संजय जाजू ने कहा, "हमारे विज्ञापन बजट का 60 फीसदी हिस्सा टेलीविजन मीडिया को मिलता है, इसके बाद प्रिंट मीडिया और फिर आउटडोर को जाता है।"
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समाचार4मीडिया ब्यूरो
भारत में डिजिटल विज्ञापन पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़ा है और वर्तमान में इसकी हिस्सेदारी 50 प्रतिशत से अधिक है, जो टेलीविजन और प्रिंट मीडिया के संयुक्त विज्ञापन राजस्व से भी अधिक है। हालांकि, इस बीच सरकार का विज्ञापन खर्च पैटर्न अलग रहा है।
सूचना-प्रसारण मंत्रालय के सचिव संजय जाजू ने बुधवार को मुंबई में भारत डिजिटल शिखर सम्मेलन के मौके पर हमारी सहयोगी वेबसाइट 'एक्सचेंज4मीडिया' को बताया कि सरकार का डिजिटल खर्च लगभग 10 प्रतिशत है और इसका बड़ा हिस्सा पारंपरिक मीडिया (traditional media) को जाता है।
उन्होंने कहा, "हमारे विज्ञापन बजट का 60 फीसदी हिस्सा टेलीविजन मीडिया को मिलता है, इसके बाद प्रिंट मीडिया और फिर आउटडोर को जाता है।"
डिजिटल चैनलों पर सरकार के कम खर्च के पीछे का कारण बताते हुए जाजू ने कहा, ''शीर्ष मंत्रियों और नेताओं के खुद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर करोड़ों फॉलोअर्स हैं। इसलिए, उन्हें डिजिटल चैनलों पर अलग से खर्च करने की जरूरत नहीं पड़ती है। टेलीविजन, जनसंचार माध्यम होने के नाते, ग्रामीण भागों सहित पूरे भारत में पहुंच रखता है, इसलिए इसे विज्ञापन बजट का बड़ा हिस्सा मिलता है।''
एमआईबी सचिव के अनुसार, सरकार के विज्ञापन खर्च के मामले में टीवी के बाद समाचार पत्र है। जाजू ने कहा कि होर्डिंग को भी काफी निवेश मिलता है, लेकिन सरकार को ये निजी ग्राहकों की तुलना में बहुत कम कीमत पर मिलते हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में दृश्य बदल सकता है।
जाजू ने कहा, "सरकार ने हाल ही में डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म्स के लिए एक विज्ञापन नीति पेश की है।" हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार द्वारा डिजिटल मीडिया के लिए कोई संरक्षण (patronage) नहीं है।''
मंत्रालय के अपने स्वयं के ओटीटी चैनल लॉन्च करने की योजना के बारे में पूछे जाने पर, जैसा कि पिछले साल तत्कालीन एमआईबी सचिव अपूर्व चंद्रा ने घोषणा की थी, जाजू ने कहा कि इस तरह की पहल में समय लगता है।
भारतीय ओटीटी कंटेंट का विश्व स्तर पर होगा विस्तार
देश में ओटीटी क्षेत्र की तेजी से वृद्धि की सराहना करते हुए, जाजू ने शिखर सम्मेलन में कहा कि भारत में अब 60 ओटीटी प्लेटफॉर्म हैं, जिनमें से लगभग एक तिहाई क्षेत्रीय भाषाओं में काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस साल यह संख्या 50 प्रतिशत तक बढ़ने की उम्मीद है।
उनके अनुसार, भारत के अतिरिक्त संयुक्त अरब अमीरात, अमेरिका और अफ्रीका जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी ओटीटी के विकास की अभी भी गुंजाइश है। उन्होंने कहा कि पिछले साल ऑस्कर जीतने वाली "एलिफेंट व्हिस्परर्स" (The Elephant Whisperers) जैसी डॉक्यूमेंट्री फिल्मों ने विश्व स्तर पर भारतीय कंटेंट के विकास का मार्ग प्रशस्त किया है।
जाजू ने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि मीडिया व मनोरंजन क्षेत्र बहुत बड़ा है और इसने भारतीय अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
एमआईबी सचिव ने कहा, “मीडिया व मनोरंजन क्षेत्र 20 प्रतिशत की दर से बढ़ रहा है और लगभग 2 लाख करोड़ रुपये का आकार प्राप्त कर चुका है। उसमें, डिजिटल मीडिया सेगमेंट दूसरा सबसे बड़ा उप-सेगमेंट है, जिसमें लगभग 30 प्रतिशत की वृद्धि हुई है यानी लगभग 60,000 करोड़ रुपये की वृद्धि हुई है और फिल्म सेगमेंट में 25 प्रतिशत की वृद्धि दर है।”
उन्होंने बताया कि पिछले साल 200 से अधिक फिल्में डिजिटल प्लेटफॉर्म पर रिलीज हुईं, जिनमें से 75 फिल्में बिना थिएटर के सीधे रिलीज हुईं।
ऑनलाइन गेमिंग का विकास
जाजू ने यह भी कहा कि ऑनलाइन गेमिंग इंडस्ट्री, एनीमेशन व वीएफएक्स के जरिए 30 प्रतिशत की वृद्धि दर के साथ 34 प्रतिशत की दर से बढ़ रहा है। सचिव ने कहा कि कि यह इंडस्ट्री 2025 तक 2 अरब डॉलर की बनने की उम्मीद है।
महाराष्ट्र में राष्ट्रीय मीडिया केंद्र (National Media Centre)
जाजू ने विश्व स्तरीय मीडिया प्रतिभा तैयार करने के लिए महाराष्ट्र में राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र की स्थापना और अंतरराष्ट्रीय परियोजनाओं को आकर्षित करने के लिए एक प्रोत्साहन योजना की भी घोषणा की। उन्होंने बताया कि इससे इंडस्ट्री को कई देशों के साथ कई को-प्रॉडक्शन ट्रीटीज करने और कई ऑडियो विजुअल को-प्रॉडक्शन बनाने में मदद मिलेगी।
मीडिया व एंटरटेनमेंट कंपनी मुक्ता आर्ट्स लिमिटेड की 44वीं सालाना आम बैठक (AGM) में रखे गए तीनों प्रस्ताव शेयरधारकों ने मंजूर कर दिए हैं।
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Vikas Saxena
मीडिया व एंटरटेनमेंट कंपनी मुक्ता आर्ट्स लिमिटेड की 44वीं सालाना आम बैठक (AGM) में रखे गए तीनों प्रस्ताव शेयरधारकों ने मंजूर कर दिए हैं। कंपनी ने 24 सितंबर 2026 को स्टॉक एक्सचेंजों को इसकी जानकारी दी। AGM का आयोजन 22 सितंबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किया गया था।
कंपनी के मुताबिक, बैठक शाम 4 बजे शुरू हुई और शाम 5:19 बजे खत्म हुई। कंपनी के रिकॉर्ड डेट 15 सितंबर 2026 तक कुल 7,771 शेयरधारक थे।
पहला प्रस्ताव
पहले प्रस्ताव में 31 मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष के लिए कंपनी के स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड ऑडिटेड वित्तीय नतीजों के साथ बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स और ऑडिटर्स की रिपोर्ट को स्वीकार और मंजूर करने की बात थी। इस प्रस्ताव के पक्ष में 1,60,79,189 वोट पड़े, जबकि सिर्फ 40 वोट इसके खिलाफ पड़े। इस तरह प्रस्ताव को 99.9998% वोट के साथ मंजूरी मिली।
परवेज फारूकी की दोबारा नियुक्ति
दूसरे प्रस्ताव में परवेज फारूकी को डायरेक्टर के तौर पर दोबारा नियुक्त करने की मंजूरी मांगी गई थी। वह रोटेशन के तहत रिटायर हो रहे थे और दोबारा नियुक्ति के लिए योग्य होने के कारण उन्होंने अपना नाम पेश किया था।इस प्रस्ताव के पक्ष में 1,43,07,586 वोट पड़े, जबकि 43 वोट खिलाफ पड़े। प्रस्ताव को 99.9997% वोट के साथ मंजूरी मिली।
कंपनी ने यह भी बताया कि इस प्रस्ताव में प्रमोटर और प्रमोटर ग्रुप की दिलचस्पी थी।
मटेरियल सब्सिडियरी में निवेश से जुड़ा प्रस्ताव भी पास
तीसरे प्रस्ताव में कंपनी की मटेरियल सब्सिडियरी में किए गए निवेश की बिक्री, हिस्सेदारी कम करने या निवेश से बाहर निकलने से जुड़े प्रस्ताव को मंजूरी देने की बात थी। यह एक विशेष प्रस्ताव (Special Resolution) था। इस प्रस्ताव के पक्ष में 1,60,79,187 वोट पड़े, जबकि 42 वोट इसके खिलाफ पड़े। इस तरह इसे 99.9997% वोट के साथ मंजूरी मिल गई।
कंपनी ने बताया कि इस प्रस्ताव में प्रमोटर और प्रमोटर ग्रुप की कोई दिलचस्पी नहीं थी।
कंपनी ने AGM के ई-वोटिंग नतीजे और स्क्रूटिनाइजर की रिपोर्ट अपनी वेबसाइट पर भी उपलब्ध कराई है। स्क्रूटिनाइजर की रिपोर्ट कै. कौशल दलाल, KDA & Associates की ओर से 23 सितंबर 2026 को जारी की गई थी।
हिंदी और स्थानीय भाषाओं के डिजिटल बिजनेस का नेतृत्व कर रहे शमशेर सिंह अब टीवी और डिजिटल न्यूज टीमों के बीच समन्वय को भी मजबूत करेंगे
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Samachar4media Bureau
टाइम्स नेटवर्क (Times Network) ने जाने-माने पत्रकार शमशेर सिंह को एक और महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है। कंपनी की ओर से जारी आंतरिक सूचना के अनुसार, शमशेर सिंह अपनी मौजूदा भूमिका मैनेजिंग एडिटर-डिजिटल (हिंदी एवं स्थानीय भाषाएं) के साथ-साथ अब हेड-टीवी डिजिटल इंटीग्रेशन (जनरल न्यूज-हिंदी और अंग्रेजी) की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी संभालेंगे। यह नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।
कंपनी ने कहा है कि इस कदम का उद्देश्य टीवी और डिजिटल न्यूज ऑपरेशंस के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना और दोनों प्लेटफॉर्म्स की क्षमताओं का अधिक प्रभावी उपयोग करना है। नई भूमिका में शमशेर सिंह हिंदी और अंग्रेजी की टीवी तथा डिजिटल जनरल न्यूज टीमों के बीच समन्वय बढ़ाने, कंटेंट के बेहतर उपयोग, संसाधनों के अनुकूलन और सहयोग के नए अवसर विकसित करने पर ध्यान देंगे।
टाइम्स नेटवर्क के अनुसार, इस पहल से न्यूज गैदरिंग, कंटेंट निर्माण और कवरेज की प्रक्रिया को अधिक एकीकृत और प्रभावी बनाया जाएगा। हालांकि कंपनी ने स्पष्ट किया है कि सभी न्यूज ब्रांड्स और टीमों की स्वतंत्र पहचान और विकास की दिशा पहले की तरह बरकरार रहेगी।
इस इंटरनल सूचना में यह भी कहा गया है कि इस प्रक्रिया से जुड़े सभी निर्णय संबंधित संपादकीय हितधारकों की सहमति और परामर्श से लिए जाएंगे तथा मौजूदा रिपोर्टिंग स्ट्रक्चर में कोई बदलाव नहीं होगा। इस अतिरिक्त भूमिका में शमशेर सिंह टाइम्स टेलीविजन नेटवर्क के सीईओ आशीष सहगल और डिजिटल सीओओ रोहित चड्ढा को रिपोर्ट करेंगे।
समाचार4मीडिया की ओर से शमशेर सिंह को ढेर सारी बधाई और शुभकामनाएं।
समाचार4मीडिया ने कुछ दिनों पहले ही खबर दी थी कि न्यूज18 इंडिया से इस्तीफा देने के बाद अमिश देवगन जल्द टाइम्स नेटवर्क से जुड़ सकते हैं।
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Samachar4media Bureau
जाने-माने पत्रकार और न्यूज एंकर अमिश देवगन ने देश के प्रमुख न्यूज नेटवर्क्स में शुमार ‘टाइम्स नेटवर्क’ (Times Network) के साथ मीडिया में अपनी नई पारी का आगाज किया है। उन्होंने इस नेटवर्क के हिंदी न्यूज चैनल 'टाइम्स नाउ नवभारत' (Times Now Navbharat) में बतौर मैनेजिंग एडिटर जॉइन किया है।
वह नोएडा से अपना कामकाज संभालेंगे और 'टाइम्स टीवी नेटवर्क' (Times TV Network) के सीईओ व Times Media & Entertainment के चीफ ग्रोथ ऑफिसर आशीष सहगल को रिपोर्ट करेंगे। अमिश देवगन ने हाल ही में ‘नेटवर्क18’ को अलविदा बोल दिया था। वह इस नेटवर्क के हिंदी न्यूज चैनल ‘न्यूज18 इंडिया’ पर लोकप्रिय शो आर-पार होस्ट करते थे।
बता दें कि समाचार4मीडिया ने विश्वसनीय सूत्रों के हवाले से कुछ दिनों पहले ही खबर दी थी कि न्यूज18 इंडिया से इस्तीफा देने के बाद अमिश देवगन 'टाइम्स नेटवर्क' जाने की तैयारी में हैं। इस खबर पर अब आधिकारिक रूप से मुहर लग गई है।
यह भी पढ़ें: अमिश देवगन ने ‘न्यूज18 इंडिया’ को कहा अलविदा, जल्द टाइम्स नेटवर्क से जुड़ने की तैयारी
करीब एक दशक तक नेटवर्क18 से जुड़े रहे अमिश देवगन ने इस दौरान एंकरिंग के साथ-साथ एडिटोरियल और न्यूज ऑपरेशन से जुड़ी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां भी संभालीं। ‘आर-पार’ के जरिए उन्होंने प्राइम टाइम न्यूज में अपनी एक अलग पहचान बनाई।
करीब 24 साल का पत्रकारिता सफर: भारतीय टेलीविजन न्यूज की दुनिया में अमिश देवगन उन चर्चित चेहरों में शामिल हैं, जिन्होंने करीब 24 साल के पत्रकारिता सफर में कई महत्वपूर्ण पड़ाव तय किए हैं। प्रिंट से टेलीविजन, बिजनेस जर्नलिज्म से प्राइम टाइम एंकरिंग और रिपोर्टिंग से एडिटोरियल लीडरशिप तक उनका सफर रहा है।
