए कॉलेज स्टूडेंट्स सीधे इस पहल से जुड़ सकेंगे और ‘Be The Face of Nykaa’ के बारे में जानकारी हासिल कर सकेंगे।
Gen Z को सिर्फ ऑडियंस नहीं, ब्रैंड पार्टनर बना रहे ब्रैंड
Nykaa का यह कैंपेन मार्केटिंग में बदलते ट्रेंड को भी दिखाता है। आज कई ब्रैंड Gen Z को सिर्फ अपने प्रोडक्ट्स की ऑडियंस के तौर पर नहीं देख रहे, बल्कि उन्हें कंटेंट क्रिएटर और ब्रैंड बिल्डिंग के पार्टनर के तौर पर भी जोड़ रहे हैं।
Gen Z ब्यूटी ट्रेंड्स, सोशल मीडिया कंटेंट और खरीदारी के तौर-तरीकों को तेजी से प्रभावित कर रही है। ऐसे में Nykaa की कोशिश इस पीढ़ी को सीधे अपने ब्रैंड के साथ जोड़ने की है।
कंपनी के मुताबिक, ‘Be The Face of Nykaa’ के लिए एंट्री 15 अक्टूबर 2026 तक खुली है। चुने गए तीन युवाओं को एक साल तक Nykaa के ब्रैंड इकोसिस्टम का हिस्सा बनने का मौका मिलेगा।
अचल कटारिया (Achal Kataria) को अवनाडे (Avanade) ने भारत का मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ नियुक्त किया है। इससे पहले वह कॉग्निजेंट (Cognizant) के इंडिया बिजनेस का नेतृत्व कर रहे थे।
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अचल कटारिया (Achal Kataria) को अवनाडे (Avanade) ने भारत का मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ (Managing Director and CEO) नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।
अवनाडे से जुड़ने से पहले कटारिया कॉग्निजेंट (Cognizant) के इंडिया बिजनेस का नेतृत्व कर रहे थे। इससे पहले अपने करियर में उन्होंने ईएक्सएल (EXL), टेक महिंद्रा (Tech Mahindra), जेनपैक्ट (Genpact) और ह्यूजेस सॉफ्टवेयर सिस्टम्स (Hughes Software Systems) में वरिष्ठ नेतृत्व भूमिकाएं निभाईं।
नई भूमिका में कटारिया भारत में अवनाडे की बिजनेस स्ट्रैटेजी और ऑपरेशंस का नेतृत्व करेंगे। वह क्लाइंट्स, पार्टनर्स और कर्मचारियों के साथ मिलकर कंपनी की ग्रोथ को तेज करने, बाजार में मौजूदगी मजबूत करने और डिजिटल व एआई ट्रांसफॉर्मेशन के जरिए संगठनों को बेहतर कारोबारी नतीजे हासिल करने में मदद करने पर काम करेंगे।
कंपनी के मुताबिक, भारत अवनाडे के लिए एक रणनीतिक ग्रोथ मार्केट है और कटारिया की नियुक्ति देश में कारोबार को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। एपीएसी और ग्लोबल एसएमईसी एंड कैटेलिस्ट सॉल्यूशंस (APAC and Global SMEC & Catalyst Solutions) की प्रेसिडेंट भाव्या कपूर (Bhavya Kapoor) ने कहा कि कटारिया के पास नेतृत्व अनुभव, ग्राहकों की समझ और ऑपरेशनल विशेषज्ञता का ऐसा संयोजन है, जो कंपनी के कारोबार को बढ़ाने में मदद करेगा।
उन्होंने कहा कि यह नियुक्ति भारत में स्थानीय नेतृत्व में निवेश और ऐसे कारोबार के निर्माण की कंपनी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जो देशभर के संगठनों के लिए लंबे समय तक मूल्य पैदा कर सके।
ग्लोबल इन्वेस्टमेंट फर्म KKR ने BookMyShow में अल्पांश हिस्सेदारी खरीदने के लिए समझौता किया है। निवेश से कंपनी के लाइव एंटरटेनमेंट कारोबार को विस्तार मिलेगा।
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ग्लोबल इन्वेस्टमेंट फर्म केकेआर (KKR) ने भारत की प्रमुख एंटरटेनमेंट टिकटिंग कंपनी बुकमायशो (BookMyShow) में अल्पांश हिस्सेदारी खरीदने का समझौता किया है। दोनों कंपनियों ने बुधवार को इस निवेश की घोषणा की। हालांकि, सौदे की वित्तीय और अन्य शर्तों का खुलासा नहीं किया गया है। डील के पूरा होने के लिए जरूरी नियामकीय मंजूरियां भी लेनी होंगी।
