इस कार्यक्रम में जुटेंगी हस्तियां, बदलते हालातों में शिक्षा व्यवस्था पर होगी चर्चा

महामारी कोरोनावायरस (कोविड-19) और लॉक़डाउन का तमाम उद्योग धंधों पर विपरीत असर पड़ रहा है। यही नहीं, पठन-पाठन भी इससे काफी प्रभावित हो रहा है।

Last Modified:
Tuesday, 12 May, 2020
BW-Webinar

महामारी कोरोनावायरस (कोविड-19) और लॉक़डाउन का तमाम उद्योग धंधों पर विपरीत असर पड़ रहा है। यही नहीं, पठन-पाठन भी इससे काफी प्रभावित हो रहा है। हालांकि, तमाम स्कूल-कॉलेजों द्वारा इन दिनों ऑनलाइन पढ़ाई कराई जा रही है और डिजिटल टेक्नोलॉजी का काफी इस्तेमाल किया जा रहा है। टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर ऑनलाइन रूप से हो रही पढ़ाई के बारे में चर्चा के लिए बिजनेसवर्ल्ड (BW Businessworld) की ओर से 13 मई को शाम चार से पांच तक एक वेबिनार का आयोजन किया जा रहा है।   

‘EMBRACING THE DIGITAL EDUCATION ACROSS THE ETHER’ विषय पर होने वाले इस कार्यक्रम में इस बात पर चर्चा की जाएगी कि कैसे इस क्षेत्र में निजी और सरकारी संस्थानों के बीच समन्वय स्थापित किया जा सकता है। संकट के इस दौर में किस तरह शिक्षकों व विद्यार्थियों के लिए सपोर्ट किया जा सकता है। इंफ्रॉस्ट्रक्चर और कंटेंट में कमी के बीच विद्यार्थी और शिक्षाविद् किस तरीके से स्थिति को डील कर रहे हैं और ऑनलाइन एजुकेशन को सपोर्ट करने में देश के एजुकेशन सिस्टम को किस तरह कार्य करने की जरूरत है। 

कार्यक्रम में सुपर स्पीकर के रूप में IAS संतोष कुमार मल्ल (Commissioner, Kendriya Vidyalaya Sangathan), IAS नवीन मित्तल (Commissioner Collegiate Education and Techinal Education, Government of Telangana), रेखा कृष्णन (Principal Vasant Valley School, Vasant Kunj, New Delhi),  निवृति राय (Country Head, Intel India and Vice President, Data Center Group), डॉ. रूपा चक्रवर्ती (Director, Suncity School, Gurugram), अतुल कुलश्रेष्ठ (Chairman and MD, Extramarks Education India), डॉ. शालिनी आडवाणी (Director, Pathways School, Noida), रुस्तम केरावाला (Chairman, VIBGYOR Group of Schools), नानकी जे. चड्ढा (Sport and Performance Psychologist),डॉ. अनुराग बत्रा (Chairman and Editor-in-Chief BW Businessworld and exchange4media Group) और चारू मल्होत्रा (Co-Founder and MD, Primus Partners) शामिल रहेंगे। डॉ. अनुराग बत्रा कार्यक्रम में बतौर चेयर और चारू मल्होत्रा को-चेयर की भूमिका निभाएंगी।

कार्यक्रम का प्रजेंटिंग पार्टनर ‘PRIMUS PARTNERS’ है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

कम्युनिकेशन सेक्टर में है ‘टी शेप्ड’ लोगों की जरूरत: प्रो. संजय द्विवेदी

एफआईएमटी कॉलेज द्वारा आयोजित ऑनलाइन करियर काउंसलिंग सेशन में ‘IIMC’ के महानिदेशक ने विद्य़ार्थियों को मीडिया संगठनों की कार्यप्रणाली से अवगत कराया।

