जानें, आज हिंदी के प्रमुख अखबारों का कैसा रहा फ्रंट पेज

नवोदय टाइम्स के फ्रंट पेज पर आज कोई बड़ा विज्ञापन नहीं है, नवभारत टाइम्स में कल की तरह काफी विज्ञापन है। दैनिक जागरण, नवभारत टाइम्स व हिन्दुस्तान में आज दो फ्रंट पेज बनाए गए हैं

नीरज नैयर by नीरज नैयर
Published - Wednesday, 14 August, 2019
Last Modified:
Wednesday, 14 August, 2019
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कश्मीर आज भी दिल्ली से प्रकाशित होने वाले प्रमुख अखबारों की लीड है। आज सबसे पहले दैनिक जागरण को देखें तो अखबार में आज दो फ्रंट पेज बनाये गए हैं। पहले पेज पर लीड कश्मीर है, इसके नीचे तीन कॉलम में पाकिस्तान के विदेश मंत्री की कश्मीर पर प्रतिक्रिया है। एंकर में ऑटोमोबाइल क्षेत्र में आई अब तक की सबसे तेज गिरावट को रखा गया है। ऐसे वक्त में जब अर्थव्यवस्था की मजबूती का जिक्र हो रहा है, ये खबर एक अलग ही तस्वीर पेश करती है। इसके अलावा पेज पर अयोध्या की सुनवाई का समाचार सिंगल में है। दूसरे फ्रंट पेज पर आम्रपाली विवाद पर अफसरों को सुप्रीम कोर्ट की चेतावनी को लीड का दर्जा दिया मिला है। दैनिक जागरण ने बच्ची से रेप की घटना को बड़ी जगह दी है। इसके अलावा पेज पर कुछ संक्षिप्त खबरों के अतिरिक्त ‘उत्तर प्रदेश में अब सड़कों पर नहीं पढ़ी जाएगी नमाज’ को प्रमुखता मिली है। 

     

हिन्दुस्तान में आज भी जैकेट विज्ञापन है और यहां दो फ्रंट पेज बनाए गए हैं। पहले फ्रंट पेज पर लीड कश्मीर ही है, लेकिन आम्रपाली पर सुप्रीम कोर्ट की चेतावनी को टॉप में प्रमुखता से रखा गया है। बलात्कार के आरोपी विधायक सेंगर को तीन कॉलम में जगह मिली है। सेंगर पर आरोप तय हो गए हैं। पेज पर घुसपैठ को लेकर सेना प्रमुख के बयान के साथ ही महिला क्रिकेट की राष्ट्रमंडल खेलों में एंट्री को प्रमुखता से लगाया गया है। इसके अलावा, सिक्किम की राजनीति में आई हलचल सहित कुछ अन्य खबरें सिंगल कॉलम में हैं। अखबार के दूसरे फ्रंट पेज पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान को रखा गया है। 'अनुच्छेद 370 सियासत का मुद्दा नहीं' शीर्षक से प्रकाशित इस समाचार में मोदी ने सरकार के 75 दिन के कामकाज का ब्योरा देने के साथ ही जम्मू-कश्मीर पर फैसले का विरोध करने वालों को घेरा है। लीड के बगल में दो कॉलम में दिल्ली के स्कूल में बच्ची से हुए दुष्कर्म की खबर को रखा गया है। आधा पेज विज्ञापन वाले इस पेज पर चार कॉलम में अयोध्या विवाद से जुड़ी खबर को जगह दी गई है, जबकि इसके बगल में होटल मनमाना सर्विस चार्ज नहीं वसूल सकते शीर्षक से प्रकाशित खबर है। इसके अलावा प्रियंका गांधी के सोनभद्र दौरे से जुड़ी खबर और गडकरी के विमान में आई खराबी को सिंगल कॉलम जगह दी गई है।

इसके अलावा अमर उजाला की बात करें तो विज्ञापन के चलते फ्रंट पेज पर ज्यादा खबरों की गुंजाइश नहीं है। लीड आम्रपाली पर सुप्रीम कोर्ट की अफसरों को चेतावनी है, जिसे खूबसूरत ढंग से प्रस्तुत किया गया है। कश्मीर को ऊपर तीन कॉलम में और उसके नीचे बच्ची से बलात्कार का समाचार है। इसके अलावा पेज पर अयोध्या पर सुनवाई के रूप में एकमात्र सिंगल खबर है।

वहीं, नवोदय टाइम्स के फ्रंट पेज पर आज कोई बड़ा विज्ञापन नहीं है। अखबार ने लगभग आधा पेज कश्मीर से जुड़ी खबरों के नाम किया है। लीड कश्मीर पर सुप्रीम कोर्ट का जल्द सुनवाई से इनकार है, इसके नीचे राहुल गांधी और जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल का बयान है और चार कॉलम में पाकिस्तान के विदेशमंत्री की प्रतिक्रिया है। सिक्किम की राजनीतिक उथल-पुथल के बीच ‘कमल’ खिलने की संभावना को डीप दो कॉलम में प्रमुखता से लगाया गया है। आम्रपाली को अखबार ने एंकर में रखा है, जबकि रविदास मंदिर तोड़ने की खबर को इसके ऊपर फोटो के साथ जगह मिली है। अखबार ने झारखंड में दो महिला हॉकी खिलाड़ियों के पेड़ से लटके मिले शव को सिंगल में लिया है, लेकिन दिल्ली में बच्ची से बलात्कार की घटना पेज पर नहीं है।  

आज नवभारत टाइम्स को देखें तो अखबार में कल की तरह काफी विज्ञापन है। आज दो फ्रंट पेज बनाये गए हैं, ताकि पाठकों तक सभी महत्वपूर्ण समाचारों को पहुंचाया जा सके। पहला फ्रंट पेज कश्मीर के नाम है, जिसे सुप्रीम कोर्ट और नेताओं की प्रतिक्रिया के साथ एक पैकेज के रूप में पेश किया गया है। इसके अलावा पेज पर बच्ची से रेप सहित तीन अन्य महत्वपूर्ण खबरें भी संक्षिप्त में हैं। दूसरे फ्रंट पेज की बात करें तो लीड यहां आम्रपाली विवाद पर सुप्रीम कोर्ट की चेतावनी है। स्थानीय स्तर पर यह खबर बहुत मायने रखती है, और नवभारत टाइम्स ने उसी को ध्यान में रखते हुए इसे पेश किया है। रविदास मंदिर तोड़ने को लेकर हो रहे बवाल को रिवर्स में फोटो के साथ प्रमुखता से लगाया गया है। पेज पर अयोध्या से जुड़ी खबर के साथ ही कुछ अन्य खबरों को सिंगल में रखा गया है। अखबार में पहले फ्रंट पेज पर आधा पेज विज्ञापन होने के कारण वह हिस्सा शो नहीं हो रहा है, इसलिए खबरों वाले हिस्से को ही यहां लगाया गया है, जबकि दूसरे फ्रंट पेज को आप पूरा यहां देख सकते हैं।

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दिल्ली हाई कोर्ट ने दी संपादक को बड़ी राहत, करना होगा ये काम

कोर्ट ने फिल्म निर्माता विवेक अग्निहोत्री और आनंद रंगनाथन सहित तमाम प्रतिवादियों को जारी किया नोटिस

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो
Published - Tuesday, 15 October, 2019
Last Modified:
Tuesday, 15 October, 2019
High Court

जस्टिस एस मुरलीधर के खिलाफ आपत्तिजनक आर्टिकल लिखने वाले लेखक के ट्वीट को रिट्वीट करने के मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने तमिल की साप्ताहिक मैगजीन ‘तुगलक’ (Thuglak) के संपादक और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के पार्टटाइम डायरेक्टर स्वामीनाथन गुरुमूर्ति के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही सोमवार को बंद कर दी है। जस्टिस मनमोहन और जस्टिस संगीता धींगरा सहगल की बेंच ने गुरुमूर्ति के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही उस समय बंद कर दी, जब वह इस आर्टिकल को लिखने वाले और फिर माफी मांगने वाले लेखक के माफीनामे को री-ट्वीट करने पर सहमत हो गए।