बुकमायशो के मुताबिक, केकेआर का निवेश कंपनी के कारोबार के अगले चरण की ग्रोथ में मदद करेगा। खासतौर पर कंपनी अपने लाइव एंटरटेनमेंट बिजनेस और भारत में व्यापक एंटरटेनमेंट ऑफरिंग को आगे बढ़ाने पर ध्यान देगी।
बुकमायशो लाइव (BookMyShow Live) के जरिए कंपनी टैलेंट और इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी की खरीद, प्रोडक्शन, प्रमोशन, पार्टनरशिप और ऑडियंस डेवलपमेंट जैसे क्षेत्रों में काम करती है। कंपनी ने हाल के वर्षों में अंतरराष्ट्रीय कलाकारों और बड़े स्तर के लाइव प्रोडक्शंस को भारतीय दर्शकों तक पहुंचाने पर भी फोकस बढ़ाया है।
यह निवेश ऐसे समय हुआ है जब भारत का लाइव एंटरटेनमेंट बाजार निवेशकों की दिलचस्पी हासिल कर रहा है। बढ़ते डिस्क्रिशनरी खर्च और कॉन्सर्ट समेत टिकट वाले लाइव अनुभवों की बढ़ती मांग से इस क्षेत्र में कारोबार के अवसर बढ़े हैं।
इस डील के साथ बुकमायशो, केकेआर के मीडिया और एंटरटेनमेंट निवेश पोर्टफोलियो का हिस्सा बन जाएगा। इस पोर्टफोलियो में इंटरनेट ब्रांड्स (Internet Brands), बाइटडांस (ByteDance), कॉर्ड म्यूजिक पार्टनर्स (Chord Music Partners), एपिक गेम्स (Epic Games), प्लेऑनस्पोर्ट्स (PlayOnSports), ओवरड्राइव (OverDrive), सुपरस्ट्रक्चर (Superstruct) और साइमन एंड शूस्टर (Simon & Schuster) जैसी कंपनियां शामिल हैं।
भारत में केकेआर के प्राइवेट इक्विटी निवेशों में मेडिकोवर इंडिया (Medicover India), लाइटहाउस लर्निंग (Lighthouse Learning), विनी कॉस्मेटिक्स (Vini Cosmetics), हेल्थकेयर ग्लोबल एंटरप्राइजेज (Healthcare Global Enterprises), डार्विनबॉक्स (Darwinbox) और रिबेल फूड्स (Rebel Foods) शामिल हैं।
करण सहगल (Karan Sehgal) को वोल्टास (Voltas) ने हेड–सेल्स (Designate), यूनिटरी प्रोडक्ट्स बिजनेस ग्रुप नियुक्त किया है। वह 1 अक्टूबर से सेल्स की जिम्मेदारी संभालेंगे।
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वोल्टास लिमिटेड (Voltas Limited) ने करण सहगल (Karan Sehgal) को हेड–सेल्स (Designate), यूनिटरी प्रोडक्ट्स बिजनेस ग्रुप (UPBG) नियुक्त किया है। सहगल ने 3 अगस्त 2026 को वोल्टास जॉइन किया और 1 अक्टूबर 2026 से यूनिटरी प्रोडक्ट्स बिजनेस की सेल्स जिम्मेदारी संभालेंगे।
वोल्टास में आने से पहले करण सहगल ने आईटीसी लिमिटेड (ITC Limited) के साथ करीब 16 साल काम किया। इस दौरान उन्होंने सेल्स, मार्केटिंग, डिस्ट्रीब्यूशन और चैनल मैनेजमेंट से जुड़ी कई नेतृत्व भूमिकाएं निभाईं।
आईटीसी में जनरल मैनेजर–मार्केटिंग डेवलपमेंट (General Manager – Marketing Development) के तौर पर सहगल मार्केटिंग डेवलपमेंट की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इससे पहले वह कंपनी में सेल्स की राष्ट्रीय जिम्मेदारी भी निभा चुके हैं।
अपनी नियुक्ति पर करण सहगल ने कहा कि वोल्टास भारत के भरोसेमंद कंज्यूमर ब्रांड्स में से एक है और कंपनी की मजबूत बाजार स्थिति के साथ देशभर में व्यापक मौजूदगी है। उन्होंने कहा कि वह इस मजबूत आधार को आगे बढ़ाते हुए अलग-अलग कैटेगरी में कंपनी की अगली ग्रोथ में योगदान देने को लेकर उत्साहित हैं।