Last Modified:
Monday, 02 August, 2021
Pro Sanjay Dwivedi

‘भारतीय जनसंचार संस्थान’ (IIMC) के महानिदेशक प्रो. संजय द्विवेदी का कहना है कि आज कम्युनिकेशन सेक्टर में मल्टी टैलेंटेड लोगों की आवश्यकता है। कॉरपोरेट की भाषा में ऐसे लोगों को ‘टी शेप्ड’ कहा जाता है। भारत की नई शिक्षा नीति भी इस कोशिश में है कि देश में ‘टी शेप्ड’ लोगों की संख्या बढे़।

एफआईएमटी कॉलेज द्वारा आयोजित ऑनलाइन करियर काउंसलिंग सेशन में प्रो. द्विवेदी ने विद्य़ार्थियों को मीडिया संगठनों की कार्यप्रणाली से अवगत कराया तथा इस क्षेत्र में करियर की संभावनाओं को लेकर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि गेमिंग, एनीमेशन, मल्टीमीडिया, वेब डिजाइनिंग और फोटोग्राफी जैसे कौशल वाले क्षेत्रों में अवसर खुले हैं। पत्रकारिता के अलावा विद्यार्थी अन्य करियर विकल्प का चयन कर सकते हैं, जिसमें फिल्म या टीवी के लिए प्रोडक्शन तथा लेखन, निजी क्षेत्र में कॉरपोरेट कम्युनिकेशन और डिजिटल मार्केटिंग में काफी अवसर हैं।

प्रो. द्विवेदी ने कहा कि कोविड-19 ने मीडिया के परिदृश्य को बदल दिया है, इसलिए विद्यार्थियों के लिए ई-कॉमर्स और डिजिटल मीडिया कंपनियों में कंटेंट क्रिएशन में रोजगार के अनेक अवसर हैं। टीवी और फिल्म संगठनों के अलावा, ओटीटी प्लेटफॉर्म भी अच्छे लेखकों की तलाश में हैं। ऐसे में लेखन कार्य में अच्छा कौशल रखने वाले विद्यार्थियों के लिए रोजगार की अपार संभावनाएं हैं।

इस सेशन में एन. के. बगरोडिया ग्लोबल स्कूल के विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में एफआईएमटी कॉलेज के स्कूल ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन की अध्यक्ष प्रो. गरिमा बोरा, असिस्टेंट प्रोफेसर एस. एस. डोगरा एवं एन. के. बगरोडिया ग्लोबल स्कूल की प्रिसिंपल जयश्री नवानी भी उपस्थित थीं। कार्यक्रम का संचालन राघव मित्तल ने किया एवं धन्यवाद ज्ञापन सरोज व्यास ने किया। इस काउंसलिंग में अनेक विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया और मीडिया एवं मनोरंजन के क्षेत्र में करियर के अवसरों से संबंधित जानकारी हासिल की।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

बीमारी से लड़ रहे वरिष्ठ पत्रकार को मुख्यमंत्री ने भेजी आर्थिक मदद

फरीदाबाद के वरिष्ठ और वयोवृद्ध पत्रकार अमरनाथ बागी पिछले काफी दिनों से बीमार चल रहे हैं। इलाज पर होने वाला खर्च वहन न कर पाने के चलते उन्होंने मदद की अपील की थी

Last Modified:
Thursday, 29 July, 2021
Bagi45454

फरीदाबाद के वरिष्ठ और वयोवृद्ध पत्रकार अमरनाथ बागी पिछले काफी दिनों से बीमार चल रहे हैं। इलाज पर होने वाला खर्च वहन न कर पाने के चलते उन्होंने मदद की अपील की थी, जिसके बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने वयोवृद्ध पत्रकार अमरनाथ बागी को इलाज के लिए दो लाख रुपए की आर्थिक मदद भेजी है।

वरिष्ठ पत्रकार अमरनाथ बागी ने मुख्यमंत्री की समय पर की गई इस मदद के लिए उनका धन्यवाद किया है। अमरनाथ बागी शेर-ए-हरियाणा समाचार पत्र के संपादक हैं और गत लगभग 70 वर्षों से पत्रकारिता कर रहे हैं। वे 94 वर्ष के हैं।

