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डिजिटल मीडिया के चैनल कुछ दिन की चांदनी न बनकर रह जाएं, इसके लिए ये अच्छा मौका है

डिजिटल मीडिया की रफ्तार का अंदाजा मुझे खुद कुछ समय पहले हुआ, जब मैंने ‘न्यूज नशा’ नाम से डिजिटल प्लेटफॉर्म शुरू किया।

समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago

विनीता यादव, फाउंडर, न्यूजनशा डॉट कॉम।।

टीवी की दुनिया में काम करने वाले पत्रकार के लिए टीवी से बड़ा मोह कुछ नहीं होता है। वह पूरी जिंदगी 32 इंच या 40 इंच के टीवी के साथ गुजार देना चाहता है। कोई भी 5-6 इंच की स्क्रीन यानी फोन पर जिंदगी लाकर खुद को छोटा नहीं करना चाहता है, लेकिन आज दौर है तेज रफ्तार का, चीते की दौड़ का। अगर आप इसमें शामिल नहीं होंगे तो खुद पीछे रह जाएंगे। जरा सोचिए कि छह-सात साल पहले जिस फोन की खबर को आप संजीदगी से नहीं लेते थे, उसकी आज आपको लत लग चुकी है।

ये रफ्तार ही वजह है कि आज तक जिस डिजिटल मीडिया की सरकार ने कोई सुध नहीं ली थी, विदेशी निवेश को मंजूरी देकर आज उसके लिए बड़ा फैसला ले लिया। देश के लगभग हर टीवी चैनल और अखबार के पास डिजिटल प्लेटफॉर्म है। पिछले पांच सालों में जिस तरह टीवी चैनल्स को डिजिटल पछाड़ने में लगा है, उससे टीवी चैनल के मालिक भी चिंतित हो उठे हैं और डिजिटल मीडिया के दायरे को बढ़ा रहे हैं।

अब पत्रकारिता की पढ़ाई करने वाले विद्यार्थी कॉलेज खत्म करते ही अपने फोन से कंटेंट लिखना, विडियो शूट करना और उसे अपने चैनल पर पब्लिश करना, सब कुछ थोड़ी देर में कर लेते हैं। इंडस्ट्री में कुछ चैनल तो ऐसे हैं, जिनके हिस्से टीआरपी नहीं लग रही, लेकिन डिजिटल पर बनी पकड़ उनके लिए बड़ी कामयाबी हो चुकी है इससे अंदाजा लगा सकते हैं कि चैनल पर करोड़ों खर्च करने वाले भी अब डिजिटल पर आधारित हो चुके हैं।

डिजिटल मीडिया महज दो सालों में यानी 2021 तक प्रिंट और एंटरटेनमेंट से आगे निकल जाएगा। फिक्की-ईवाई की रिपोर्ट के मुताबिक, इंटरनेट यूजर्स के बढ़ते आधार के साथ, देश में डिजिटल मीडिया के 2019 तक एंटरटेनमेंट से और 2021 तक प्रिंट से आगे निकलकर 5.1 बिलियन डॉलर तक पहुंच जाने की उम्मीद है।

रिपोर्ट के मुताबिक, 2018 में डिजिटल मीडिया में 42 फीसदी की वृद्धि हुई, जिसका मूल्य 2.4 बिलियन डॉलर था। इसमें कहा गया है कि भारतीयों ने अपने फोन का 30 फीसद समय मनोरंजन पर खर्च किया। रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि डिजिटल मीडिया 2019 में 3.2 बिलियन डॉलर तक पहुंच सकता है।

डिजिटल मीडिया की रफ्तार का अंदाजा मुझे खुद कुछ समय पहले हुआ, जब मैंने ‘न्यूज नशा’ नाम से डिजिटल प्लेटफॉर्म शुरू किया। मैं नहीं जानती थी कि महज तीन महीने में ‘न्यूज नशा’ रोजाना पांच लाख लोगों तक अपनी पकड़ बना चुका है । विदेशी निवेश की मंजूरी ‘न्यूज नशा’ की तरह कई डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए बड़ी खबर है। क्यूंकि ये एक ग्लोबल प्लेटफॉर्म है और दुनिया में कहीं भी कोई भी फोन पर इसे देख सकता है तो जाहिर है कि निवेश की सम्भावनाएं देश के बाहर भी काफी हैं।

डिजिटल मीडिया के चैनल कुछ दिन की चांदनी न बनकर रह जाएं, इसके लिए भी ये एक अच्छा मौका है। एक भरोसेमंद रिपोर्ट के मुताबिक, चीन के बाद भारत में इंटरनेट यूजर्स हर साल 13 प्रतिशत बढ़ रहे हैं और 2021 तक पांच मिलियन तक पहुंच सकते हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में लगभग 2.5 मिलियन डिजिटल यूजर्स हैं और टीवी की तरफ लोग अब सिर्फ बड़ी खबर के वक्त ही समय दे रहे हैं।

(यह लेखिका के निजी विचार हैं)


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