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मीडिया व एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री ने TRAI के समक्ष व्यक्त की अपनी चिंता
मीडिया व एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री ने कथित तौर पर नियामक निकाय द्वारा अप्रैल में 'राष्ट्रीय प्रसारण नीति' पर जारी परामर्श पत्र को लेकर प्रतिक्रिया मांगे जाने के बाद ट्राई के समक्ष अपनी चिंता व्यक्त की है
समाचार4मीडिया ब्यूरो 1 year ago
मीडिया व एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री ने कथित तौर पर नियामक निकाय द्वारा अप्रैल में 'राष्ट्रीय प्रसारण नीति' पर जारी परामर्श पत्र को लेकर प्रतिक्रिया मांगे जाने के बाद ट्राई के समक्ष अपनी चिंता व्यक्त की है।
इंडियन ब्रॉडकास्टिंग एंड डिजिटल फाउंडेशन (IBDF), द न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एंड डिजिटल एसोसिएशन (NBDA) और इंटरनेट एंड मोबाइल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (IAMAI) जैसे मीडिया निकायों ने नियमों की प्रतिबंधात्मक प्रकृति के बारे में बात की है, जो अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को सीमित कर सकती है। उन्होंने कहा कि मसौदा दिशानिर्देश उद्योग द्वारा बार-बार उठाई गई चिंताओं का समाधान नहीं करते हैं।
उन्होंने कहा कि ड्राफ्ट की गाइडलाइंस इंडस्ट्री द्वारा बार-बार उठाई गई चिंताओं का समाधान नहीं करते हैं।
IBDF ने कथित तौर पर कहा कि परामर्श पत्र ट्राई की शक्ति और अधिकार से परे है, जिसने खुद ही बार-बार कहा है कि कंटेंट का रेगुलेशन उसके दायरे और शक्ति से परे है।
IBDF ने फीडबैक में कहा कि ट्राई अधिनियम पूरी तरह से कैरिएज (carriage) पर केंद्रित है और ब्रॉडकास्टर्स के कंटेंट चुनने के अधिकार को नियंत्रित नहीं कर सकता है।
IBDF ने तर्क दिया कि OTT को ब्रॉडकास्टिंग के अंतर्गत लाकर ट्राई अपनी ही स्थिति का खंडन करेगा, जिसमें कहा गया है कि दोनों को एक साथ जोड़ने से विपरीत असर होगा।
मसौदे की शर्तों में है कि एक कंटेंट प्लेटफॉर्म को एक मूल्यांकन समिति या एक आंतरिक सेंसर बोर्ड बनाने की जरूरत है, जो रिलीज से पहले कंटेंट को पूर्व-प्रमाणित करेगा।
IBDF ने मांग की कि समिति में सरकारी निकायों का कोई हस्तक्षेप नहीं होना चाहिए, क्योंकि इसकी अध्यक्षता एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश कर रहे हैं।
NBDA ने भी कथित तौर पर कहा कि पॉलिसी में ऑनलाइन गेमिंग, एनीमेशन की ग्रोथ, VFX और अन्य पोस्ट-प्रॉडक्शन प्रक्रियाओं जैसे पहलुओं को शामिल नहीं किया जाना चाहिए, जो मीडिया व एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री पर लागू होते हैं। इसमें कहा गया है कि वे ट्राई के दायरे में नहीं हैं।
IAMAI ने नए जारी मसौदे के आलोक में कंटेंट और कैरिएज को अलग करने पर जोर दिया।
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