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे ग्राहक और बिक्री के चैनल बदल रहे हैं, बाजार के करीब रहना, पार्टनरशिप मजबूत करना, डिस्ट्रीब्यूशन बढ़ाना और तेजी के साथ लगातार बेहतर तरीके से काम करना ज्यादा महत्वपूर्ण होगा।
सहगल ने कहा कि वह टीम और कंपनी के पार्टनर्स के साथ मिलकर वोल्टास की बाजार स्थिति को और मजबूत करने, ग्राहकों का आधार बढ़ाने और कारोबार में टिकाऊ व लाभदायक ग्रोथ लाने पर काम करेंगे।
एयरटेल पेमेंट्स बैंक (Airtel Payments Bank) के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल (Sunil Bharti Mittal) 30 सितंबर को पद छोड़ेंगे। शबनम सिन्हा (Shabnam Sinha) नई चेयरपर्सन होंगी।
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एयरटेल पेमेंट्स बैंक (Airtel Payments Bank) में जल्द नेतृत्व परिवर्तन होने जा रहा है। सुनील भारती मित्तल (Sunil Bharti Mittal) 30 सितंबर 2026 को नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन (Non-Executive Chairman) का पद छोड़ेंगे और बैंक के बोर्ड से भी बाहर हो जाएंगे। इसके साथ ही बैंक में एक दशक से ज्यादा समय से चल रहा उनका कार्यकाल समाप्त हो जाएगा।
सीएनबीसी टीवी18 (CNBC TV18) की रिपोर्ट के मुताबिक, बैंक ने शबनम सिन्हा (Shabnam Sinha) को अगली चेयरपर्सन नियुक्त किया है। उनका तीन साल का कार्यकाल 1 अक्टूबर 2026 से शुरू होगा। उनकी नियुक्ति को बैंक के बोर्ड के साथ भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की भी मंजूरी मिल चुकी है।
शबनम सिन्हा फिलहाल एयरटेल पेमेंट्स बैंक में इंडिपेंडेंट डायरेक्टर (Independent Director) हैं। वह बोर्ड की स्पेशल कमेटी फॉर मॉनिटरिंग फ्रॉड्स (Special Committee for Monitoring Frauds) की अध्यक्ष भी हैं। इसके अलावा वह रिस्क मैनेजमेंट और आईटी कमेटियों की सदस्य हैं।
सिन्हा के पास वित्तीय सेवाओं, विकास वित्त, सार्वजनिक नीति और संस्थागत बदलाव के क्षेत्र में 30 साल से ज्यादा का अनुभव है। उन्होंने विश्व बैंक (World Bank) के साथ भी काम किया है, जहां उन्होंने एशिया, अफ्रीका और यूरोप के देशों की सरकारों और संस्थानों को गवर्नेंस, रिस्क मैनेजमेंट और कामकाज बेहतर बनाने से जुड़ी सलाह दी।
नई जिम्मेदारी को लेकर सिन्हा ने कहा कि उनका फोकस बैंक की मौजूदा प्रगति को आगे बढ़ाने और संगठन को विकास के अगले चरण तक ले जाने पर रहेगा। सुनील मित्तल ने अप्रैल 2016 में एयरटेल पेमेंट्स बैंक के नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन का पद संभाला था। कंपनी के मुताबिक, उनके नेतृत्व में बैंक का कारोबार तेजी से बढ़ा और वह राजस्व के मामले में देश का सबसे बड़ा पेमेंट्स बैंक बन गया।
फिलहाल बैंक के पास 12.1 करोड़ से ज्यादा मासिक सक्रिय यूजर्स और करीब 3 करोड़ बैंक अकाउंट ग्राहक हैं। इसकी सेवाएं एयरटेल थैंक्स ऐप (Airtel Thanks App) और 5 लाख से ज्यादा बैंकिंग पॉइंट्स के जरिए उपलब्ध हैं।
आशीष मिश्रा (Ashish Mishra), ACKO के पूर्व चीफ मार्केटिंग ऑफिसर, अब Zee में चीफ मार्केटिंग ऑफिसर की जिम्मेदारी संभालेंगे। वह कार्तिक महादेव की जगह लेंगे।
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आशीष मिश्रा (Ashish Mishra), जो इससे पहले एको (ACKO) के चीफ मार्केटिंग ऑफिसर (Chief Marketing Officer) रह चुके हैं, अब जी (Zee) में चीफ मार्केटिंग ऑफिसर की जिम्मेदारी संभालने जा रहे हैं। एक्सचेंज4मीडिया (exchange4media) को मिली जानकारी के मुताबिक, कंपनी में उनकी नियुक्ति तय हो गई है।