पूरी उम्र पत्रकारिता और समाज के लिए समर्पित वरिष्ठ पत्रकार बागी इलाज पर होने वाला खर्च वहन करने में सक्षम नहीं थे और उन्होंने इसके लिए मदद की मांग की थी। यह सूचना जब मुख्यमंत्री को मिली तो वह उनकी मदद के लिए आगे आए और दो लाख रुपए की राशि मुख्यमंत्री राहत कोष से देने के आदेश दिए। सोमवार को यह राशि बागी के खाते में पहुंच गई।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

कोरोना के खिलाफ 'जंग' में मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका: प्रो. संजय द्विवेदी

पटना वीमेंस कॉलेज की ओर से आयोजित वेबिनार में आईआईएमसी के महानिदेशक प्रो. संजय द्विवेदी ने कहा कि कोरोना के विरुद्ध इस अभियान में मीडियाकर्मी अग्रणी योद्धा रहे हैं।

Last Modified:
Tuesday, 27 July, 2021
IIMC

‘कोरोनावायरस पूरे विश्व के लिए एक अनजानी आपदा है। इस महामारी के खिलाफ आम जनता को जागरूक करने में मीडिया ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। कोरोना के विरुद्ध इस अभियान में मीडियाकर्मी अग्रणी योद्धा रहे हैं।‘ यह विचार भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी) के महानिदेशक प्रो. संजय ​द्विवेदी ने मंगलवार को पटना वीमेंस कॉलेज द्वारा आयोजित दो दिवसीय वेबिनार के उद्घाटन सत्र में व्यक्त किए।

‘कोविड काल में मीडिया की भूमिका एवं चुनौतियां’ विषय पर विचार व्यक्त करते हुए प्रो. द्विवेदी ने कहा कि मीडिया जन सामान्य के सशक्तिकरण का माध्यम है और वर्तमान आपदा की स्थिति में उसने ये बात साबित की है। सकारात्मक खबरों का प्रसार कर मीडिया ने लोगों को जागरूक करने और उनका हौसला बढ़ाने का काम किया है।

प्रो. द्विवेदी के अनुसार पूरी दुनिया के लगभग 51 प्रतिशत लोग सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर रहे हैं। लॉकडाउन के दौरान लोगों के बीच संपर्क और संवाद कायम रखने में सोशल मीडिया ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यही कारण है कि आज कोरोना के खिलाफ लड़ाई का एक बड़ा हिस्सा इसी के जरिये लड़ा जा रहा है। सोशल मीडिया उन गांवों तक सूचना पहुंचाने का कार्य कर रहा है, जहां अन्य संचार माध्यमों की पहुंच न के बराबर है। उन्होंने कहा कि इंटरनेट की क्रांति के समय ‘ग्लोबल विलेज’ का जो स्लोगन बेहद चर्चित हुआ था, वो इस महामारी के समय साकार रूप में सामने आया है।

प्रो. द्विवेदी ने कहा कि लोकतंत्र की सफलता उसकी पत्रकारिता पर निर्भर करती है। कोरोना संक्रमण के दौरान अपनी भूमिका से मीडिया ने ये साबित किया है उसे यूं ही लोकतंत्र का चौथा स्तंभ नहीं कहा जाता। कार्यक्रम में कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. सिस्टर एम रश्मि ए.सी. तथा जनसंचार विभाग की अध्यक्ष सुश्री मिनती चकलनवीस ने भी हिस्सा लिया। वेबिनार के दौरान प्रो. द्विवेदी ने विद्यार्थियों के सवालों का जवाब भी दिया। कार्यक्रम का संचालन विकास मिश्रा ने किया एवं धन्यवाद ज्ञापन अंकिता ने किया।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

वरिष्ठ पत्रकार खुशदीप सहगल ने बताए मीडिया में सफल होने के पांच ‘सूत्रवाक्य'