अमिश देवगन ने वर्ष 2002 में ‘हिन्दुस्तान टाइम्स’ (Hindustan Times) से अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने टेलीविजन की ओर रुख किया और ‘जी मीडिया’ (Zee Media) से जुड़े। वर्ष 2005 में वह ‘जी बिजनेस’ से जुड़े, जहां उनके करियर का एक लंबा और महत्वपूर्ण अध्याय शुरू हुआ।
‘जी मीडिया’ में करीब 13 साल की पारी ने उन्हें बिजनेस जर्नलिज्म और टेलीविजन एंकरिंग की दुनिया में स्थापित किया। उन्होंने ‘जी बिजनेस’ में डिप्टी एडिटर, एडिटर (आउटपुट) और एडिटर (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालीं और मई 2015 में चैनल के चीफ एडिटर बने।
एक रिपोर्टर के तौर पर शुरू हुआ उनका सफर धीरे-धीरे उन्हें एडिटोरियल और एंकरिंग की बड़ी जिम्मेदारियों तक ले गया। बिजनेस न्यूज की दुनिया में उन्होंने कमोडिटी और एग्रीकल्चर से जुड़े विषयों पर भी काम किया। ‘Mandi Live’ जैसे कार्यक्रमों के जरिए उन्होंने कमोडिटी मार्केट से जुड़े विषयों को दर्शकों तक पहुंचाया।
‘जी बिजनेस’ में उनके कार्यकाल का एक प्रमुख कार्यक्रम ‘Big Story Big Debate’ रहा। इस शो में राजनीति, अर्थव्यवस्था, वित्तीय बाजार और देश-दुनिया से जुड़े बड़े मुद्दों पर बहस होती थी। बिजनेस न्यूज की पृष्ठभूमि से आने वाले अमिश देवगन ने ऐसे कार्यक्रमों के जरिए अपने दायरे को व्यापक बनाया और राष्ट्रीय राजनीति व समसामयिक मुद्दों पर चर्चा करने वाले एंकर के तौर पर भी पहचान बनाई।
नेटवर्क18 में एक दशक का सफर: ‘जी मीडिया’ में करीब 13 साल की लंबी पारी के बाद अमिश देवगन ने वर्ष 2016 में नेटवर्क18 का रुख किया। जून 2016 में उनके नेटवर्क18 से जुड़ने की खबर सामने आई। उस समय वह IBN7 (अब न्यूज18 इंडिया) के एग्जिक्यूटिव एडिटर और एंकर बने थे और चैनल की हिंदी स्ट्रैटेजी से जुड़ी जिम्मेदारी भी उन्हें दी गई थी।
यहीं से उनके करियर में ‘आर-पार’ का अध्याय शुरू हुआ। इस शो के जरिए उन्होंने राजनीति, अर्थव्यवस्था और देश से जुड़े प्रमुख मुद्दों को प्राइम टाइम बहस का हिस्सा बनाया। सवाल पूछने का सीधा अंदाज, विषय की पृष्ठभूमि पर पकड़ और बहस को तेज गति से आगे बढ़ाने की शैली उनकी ऑन-स्क्रीन पहचान का हिस्सा बनी। समय के साथ ‘आर-पार’ उनकी व्यक्तिगत एंकरिंग पहचान का मजबूत हिस्सा बन गया। टेलीविजन के साथ डिजिटल ऑडियंस के बीच भी इस शो के जरिए उन्होंने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई।
नेटवर्क18 में अमिश देवगन की जिम्मेदारियां समय के साथ बढ़ती गईं। वह केवल प्राइम टाइम एंकर नहीं रहे, बल्कि न्यूज ऑपरेशन और एडिटोरियल मैनेजमेंट से जुड़ी जिम्मेदारियां भी संभालते रहे। वर्ष 2019 में नेटवर्क18 ने उन्हें न्यूज18 (यूपी, मध्यप्रदेश और राजस्थान) का मैनेजिंग एडिटर बनाया। इस भूमिका के साथ उनकी जिम्मेदारी न्यूज रूम और एडिटोरियल फैसलों तक भी पहुंची।
रिपोर्टिंग से एंकरिंग तक बनाई है खास पहचान: अमिश देवगन की पहचान केवल स्टूडियो एंकर के रूप में नहीं बनी। उनके पत्रकारिता करियर में रिपोर्टिंग और खोजी पत्रकारिता का भी महत्वपूर्ण स्थान रहा है। उनके प्रमुख पत्रकारिता कार्यों में कोयला घोटाला, ओडिशा का माइनिंग स्कैम और हवाला कारोबारी मोईन कुरैशी से जुड़े खुलासे शामिल हैं।
मिल चुके हैं कई सम्मान: करीब ढाई दशक के पत्रकारिता सफर में अमिश देवगन को विभिन्न मंचों पर सम्मान भी मिला है। उनके नाम IMF Young Emerging Editors Award 2015, Srishti Award for Business Journalism और Power Brand Trendsetter Award 2016 जैसे सम्मान दर्ज हैं। इसके अलावा नेटवर्क18 में उनके कार्यकाल के दौरान उन्हें ‘एक्सचेंज4मीडिया न्यूज ब्रॉडकास्टिंग अवॉर्ड्स’ (enba) के मंच पर भी एंकरिंग और एडिटोरियल लीडरशिप के लिए पहचान मिली।
करीब 24 साल के पत्रकारिता सफर में अलग-अलग भूमिकाओं और संस्थानों से गुजरने के बाद अमिश देवगन अब ‘टाइम्स नेटवर्क’ की टीम में शामिल हो चुके हैं। समाचार4मीडिया की ओर से अमिश देवगन को उनकी नई पारी के लिए ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।
नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर ने नकुल मर्चेंट को जनरल मैनेजर नियुक्त किया है। वह हॉस्पिटैलिटी, गेस्ट एक्सपीरियंस, फूड एंड बेवरेज, वेन्यू मैनेजमेंट और बिजनेस ऑपरेशंस संभालेंगे।
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Samachar4media Bureau
नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (Nita Mukesh Ambani Cultural Centre) यानी एनएमएसीसी (NMACC) ने नकुल मर्चेंट (Nakul Merchant) को जनरल मैनेजर (General Manager) नियुक्त किया है। मर्चेंट के पास हॉस्पिटैलिटी (Hospitality), फूड एंड बेवरेज (Food and Beverage), वेन्यू मैनेजमेंट (Venue Management) और बिजनेस ऑपरेशंस (Business Operations) का अनुभव है।
नई भूमिका से पहले मर्चेंट एनएमएसीसी में डिप्टी जनरल मैनेजर-हेड ऑफ डिपार्टमेंट (Deputy General Manager – Head of Department) के पद पर कार्यरत थे। इससे पहले उन्होंने जियो वर्ल्ड कन्वेंशन सेंटर (Jio World Convention Centre) में सीनियर मैनेजर-इवेंट ऑपरेशंस (Senior Manager – Event Operations) की जिम्मेदारी संभाली थी।
उनके करियर में एमएम हॉस्पिटैलिटी (MM Hospitality) में को-फाउंडर (Co-Founder), अशोका सोशल वेंचर्स (Ashoka Social Ventures) में डायरेक्टर ऑफ फूड एंड बेवरेज (Director of Food and Beverage), जेएलएल (JLL) में मार्केट मैनेजर (Market Manager) और फूडहॉल इंडिया (Foodhall India) में स्टोर मैनेजर (Store Manager) की भूमिकाएं भी शामिल हैं।
जनरल मैनेजर के तौर पर मर्चेंट एनएमएसीसी के हॉस्पिटैलिटी ऑपरेशंस (Hospitality Operations), गेस्ट एक्सपीरियंस (Guest Experience), फूड एंड बेवरेज, वेन्यू मैनेजमेंट और बिजनेस ऑपरेशंस की जिम्मेदारी संभालेंगे।
समाचार4मीडिया से बातचीत में प्रबल प्रताप सिंह ने बताया कि उन्होंने इस चैनल में बतौर सलाहकार जिम्मेदारी संभाली है।
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Samachar4media Bureau
वरिष्ठ पत्रकार प्रबल प्रताप सिंह हिंदी न्यूज चैनल ‘इंडिया वॉयस’ (India Voice) से जुड़ गए हैं। समाचार4मीडिया से बातचीत में प्रबल प्रताप सिंह ने बताया कि उन्होंने इस चैनल में बतौर सलाहकार जिम्मेदारी संभाली है। प्रबल प्रताप सिंह की यह नई पारी ऐसे समय में शुरू हुई है, जब India Voice विस्तार की दिशा में कदम बढ़ाने की तैयारी कर रहा है।
पत्रकारिता में करीब तीन दशक का अनुभव रखने वाले प्रबल प्रताप सिंह का पत्रकारिता करियर प्रिंट मीडिया से शुरू हुआ। उन्होंने The Indian Express से अपनी पत्रकारिता की शुरुआत की और इसके बाद राष्ट्रीय सहारा तथा The Pioneer जैसे जाने-माने संस्थानों में काम किया। शुरुआती दौर में उन्होंने शिक्षा और अपराध जैसे विषयों पर रिपोर्टिंग की और आगे चलकर खोजी पत्रकारिता में भी अपनी पहचान बनाई।
टेलीविजन पत्रकारिता में भी प्रबल प्रताप सिंह की लंबी पारी रही है। वह ‘आजतक’, IBN7 (अब News18 इंडिया) जैसे प्रतिष्ठित न्यूज संस्थानों से जुड़े रहे। ‘आजतक’ में उन्होंने एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर काम किया और स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम का नेतृत्व किया। IBN7 में उन्होंने कंसल्टिंग एडिटर और एग्जिक्यूटिव एडिटर की जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2019 में उन्हें News18 के हिंदी क्लस्टर का ग्रुप एडिटर बनाया गया था। इस भूमिका में वह नेटवर्क के हिंदी न्यूज चैनलों की संपादकीय रणनीति देखते थे।