आशीष मिश्रा जी में कार्तिक महादेव (Kartik Mahadev) की जगह लेंगे। कार्तिक सितंबर 2021 से Zee और Zee5 के चीफ मार्केटिंग ऑफिसर की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
आशीष के पास ब्रांड बिल्डिंग, कंज्यूमर मार्केटिंग, फाइनेंशियल सर्विसेज, विज्ञापन और डिजिटल कारोबार का दो दशक से ज्यादा का अनुभव है। अब उनका करियर इंश्योरेंस सेक्टर से मीडिया और एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री की ओर बढ़ेगा।
जी में उनकी जिम्मेदारी ऐसे समय में आएगी, जब मीडिया कंपनियां टेलीविजन, स्ट्रीमिंग और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपनी ब्रांड पहचान को और मजबूत करने पर ध्यान दे रही हैं। दर्शकों के टीवी, कनेक्टेड टीवी, ओटीटी और सोशल मीडिया जैसे अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर जाने के साथ मार्केटिंग की भूमिका भी लगातार बढ़ रही है।
आशीष करीब छह साल तक ACKO से जुड़े रहे। उन्होंने 2020 में डिजिटल इंश्योरेंस कंपनी के साथ अपना सफर शुरू किया था। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने ACKO को एक मजबूत कंज्यूमर ब्रांड बनाने में अहम भूमिका निभाई। खासतौर पर ऐसे इंश्योरेंस बाजार में, जहां आमतौर पर प्रोडक्ट को जटिल और डर आधारित संचार से जोड़ा जाता रहा है।
अब Zee में आशीष के अनुभव से कंपनी की मार्केटिंग रणनीति को कंज्यूमर-केंद्रित और तकनीक आधारित दिशा मिलने की उम्मीद है।
अश्विनी रामकृष्णन (Ashwini Ramakrishnan) ने लेवी स्ट्रॉस एंड कंपनी (Levi Strauss & Co.) में ब्रांड लीड–इंडिया की जिम्मेदारी संभाली है।
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Samachar4media Bureau
अश्विनी रामकृष्णन (Ashwini Ramakrishnan) ने लेवी स्ट्रॉस एंड कंपनी (Levi Strauss & Co.) में ब्रांड लीड–इंडिया (Brand Lead – India) के तौर पर नई जिम्मेदारी संभाली है। उन्होंने लिंक्डइन (LinkedIn) पोस्ट के जरिए अपनी नई भूमिका की जानकारी साझा की।
अपनी पोस्ट में अश्विनी ने कहा कि वह इस नई शुरुआत को लेकर उत्साहित हैं और टीम के साथ मिलकर भारत में ब्रांड के अगले विकास चरण में योगदान देने का इंतजार कर रही हैं। उनकी नियुक्ति ऐसे समय हुई है जब लेवी स्ट्रॉस एंड कंपनी भारत में अपनी ब्रांड मौजूदगी और ग्रोथ स्ट्रैटेजी को और मजबूत करने पर ध्यान दे रही है।
अश्विनी रामकृष्णन के पास मार्केटिंग के क्षेत्र में 13 साल से ज्यादा का अनुभव है। उनकी विशेषज्ञता ब्रांड बिल्डिंग (Brand Building), कंज्यूमर रिसर्च (Consumer Research), ट्रेडिशनल और डिजिटल मीडिया प्लानिंग (Digital Media Planning), कंटेंट स्ट्रैटेजी (Content Strategy), क्रिएटिव स्ट्रैटेजी, गो-टू-मार्केट (GTM) रणनीति, पीआर (PR) और ग्रोथ मार्केटिंग जैसे क्षेत्रों में है।
अपने करियर के दौरान वह क्लियरट्रिप (Cleartrip), फ्लिपकार्ट (Flipkart) और टाइटन कंपनी (Titan Company) जैसी कंपनियों के साथ काम कर चुकी हैं। नई भूमिका में अश्विनी भारत में लेवी स्ट्रॉस के ब्रांड से जुड़े कामकाज और मार्केटिंग प्रयासों को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएंगी।