होम / इंडस्ट्री ब्रीफिंग / इस गंभीर मामले में फंसे मैगजीन के संपादक को कोर्ट से मिली राहत
इस गंभीर मामले में फंसे मैगजीन के संपादक को कोर्ट से मिली राहत
गंभीर मामले में फंसे एक मैगजीन के एडिटर-इन-चीफ समेत दो पत्रकारों को कोर्ट से राहत मिली है
समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago
‘कारवां मैगजीन’ (Caravan) के एडिटर-इन-चीफ परेश नाथ और पत्रकार कौशल श्रॉफ को अदालत से राहत मिल गई है। दरअसल, अतिरिक्त चीफ मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट समर विशाल ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के बेटे विवेक डोभाल की ओर से दायर आपराधिक मानहानि के मामले में उन्हें जमानत दे दी है। यह जमानत एक लाख रुपए की गारंटी और 20 हजार रुपए के पर्सनल बॉन्ड पर दी गई है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मैगजीन ने 16 जनवरी को ‘द डी कंपनीज’ के नाम से एक आर्टिकल प्रकाशित किया था, जिसमें विवेक डोभाल के खिलाफ कई आरोप लगाए थे। इसके बाद विवेक की ओर से मामला दर्ज कराया गया था। विवेक के अधिवक्ता का कहना था कि बिना किसी सबूत के इस आर्टिकल को प्रकाशित किया गया था। उन्होंने कहा था इस मामले में कांग्रेस नेता जयराम नरेश ने भी इस आर्टिकल का हवाला देते हुए एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में विवेक डोभाल के खिलाफ मानहानिपरक आरोप लगाए थे।
यह मामला दिल्ली की अदालत में चल रहा है, जिसमें परेश नाथ और कौशल श्रॉफ को जमानत मिल गई है। मामले में अगली सुनवाई नौ मई को होगी। कोर्ट ने जयराम नरेश को नौ मई को उपस्थित होने का आदेश दिया है, जिसमें उनकी जमानत पर सुनवाई होगी। 22 जनवरी को यह मामला संज्ञान में आने के बाद विशाल डोभाल की ओर से तीनों के खिलाफ दो मार्च को सम्मन जारी किया गया था। कोर्ट का मानना है कि विवेक डोभाल के खिलाफ लगाए गए आरोप प्रथमदृष्टया मानहानि के हैं।
टैग्स मैगजीन अजीत डोभाल कारवां परेश नाथ विवेक डोभाल आपराधिक मानहानि जयराम नरेश