गुरुमूर्ति की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता महेश जेठमलानी ने पीठ को बताया कि उनका मुवक्किल अपने टि्वटर हैंडल पर यह उल्लेख करेगा कि आपत्तिजनक आर्टिकल (जिसे उन्होंने री-ट्वीट किया) के लेखक ने अदालत में बिना शर्त माफी मांग ली है। जेठमलानी ने बताया कि उनका मुवक्किल यह भी उल्लेख करेगा कि लेखक ने वह आर्टिकल हटा दिया है और लेखक द्वारा मांगी गई माफी का ‘हाइपरलिंक’ भी री-ट्वीट करेगा।

जेठमलानी का कहना था कि गुरुमूर्ति ने आर्टिकल को केवल शेयर किया था और इस पर कोई टिप्पणी नहीं की थी। इसलिए उन्हें न्यायालय अवमानना कानून के तहत दोषी नहीं ठहराया जा सकता। इस बीच, कोर्ट ने फिल्म निर्माता विवेक अग्निहोत्री और आनंद रंगनाथन सहित तमाम प्रतिवादियों को नोटिस जारी किया और पूछा कि इस मामले में उनके खिलाफ क्यों न अवमानना कार्यवाही शुरू की जानी चाहिए? दरअसल, उन्होंने भी कुछ टिप्पणियां ट्वीट/री-ट्वीट की थीं।

बता दें कि इस आर्टिकल के लेखक देश कपूर ने अगस्त में कोर्ट से माफी मांग ली थी और आपत्तिजनक हिस्से को हटा दिया था। इसके बाद उनका नाम इस केस से हटा दिया गया था। दिल्ली हाई कोर्ट में इस मामले में पिछले साल अवमानना कार्यवाही शुरू हुई थी। आरोप है कि जस्टिस एस मुरलीधर के नेतृत्व में हाई कोर्ट की खंडपीठ द्वारा एक अक्टूबर 2018 को कोरेगांव-भीमा हिंसा मामले में कार्यकर्ता गौतम नवलखा को नजरबंदी से रिहा करने का आदेश दिए जाने के बाद गुरुमूर्ति ने ट्वीट कर न्यायमूर्ति मुरलीधर पर पक्षपात का आरोप लगाया था।

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आज कुछ ऐसा है हिंदी अखबारों के फ्रंट पेज का हाल

विज्ञापनों की अधिकता के कारण आज दैनिक जागरण, हिन्दुस्तान और नवभारत टाइम्स के पाठकों को दो फ्रंट पेज मिले हैं

नीरज नैयर by नीरज नैयर
Published - Monday, 14 October, 2019
Last Modified:
Monday, 14 October, 2019
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कश्मीर से अनुच्छेद 370 को समाप्त हुए भले ही काफी समय हो गया हो, लेकिन इस बारे में बयानबाजी बदस्तूर जारी है। अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस मुद्दे पर विपक्ष को घेरा है। मोदी ने विपक्ष को अनुच्छेद 370 को बहाल करने का वादा करने की चुनौती दी है और उनकी इसी चुनौती से जुड़ी खबर को दिल्ली से प्रकाशित अधिकांश अखबारों ने प्रमुखता से लगाया है।

आज शुरुआत करते हैं अमर उजाला से। लीड पीएम की चुनौती की खबर है, जिसमें राजनाथ सिंह, राहुल गांधी और अमित शाह के बयानों का भी जिक्र है। क्रिकेट में भारत की एक और उपलब्धि को फोटो के साथ रखा गया है। टीम इंडिया दक्षिण अफ्रीका को हराकर लगातार 11 बार घरेलू मैदान पर सीरीज जीतने वाली पहली टीम बन गई है। इसी खबर के नीचे बीसीसीआई से जुड़ा समाचार है। पूर्व कप्तान सौरव गांगुली बीसीसीआई के अध्यक्ष बन सकते हैं।

पीएम मोदी की भतीजी को लूटने वालों की गिरफ्तारी को अमर उजाला ने सेकंड हाफ में जगह दी है, जबकि अयोध्या विवाद को तीन कॉलम में इसके ऊपर रखा गया है। अयोध्या विवाद की सुनवाई इसी हफ्ते पूरी हो जाएगी। एंकर में दिल्ली की खराब होती हवा की खबर है, इसकी वजह पंजाब में 45 प्रतिशत ज्यादा जलाई गई पराली है। इसके अलावा, सुरक्षा बलों को पाकिस्तानी ड्रोन मार गिराने के आदेश सिंगल कॉलम में है।

अब दैनिक जागरण की बात करें तो अखबार में आज पाठकों को दो फ्रंट पेज मिले हैं। पहले पेज पर लीड मोदी की कांग्रेस को चुनौती है, जिसे काफी बड़ी जगह में सजाया गया है। पेज पर दूसरी बड़ी खबर के रूप में सौरव गांगुली की बीसीसीआई अध्यक्ष पद से जुड़ी खबर है। गांगुली के अलावा अमित शाह के बेटे को बोर्ड का सचिव बनाया जा सकता है। पेज पर तीसरी और आखिरी खबर नीलू रंजन की है, जिसमें उन्होंने बताया है कि आयुष्मान भारत योजना के मरीजों को घर के पास मुफ्त इलाज मिलेगा।

दूसरे पेज का रुख करें तो लीड यहां रेलवे से जुड़ी है। रेलवे को निजी हाथों में सौंपने जा रही सरकार ने अब वेतन बिल सहित अन्य खर्चों को घटाने के लिए नॉन-कोर गतिविधियों को आउटसोर्स करने का फैसला लिया है। पीएम की भतीजी को लूटने वालों की गिरफ्तारी की खबर दो कॉलम में है। इसके साथ ही एम्स में अग्निकांड की जांच में लीपापोती की खबर को भी दो कॉलम में रखा गया है। इस तरह दूसरे फ्रंट पेज पर केवल तीन बड़ी खबरें ही हैं।

दैनिक भास्कर का रुख करें तो फ्रंट पेज के टॉप बॉक्स में सकारात्मक स्टोरी है। मंडे पॉजिटिव टैग के साथ लगी इस स्टोरी में मुंबई निवासी एक शख्स का जिक्र है, जिसने कैंसर पीड़ितों की मदद के लिए अपना होटल किराये पर दिया और रोजाना 700 लोगों को खाना खिलाते हैं। लीड मोदी की चुनौती है, जिसे राहुल के पलटवार के साथ लगाया गया है। टीम इंडिया की उपलब्धि दो कॉलम में फोटो के साथ है, जबकि मंजू रानी संक्षिप्त में हैं।

पीएम की भतीजी को लूटने वालों की गिरफ्तारी की खबर को दैनिक भास्कर ने ज्यादा तवज्जो नहीं देते हुए सिंगल कॉलम में लगाया है। इसके अलावा, पेज पर अयोध्या विवाद की सुनवाई, बीसीसीआई के नए अध्यक्ष और मरियम थ्रेसिया से जुड़ा समाचार भी है। मरियम थ्रेसिया के बारे में विस्तार से बताया गया है। इसके अलावा दिल्ली महिला आयोग से जुड़ी महिला की करतूत को दैनिक भास्कर ने तीन कॉलम जगह दी है। आरोप है कि महिला ने अपने पति की पीटकर हत्या कर दी। इस खबर को नि:संदेह सबसे ज्यादा पढ़ा जाएगा।