प्रबल प्रताप सिंह की पत्रकारिता में ग्राउंड और संघर्ष क्षेत्रों की रिपोर्टिंग भी अहम रही है। वह अफगानिस्तान, इराक और इजराइल-लेबनान संघर्ष की रिपोर्टिंग कर चुके हैं। इसके अलावा कश्मीर और उत्तर-पूर्व जैसे संवेदनशील क्षेत्रों को भी उन्होंने करीब से कवर किया है। अफगानिस्तान की अपनी रिपोर्टिंग के दौरान सामने आए कई अनुभवों को उन्होंने समाचार4मीडिया के साथ पुराने इंटरव्यू में साझा किया था।
उनके करियर में खोजी पत्रकारिता का भी खास स्थान रहा है। AajTak में रहते हुए उन्होंने स्पेशल इन्वेस्टिगेटिंग टीम का नेतृत्व किया और कई स्टिंग ऑपरेशन किए। तिहाड़ जेल में अवैध तरीके से सामान पहुंचाए जाने से जुड़े मामले की जांच और सेल्स टैक्स में कथित चोरी से जुड़ी स्टोरीज का उन्होंने इंटरव्यू में जिक्र किया था।
पत्रकारिता के अलग-अलग माध्यमों में रिपोर्टिंग से लेकर संपादकीय नेतृत्व तक का लंबा अनुभव रखने वाले प्रबल प्रताप सिंह अब India Voice के साथ बतौर सलाहकार जुड़े हैं। प्रबल प्रताप सिंह को इस नई भूमिका के लिए ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।
‘नेटवर्क18’ में राजीव कमल News18 Delhi NCR & J&K के एडिटर के तौर पर अहम जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इस चैनल के सोशल और डिजिटल प्लेटफॉर्म की जिम्मेदारी भी उनके पास थी।
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Samachar4media Bureau
मीडिया इंडस्ट्री से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। वरिष्ठ पत्रकार राजीव कमल ने ‘NEWS18’ (Network18) का साथ छोड़ दिया है। ‘नेटवर्क18’ में राजीव कमल News18 Delhi NCR & J&K के एडिटर के तौर पर अहम जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इस चैनल के सोशल और डिजिटल प्लेटफॉर्म की जिम्मेदारी भी उनके पास थी। इसके अलावा NEWS18 URDU के डिजिटल और सोशल प्लेटफॉर्म्स का जिम्मा भी वह संभाल रहे थे। ‘NEWS18’ के साथ राजीव कमल की यह तीसरी पारी थी।
राजीव कमल की अगली पारी भी मीडिया इंडस्ट्री में ही है। उन्हें NEWS LEADER NETWORK के बैनर तहत लॉन्च हुए नए चैनल NEWS LEADER और ZINGABAD का ग्रुप एडिटर (न्यूज गैदरिंग) बनाया गया है। राजीव कमल दोनों ही प्लेटफॉर्म्स के लिए बेहतर कंटेट मुहैया कराने के साथ ही देश भर में NEWS LEADER NETWORK के लिए टीम भी तैयार कर रहे हैं।
‘नेटवर्क18’ से पहले राजीव कमल एबीपी न्यूज़ में सीनियर एडिटर के पद पर थे। उन्होंने एबीपी न्यूज़ के असाइनमेंट हेड समेत कई महत्वपूर्ण संपादकीय जिम्मेदारियां निभाई। एबीपी न्यूज़ का असाइनमेंट डेस्क संभालने से पहले राजीव कमल एबीपी गंगा (ABP Ganga) में इनपुट एडिटर की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
राजीव कमल के पास न्यूज गैदरिंग, असाइनमेंट और रीजनल न्यूज ऑपरेशंस का लंबा अनुभव है। पत्रकारिता की शुरुआत ‘अमर उजाला’ (Amar Ujala) से की थी। पूर्व में वह ‘ईटीवी नेटवर्क’ (ETV Network), ‘इंडिया न्यूज’ (India News) और ‘पी7 न्यूज’ (P7 News) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी अपनी भूमिका निभा चुके हैं।
न्यूज रूम और न्यूज गैदरिंग के साथ-साथ राजीव कमल की राजनीति, सामाजिक मुद्दों, खेल, फिल्म और साहित्य जैसे विषयों में भी रुचि है। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो राजीव कमल ने बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशंस की पढ़ाई की है। स्कूली शिक्षा नवोदय विद्यालय से हुई है।
समाचार4मीडिया की ओर से राजीव कमल को उनकी नई पारी के लिए ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।
जानी-मानी पत्रकार रुबिका लियाकत ने इसी साल जून में 'टाइम्स नाउ नवभारत' में सीनियर एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर नई पारी शुरू की थी।
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Samachar4media Bureau