वरिष्ठ पत्रकार खुशदीप सहगल ने अब पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने वाले युवाओं और यहां कार्यरत पत्रकारों को इस प्रोफेशन की बारीकियां सिखाने का फैसला लिया है।

Last Modified:
Tuesday, 27 July, 2021
Khushdeep Sehgal

‘टीवी टुडे नेटवर्क’ (TV Today Network) से पिछले दिनों रिटायर होने के बाद वरिष्ठ पत्रकार खुशदीप सहगल ने अब पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने वाले युवाओं और यहां कार्यरत पत्रकारों को इस प्रोफेशन की बारीकियां सिखाने का फैसला लिया है। इसके लिए खुशदीप सहगल ने एक मिशन शुरू किया है, जिसमें वह समय-समय पर युवा साथियों से संवाद करेंगे। इस मिशन के उद्देश्य से लोगों को परिचित कराने और ज्यादा से ज्यादा युवा साथियों को इससे लाभान्वित कराने के तहत उन्होंने 24 जुलाई को मेरठ में एक कार्यक्रम रखा।

यह भी पढ़ें: ये है मेरे मिशन से जुड़ी वो पोस्ट जिसका इंतज़ार था...खुशदीप

इस कार्यक्रम में अपने मिशन के बारे में तमाम बातों पर चर्चा करने के साथ ही खुशदीप सहगल ने बताया कि वह किस तरह से पत्रकारिता की दुनिया में आए। इस मौके पर उनका कहना था,‘जो मिशन हाथ में लिया है, उसमें मेरा लगाव हर उस युवा से है जो मीडिया, क्रिएटिव राइटिंग और ब्लॉगिंग में भविष्य बनाना चाहता है, भले ही उसकी रिहाइश का शहर कोई सा भी हो।’

कार्यक्रम में अपने संबोधन में खुशदीप सहगल ने जो कहा, उसका पांच वाक्यों में निचोड़ ये था।

1- यूपीएससी परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों को इम्तिहान की तैयारी के दौरान ही सामान्य अध्ययन के लिए जी-तोड़ मेहनत करनी पड़ती है, लेकिन एक पत्रकार को हर दिन अपने को दुनिया भर में हो रहे घटनाक्रमों से अवगत रखना होता है।

2- अगर आप किसी संस्थान में कार्यरत हैं तो वहां की पॉलिसी, नियम कायदों को मानिए। अगर आपका इरादा ‘क्रांति’ लाने का है तो पहले संस्थान से इस्तीफा दीजिए। अपना अलग माध्यम खड़ा कीजिए, वहां से वो सब कहिए जो आप कहना चाहते हैं, लेकिन संस्थान के बैनर तले ऐसा करना अनुचित है।

3- अच्छे पत्रकार को अपनी स्टोरी शुरू से आखिर तक यानि रॉ इनपुट से लेकर एंड प्रेजेंटेशन तक ओन (Own) करनी चाहिए. जैसा कि एक अच्छा शेफ अपनी डिश के साथ करता है।

4- अच्छे बॉसेज वही हो सकते हैं, जिन्हें अपने स्टाफ के हर सदस्य की क्षमताओं की पहचान हो। उसी हिसाब से प्लसपाइंट्स को उभार कर बेहतर काम लिया जा सके।

5- युवावस्था में ही मीडिया में कैसे बड़े मकाम तक पहुंचा जा सकता है, इसके लिए कड़ी मेहनत ही एक रास्ता है और कोई शार्ट कट नहीं है। इसके लिए मैंने युवा साथियों को आजतक/इंडिया टुडे ग्रुप के न्यूज डायरेक्टर और मेरे बॉस रहे राहुल कंवल का हवाला दिया।