आज हिन्दुस्तान में भी विज्ञापनों के चलते दो फ्रंट पेज बने हैं। पहले पेज की लीड मोदी की चुनौती है, जिसमें राहुल गांधी के पलटवार को भी रखा गया है। सैनिकों की सेवानिवृत्ति आयु सीमा बढ़ाने पर विचार और विश्व बैंक द्वारा घटाई गई भारत की आर्थिक वृद्धि दर को दो-दो कॉलम जगह मिली है। इसके अलावा पेज पर दो बाईलाइन खबरें हैं। पहली, सुहेल हामिद की है जो बता रहे हैं कि सरकार डीजल की होम डिलीवरी की तैयारी कर रही है। दूसरी, एंकर में सजी मदन जैड़ा की स्टोरी है। इसमें ईपीएफओ की रिपोर्ट के हवाले से बताया गया है कि 22 से 25 साल के युवा ज्यादा नौकरी बदल रहे हैं।

दूसरे फ्रंट पेज पर लीड दिल्ली की बिगड़ती हवा है, जबकि टीम इंडिया की उपलब्धि को फोटो के साथ लगाया गया है। पाकिस्तान को काली सूची में डालने पर फैसला आज, मरियम थ्रेसिया मृत्यु के 93 साल बाद संत घोषित और अयोध्या पर आज से आखिरी सुनवाई की खबरों को भी पेज पर जगह मिली है। एंकर में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे है, जहां अब 120 की रफ्तार से फर्राटा भरा जा सकता है। इसके अलावा पेज पर पांच सिंगल खबरें हैं, लेकिन पीएम की भतीजी और बीसीसीआई से जुड़े समाचार को दोनों में से किसी फ्रंट पेज पर नही लगाया गया है।

अब बात करते हैं नवोदय टाइम्स की। फ्रंट पेज की शुरुआत टीम इंडिया की उपलब्धि से हुई है, जिसे रंगीन बैकग्राउंड वाले सिंगल कॉलम में रखा गया है। टॉप बॉक्स में दिल्ली महिला आयोग से जुड़ी महिला द्वारा अपने पति की हत्या से जुड़ी खबर है। लीड मोदी की चुनौती है, लेकिन राहुल गांधी के पलटवार को इसमें जगह नहीं मिली है। उसे अलग से तीन कॉलम में लगाया गया है।

अयोध्या विवाद की सुनवाई को नवोदय टाइम्स ने प्रमुखता के साथ रखा है, जबकि पीएम की भतीजी वाली खबर के मामले में अखबार से चूक हो गई है। इसके अलावा, सीमा पर जवान की शहादत और मरियम थ्रेसिया का समाचार भी पेज पर है। एंकर में सांसदों के मेहमानों के कारनामे हैं, जो लुटियंस के बंगलों में अभी तक जमे हुए हैं। बीसीसीआई अध्यक्ष पद से जुड़ा समाचार फ्रंट पेज पर नहीं है।

वहीं, देशबंधु ने आज भी सबसे अलग लीड लगाई है। विश्व बैंक की रिपोर्ट के आधार पर अखबार ने यह बताने का प्रयास किया है कि विकास की रफ्तार में भारत, भूटान और नेपाल से भी पिछड़ गया है। लीड के पास ही टीम इंडिया की उपलब्धि को फोटो के साथ सजाया गया है। मोदी की चुनौती को राहुल के पलटवार के साथ पांच कॉलम जगह मिली है, जबकि दिल्ली की बिगड़ती हवा एंकर में है।

इसके अलावा पेज पर पाकिस्तान को काली सूची में डाले जाने पर फैसला आज, एयर इंडिया के सौ से अधिक पायलट छोड़ेंगे नौकरी, यूपी में कर्जदार किसानों की आत्महत्या और महाराष्ट्र में एक और बैंक घोटाले से जुड़ा समाचार भी है। बैंक घोटाले की खबर इतनी प्रमुखता के साथ केवल देशबंधु ने ही फ्रंट पेज पर लगाई है। देशबंधु ने मरियम थ्रेसिया को संक्षिप्त में रखा है, वहीं पीएम मोदी की भतीजी को लूटने वालों की गिरफ्तारी की खबर पेज पर नहीं है। 

आज सबसे आखिरी में नवभारत टाइम्स की बात करते हैं। इस अखबार के पाठकों को भी आज दो फ्रंट पेज मिले हैं। पहले पेज की शुरुआत टीम इंडिया की उपलब्धि से है, जिसे रंगीन बैकग्राउंड में बड़ी फोटो के साथ सजाया गया है। बॉक्सिंग में मैरीकॉम की बराबरी करने वालीं मंजू रानी को नवभारत टाइम्स ने अलग से रखा है, जबकि बाकी अखबारों ने उन्हें क्रिकेट के साथ ही जगह दी है। पीएम मोदी की भतीजी से जुड़ी खबर को सबसे अच्छी तरह से नवभारत टाइम्स ने प्रस्तुत किया है। इस लीड खबर को तीन लाइन के शीर्षक ‘700 पुलिसवाले लगे, 24 घंटे में पीएम की भतीजी का बैग छीनने वाले दो पकड़े’ के साथ लगाया गया है। साथ ही इसमें आम जनता की प्रतिक्रिया का भी जिक्र है, जो यह जानना चाहती है कि आखिर उनका नंबर कब आएगा? इसके अलावा पेज पर चार सिंगल कॉलम समाचार हैं।

दूसरे फ्रंट पेज की बात करें तो यहां भी पहले पेज जैसा टॉप बॉक्स है। इसमें दिल्ली की बिगड़ती हवा का जिक्र है। लीड मोदी की कांग्रेस को चुनौती है. राजनाथ सिंह और राहुल गांधी के बयानों को भी लीड में शामिल किया गया है। एंकर मनीष अग्रवाल की लोगों को सावधान करने वाली स्टोरी है। मनीष बता रहे हैं कि किस तरह सोने में पाउडर की मिलावट की जा रही है। लिहाजा, यदि आप सोना खरीदने का मन बना रहे हैं तो इस खबर पर एक नजर जरूर डाल लें। संत मरियम थ्रेसिया का समाचार डीप सिंगल में है। हालांकि, बीसीसीआई से जुड़ी न्यूज को तवज्जो नहीं दी गई है। नवभारत टाइम्स के पहले फ्रंट पेज पर आधा पेज विज्ञापन होने के कारण खबरों वाला भाग ही शो हो रहा है, इसलिए यहां पर खबरों वाले भाग को ही लगाया गया है। हालांकि दूसरे फ्रंट पेज पर भी आधा पेज विज्ञापन है, लेकिन वह पूरा शो हो रहा है। 

आज का ‘किंग’ कौन?

1: सबसे पहले बात करते हैं लेआउट की। नवोदय टाइम्स और अमर उजाला आज इस मामले में सबसे बेहतर नजर आ रहे हैं।

2: खबरों की प्रस्तुति में नवभारत टाइम्स का पक्ष मजबूत है। इसकी सबसे प्रमुख वजह है पीएम मोदी की भतीजी को लूटने वालों की गिरफ्तारी। ये खबर अपने आप में काफी कुछ कहती है, इसलिए इसे बेहतर अंदाज में प्रस्तुत किया जाना चाहिए था, लेकिन बाकी अखबारों ने खबर को इस एंगल से नहीं देखा। ये खबर सरकार और पुलिस से सवाल कर रही है कि आखिरी आम जनता से जुड़े मामलों को इतनी तवज्जो क्यों नहीं दी जाती?

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पत्रकार विनोद श्रीवास्तव ने रेप पीड़िता लड़की की कहानी पर रचा उपन्यास

पत्रकारिता में करीब 25 साल के करियर के दौरान कई पब्लिकेशन हाउस में अपनी जिम्मेदारी निभा चुके हैं विनोद श्रीवास्तव

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो
Published - Saturday, 12 October, 2019
Last Modified:
Saturday, 12 October, 2019
Vinod-Srivastava

वरिष्ठ पत्रकार और लेखक विनोद श्रीवास्तव का एक नया उपन्यास ‘बैरिस्टर मेम साहब’ बल्यूरोज पब्लिशर्स द्वारा हाल में ही प्रकाशित हुआ है। सामाजिक और राजनीतिक पृष्ठभूमि पर लिखे गए इस उपन्यास में एक प्रभावशाली नेता द्वारा बलात्कार की शिकार हुई एक लड़की के मार्मिक संघर्ष की कहानी है।

न्याय पाने के रास्ते में वह लड़की जिस तरह से कदम-कदम पर पीड़ा झेलती है, वह संभ्रांत समाज में रहने वाले किसी भी व्यक्ति का दिल झकझोक कर रख सकती है। यह उपन्यास अमेजन, फ्लिपकार्ट, शॉप क्लूज पर बिक्री के लिए उपलब्ध है। इस उपन्यास का मूल्य 169 रुपए है।  

विनोद श्रीवास्तव एक लेखक के साथ साथ वरिष्ठ पत्रकार भी हैं। इन्होंने अपने 25 साल के पत्रकारिता के करियर में दिल्ली प्रेस, कुमुदम पब्लिकेशन, सीनियर मीडिया, फोर्थ डायमेंशन मीडिया जैसे प्रकाशन संस्थानों में सहायक संपादक, संपादक और समूह संपादक की भूमिकाएं निभाई हैं।

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लॉन्च हुआ नया अखबार, इन मायनों में है खास

32 पेज के इस साप्ताहिक अखबार का मूल्य 20 रुपए रखा गया है, 25 अक्टूबर से न्यूज स्टैंडों पर सुचारु रूप से मिलना शुरू हो जाएगा

Last Modified:
Friday, 11 October, 2019
Newspaper

मार्केट में एक नए अंग्रेजी अखबार ने दस्तक दी है। मीडिया स्टार्टअप ‘Admighty Infomedia Private Limited’ ने अहमदाबाद में ‘ द कैंबे पोस्ट’ (The Cambay Post) के नाम से इस साप्ताहिक अखबार को लॉन्च किया है। कॉम्पैक्ट साइज का यह अखबार प्रत्येक रविवार को पब्लिश होगा। यह अखबार 25 अक्टूबर से न्यूज स्टैंडों पर सुचारु रूप से मिलना शुरू हो जाएगा। इस अखबार का मूल्य 20 रुपए रखा गया है।

बताया जाता है कि अहमदाबाद से पब्लिश होने वाला यह अपनी तरह का पहला अंग्रेजी का रविवारीय साप्ताहिक अखबार होगा। 32 पेज के रंगीन पेजों वाले इस अखबार में स्थानीय खबरों के साथ ही नेशनल, इंटरनेशनल, एंटरटेनमेंट, लाइफ स्टाइल, हेल्थ, फैशन और बिजनेस से जुड़ी खबरें पाठकों को पढ़ने को मिलेंगी।

इस बारे में अखबार के संपादक दिनेश कुमार गौतम का कहना है, ‘कई रिपोर्ट्स व अन्य प्रमुख माध्यमों से पता चलता है कि विश्व के कई शहरों में कॉम्पैक्ट अखबार काफी अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। हम भी इस ट्रेंड को अपनाने को लेकर काफी उत्साहित हैं।’ इसके साथ ही ‘The Cambay Post’ ने एक मार्केटिंग प्लान भी तैयार किया है, जिसमें वेब मार्केटिंग, आउटडोर और ऑन ग्राउंड से जुड़ी गतिविधि भी शामिल हैं।

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अपनी इस बड़ी गलती के लिए दैनिक भास्कर ने पाठकों से मांगी माफी

सोशल मीडिया पर वायरल हो रही थी अखबार की ये गलती, शुरू में मानी जा रही थी किसी की शरारत

Last Modified:
Friday, 11 October, 2019
Dainik Bhaskar

विजयदशमी से सोशल मीडिया पर चल रहा ‘सत्य पर असत्य की जीत’ का तूफान अब थम गया है और यह भी साफ हो गया है कि तूफान आने का वाजिब कारण मौजूद था। ऐसा नहीं है कि तूफान उत्पन्न करने के लिए फोटोशॉप का सहारा लिया गया, जैसी की आशंका जताई जा रही थी।

दरअसल, दशहरे के मौके पर दैनिक भास्कर के छतरपुर संस्करण के फ्रंट पेज पर एक गंभीर भूल हो गई थी। पाठकों को विजयदशमी की शुभकामनाएं देते हुए ‘असत्य पर सत्य की जीत’ के स्थान पर ‘सत्य पर असत्य की जीत’ छप गया। अब इसे काम का अत्यधिक बोझ कहें या फेस्टिवल सीजन की खुमारी कि किसी का भी ध्यान इस पर नहीं गया।

दूसरे दिन अखबार की गलती सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी। आज के वक्त में फोटोशॉप से इस तरह का काम संभव है, इसलिए यह आशंका भी व्यक्त की गई कि कहीं ये किसी की साजिश तो नहीं। यहां तक कि दैनिक भास्कर से जुड़े पत्रकार भी इसे ‘गलती’ मानने को तैयार नहीं थे। वह भी फोटोशॉप को कुसूरवार मानते रहे, लेकिन जब दैनिक भास्कर ने माफीनामा छापा, तब लोगों को फोटोशोप की ‘बेगुनाही’ का सबूत मिला।

दैनिक भास्कर समूह दो समूहों में बंटा है। इसका एक हिस्सा कैलाश अग्रवाल के पास है, जिनका मुख्यालय जबलपुर में है। इसी समूह के अंतर्गत छतरपुर एडिशन आता है, जिसमें गलती हुई। दैनिक भास्कर में कार्यरत एक वरिष्ठ पत्रकार के अनुसार, खास मौकों की तैयारी भोपाल और जयपुर भास्कर में होती है, फिर उसे सभी एडिशन के लिए भेज दिया जाता है। हर एडिशन अपनी जरूरत एवं पसंद के अनुसार उसमें फेरबदल कर सकता है। विजयदशमी के लिए मास्टहेड भी भोपाल की डिजायनर टीम ने तैयार किया था।

सूत्रों की मानें तो भोपाल से जो मास्टहेड भेजा गया, उसमें भूलवश ‘सत्य पर असत्य की जीत’ हो गया, हालांकि गलती सामने आते ही उसे दुरुस्त करके नया मास्टहेड भेजा गया, मगर छतरपुर एडिशन उस पर ध्यान नहीं दे पाया। सोशल मीडिया पर जब ‘गलती’ वायरल होने लगी, तब माफीनामा प्रकाशित किया गया। जबलपुर भास्कर के समूह संपादक प्रकाश दुबे ने ‘सत्य का सूर्य कदापि अस्त नहीं होता’ शीर्षक तले गलती स्वीकारते हुए खेद प्रकट किया है। छतरपुर एडिशन के फ्रंट पेज पर यह माफीनामा प्रकाशित किया गया है।

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अखबारों में फ्रंट पेज पर किन खबरों को मिली जगह, पढ़ें यहां

दैनिक जागरण में जैकेट विज्ञापन के कारण तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है, जिस पर भी दो बड़े विज्ञापन हैं