जानी-मानी पत्रकार रुबिका लियाकत से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आ रही है। विश्वसनीय सूत्रों के हवाले से मिली इस खबक के मुताबिक रुबिका लियाकत ने टाइम्स नेटवर्क में अपनी पारी को विराम दे दिया है।
रुबिका लियाकत ने इसी साल जून में 'टाइम्स नाउ नवभारत' में सीनियर एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर नई पारी शुरू की थी। इसके साथ ही वह नेटवर्क में वाइस प्रेजिडेंट (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) की अतिरिक्त भूमिका भी निभा रही थीं और नोएडा स्थित नेटवर्क के कार्यालय से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रही थीं।
'टाइम्स नाउ नवभारत' से जुड़ने से पहले रुबिका लियाकत 'नेटवर्क18 इंडिया' में कंसल्टिंग एडिटर और प्राइम-टाइम एंकर के रूप में कार्यरत थीं, जहां उन्होंने कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों और विशेष कवरेज का नेतृत्व किया।
रुबिका लियाकत के पास ब्रॉडकास्ट जर्नलिज्म, राजनीतिक रिपोर्टिंग, प्राइम-टाइम एंकरिंग और न्यूजरूम नेतृत्व का 19 वर्षों से अधिक का समृद्ध अनुभव है। पत्रकारिता जगत में उन्होंने अपनी मजबूत और प्रभावशाली पहचान बनाई है।
अपने लंबे पत्रकारिता करियर के दौरान उन्होंने देश के कई प्रमुख समाचार संस्थानों में महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। इनमें एबीपी न्यूज, ज़ी न्यूज, न्यूज24, भारत24 और लाइव इंडिया जैसे बड़े मीडिया संस्थान शामिल हैं।
साइनपोस्ट इंडिया लिमिटेड की 19वीं सालाना आम बैठक (AGM) में शेयरधारकों ने रखे गए सभी 9 प्रस्तावों को जरूरी बहुमत के साथ मंजूर कर दिया।
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Vikas Saxena
साइनपोस्ट इंडिया लिमिटेड की 19वीं सालाना आम बैठक (AGM) में शेयरधारकों ने रखे गए सभी 9 प्रस्तावों को जरूरी बहुमत के साथ मंजूर कर दिया। कंपनी ने 23 सितंबर 2026 को स्टॉक एक्सचेंजों को इसकी जानकारी दी।
AGM का आयोजन 23 सितंबर को दोपहर 3:30 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यम से किया गया। बैठक में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए 67 सदस्य शामिल हुए। बैठक शाम 4:55 बजे खत्म हुई, जबकि सदस्यों को वोट डालने के लिए ई-वोटिंग की सुविधा अगले 15 मिनट तक खुली रखी गई। इसके बाद बैठक शाम 5:10 बजे पूरी तरह समाप्त हुई।
दीपांकर चटर्जी की दोबारा नियुक्ति
AGM में शेयरधारकों ने दीपांकर चटर्जी को कंपनी के एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर के तौर पर 5 साल के लिए दोबारा नियुक्त करने और उनके पारिश्रमिक को तय करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। उनकी नई अवधि 29 दिसंबर 2026 से 28 दिसंबर 2031 तक रहेगी। इस प्रस्ताव के पक्ष में 3,02,61,664 वोट पड़े, जबकि इसके खिलाफ कोई वोट नहीं पड़ा।
मेघना राजाध्यक्ष बनीं इंडिपेंडेंट डायरेक्टर
शेयरधारकों ने मेघना राजाध्यक्ष की कंपनी के इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर नियुक्ति को भी मंजूरी दी। उनकी नियुक्ति 3 अगस्त 2026 से 2 अगस्त 2029 तक तीन साल की अवधि के लिए है। इस प्रस्ताव के पक्ष में 3,02,61,664 वोट पड़े और विरोध में कोई वोट नहीं पड़ा।
अन्य प्रस्तावों को भी मिली मंजूरी
AGM में कंपनी के वित्त वर्ष 2025-26 के ऑडिटेड स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजों को मंजूरी दी गई। इसके अलावा इक्विटी शेयरों पर डिविडेंड देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली।
शेयरधारकों ने राजेश अवस्थी को रोटेशन के आधार पर दोबारा डायरेक्टर नियुक्त करने के प्रस्ताव को भी मंजूर किया। इसके साथ ही मैनेजिंग डायरेक्टर श्रीपद आश्टेकर, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर राजेश अवस्थी और एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर दीपांकर चटर्जी के पारिश्रमिक में बदलाव से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई।
कंपनी के स्क्रूटिनाइजर हितेश जे. गुप्ता की रिपोर्ट के मुताबिक, AGM में रखे गए सभी 9 प्रस्ताव जरूरी बहुमत के साथ पास हुए।
कंपनी के मुताबिक, दीपांकर चटर्जी को मीडिया और विज्ञापन क्षेत्र में लंबा अनुभव है। उन्होंने जेसीडीकॉक्स इंडिया, पोर्टलैंड आउटडोर, पोस्टरस्कोप इंडिया और मिड-डे मल्टीमीडिया जैसी कंपनियों में काम किया है। वहीं, मेघना राजाध्यक्ष मुंबई की डिस्प्यूट रिजॉल्यूशन और इनसॉल्वेंसी लॉयर हैं और उन्हें मुकदमेबाजी, इनसॉल्वेंसी, आर्बिट्रेशन और कॉरपोरेट विवादों से जुड़े मामलों का अनुभव है।
अमागी मीडिया लैब्स लिमिटेड की 18वीं सालाना आम बैठक (AGM) में रखे गए सभी 7 प्रस्ताव जरूरी बहुमत के साथ मंजूर हो गए हैं।
by
Vikas Saxena
अमागी मीडिया लैब्स लिमिटेड की 18वीं सालाना आम बैठक (AGM) में रखे गए सभी 7 प्रस्ताव जरूरी बहुमत के साथ मंजूर हो गए हैं। कंपनी की AGM 23 सितंबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई थी।
कंपनी के मुताबिक, बैठक में कुल 7 प्रस्तावों पर मतदान हुआ और सभी को मंजूरी मिल गई। इनमें वित्त वर्ष 2025-26 के ऑडिट किए गए स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजों को मंजूर करना भी शामिल था।
शेखर किरानी हनुमंथसेट्टी को रोटेशन के आधार पर फिर से निदेशक नियुक्त करने का प्रस्ताव भी मंजूर हुआ। इस प्रस्ताव के पक्ष में 97.1779% वोट पड़े, जबकि 2.8221% वोट इसके खिलाफ रहे। इसके अलावा भास्कर सुब्रमण्यम को कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर (MD) और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर (CEO) के तौर पर फिर से नियुक्त करने का प्रस्ताव भी पास हो गया। इसके पक्ष में 97.7112% वोट पड़े और 2.2888% वोट खिलाफ रहे।
भास्कर सुब्रमण्यम के वेतन से जुड़े प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली। इस प्रस्ताव के पक्ष में 99.9653% वोट पड़े, जबकि 0.0347% वोट इसके खिलाफ रहे। AGM में BMP & Co. LLP को कंपनी का सेक्रेटेरियल ऑडिटर नियुक्त करने का प्रस्ताव भी पास हुआ। इसके पक्ष में 100% वोट पड़े।
इसके अलावा कंपनी की ऑथराइज्ड शेयर कैपिटल के पुनर्वर्गीकरण और मेमोरेंडम ऑफ एसोसिएशन के क्लॉज V में बदलाव को मंजूरी दी गई। इस प्रस्ताव के पक्ष में 100% वोट पड़े। स्क्रूटिनाइजर की रिपोर्ट के मुताबिक, सातों प्रस्ताव कंपनी के सदस्यों ने जरूरी बहुमत के साथ मंजूर किए।
दिलीप तिवारी को न्यूज मीडिया में काम करने का तीन दशक से अधिक का अनुभव है।
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Samachar4media Bureau
वरिष्ठ पत्रकार दिलीप तिवारी ने डिजिटल न्यूज प्लेटफॉर्म News Darpan के एडिटर-इन-चीफ के रूप में जिम्मेदारी संभाली है।
दिलीप तिवारी को न्यूज मीडिया में काम करने का तीन दशक से अधिक का अनुभव है। दिलीप तिवारी ने वर्ष 1997 में अमर उजाला से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। इसके बाद वर्ष 1999 में वह जी मीडिया से जुड़े। अपने पत्रकारिता करियर के दौरान उन्होंने बीजेपी, प्रधानमंत्री कार्यालय और संसद से जुड़ी राजनीतिक गतिविधियों की रिपोर्टिंग की। इसके साथ ही उन्होंने कई महत्वपूर्ण राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों को भी कवर किया।
दिलीप तिवारी ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कई दौरों की रिपोर्टिंग की है। इसके अलावा उन्होंने पाकिस्तान और अफगानिस्तान में भी ग्राउंड रिपोर्टिंग असाइनमेंट किए हैं।
समाचार4मीडिया की ओर से दिलीप तिवारी को उनकी नई पारी के लिए ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।