बता दें कि खुशदीप हिंदी ब्लॉगिंग की दुनिया में भी जाना-माना नाम हैं। उनके ब्लॉग ‘देशनामा’ को 2013 में इंडीब्लॉगर्स ने पॉलिटिकल न्यूज़ की कैटेगरी में सभी भाषाओं में बेस्ट ब्लॉग चुना। इसके अलावा ब्लॉगअड्डा ने 2014 में खुशदीप के ब्लॉग को हिंदी में भारत का बेस्ट ब्लॉग घोषित किया था।

अपने मिशन और मेरठ के कार्यक्रम के बारे में खुशदीप सहगल ने ‘देशनामा’ में विस्तार से जानकारी दी है। खुशदीप सहगल के इस पूरे ब्लॉग को आप यहां क्लिक कर पढ़ सकते हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

नहीं रहे कैपिटल महाराजा ग्रुप के चेयरमैन आर. राजामहेंद्रन

श्रीलंका में मीडिया की जानी-मानी हस्ती राजामहेंद्रन ने रविवार की सुबह कोलंबो के अस्पताल में आखिरी सांस ली।

Last Modified:
Sunday, 25 July, 2021
Rajamahendran

श्रीलंका में मीडिया की जानी-मानी हस्ती और ‘कैपिटल महाराजा ग्रुप’ (Capital Maharaja Group) के चेयरमैन आर. राजामहेंद्रन का निधन हो गया है। बताया जाता है कि काफी दिनों से उनकी तबीयत खराब थी और कोलंबो के एक निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था, जहां पर रविवार को उन्होंने आखिरी सांस ली।

राजामहेंद्रन के आकस्मिक निधन के बारे में ‘श्री अधिकारी ब्रदर्स’ (SAB) ग्रुप के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मार्कंड अधिकारी ने कहा, ‘राजामहेंद्रन के निधन की खबर सुनकर काफी दुखी हूं। वह हमारे परिवार के काफी करीबी थे।‘

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

'किसान संसद' के दौरान कथित पत्रकार ने वीडियो जर्नलिस्ट पर किया हमला

कृषि कानूनों के खिलाफ गुरुवार से जंतर-मंतर पर शुरू हए आंदोलन के दौरान मीडियाकर्मियों से मारपीट का मामला सामने आया है।

Last Modified:
Friday, 23 July, 2021
media5454

कृषि कानूनों के खिलाफ गुरुवार से जंतर-मंतर पर शुरू हए आंदोलन के दौरान मीडियाकर्मियों से मारपीट का मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यहां प्रदर्शन के दौरान एक वीडियो जर्नलिस्ट पर हमला किया गया। मीडियाकर्मी को इलाज के लिए पास के ही राम मनोहर लोहिया अस्पताल ले जाया गया।

वीडियो जर्नलिस्ट की पहचान नागेंद्र गोसाईं के रूप में हुई है। हमला वहां हुआ, जहां से सभी मीडियाकर्मी प्रदर्शन कवर कर रहे थे। हालांकि, इसी दौरान एक शख्स ने वीडियो जर्नलिस्ट के ऊपर कैमरा स्टैंड (ट्राईपॉड) से हमला कर दिया, जिसमें उनके हाथ से खून बहने लगा।

पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हमलावर को पकड़ा लिया गया है। गोसाईं पर हमला कथित स्वतंत्र पत्रकार प्रभजोत सिंह द्वारा किया गया।

उन्होंने बताया कि गोसाईं ने कहा कि सिंह सुबह मीडियाकर्मियों को अपशब्द कह रहे थे और उसकी रिकॉर्डिंग भी कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सिंह ने एक महिला पत्रकार के खिलाफ भी अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया।

उन्होंने कहा कि जब अन्य पत्रकारों ने अपत्ति जतायी तो कहासुनी हुई और सिंह ने उन पर एक ट्राईपॉड से हमला किया। उन्होंने बताया कि गोसाई ने कहा कि उन पर सिंह ने तीन बार हमला किया जिसमें उनके हाथ में चोट लगी।

गोसाईं ने कहा कि एक मेडिकोलीगल केस (एमएलसी) किया गया है और संसद मार्ग पुलिस थाने में एक लिखित शिकायत दी गई है।