नीरज नैयर by नीरज नैयर
Published - Friday, 11 October, 2019
Last Modified:
Friday, 11 October, 2019
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दिल्ली से प्रकाशित होने वाले प्रमुख अखबारों पर विज्ञापनों की ‘बरसात’ जारी है। आज सबसे पहले बात करते हैं दैनिक जागरण की। अखबार में जैकेट विज्ञापन के कारण तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है, जिस पर भी दो बड़े विज्ञापन हैं। लीड की बात करें तो चीनी राष्ट्रपति के भारत दौरे से पहले उपजे तनाव को जयप्रकाश रंजन ने रेखांकित किया है। जयप्रकाश रंजन का कहना है कि कश्मीर पर चीन का रुख अनौपचारिक वार्ता के परिणाम को प्रभावित करेगा। दूसरी बड़ी खबर के रूप में पंजाब एवं महाराष्ट्र बैंक के ग्राहकों की वित्तमंत्री से मुलाकात को रखा गया है। वित्तमंत्री ने पीड़ित ग्राहकों को आश्वासन दिया है कि बैंकों में बेहतर कामकाज के लिए कानून में बदलाव किया जाएगा। अब इससे पीड़ितों की परेशानियों का अंत होगा या नहीं, ये देखने वाली बात होगी।

फोर्टिस के प्रमोटरों की गिरफ्तारी की खबर को दैनिक जागरण ने प्रमुखता से लगाया है। वहीं, दिल्ली कांग्रेस में सामने आई नई कलह से जुड़ी खबर को भी पेज पर जगह मिली है। शीला दीक्षित के बेटे संदीप का आरोप है कि उनकी मां की मौत के लिए दिल्ली कांग्रेस के प्रभारी पीसी चाको जिम्मेदार हैं। एंकर के फॉर्मेट में संजय मिश्र की बाईलाइन स्टोरी को रखा गया है। इस स्टोरी के अनुसार, गोरखपुर की आयशा को एक दिन के लिए ब्रिटिश उच्चायुक्त बनाया गया है। इसकी वजह क्या है? यह जानने के लिए आपको पूरी खबर पढ़नी होगी। इसके अलावा पेज पर एकमात्र बड़ी खबर पाकिस्तान में चार आतंकियों की गिरफ्तारी से जुड़ी है।

आज दैनिक भास्कर के फ्रंट पेज पर नजर डालें तो लीड फोर्टिस प्रमोटरों की गिरफ्तारी है, जबकि चीनी राष्ट्रपति के दौरे को संक्षिप्त में रखा गया है। दैनिक भास्कर ने मैरीकॉम की उपलब्धि को सबसे बड़ा स्थान दिया है। पेज पर यह दूसरी बड़ी खबर के रूप में है। पर्यटकों से गुलजार कश्मीर और पश्चिम बंगाल में संघ समर्थक के परिवार की हत्या की खबर को दो-दो कॉलम में जगह मिली है। महिला आईएएस के पति को फंसाने की कोशिश करने वाले सीआईएसएफ कमांडेंट की गिरफ्तारी का समाचार भी फ्रंट पेज पर है।

इसके अलावा सिंगल में लोगों को प्रेरित करने वाली खबर है। महाराष्ट्र के बीड जिले के कलेक्टर आस्तिक कुमार पांडे ने प्लास्टिक के इस्तेमाल के लिए खुद पर पांच हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। ऐसा कम ही देखने को मिलता है, जब कोई बड़ा अधिकारी अपनी गलती स्वीकारे। एंकर में साहित्य के नोबल पुरस्कार को रखा गया है।

वहीं, हिन्दुस्तान में तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है। लीड चीनी राष्ट्रपति का भारत दौरा है, जिसे शीर्षक ‘व्यापार-सुरक्षा पर चीन से होगी बात’ के साथ लगाया गया है। घाटी की रौनक को फोटो के साथ टॉप में रखा गया है। फोर्टिस प्रमोटरों की गिरफ्तारी की खबर प्रमुखता से दो कॉलम में है।

हिन्दुस्तान के फ्रंट पेज पर दो ऐसी खबरें हैं, जिन्हें बाकी अखबारों ने अपेक्षाकृत ज्यादा तवज्जो नहीं दी। मसलन, जेपी के घर खरीदारों को बड़ी राहत देने की तैयारी और प्रतिबंधित हथियार बनाने और रखने पर अब होगी उम्रकैद। इसके अलावा, करतारपुर पर पाकिस्तान का यूटर्न, ओल्गा व पीटर हंडके को साहित्य का नोबल और हिंडन हवाई अड्डे से आज पहली उड़ान सिंगल कॉलम में हैं। हिन्दुस्तान ने मैरीकॉम को फ्रंट पेज पर खबर के रूप में न रखकर मास्टहेड पर रखा है।

अब नवोदय टाइम्स का रुख करें तो अखबार के पाठकों को आज भी फ्रंट पेज पर काफी खबरें पढ़ने के लिए मिली हैं। पेज की शुरुआत फोर्टिस प्रमोटरों की गिरफ्तारी से हुई है, जिसे प्रमुखता से लगाया गया है। लीड चीनी राष्ट्रपति का दौरा है। चीन का कहना है कि दोनों देश एक-दूसरे के लिए खतरा नहीं हैं। 150 ट्रेनों को निजी हाथों में देने की तैयारी को नवोदय टाइम्स ने बड़ी जगह दी है। पाकिस्तान की तरफ से हुई गोलीबारी को नवोदय टाइम्स ने अपेक्षाकृत ज्यादा तवज्जो देते हुए इसे डीप दो कॉलम में रखा है।

नोबल पुरस्कार और गौतस्करों की गोलीबारी से जुड़े समाचार भी फ्रंट पेज पर हैं। पर्यटकों से गुलजार कश्मीर को फोटो के रूप में पेज पर रखा गया है, वहीं एंकर में ‘नोएडा में प्लास्टिक खाने वाले जीवाणुओं की खोज’ की खबर है। वैज्ञानिकों की यह खोज काफी महत्वपूर्ण समझी जा रही है। अखबार ने मैरीकॉम की उपलब्धि को तवज्जो नहीं दी है, लेकिन मूडीज की रिपोर्ट को पेज पर जरूर रखा है, जिसके अनुसार भारत की जीडीपी वृद्धि दर अनुमान से कम रहने वाली है।

इनके अलावा, देशबंधु की बात करें तो फ्रंट पेज पर कोई विज्ञापन नहीं है। लीड सबसे जुदा कश्मीर पर भाजपा और कांग्रेस की बयानबाजी है। इसके पास ही दो कॉलम में चीनी राष्ट्रपति का भारत दौरा है। फोर्टिस के प्रमोटरों की गिरफ्तारी की खबर को पेज पर सेकंड हाफ में लगाया गया है। साहित्य के नोबल की खबर भी पेज पर है। पंजाब एवं महाराष्ट्र बैंक के ग्राहकों की वित्तमंत्री से मुलाकात को प्रमुखता के साथ डीप दो कॉलम में रखा गया है।

एंकर में तंत्र-मंत्र पर भारतीयों के विश्वास से जुड़ी रोचक खबर है। एक अध्ययन में यह बात सामने आई है कि 44 फीसदी मानसिक रोगियों को तंत्रमंत्र का सहारा है। मानहानि केस में राहुल गांधी की पेशी को बड़ी जगह दी गई है, लेकिन मैरीकॉम की उपलब्धि से जुड़ी खबर पेज पर नहीं है।

अब नवभारत टाइम्स को देखें तो जैकेट विज्ञापन के कारण तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है। इस फ्रंट पेज पर लगभग आधा पेज विज्ञापन है, इसके बावजूद ज्यादा से ज्यादा समाचारों को पेज पर रखने का प्रयास किया गया है। लीड में चीनी राष्ट्रपति के भारत दौरे को लेकर सियासी पार्टियों में छिड़ी जंग है। कांग्रेस चाहती है कि मोदी सरकार चीन से हांगकांग पर बात करे, जबकि सरकार कश्मीर पर कांग्रेसी प्रतिनिधिमंडल की ब्रिटेन के सांसद से मुलाकात पर आक्रामक हो रही है। अखबार ने लीड का शीर्षक ‘कूटनीति पर छिड़ी राजनीति में जंग’ मौजूदा हालातों के अनुरूप लगाया है।

