होम / इंडस्ट्री ब्रीफिंग / NDTV और अभिज्ञान प्रकाश की राहें हुईं अलग, अब नए प्रोजेक्ट से जुड़े
NDTV और अभिज्ञान प्रकाश की राहें हुईं अलग, अब नए प्रोजेक्ट से जुड़े
वरिष्ठ पत्रकार और ‘एनडीटीवी’ (NDTV) इंडिया के पूर्व सीनियर एग्जिक्यूटिव एडिटर अभिज्ञान प्रकाश इन दिनों सुर्खियों में छाये हुए हैं
समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago
‘एनडीटीवी’ (NDTV) इंडिया और अभिज्ञान प्रकाश की राहें अब जुदा हो गई है। मिली जानकारी के मुताबिक अब अभिज्ञान प्रकाश ने अपनी अलग राह चुनने का मन बनाया है।
दरअसल, एनडीटीवी से पूर्ण तौर पर अलग होने के बाद आजकल वे उत्तर प्रदेश की राजनीति पर फोकस कर रहे हैं। लोकसभा चुनाव को लेकर उन्होंने ऑनलाइन सीरीज ‘For Up From UP’ की शुरुआत की है। अपनी इस ऑनलाइन सीरीज को मिल रही प्रतिक्रिया के बारे में अभिज्ञान प्रकाश का कहना है, ‘वाकई इस सीरीज को बहुत ही अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है। चुनाव के दौरान सभी लोग चुनावी रंग में रंगे होते हैं, इसलिए इस दौरान ऐसी ग्राउंड रिपोर्टिंग काफी महत्वपूर्ण होती है, जिसमें किसी तरह का पक्षपात न हो और कोई एजेंडा न हो। हमारे प्लेटफॉर्म पर यही सब किया जा रहा है। मीडिया में इन दिनों कुछ लोगों ने अपना एजेंडा परोसना शुरू कर दिया है। सोशल मीडिया के द्वारा भी न्यूज कवरेज और न्यूज के उपभोग में काफी बदलाव आया है और ऐसे में तटस्थ न्यूज को लेकर काफी स्कोप है।’
अभिज्ञान प्रकाश का कहना है, ‘कुछ दिनों पूर्व मैं एक कॉन्फ्रेंस के लिए लंदन स्कूल ऑफ इकनॉमिक्स में गया था, जिसके बाद मैं एक लेक्चर के लिए ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी भी गया था। दोनों ही जगह इस बात को लेकर चर्चा थी कि मीडिया अब कॉरपोरेट के हाथों बिक गया है और यही कारण है कि सोशल मीडिया अब केंद्र में आ गई है। इसके अलावा पारंपरिक मीडिया अपनी विश्वसनीयता खो रहा है। पहले यह एकतरफा कम्युनिकेशन था और अचानक ही सोशल मीडिया ने न्यूज लेने-देने के तरीके को बदलकर रख दिया।’
आज के दौर में न्यूज की गिरती क्रेडिबिलिटी और कैसे इस क्रेडिबिलिटी को दोबारा से हासिल किया जाए, अभिज्ञान प्रकाश का कहना है, ’मेरा मानना है कि एजेंडा आधारित पत्रकारिता पर लगाम लगनी चाहिए। मैंने पिछले ढाई साल से कोई न्यूज चैनल नहीं देखा है, क्योंकि इन चैनलों पर जब भी कोई एंकर आता है, वह अपने विचार रखने शुरू कर देता है। हम उनके विचार जानने के लिए न्यूज चैनल देखने नहीं बैठे हैं, हम न्यूज देखना चाहते हैं।’
इंटरनेट डाटा की कीमतें काफी सस्ती होने के कारण व्युअरशिप पैटर्न भी काफी बदल गया है और लोग तेजी से डिजिटल की ओर मुड़ रहे हैं। ऐसे में अभिज्ञान प्रकाश का भी यही मानना है कि डिजिटल ही न्यूज का भविष्य है। उनका कहना है, ‘जब आप बड़े शहरों से बाहर निकलकर यात्रा करते हैं तो आपको पता चलता है कि टीवी न्यूज की व्युअरशिप में उल्लेखनीय वृद्धि क्यों नहीं हो रही है। मेरे विचार से टीवी पर यह आखिरी चुनाव लड़ा जा रहा है, क्योंकि जिन लोगों से भी मैं मिला हूं वे टीवी पर आने वाले डिबेट शो सिर्फ मनोरंजन अथवा मजे के लिए देखते हैं, न कि कुछ चीजें समझने अथवा किसी तरह का ज्ञान लेने के लिए। ऐसे में अपने इस शो के माध्यम से मैं पुराने ढर्रे पर लौटने का प्रयास कर रहा हूं, जिसमें न्यूज साधारण, सपाट हो और उसमें रिपोर्ताज शामिल हो।’
टैग्स एनडीटीवी इंडिया अभिज्ञान प्रकाश यूट्यूब चुनाव 2019