बता दें कि किसानों ने गुरुवार से जंतर-मंतर पर 'किसान संसद' शुरू की है। यह प्रदर्शन 13 अगस्त तक यानी संसद के मॉनसून सत्र खत्म होने तक चलेगा। किसानों ने ऐलान किया है कि तीनों कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन के लिए वे इस दौरान रोज स्पीकर और डिप्टी स्पीकर चुनेंगे और साथ में अहम बिलों पर चर्चा करेंगे। इस दौरान हर दिन जंतर-मंतर पर 200 किसानों का जमावड़ा लगेगा। 

 

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

भैंस का इंटरव्यू कर सुर्खियों में बना यह पत्रकार, वीडियो वायरल

चांद नवाब से लेकर गधे के इंटरव्यू तक, हमेशा ही पाकिस्तान की पत्रकारिता में एक अद्भुत चीज देखने को मिलती है।

Last Modified:
Thursday, 22 July, 2021
pak45454

हम सचमुच अजीब दौर में जी रहे हैं। अजीबोगरीब खबरों के सुर्खियों में बने रहने का सिलसिला जारी है। चांद नवाब से लेकर गधे के इंटरव्यू तक, हमेशा ही पाकिस्तान की पत्रकारिता में एक अद्भुत चीज देखने को मिलती है। इन दिनों मशहूर पाकिस्तानी पत्रकार अमीन हफीज का एक नया वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

इस वीडियो में पत्रकार हफीज ने ईद के मौके पर एक भैंस का इंटरव्यू लिया और भैंस ने पत्रकार के सवालों का जवाब दिया।

दरअसल हफीज एक भैंस के आगे माइक ले जाते हैं और उससे पूछते, ‘हांजी आप बताएं कि आपको लाहौर में आकर कैसा लगा’ इस पर भैंस भी जवाब देती है तो पत्रकार की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और वो कहते हैं, ‘भैंस जवाब दे रही है कि लाहौर अच्छा लगा।’

अगर आपको याद हो तो यह वहीं जनाब है जिन्होंने कभी गधे का इंटरव्यू लिया था और अब हफीज ने एक भैंसे का इंटरव्यू लिया है।

इसके बाद हफीज भैंस से अगला सवाल पूछते हैं, ‘आप बताइए, लाहौर का खाना अच्छा है या आपके गांव का खाना अच्छा है।’ इस पर भैंस जवाब देती है तो हफीज खुशी से उछल पड़ते हैं और कहते हैं, ‘हां कहती है लाहौर का खाना अच्छा है।’

यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। नायला इनायत ने इस वीडियो की क्लिप ट्विटर पर साझा की है। इस वीडियो को देखने के बाद हर कोई जमकर हंस रहा है। ये वीडियो देखने के बाद एक यूजर ने कहा कि सच में पाकिस्तान कमाल की जगह है, यहां कुछ भी हो सकता है।

सोशल मीडिया पर धूम मचा रहे इस वीडियो को अभी तक 8 हजार से अधिक लोग देख चुके हैं जबकि बड़ी संख्या में लोग शेयर भी कर रहे हैं। इसके साथ ही लोग इस पर जमकर कमेंट कर पत्रकार हफीज को ट्रोल भी कर रहे हैं।

एक यूजर ने ट्वीट करते हुए लिखा, ‘ये वहीं शख्स है जिसे जानवरों के इंटरव्यू करने में महारत हासिल है’ वहीं एक यूजर ने लिखा, कुर्बानी के नाम पर इतना अत्याचार क्यों हो रहा है।’

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

गैरकानूनी घोषित हुआ यह प्रमुख पत्रकार संघ

यह कदम पूर्व सोवियत राष्ट्र के स्वतंत्र मीडिया और नागरिक समाज कार्यकर्ताओं पर की जा रही व्यापक कार्रवाई का हिस्सा है।