करतारपुर पर पाकिस्तान के पलटी मारने को भी लीड बॉक्स में जगह मिली है। हालांकि, नवभारत टाइम्स ने रेलवे के जिस समाचार को पेज की दूसरी बड़ी खबर के रूप में पेश किया है, वह बासी हो चुकी है। दैनिक भास्कर कल ही इसे अपने फ्रंट पेज पर लगा चुका है। फोर्टिस के प्रमोटरों की गिरफ्तारी भी पेज पर है। शिविंदर और मलविंदर पर धोखाधड़ी के आरोप हैं। इसके अलावा सात खबरों को सिंगल में रखा गया है। कम जगह में अधिक से अधिक समाचारों को कैसे लगाया जाए, नवभारत टाइम् का आज का फ्रंट पेज इसका बेहतरीन उदाहरण है। हालांकि, मैरीकॉम की उपलब्धि को यदि पेज पर रखा जाता तो ज्यादा बेहतर होता। इस मामले में अखबार से चूक हो गई है।

आखिर में आज रुख करते हैं अमर उजाला का। लगभग आधा पेज विज्ञापनों के बीच फ्रंट पेज पर पांच बड़ी खबरें हैं। टॉप बॉक्स में चीनी राष्ट्रपति के भारत दौरे को रखा गया है। चीन का कहना है कि दोनों देश एक-दूसरे के लिए खतरा नहीं हैं। लीड सबसे अलग  कश्मीर को लगाया गया है। पर्यटकों पर लगी रोक हटने से घाटी फिर गुलजार हो गई है। लीड में ही कश्मीर पर भाजपा और कांग्रेस की बयानबाजी है। वीआरएस को लेकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को भी फ्रंट पेज पर जगह मिली है। कोर्ट का कहना है कि सेवानिवृत्ति और स्वैछिक सेवानिवृत्ति में फर्क होता है, इसलिए एक समान लाभ नहीं मिल सकता।

मैरीकॉम की उपलब्धि को शुरुआती डेढ़ कॉलम में आकर्षक अंदाज में प्रस्तुत किया गया है। मैरीकॉम आठ पदक जीतने वाली दुनिया की पहली मुक्केबाज बन गयी हैं। इसी बॉक्स में अन्य महिला मुक्केबाजों की उपलब्धि का जिक्र है और सबसे नीचे क्रिकेट की खबर। फोर्टिस के प्रमोटरों की गिरफ्तारी की खबर को अमर उजाला ने संक्षिप्त में रखा है। दिल्ली में प्रदूषण की मार से जुड़ी खबर को तीन कॉलम जगह मिली है।

आज का 'किंग' कौन?
1: सबसे पहले बात करते हैं लेआउट की। दैनिक भास्कर आज इस मामले में सबसे आगे नजर आ रहा है। पेज काफी खुला-खुला है और आकर्षक है।

2: खबरों की प्रस्तुति और पैकेजिंग के लिहाज से आज अमर उजाला अव्वल है। चीनी राष्ट्रपति का दौरा, लीड के साथ-साथ मैरीकॉम की उपलब्धि को बेहद आकर्षक अंदाज में पाठकों के समक्ष परोसा गया है। ‘बेटियों का पंच’ शीर्षक के साथ लगी खबर में मैरीकॉम सहित अन्य महिला मुक्केबाजों और क्रिकेट का जिक्र है।

3: खबरों के लिहाज से हिन्दुस्तान, दैनिक भास्कर और नवभारत टाइम्स आगे हैं। नवभारत टाइम्स से जरूर मैरीकॉम मामले में चूक हुई है, लेकिन सीमित जगह में भी ज्यादा से ज्यादा खबरें परोसने का प्रयास तारीफ के काबिल है।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

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NBT ने किया बेहतर प्रयोग, पर हेडिंग ने बढ़ाई उलझन

विज्ञापनों की अधिकता के कारण अधिकतर अखबारों ने तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया है, जबकि दैनिक जागरण में आज दो फ्रंट पेज बनाए गए हैं

नीरज नैयर by नीरज नैयर
Published - Thursday, 10 October, 2019
Last Modified:
Thursday, 10 October, 2019
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सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के डीए में पांच प्रतिशत का इजाफा किया है। यही खबर आज दिल्ली से प्रकाशित होने वाले लगभग सभी अखबारों में छाई हुई है। सबसे पहले बात करते हैं दैनिक भास्कर की। दैनिक भास्कर में आज जैकेट विज्ञापन के कारण तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है। इस पेज पर भी आधा पेज विज्ञापन है।

लीड मोदी सरकार का तोहफा है, जिसे बॉक्स में सभी आवश्यक जानकारी के साथ पाठकों के समक्ष परोसा गया है। दूसरी प्रमुख खबर चीनी राष्ट्रपति का कल से शुरू होने वाले भारत दौरा है। इसके अलावा, नोबल पुरस्कार, केजरीवाल के दौरे में रुकावट पर केंद्र की सफाई और मानसून की वापसी को सिंगल कॉलम में लगाया गया है। जो दो अन्य प्रमुख खबरें पेज पर हैं, उनमें 150 ट्रेनों को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी और जियो से दूसरे नेटवर्क पर अब फ्री कॉल नहीं, शामिल हैं।

हिन्दुस्तान में भी तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है। इस पेज पर नजर डालें तो केंद्रीय कर्मचारियों को मोदी सरकार का तोहफा सबसे बड़ी खबर है। इसी में एसबीआई के सस्ते कर्ज का भी जिक्र है। बैंक ने छठी बार लोन सस्ता किया है, जो कर्ज लेने वालों के लिए किसी तोहफे से कम नहीं है। जियो और जिनपिंग-मोदी मुलाकात को दो-दो कॉलम में रखा गया है। सलमान खुर्शीद के राहुल गांधी पर कटाक्ष की खबर फ्रंट पेज पर है, लेकिन उसे दूसरी तरह से उठाया गया है। ‘राहुल गांधी के इस्तीफे पर तीन माह बाद भी घमासान’ शीर्षक के साथ यह समाचार दो कॉलम में है।

इसके अलावा हिन्दुस्तान में दो खबरें ऐसी हैं, जो अन्य अखबारों के फ्रंट पेज पर नहीं है। मसलन, पांच साल में पहली बार दशहरे के बाद हवा साफ और दिल्ली में ईवन-ऑड के दौरान ओला-ऊबर के सर्ज चार्ज वसूलने पर लगी रोक। दिल्ली सरकार ने इस विषय में पूरी तैयारी कर ली है। टमाटर के बढ़ते दाम, नोबल पुरस्कार और दिल्ली यूनिवर्सिटी में बदलेंगे एडमिशन नियम से जुड़ी खबरों को सिंगल कॉलम में लगाया गया है।

वहीं, नवोदय टाइम्स में भी आज तीसरा पेज फ्रंट पेज है। इस पेज पर आज अपेक्षाकृत ज्यादा विज्ञापन है। रिलायंस की खबर को ‘जियो से अब नहीं होगी मुफ्त कॉलिंग’ शीर्षक के साथ टॉप बॉक्स में लगाया गया है। नि:संदेह इस समाचार को काफी पढ़ा जाएगा। लीड दैनिक भास्कर की तरह केंद्रीय कर्मियों को मोदी सरकार का तोहफा है, जिसे आकर्षक अंदाज में पेश किया गया है।

अखबार ने सलमान खुर्शीद की राहुल गांधी पर टिप्पणी को भी प्रमुखता से फर्स्ट हाफ में जगह दी है। खुर्शीद ने राहुल पर कटाक्ष करते हुए कहा है कि ‘हमारे तो नेता ही छोड़कर चले गए’। नोबल पुरस्कार, बीएसएफ ने मार गिराया पाकिस्तानी ड्रोन सहित चीनी राष्ट्रपति की भारत यात्रा की खबर को भी पेज पर जगह मिली है।

अब देशबंधु की बात करें तो केंद्रीय कर्मियों को सरकार के तोहफे की खबर को लीड लगाया गया है। दूसरी बड़ी खबर अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की है, जिसकी चीफ का कहना है कि भारत में आर्थिक मंदी का असर बेहद कम है। चीनी राष्ट्रपति के दौरे, पीएम को पत्र लिखने वालों को राहत और सीबीआई घूसकाण्ड की खबरों को भी प्रमुखता के साथ पेज पर जगह मिली है।

नोबल पुरस्कारों की घोषणा पेज पर सेकंड हाफ में दो कॉलम में है, जबकि एंकर में पर्यावरण संरक्षण से जुड़ा समाचार है। इसके अनुसार, दिल्ली से गुजरात तक ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया बनाई जाएगी। इसके अलावा, प्रियंका गांधी द्वारा मोदी सरकार पर किये गए हमले को भी पेज पर रखा गया है, हालांकि उसमें कांग्रेस में चल रहे घमासान का जिक्र नहीं है।

आज नवभारत टाइम्स ने तीसरे पेज को अपना फ्रंट पेज बनाया है। अखबार ने इस पेज की शुरुआत बेहद आकर्षक टॉप बॉक्स से की है, जिसमें छह अलग-अलग खबरों को एक शीर्षक तले सजाया गया है। हालांकि, इस बॉक्स में कुछ तकनीकी गड़बड़ दिखाई दे रही है। खबर का शीर्षक है ‘दफ्तर, बैंक, बाजार सब दे रहे फेस्टिवल बोनस’, इसमें केंद्रीय कर्मियों का डीए बढ़ना, लोन सस्ता होना, शेयर बाजार में तेजी, दशहरे पर 200 मर्सिडीज के बिकने को फेस्टिवल बोनस के रूप में देखा जा सकता है, लेकिन टमाटर के दामों में इजाफा और जियो से मुफ्त कॉलिंग बंद होना, बोनस कैसे हो गया, ये समझना मुश्किल है। भले ही इसके पीछे अखबार का अपना कोई लॉजिक हो, लेकिन आम पाठकों के लिहाज से इसे तकनीकी गड़बड़ ही कहा जाएगा।

नवभारत की लीड सबसे अलग है। सरकार पीओके से आये 5300 परिवारों में से प्रत्येक को 5.5 लाख रुपए देने जा रही है। लीड में ही चीनी राष्ट्रपति की भारत यात्रा की खबर को रखा गया है। इसके अलावा पेज पर स्थानीय सड़क दुर्घटना का समाचार प्रमुखता के साथ लगा है। मोदी को पत्र लिखने वाली हस्तियों को राहत सहित दो अन्य खबरें सिंगल कॉलम में हैं।

इनके अलावा, अमर उजाला में आज तीसरा पेज फ्रंट पेज है। इस फ्रंट पेज पर भी आधा पेज विज्ञापन है। अखबार ने मोदी सरकार के तोहफे के बजाय चीनी राष्ट्रपति के दौरे को प्रमुखता देते हुए इस खबर को लीड लगाया है। ‘जिनपिंग से कश्मीर पर बात नहीं करेंगे मोदी’ शीर्षक के साथ यह समाचार पांच कॉलम में है जबकि महंगाई भत्ते में इजाफा दूसरी बड़ी खबर है।

पीएम मोदी को पत्र लिखने वाली हस्तियों के खिलाफ अब देशद्रोह का केस नहीं चलेगा, इस समाचार को भी अमर उजाला ने प्रमुखता देते हुए तीन कॉलम में रखा है। साथ ही चीफ जस्टिस की सुरक्षा पर एजेंसियों की चिंता, नोबल पुरस्कार और सीबीआई के पूर्व चीफ के खिलाफ जांच को दो महीने की मोहलत संबंधी खबरें भी फ्रंट पेज पर हैं।

सबसे आखिर में आज दैनिक जागरण का रुख करते हैं। अखबार में आज दो फ्रंट पेज हैं। पहले पेज पर केंद्रीय कर्मचारियों और कश्मीरियों को सरकार के तोहफे को लीड बनाया गया है। इसके अलावा, जियो से अन्य नेटवर्क पर मुफ्त कॉलिंग खत्म होने की खबर भी पेज पर है, जिसे पूरे पांच कॉलम जगह दी गई है। दूसरे फ्रंट पेज की बात करें तो लीड यहां चीनी राष्ट्रपति का भारत दौरा है। एसबीआई के सस्ते कर्ज को डीप सिंगल में लगाया गया है, वहीं दिल्ली की सीलिंग से जुड़ा समाचार पेज पर दूसरी बड़ी खबर के रूप में है। राहुल गांधी पर सलमान खुर्शीद के कटाक्ष को दैनिक जागरण ने सबसे बड़ी जगह दी है। वहीं एंकर में नोबल पुरस्कारों की घोषणा से जुड़ी खबर को सजाया गया है। 

आज का 'किंग' कौन?

1: लेआउट और खबरों की प्रस्तुति में नवभारत टाइम्स और अमर उजाला सबसे आगे हैं। अमर उजाला ने जहां लीड को बेहद आकर्षक अंदाज में प्रस्तुत किया है, वहीं नवभारत टाइम्स का टॉप बॉक्स सबसे जुदा है। इसके अलावा भी दोनों अखबारों का फ्रंट पेज आंखों को भाने वाला है। जबकि हिन्दुस्तान ने फ्रंट पेज का लेआउट काफी हद तक कल जैसा ही रखा है।

2: खबरों के लिहाज से देखें तो हिन्दुस्तान अव्वल है। अखबार के फ्रंट पेज पर कुछ ऐसी खबरें हैं, जिसे किसी दूसरे ने जगह नहीं दी है। वहीं, दैनिक भास्कर ने भी रेलवे के निजीकरण को लेकर जो खबर फ्रंट पेज पर लगाई है, वो कहीं और प्रमुखता से नजर नहीं आती।

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HT Media में राजीव बेओत्रा की भूमिका बदली, अब मिला ये पद

राजीव बेओत्रा को इंडस्ट्री में काम करने का 24 साल से ज्यादा का अनुभव है। एचटी मीडिया के सीईओ और एमडी प्रवीण सोमेश्वर को करेंगे रिपोर्ट

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो
Published - Thursday, 10 October, 2019
Last Modified:
Thursday, 10 October, 2019
Rajeev Beotra

एचटी मीडिया (HT Media) में दिसंबर 2016 में बतौर सीईओ (अंग्रेजी बिजनेस) की कमान संभालने वाले राजीव बेओत्रा को अब एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनके पास रेवेन्यू, एडवर्टाइजिंग और डिस्ट्रीब्यूशन की जिम्मेदारी होगी।

अपनी नई भूमिका में राजीव बेओत्रा एचटी मीडिया के सीईओ और मैनेजिंग डायरेक्टर प्रवीण सोमेश्वर को रिपोर्ट करेंगे। बता दें कि एचटी मीडिया को जॉइन करने से पहले बेओत्रा स्टार इंडिया में प्रेजिडेंट (एडवर्टाइजिंग सेल्स) के पद पर कार्यरत थे। उन्हें इंडस्‍ट्री में काम करने का 24 साल से ज्यादा का अनुभव है।

स्‍टार में काम करने के दौरान वह हॉटस्‍टार (Hotstar) के डिजिटल रेवेन्‍यू की जिम्‍मेदारी भी संभालते थे। इसके अलावा बेओत्रा ने नई घरेलू लीग जैसे इंडियन सुपर लीग (Indian Super League) और प्रो कबड्डी लीग (Pro Kabaddi League) के लिए नया रेवेन्‍यू मॉडल तैयार किया था।

स्टार को जॉइन करने से पहले भी बेओत्रा एचटी मीडिया में काम कर चुके हैं। तब यहां वह नेशनल हेड (रेवेन्यू और सर्कुलेशन) के तौर पर जुड़े हुए थे। वह एवन (Avon), व्हर्लपूल (Whirlpool),  कोकाकोला (Coca-Cola) और एशियन पेन्ट्स (Asian Paints) जैसी कंपनियों के साथ भी काम कर चुके हैं।

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पत्रकार अपर्णा कार्तिकेयन ने साधारण लोगों की कहानियों को कुछ यूं दिए अपने शब्द

स्वतंत्र पत्रकार अपर्णा कार्तिकेयन मूलरूप से चेन्नई निवासी हैं और उनका ग्रामीण परिवेश से खासा जुड़ाव रहा है। यही वजह है कि वह लंबे समय से इस बारे में लिखती आ रही हैं

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो
Published - Wednesday, 09 October, 2019
Last Modified:
Wednesday, 09 October, 2019
Aparna-Karthikeyan

वरिष्ठ पत्रकार अपर्णा कार्तिकेयन अब लेखक बन गई हैं। उनकी पहली किताब ‘नाइन रुपीज एन ऑवर’ (NINE RUPEES AN HOUR) इसी माह लॉन्च होने जा रही है। फिलहाल इसे ऑनलाइन खरीदा जा सकता है। अपर्णा ने विशेषरूप से तमिलनाडु पर केंद्रित अपनी किताब में ऐसे साधारण लोगों की कहानियों को अपने शब्द दिए हैं, जो जीवनयापन करने के लिए असाधारण काम करते हैं। इसमें किसानों से लेकर हैंडलूम साड़ी कारीगरों तक के जीवन पर प्रकाश डाला गया है।

इसके अलावा, ‘नाइन रुपीज एन ऑवर’ कई ऐसे मुद्दों को छूती है, जिसका सामना तमिलनाडु को करना पड़ता है। जैसे कि कृषि संकट, भूजल समस्या और तकनीकी प्रगति के बीच हथकरघा बुनकरों के लिए चुनौतियां। अपर्णा ने अपनी किताब में महिलाओं से जुड़ी कहानियों को तवज्जो दी है, क्योंकि उनका मानना है कि कड़ा संघर्ष करने के बावजूद महिलाओं वो सम्मान नहीं मिल पाता, जिसकी वे हकदार हैं।

स्वतंत्र पत्रकार अपर्णा कार्तिकेयन मूलरूप से चेन्नई निवासी हैं और उनका ग्रामीण परिवेश से खासा जुड़ाव रहा है। यही वजह है कि वह लंबे समय से इस बारे में लिखती आ रही हैं। दरअसल, गर्मियों की छुट्टियों में अपर्णा गांव जाया करती थीं और ये यात्रा धीरे-धीरे कब विशेष लगाव में बदल गई, उन्हें पता ही नहीं चला। जब उन्हें अहसास हुआ कि उन्हें इस दिशा में कुछ करना चाहिए तो उन्होंने वरिष्ठ पत्रकार पी साईंनाथ से संपर्क किया, जो ‘पीपल्स आर्काइव ऑफ रूलर इंडिया (परी)’ के संस्थापक हैं और लंबे समय तक ‘द हिंदू’ से जुड़े रहे हैं। साईंनाथ की पेशकश पर अपर्णा ने परी के लिए लिखना शुरू किया। उन्होंने श्रम और आजीविका पर कई स्टोरियां कवर कीं, अपने उल्लेखनीय काम के लिए अपर्णा को कई बार सम्मानित भी किया जा चुका है। 

अपर्णा की स्टोरी को ‘द हिंदू’ सहित कई नामी मीडिया हाउस प्रकाशित करते रहे हैं। ग्रामीण भारत से अच्छी तरह परिचित होने के बाद करीब दो साल पहले उन्होंने अपनी कहानियों को किताब की शक्ल देने का फैसला लिया और आज उनकी किताब पाठकों के बीच है। ‘नाइन रुपीज एन ऑवर’ का करीब 50% भाग महिलाओं के नाम है।

इस बारे में अपर्णा कहना है ‘हमारे पास महिलाओं से जुड़ी पर्याप्त कहानियां नहीं हैं। जब हम किसान की बात करते हैं तो हमेशा धोती पहने एक पुरुष की छवि सामने आती है। खेती में पुरुष का काम जितना महत्वपूर्ण है, उतना ही महिलाओं का भी, फिर भी उसे अनदेखा कर दिया जाता है। मैंने अपनी किताब में इस असमानता को दूर करने की कोशिश की है।’ यह किताब अमेजॉन पर उपलब्ध है। आप ऑनलाइन एडिशन 303 रुपए और पेपरएडिशन 319 रुपए में प्राप्त कर सकते हैं।

समाचार4मीडिया की ओर से अपर्णा कार्तिकेयन को उनकी किताब के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं!

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बड़े मीडिया समूह ने बंद किया अखबार का प्रकाशन

बदलते दौर में डिजिटल पर रहेगा फोकस, जल्द ही लॉन्च करेगा मोबाइल ऐप, नोटिस जारी कर रीडर्स को दी जानकारी

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो
Published - Wednesday, 09 October, 2019
Last Modified:
Wednesday, 09 October, 2019
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बदलते दौर में ‘जी समूह’ (Zee Group) के अंग्रेजी अखबार ‘डेली न्‍यूज एंड एनॉलिसि‍स’ (DNA) ने अपना प्रिंट एडिशन बंद कर पूरी तरह डिजिटल पर फोकस करने का फैसला लिया है। अखबार ने संपादक के हवाले से एक नोटिस जारी कर इस बारे में अपने पाठकों को जानकारी देते उनसे आगे भी सपोर्ट की अपेक्षा जताई है। इस नोटिस में कहा गया है, ‘हम नए और चैलेजिंग फेस में प्रवेश कर रहे हैं। डीएनए अब डिजिटल हो रहा है। पिछले कुछ महीनों के दौरान डिजिटल स्पेस में डीएनए काफी आगे बढ़ गया है।’

नोटिस के अनुसार, अगले आदेश तक मुंबई और अहमदाबाद में इस अखबार का प्रिंट एडिशन 10 अक्टूबर से बंद कर दिया जाएगा। जिन पाठकों के पास सबस्क्रिप्शन कूपन हैं, वे अपनी बकाया राशि के लिए राजेंद्र बथूला से ‘कॉन्टिनेंटल बिल्डिंग, 135, डॉ. एनी बेसेंट रोड, वर्ली, मुंबई-400018’ पर संपर्क कर सकते हैं।

इस नोटिस में यह भी कहा गया है, ‘वर्तमान ट्रेंड को देखें तो पता चलता है कि हमारे रीडर्स खासकर युवा वर्ग हमें प्रिंट की बजाय डिजिटल पर पढ़ना ज्यादा पसंद करते हैं। न्यूज पोर्टल के अलावा जल्द ही डीएनए मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया जाएगा, जिसमें विडियो बेस्ट ऑरिजिनल कंटेंट पर ज्यादा फोकस रहेगा।’

नोटिस के अनुसार, ‘कृपया ध्यान दें, सिर्फ मीडियम बदल रहा है, हम नहीं, अब अखबार के रूप में आपके घर नहीं आएंगे, बल्कि मोबाइल के रूप में हर जगह आपके साथ रहेंगे।’ बता दें कि वर्ष 2005 में शुरू हुए इस अखबार ने इस साल की शुरुआत में अपना दिल्ली एडिशन बंद कर दिया था जबकि पुणे और बेंगलुरु एडिशन वर्ष 2014 में बंद कर दिए गए थे।

अखबार की ओर से जारी नोटिस को आप यहां देख सकते हैं। 

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