Last Modified:
Thursday, 22 July, 2021
journalists54

बेलारूस में अधिकारियों ने देश के प्रमुख पत्रकार संघ को गैरकानूनी घोषित कर दिया है। यह कदम पूर्व सोवियत राष्ट्र के स्वतंत्र मीडिया और नागरिक समाज कार्यकर्ताओं पर की जा रही व्यापक कार्रवाई का हिस्सा है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बुधवार को न्याय मंत्रालय ने देश की शीर्ष अदालत से कहा कि कार्यालय पट्टा दस्तावेजों में कथित खामियों के मद्देनजर ‘बेलारुसियन एसोसिएशन ऑफ जर्नलिस्ट’ (बीएजे) को बंद किया जाए।

वहीं दूसरी तरफ, बीएजे ने कहा कि वह शिकायतों का जवाब देने के लिए आवश्यक दस्तावेज इसलिए उपलब्ध नहीं करा सका, क्योंकि पिछले हफ्ते पुलिस द्वारा की गई छापेमारी के बाद से ही उसका मुख्यालय सील है।

एसोसिएशन के अध्यक्ष आंद्रेई बास्टुनेट्स ने कहा, ‘यह पूरी तरह से खत्म कर देने का अभियान है। न्याय मंत्रालय मर्यादा बनाए रखने की कोशिश भी नहीं कर रहा। भले ही स्थिति निराशाजनक लगती है, हम कानूनी तरीकों से बीएजे का बचाव करेंगे।’

बीएजे ने कहा कि अधिकारियों ने पिछले दो हफ्ते में मीडिया कार्यालयों और पत्रकारों के घर पर 67 छापे मारे हैं, जबकि 31 पत्रकारों को हिरासत में लिया गया।

बता दें कि एसोसिएशन की स्थापना 1995 में की गई थी और अभी 1,204 पत्रकार इसके सदस्य हैं। यह बेलारूस में सबसे बड़ा और सबसे सम्मानित मीडिया संघ है और ‘इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ जर्नलिस्ट्स’ का सदस्य है।

गौरतलब है कि बीएजे को बंद करने का कदम देश में स्वतंत्र मीडिया पर लगातार किए जा रहे हमलों के बीच उठाया गया है। बेलारूस के तानाशाह राष्ट्रपति एलेक्जेंडर लुकाशेंको के अगस्त 2020 में छठी बार चुने जाने के बाद से ही मीडिया और सरकार के बीच विवाद जारी है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इस वजह से पत्रकारों को अपनी लेखनी की धार तेज करने की जरूरत है, बोले राज्यपाल कोश्यारी

पत्रकार अपने विचारों से समाज गढ़ते हैं। समाज में जहां कुछ गलत हो रहा होता है उसे सामने लाने की ताकत पत्रकारों की लेखनी में होती है

Last Modified:
Wednesday, 21 July, 2021
Bhagatsinghkothyari5454

पत्रकार अपने विचारों से समाज गढ़ते हैं। समाज में जहां कुछ गलत हो रहा होता है उसे सामने लाने की ताकत पत्रकारों की लेखनी में होती है, इसलिए पत्रकारों को अपनी लेखनी की धार को तेज करने की जरूरत है। यह बात महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने कही।

राज्यपाल मंगलवार को राजभवन में मंत्रालय व विधानमंडल पत्रकार संघ के वार्षिक पत्रकारिता पुरस्कार वितरण समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शामिल थे। राज्यपाल द्वारा मंत्रालय और विधानमंडल पत्रकार संघ-2020 के लिए जीवन गौरव पुरस्कार वरिष्ठ पत्रकार प्रकाश बाल जोशी को प्रदान किया गया, जबकि वरिष्ठ पत्रकार चंदन शिरवाले को उत्कृष्ट पत्रकारिता पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

वरिष्ठ पत्रकार किरण तारे और औरंगाबाद के सिद्धार्थ गोडम को राज्य स्तरीय उत्कृष्ट पत्रकारिता प्रदान किया गया। इस मौके पर राज्यपाल कोश्यारी ने कहा कि पत्रकारिता एक जोखिम भरा काम है, इसके बावजूद समाज के लिए यह जोखिम उठाने के लिए तैयार रहना महत्वपूर्ण है। समाज की बुरी चीजों के साथ-साथ अच्छी चीजें भी सामने आनी चाहिए। पत्रकारिता को यदि समग्र दृष्टि से किया जाए तो वह निश्चित रूप से समाज के लिए पथ प्रदर्शक होगी।

राज्यपाल ने पुरस्कार विजेता पत्रकारों को बधाई देते हुए कहा कि सभ्य समाज के निर्माण के लिए अच्छी पत्रकारिता महत्वपूर्ण है।

समारोह में मौजूद जनसंपर्क, पर्यटन और राज्य शिष्टाचार राज्य मंत्री अदिति तटकरे ने कहा कि जनसंपर्क महानिदेशालय के माध्यम से पत्रकारों से संवाद बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। पत्रकारों के लिए हम इस विभाग के तहत किसी भी योजना या नई पहल को प्राथमिकता देंगे। तटकरे ने कहा कि कुछ खबरें हमें बताती हैं कि बतौर जन प्रतिनिधि हम कौन सा गलत फैसला ले रहे हैं।  

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

महज इस आधार पर पत्रकार को हिरासत में रखना उसके जीने के अधिकार का उल्लंघन है: SC

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को मणिपुर के पत्रकार एरेन्ड्रो लेचोम्बाम (Erendro Leichombam) को तुरंत रिहा करने का आदेश दिया है।

Last Modified:
Tuesday, 20 July, 2021
ErendroLeichombam575

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को मणिपुर के पत्रकार एरेन्ड्रो लेचोम्बाम (Erendro Leichombam) को तुरंत रिहा करने का आदेश दिया है। एरेन्ड्रो लेचोम्बाम को एक विवादित फेसबुक पोस्ट करने के आरोप में हिरासत में लिया गया था, साथ ही उन पर नेशनल सिक्योरिटी एक्ट (NSA) लगाया गया था। 

दरअसल, बीते गुरुवार को मणिपुर बीजेपी के अध्यक्ष प्रोफेसर एस. टिकेंद्र सिंह का कोरोना संक्रमित होने के कारण निधन हो गया था और उसी दिन पत्रकार  एरेन्ड्रो ने अपनी फेसबुक पोस्ट पर लिखा था, ‘गाय का गोबर और गोमूत्र काम नहीं करता है। रेस्ट इन पीस।’

सुनवाई के दौरान जस्टिस चंद्रचूड़ ने कहा कि हम इस व्यक्ति को एक भी दिन हिरासत में रखने की इजाजत नहीं दे सकते। जस्टिस चंद्रचूड़ ने कहा कि वह (पत्रकार) इसके लिए एक रात भी जेल में नहीं डाला जा सकता है। हालांकि, SG की अपील पर रिहाई मंगलवार तक के लिए रखी गई है, लेकिन बेंच की ओर से कहा गया कि लेचोम्बाम को हिरासत में रखना उनके जीने के अधिकार का उल्लंघन है।

दरअसल, बीजेपी नेता के निधन के बाद एरेन्ड्रो लेचोम्बाम द्वारा फेसबुक पर पोस्ट किया गया था, जिसे विवादित बताते हुए स्थानीय बीजेपी नेताओं ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। स्थानीय पुलिस ने इसी मामले में एक्शन लेते हुए मई महीने में उन पर कई धाराओं में केस दर्ज किया था, साथ ही एनएसए भी लगाया था। मई महीने से ही एरेन्ड्रो लेचोम्बाम जेल में बंद हैं।

एरेन्ड्रो लेचोम्बाम के पिता द्वारा सुप्रीम कोर्ट में इस गिरफ्तारी के खिलाफ याचिका लगाई गई थी, जिसपर अब सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई करते हुए पत्रकार की तुरंत रिहाई का आदेश दिए हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए