2022 मे कुछ ऐसी यादें, जो मीडिया इंडस्ट्री से जुड़े लोगों की हैं, जिनके करियर ग्राफ ने एक नए मुकाम को छुआ है। आइए, यहां ऐसी ही कुछ शख्सियतों के बारे में जानते हैं
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विकास सक्सेना
साल 2023 के आगमन में कुछ दिन ही शेष रह गए हैं। पूरी दुनिया नए साल का बेसब्री से इंतजार कर रही है, लेकिन हर बार गुजरता हुआ साल कुछ ऐसी भी यादें भी दे जाता है, जो किसी के करियर के लिहाज से बहुत महत्वपूर्ण होती हैं। कुछ ऐसी ही यादें मीडिया इंडस्ट्री से जुड़े लोगों की भी हैं, जिनमें से कई के करियर ग्राफ ने एक नए मुकाम को छुआ है। आइए, यहां ऐसी ही कुछ बड़ी शख्सियतों के बारे में जानते हैं।
साल 2022 के मार्च में
देश के प्रमुख प्रॉडक्शन हाउस में शामिल ‘यशराज फिल्म्स’ ने अक्षय विधानी को तत्काल प्रभाव से चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर (CEO) के पद पर नियुक्त किया। अक्षय विधानी इससे पहले यशराज स्टूडियो के फाइनेंस एंड बिजनेस अफेयर्स और हेड ऑफ ऑपरेशंस के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट के रूप में कार्यरत थे। विधानी ने 17 साल पहले जब 22 साल के थे, तब उन्होंने बतौर स्टूडियो मैनेजर यशराज फिल्म्स जॉइन किया था। उन्होंने यशराज फिल्म्स के लिए कई व्यावसायिक कार्यक्षेत्र स्थापित करने की जिम्मेदारी संभाली है। साल 2005 में अक्षय ने यशराज फिल्म्स में अपने करियर की शुरुआत एक स्टूडियो मैनेजर के रूप में की थी। इसके बाद, उन्होंने धीरे-धीरे कॉर्पोरेट फाइनेंस, स्ट्रैटजी और ऑपरेशंस में लीडरशिप की भूमिकाएं निभाईं।
अप्रैल में ‘आईटीवी नेटवर्क’ (iTV Network) ने दीपक अरोड़ा को सीईओ (Northern Region) के पद पर नियुक्त किया, जहां उन्हें इंडिया न्यूज (हरियाणा), इंडिया न्यूज (पंजाब) और आज समाज की जिम्मेदारी सौंपी गई। ‘आईटीवी नेटवर्क’ में शामिल होने से पहले दीपक अरोड़ा ‘जनता टीवी’ (Janta TV) में सीईओ के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इसके अलावा वह ‘बजाज अलांयज’ (Bajaj Allianz),’आईएनजी लाइफ’ (ING Life),’एसटीवी हरियाणा न्यूज’ (STV Haryana News) और ‘फोकस न्यूज ग्रुप’ (Focus News Group) में भी अहम जिम्मेदारी निभा चुके हैं।
वहीं, जुलाई ने जाते-जाते एक ऐसी खबर दे दी, जिसने मीडिया गलियारे में काफी चर्चा बटोरी और ये खबर हिंदी टीवी पत्रकारिता के सबसे चर्चित चेहरों में शुमार रहे वरिष्ठ टीवी पत्रकार संत प्रसाद राय की नई पारी से जुड़ी थी। खबर थी कि संत प्रसाद राय ने टीवी9 समूह के हिंदी न्यूज चैनल ‘टीवी9 भारतवर्ष’ के मैनेजिंग एडिटर के पद से इस्तीफा दे दिया और वह अब 'एबीपी नेटवर्क' में बतौर सीनियर वाइस प्रेजिडेंट अपनी नई पारी शुरू करेंगे। हालांकि इसके बाद 1 अगस्त 2022 को उन्होंने 'एबीपी न्यूज' जॉइन कर लिया।बता दें कि संत प्रसाद पिछले तीन वर्षों से भी अधिक समय से इस चैनल के साथ जुड़े हुए थे। उन्हें टीवी में कई नए प्रयोगों के लिए जाना जाता हैं, इसकी बानगी रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान भी देखने को मिली, जब उन्होंने यूक्रेन में कवरेज के लिए सबसे पहले अपने रिपोर्टर को वहां भेजा, जिसका फायदा भी उन्हें रेटिंग में बढ़त के रूप में मिला।
अगस्त में वरिष्ठ पत्रकार पारितोष चतुर्वेदी के बारे में खबर आयी कि उन्होंने हिंदी न्यूज चैनल ‘टीवी9 भारतवर्ष’ (TV9 BHARATVARSH) के साथ अपने नए सफर की शुरुआत की है। उन्होंने बतौर चैनल हेड यहां पर जॉइन किया। बता दें कि पारितोष चतुर्वेदी ने ‘टाइम्स नेटवर्क’ के हिंदी न्यूज चैनल ‘टाइम्स नाउ नवभारत’ (Times Now Navbharat) में अपनी पारी को विराम देकर यहां पहुंचे थे। वह इस चैनल में आउटपुट हेड की जिम्मेदारी निभा रहे थे। ‘टाइम्स नाउ नवभारत’ से पहले पारितोष ‘जी न्यूज’ (Zee News) में एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर आउटपुट का काम संभाल रहे थे। ‘जी न्यूज’ में उनकी यह दूसरी पारी थी। इससे पहले वह इस मीडिया संस्थान में करीब पांच साल तक अपनी जिम्मेदारी निभा चुके थे। अपनी पहली पारी में उन्होंने सितंबर 2013 में ‘जी न्यूज’ जॉइन किया था और करीब पांच साल बाद वर्ष 2018 में यहां एसोसिएट एडिटर के पद से इस्तीफा देकर ‘एबीपी न्यूज’ (ABP News) में बतौर एग्जिक्यूटिव एडिटर जॉइन कर लिया था। मूल रूप से बिहार के रहने वाले पारितोष को मीडिया के क्षेत्र में काम करने का करीब दो दशक का अनुभव है। वह डिप्टी एडिटर के तौर पर ‘इंडिया टीवी’ के साथ लंबी पारी खेल चुके हैं। वह यहां जून 2004 से सितंबर 2013 तक रहे थे। पारितोष ‘नवभारत’ (अक्टूबर 2003 से जून 2004 तक) में सीनियर कॉपी एडिटर और ‘हरिभूमि’ में रायपुर एडिशन के साथ (सितंबर 2002 से सितंबर 2003 तक) कॉपी एडिटर के तौर पर भी काम कर चुके हैं।
अगस्त में ही ‘एबीपी नेटवर्क’ (ABP Network) से एक बड़ी खबर निकलकर सामने आई कि नेटवर्क ने ‘एबीपी न्यूज’ (ABP News) के एडिटर (क्राइम और एसआईटी) इंद्रजीत राय को Newsgathering टीम की कमान सौंपी। इस बारे में ‘एबीपी नेटवर्क’ की ओर से एक स्टेटमेंट भी जारी किया गया है, जिसमें कहा गया कि वह तत्काल प्रभाव से Newsgathering टीम का नेतृत्व करेंगे। और Newsgathering टीम के सभी संबंधित प्रमुख अब इंद्रजीत राय को रिपोर्ट करेंगे। वहीं, असाइनमेंट, नेशनल और रीजनल की टीमें पहले की तरह काम करती रहेंगी और रीजनल एडिटर्स पहले की तरह तत्कालीन चैनल एडिटर संत प्रसाद को रिपोर्टिंग करते रहेंगे।
अगस्त में ही तीसरी बड़ी खबर सामने आयी ‘एबीपी न्यूज’ (ABP News) से कि यहां वरिष्ठ टीवी पत्रकार अभिषेक उपाध्याय ने अपना नया सफर बतौर सीनियर एडिटर (पॉलिटिकल अफेयर्स) शुरू किया है। इससे पहले अभिषेक हिंदी न्यूज चैनल ‘टीवी9 भारतवर्ष’ (TV9 BHARATVARSH) में एग्जिक्यूटिव एडिटर के पद पर करीब तीन साल से अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। ‘टीवी9 भारतवर्ष’ से पहले अभिषेक ‘इंडिया टीवी’ में एडिटर (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) के पद पर कार्यरत थे। वैसे ‘टीवी9’ में ये उनकी दूसरी पारी थी। ‘टीवी9’ में अपनी पहली पारी में वह वर्ष 2010 में मुंबई ब्यूरो चीफ रहे थे। प्रतिष्ठित रामनाथ गोयनका अवॉर्ड से सम्मानित अभिषेक ‘दैनिक भास्कर’ ग्रुप के साथ (2011-2012) भी काम कर चुके हैं। यहां वह एडिटर (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) के पद पर कार्यरत थे। अभिषेक ‘आईबीएन7’ (IBN7) में भी पांच सालों तक काम कर चुके हैं। वह 2005 से 2010 तक यहां रहे और सीनियर स्पेशल कॉरेस्पोंडेंट की भूमिका निभाई। इलाहाबाद यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की पढ़ाई करने वाले अभिषेक ने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट से की थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद वे 2003 में हिंदी दैनिक ‘अमर उजाला’ (Amar Ujala) से बतौर ट्रेनी रिपोर्टर व सब एडिटर के तौर पर जुड़े थे। अभिषेक एक थिएटर आर्टिस्ट व कवि भी हैं।
अगस्त में ही वरिष्ठ पत्रकार प्रत्यूष रंजन ने देश की जानी-मानी न्यूज एजेंसी ‘प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया’ (PTI) के साथ अपने नए सफर की शुरुआत की, जहां उन्हें फैक्ट चेकिंग और डिजिटल सर्विसेज के हेड की जिम्मेदारी सौंपी गई। प्रत्यूष रंजन ने 'जागरण न्यू मीडिया' में मैनेजिंग एडिटर के पद से इस्तीफा देकर यहां पहुंचे थे। प्रत्यूष रंजन ने 'जागरण न्यू मीडिया' जनवरी 2019 में बतौर सीनियर एडिटर जॉइन किया था। बाद में उन्हें प्रमोट कर पहले एग्जिक्यूटिव एडिटर और फिर मैनेजिंग एडिटर की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। यहां वह 'जागरण डॉट कॉम' (jagran.com) हिंदी में realtime verticals का नेतृत्व कर रहे थे। इसके अलावा वह इसी समूह की वेबसाइट 'विश्वासन्यूज़ डॉट कॉम ' (vishvasnews.com) से भी जुड़े हुए थे। बता दें कि प्रत्यूष ‘जीएनआई इंडिया ट्रेनिंग नेटवर्क’ (GNI India Training Network) के फैक्ट चेकर भी हैं। मूल रूप से सिवान (बिहार) के रहने वाली प्रत्यूष रंजन को मीडिया में काम करने का करीब 18 साल का अनुभव है। इस दौरान वह लंबे समय तक डिजिटल मीडिया में ही रहे हैं। हालांकि, उन्होंने शुरू में प्रिंट और टीवी में भी काम किया है, लेकिन उनकी वह पारी काफी संक्षिप्त रही है।
सितंबर में ‘हॉटस्टार’ (Hotstar) के पूर्व एग्जिक्यूटिव वाइस प्रेजिडेंट व हेड ऑफ ऑरिजिनल कंटेंट के रूप में अपनी जिम्मेदारी संभाल चुके निखिल मधोक को लेकर खबर आयी कि उन्होंने एमेजॉन प्राइम वीडियो में हिंदी ऑरिजिनल कंटेंट के हेड के तौर पर अपनी नई पारी शुरू की। बता दें कि मधोक ने चार वर्षों से अधिक समय तक ‘डिज्नी+ हॉटस्टार’ के ओरिजनल कंटेंट इंजन का नेतृत्व किया। अगस्त 2022 में ‘डिज्नी+ हॉटस्टार’ को अलविदा कह दिया था। इससे पहले वह ‘स्टार टीवी नेटवर्क’ (Star TV Network) में एग्जिक्यूटिव वाइस प्रेजिडेंट थे। ‘स्टार नेटवर्क’ के साथ मधोक की यह दूसरी पारी थी। ‘दिल्ली यूनिवर्सिटी’ (DU) से ग्रेजुएट निखिल मधोक ने ‘इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट’ (IIM) बेंगलुरु से एमबीए (मार्केटिंग) किया है।
वहीं सितंबर में वरिष्ठ पत्रकार रमाकांत चंदन ने 'नवभारत टाइम्स' की डिजिटल विंग में बतौर संपादकीय सलाहकार अपना नया सफर शुरू किया। वह इससे पहले ‘राष्ट्रीय सहारा’ में बतौर सलाहकार संपादक अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे। बता दें कि ‘राष्ट्रीय सहारा’ से लंबे समय से जुड़े हुए रमाकांत चंदन इससे पहले पटना संस्करण में बतौर स्थानीय संपादक अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे। यहां उनका कार्यकाल पूरा होने के बाद संस्थान ने उनके बेहतर कार्य व सेवाओं को देखते हुए उन्हें सलाहकार संपादक के पद पर नई जिम्मेदारी सौंपी थी। बिहार में लखीसराय जनपद के मूल निवासी रमाकांत चंदन ढाई दशक से अधिक समय से सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं। रमाकांत ने अपने पत्रकारीय करियर की शुरुआत ‘सहारा मीडिया’ के साथ की थी। इसके पहले एमएससी करने के दौरान ही वे एनबीटी, दैनिक हिन्दुस्तान, सारिका और हंस पत्रिका समेत तमाम अखबारों के लिए लिखते थे। वर्ष 1996 में ‘सहारा मीडिया’ के अखबार ‘हस्तक्षेप’ में बतौर रिपोर्टर नोएडा में जॉइन करने वाले रमाकांत करीब 25 वर्षों तक ‘सहारा मीडिया’ का हिस्सा रहे हैं। एक लेखक के रूप में रमांकांत चंदन की दो पुस्तकें हिंदी अकादमी दिल्ली से ‘नवान्न’ व राजभाषा बिहार से ‘दूसरा पक्ष’ प्रकाशित हो चुकी हैं। इसके अलावा उन्होंने ‘गोएथा थापती लड़की’ नाम से एक काव्य संग्रह भी लिखा है।
सितंबर में ‘9X मीडिया’ ने भूपेंद्र माखी को चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर (सीईओ) के रूप में प्रमोट किया। 9X मीडिया में इससे पहले लंबे समय तक माखी कंपनी के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) थे, जबकि इसके पहले वे फाइनेंस के वाइस प्रेजिडेंट थे। वह 2007 से इस ऑर्गनाइजेशन के साथ जुड़े हुए हैं। भूपेंद्र अपनी इस भूमिका में कंपनी के लिए स्ट्रैटजिक बिजनेस डेवलपमेंट का नेतृत्व कर रहे हैं, यानी वह भारत में कंपनी के बिजनेस की ग्रोथ को और मजबूत बनाने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। माखी को फाइनेंशियल सेक्टर की गहरी समझ है और मीडिया व एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में एक प्रभावशाली ट्रैक-रिकॉर्ड है।
वहीं सितंबर में ‘जी मीडिया' के पूर्व एडिटर (जी-दिल्ली/एनसीआर/हरियाणा) दिनेश शर्मा ने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपना नया सफर ‘दैनिक सवेरा’ (Dainik Savera) मीडिया समूह के साथ शुरू किया था, जहां उन्होंने बतौर मैनेजिंग एडिटर जॉइन किया था। हालांकि यहां जॉइन करने के कुछ समय पूर्व ही दिनेश शर्मा ने ‘जी मीडिया’ में वापसी की थी। ‘जी’ समूह के साथ दिनेश शर्मा की यह तीसरी पारी थी। इससे पहले वह वर्ष 1998 से 2007 और 2009 से 2019 तक ‘जी‘ के साथ जुड़े रहे थे। जी-दिल्ली/एनसीआर/हरियाणा को उनके नेतृत्व में ही लॉन्च किया गया था। दिनेश शर्मा को विभिन्न एडिटोरियल टीमों के साथ काम करने का ढाई दशक से ज्यादा का अनुभव है। पूर्व में वह तमाम प्रतिष्ठित मीडिया कंपनियों जैसे-‘इंडिया न्यूज‘, ‘वॉयस ऑफ अमेरिका‘, ‘हिंदी रेडियो सर्विस‘, ‘अल जजीरा‘ इंटरनेशनल न्यूज चैनल, ‘न्यूजएक्स‘, ‘वॉयस ऑफ इंडिया‘, ‘द स्टेट्समैन‘, ‘इंडियन एक्सप्रेस‘ और ‘द प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया‘ के साथ काम कर चुके हैं।
अक्टूबर में वरिष्ठ पत्रकार प्रखर श्रीवास्तव ने ‘दूरदर्शन’ के साथ दिल्ली में बतौर सीनियर कंसल्टिंग एडिटर अपनी नई पारी का आगाज किया। इससे पहले प्रखर श्रीवास्तव हिंदी न्यूज चैनल ‘न्यूज24’ (News24) में आउटपुट एडिटर के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। मूल रूप से इंदौर (मध्य प्रदेश) के रहने वाले प्रखर श्रीवास्तव को मीडिया में काम करने का करीब ढाई दशक का अनुभव है। पूर्व में वह ‘न्यूज24’, ‘इंडिया टीवी’, ‘आजतक’, ‘एनडीटीवी’, ‘जी न्यूज’, ‘सहारा समय’ और ‘दैनिक भास्कर’ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में वरिष्ठ पदों पर अपनी भूमिका निभा चुके हैं। इस दौरान उन्होंने हमेशा राष्ट्र और समाज से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता दी है। बता दें कि वर्तमान में प्रखर श्रीवास्तव डिजिटल चैनल में लोकप्रिय शो ‘खरी बात प्रखर के साथ’ होस्ट करते हैं। इस शो को देश-विदेश में विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर करीब 10 करोड़ व्यूज मिल चुके हैं। इस शो में देश के इतिहास से जुड़ी ऐतिहासिक घटनाओं को तथ्यों, तर्कों और सबूतों के साथ प्रस्तुत किया जाता है। पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो प्रखर श्रीवास्तव ने इंदौर स्थित ‘देवी अहिल्या विश्वविद्यालय’ से जर्नलिज्म और मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स की डिग्री ली है। इसके अलावा उन्होंने इसी यूनिवर्सिटी से इंटरनेशनल बिजनेस में भी मास्टर्स की पढ़ाई की है।
नवंबर में वरिष्ठ पत्रकार ओम प्रकाश तिवारी (ओपी तिवारी) ने ‘नेटवर्क18’ (Network18) समूह के साथ मीडिया में अपने नए सफर का आगाज किया। उन्होंने इस समूह के हिंदी न्यूज चैनल ‘न्यूज18 इंडिया’ (News18 India) में बतौर डिप्टी एडिटर (सिक्योरिटी अफेयर्स) जॉइन किया बता दें कि ओपी तिवारी इससे पहले करीब 16 साल तक ‘एबीपी न्यूज’ (ABP News) का हिस्सा रहे हैं। इसके अलावा वह करीब 13 वर्षों तक ‘राष्ट्रीय सहारा‘ अखबार में भी अपनी जिम्मेदारी निभा चुके हैं। मूल रूप से सुल्तानपुर (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले ओपी तिवारी ने वहीं से अपनी पढ़ाई-लिखाई पूरी की है। ओपी तिवारी को मीडिया में काम करने का तीन दशक से ज्यादा का अनुभव है। पत्रकारिता में अपने करियर के शुरुआती दिनों में वह दिल्ली में ‘संडे मेल’ और ’समाचार मेल’ अखबार में भी काम कर चुके हैं। इसके अलावा वह थोड़े समय ’दैनिक जागरण’ में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
नवंबर में 'टाइम्स ऑफ इंडिया' डिजिटल के पूर्व एडिटर-इन-चीफ रोहित शरण ने ‘इंडिया टुडे’ (India Today) समूह में वापसी की, जहां उनकी एडिटोरियल एडवाइजर के पद पर नियुक्ति हुई। बता दें कि शरण इससे पहले ‘द टाइम्स ऑफ इंडिया’ (The Times of India) में मैनेजिंग एडिटर और ’द इकनॉमिक्स टाइम्स’ (The Economic Times) में एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। इसके अलावा वह ‘खलीज टाइम्स’ (Khaleej Times), ‘मनी टुडे’ (Money Today), ‘बिजनेस टुडे’ (Business Today) और ‘हार्वर्ड बिजनेस रिव्यू’ (Harvard Business Review) के इंडिया एडिशन समेत तमाम पब्लिकेशंस में अपनी भूमिका निभा चुके हैं। शरण को मीडिया के क्षेत्र में काम करने का ढाई दशक से ज्यादा का अनुभव है। वह दो पब्लिकेशंस को री-लॉन्च कराने के साथ देश के पहले न्यूज मीडिया प्रॉडक्ट ‘made for mobile’ को लॉन्च कर चुके हैं।
रोहित शरण को देश के प्रमुख डेटा जर्नलिस्ट और विजुअलाइजर के रूप में जाना जाता है और उन्होंने अपने करियर में प्रमुख न्यूज ब्रैंड्स के लिए कई डेटा-आधारित स्टोरीटैलिंग प्रॉपर्टीज का शुभारंभ किया है। इनमें प्रमुख पत्रिकाओं और समाचार पत्रों का संपादन और चार प्रमुख पब्लिकेशंस का शुभारंभ शामिल है। इकनॉमिक्स में पोस्ट ग्रेजुएट रोहित को डाटा साइंस और डिजिटल जर्नलिज्म की गहरी समझ है।
नवंबर में फेसबुक की पेरेंट कंपनी मेटा (Meta) इंडिया के कंट्री हेड अजीत मोहन ने आज यानी 3 नवंबर को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद वह प्रतिद्वंद्वी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘स्नैप’ (Snap) से जुड़ गए थे, जहां वह एशिया-प्रशांत (APAC) के प्रेजिडेंट के तौर पर काम कर रहे हैं। अजीत मोहन ने अपने पद से तत्काल रूप से इस्तीफा दिया था। अजीत मोहन जनवरी 2019 में फेसबुक इंडिया में मैनेजिंग डायरेक्टर के रूप में शामिल हुए थे। उन्होंने उमंग बेदी की जगह ली थी, जिन्होंने अक्टूबर 2017 में पद छोड़ दिया था। मेटा से पहले मोहन ने चार साल तक स्टार इंडिया की वीडियो स्ट्रीमिंग सेवा हॉटस्टार के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर के रूप में कार्य किया है।
नवंबर में ही जी मीडिया में ‘DNAINDIA.COM’ और ‘जी न्यूज’ (अंग्रेजी) के एडिटर सुशांत मोहन को सीईओ के पद पर प्रमोट किया गया। वह India.com के सीईओ देवदास कृष्णन को रिपोर्ट कर रहे हैं। मोहन को मीडिया में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है। जी मीडिया से पहले वह ‘ओपेरा न्यूज’ (ऐप), ‘नेटवर्क18’, ‘बीबीसी’, ‘फीवर104 एफएम’ और ‘ऑल इंडिया रेडियो’ में काम कर चुके हैं, जहां उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है और पिछले ऑर्गनाइजेशन में उन्होंने डिजिटल स्ट्रैटजीस और कई सफल प्रोजेक्ट्स दिए हैं। मोहन आईआईएमसी मीडिया संस्थान के छात्र रह चुके हैं और मास कम्युनेकशन में मास्टर डिग्री होल्डर हैं।
नवंबर में ‘दैनिक भास्कर’ (Dainik Bhaskar) समूह ने ‘प्रभात खबर’ (Prabhat Khabar) के पूर्व मैनेजिंग डायरेक्टर केके गोयनका को बिहार-झारखंड का ‘चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर’ (COO) नियुक्त किया। बता दें कि केके गोयनका ने ‘प्रभात खबर’ में अपनी तीन दशक से ज्यादा पुरानी पारी को इसी साल सितंबर में विराम दे दिया था। वह इस समूह के साथ वर्ष 1989 में जुड़े थे। ‘प्रभात खबर’ में अपनी पारी को विराम देने के बाद गोयनका ने एक लेटर भी लिखा था। अपने लेटर में केके गोयनका ने लिखा था, ‘इस अखबार के साथ मेरी काफी लंबी पारी रही है और मैं इससे वर्ष 1989 से जुड़ा हुआ था। महज 500 कॉपियों से शुरू होकर 650000 कॉपियों तक पहुंचने की यह काफी चुनौतीपूर्ण और आकर्षक यात्रा रही और हमने तीन शीर्ष समाचार पत्रों की चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना किया।’ इसके साथ ही गोयनका ने लिखा था कि अखबार के साथ अपने लंबे जुड़ाव पर उन्हें गर्व महसूस होता है और इस संस्थान को इसके वर्तमान स्तर पर लाने में भूमिका निभाने के लिए वह खुद को भाग्यशाली मानते हैं।
21 नवंबर को भारतीय प्रशासनिक सेवा के वरिष्ठ अधिकारी गौरव द्विवेदी ने प्रसार भारती के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) का पदभार संभाला। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने उन्हें पांच वर्ष के लिए नियुक्त किया है। पदभार ग्रहण करने के बाद गौरव द्विवेदी ने कहा कि प्रसार भारती की दो इकाइयां, आकाशवाणी और दूरदर्शन को अब भी सबसे विश्वसनीय माना जाता है। उन्होंने कहा कि इन इकाइयों को और मजबूत करने के प्रयास किए जाएंगे। बता दें कि गौरव द्विवेदी 1995 बैच के छत्तीसगढ़ कैडर के आईएएस अधिकारी हैं। इससे पूर्व गौरव द्विवेदी केरल, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में विभिन्न जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। वह मसूरी में आईएएस ट्रेनिंग एकेडमी के फैकल्टी मेंबर भी रह चुके हैं। वर्तमान में वह ‘इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय’ (Ministry of Electronics & Information Technology) में बतौर सीईओ तैनात हैं। बेहतर प्रशासन के लिए उन्हें प्राइम मिनिस्टर अवॉर्ड से भी सम्मानित किया जा चुका है।
दिसबंर में वरिष्ठ टीवी पत्रकार पशुपति शर्मा ने ‘आईटीवी नेटवर्क’ (iTV Network) के नेशनल हिंदी न्यूज चैनल ‘इंडिया न्यूज‘ (India News) के साथ बतौर एग्जिक्यूटिव एडिटर अपनी नई पारी का आगाज किया। ‘इंडिया न्यूज’ के साथ पशुपति शर्मा की यह दूसरी पारी है। पूर्व में भी वह इस चैनल में अपनी भूमिका निभा चुके हैं। इससे पहले पशुपति शर्मा नोएडा से रीलॉन्च हुए चैनल ‘न्यूज इंडिया‘ (News India) में मैनेजिंग एडिटर के तौर पर अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे, जहां से कुछ समय पहले उन्होंने इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने इस चैनल की रीलॉन्चिंग में अहम भूमिका निभाई थी। ‘न्यूज इंडिया’ से पहले पशुपति शर्मा देश के कई बड़े मीडिया संस्थानों में अपनी भूमिका निभा चुके हैं। वह ‘आजतक’, ‘दिल्ली आजतक’, ‘न्यूज 24’, ‘इंडिया टीवी’ और ‘न्यूज नेशन’ में लंबे समय तक कार्यरत रहे हैं। ज्यादातर संस्थानों में वह कोर टीम का हिस्सा रहे और चैनल की प्लानिंग और उसे अमलीजामा पहनाने में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। ‘जी हिन्दुस्तान’ की रिलॉन्चिंग में भी पशुपति शर्मा की भूमिका थी।
दिसंबर में ‘जी मीडिया’ (Zee Media) से एक और बड़ी खबर निकलकर सामने आई कि ‘जी मीडिया’ ने यहां वरिष्ठ पत्रकार रोशन तमांग को चीफ कंटेंट ऑफिसर (डिजिटल) के पद पर नियुक्त किया है। उन्होंने नोएडा से अपना कामकाज संभाला है। बता दें कि तमांग को विभिन्न मीडिया संस्थानों में डिजिटल बिजनेस को संभालने का दो दशक से ज्यादा का अनुभव है। पूर्व में वह ‘जागरण न्यू मीडिया’ (Jagran New Media), ‘इंडिया अहेड’ (India Ahead), ‘ओटस मीडिया’ (Otus Media), ‘नेटवर्क18’ (Network18), ‘टाइम्स इंटरनेट’ (Times Internet) और ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ (The Indian Express) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया हाउसेज में अपनी भूमिकाएं निभा चुके हैं। ‘जी मीडिया’ में अपनी पारी शुरू करने से पहले रोशन तमांग ‘जागरण न्यू मीडिया’ (Jagran New Media) में चीफ इनोवेशन ऑफिसर के तौर पर कार्यरत थे।
श्रीनिवासन के. स्वामी, जो AAAI के पूर्व अध्यक्ष हैं, 2026-27 के लिए AAAI बोर्ड में पदेन सदस्य के रूप में शामिल रहेंगे।
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Samachar4media Bureau
रेडिफ्यूजन ब्रैंड सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड के चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. संदीप गोयल को विज्ञापन एजेंसियों की संस्था एडवरटाइजिंग एजेंसीज एसोसिएशन ऑफ इंडिया (AAAI) का अध्यक्ष चुना गया है। मुंबई में आयोजित वार्षिक आम बैठक में उन्हें इस पद पर चुना गया, वहीं जयदीप आर गांधी को एसोसिएशन का उपाध्यक्ष चुना गया है।
2026-27 के लिए AAAI बोर्ड में चुने गए अन्य सदस्यों में सैम बालसारा, चेयरमैन एवं एमडी, मैडिसन कम्युनिकेशंस प्राइवेट लिमिटेड; प्रियंका चटर्जी, डायरेक्टर, स्टैंडर्ड पब्लिसिटी प्राइवेट लिमिटेड; तान्या गोयल, डायरेक्टर, एवरेस्ट ब्रैंड सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड; संतोष कुमार, सीओओ, इनोशियन वर्ल्डवाइड कम्युनिकेशंस प्राइवेट लिमिटेड; कुणाल ललानी, एमडी, क्रेयॉन्स एडवरटाइजिंग प्राइवेट लिमिटेड; चंद्रमौली मुथु, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर, मैत्री एडवरटाइजिंग वर्क्स प्राइवेट लिमिटेड, कोच्चि; के. श्रीनिवास, मैनेजिंग डायरेक्टर, स्लोका एडवरटाइजिंग प्राइवेट लिमिटेड, हैदराबाद और अजीत वर्गीज, ग्रुप सीईओ, मीडिया एवं ओओएच, प्लेटिनम एडवरटाइजिंग प्राइवेट लिमिटेड शामिल हैं। श्रीनिवासन के. स्वामी, जो AAAI के पूर्व अध्यक्ष हैं, 2026-27 के लिए AAAI बोर्ड में पदेन सदस्य के रूप में शामिल रहेंगे।
अध्यक्ष चुने जाने के बाद डॉ. संदीप गोयल ने कहा कि AAAI के सदस्यों ने उन पर जो भरोसा जताया है, वह उनके लिए सम्मान की बात है। उन्होंने विज्ञापन में इनोवेशन को बढ़ावा देने, रचनात्मकता के उच्च मानकों को बनाए रखने और पिछले अध्यक्षों द्वारा किए गए कार्यों को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई। उन्होंने कहा कि इस वर्ष संस्था का लक्ष्य पूरे विज्ञापन और मीडिया इकोसिस्टम को लगातार सहयोग देना होगा, ताकि इंडस्ट्री नई तकनीकों से पैदा होने वाली चुनौतियों से निपट सके और नए कारोबारी अवसरों का लाभ उठा सके।
डॉ. गोयल ने यह भी कहा कि AAAI का नया बोर्ड अनुभवी और प्रतिभाशाली है और उन्हें विश्वास है कि यह इंडस्ट्री को आगे ले जाएगा। उन्होंने बताया कि इस वर्ष युवा पीढ़ी के कौशल विकास पर भी ध्यान दिया जाएगा और सामाजिक मुद्दों से जुड़े कार्य किए जाएंगे, ताकि वास्तविक संचार समाज के बेहतर भविष्य में योगदान दे सके। बता दें कि डॉ. संदीप गोयल एमबीए, पीएचडी और डी.लिट. हैं। वह रेडिफ्यूजन और एवरेस्ट, दोनों स्वतंत्र विज्ञापन एजेंसियों के चेयरमैन हैं। उन्होंने पिछले 40 वर्षों में HTA (अब VML), त्रिकाया ग्रे (अब WPP का हिस्सा), DDB मुद्रा, रेडिफ्यूजन डेंट्सु और यंग एंड रूबिकैम जैसी प्रतिष्ठित संस्थाओं के साथ काम किया है।
वह जी टेलीफिल्म्स के पूर्व ग्रुप सीईओ और Dentsu India & Middle East के पूर्व इंडिया JV पार्टनर एवं चेयरमैन भी रहे हैं। डॉ. गोयल Snapchat के इंडिया एडवाइजरी बोर्ड के चेयरमैन रह चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने पंजाब सरकार में तीन वर्ष तक प्रिंसिपल सेक्रेटरी के रूप में भी काम किया है। वह कई किताबें लिख चुके हैं और नियमित रूप से द इकोनॉमिक टाइम्स, बिजनेस स्टैंडर्ड समेत अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों में कॉलम और लेख लिखते हैं।
वहीं, जयदीप आर गांधी ने कहा कि AAAI के उपाध्यक्ष के रूप में दोबारा चुना जाना उनके लिए सम्मान की बात है और यह इंडस्ट्री के भरोसे को दर्शाता है। उन्होंने विज्ञापन में इनोवेशन और उत्कृष्टता को बढ़ावा देने तथा इंडस्ट्री के विकास में योगदान देने की बात कही।
जयदीप गांधी Another Idea के संस्थापक हैं और 2008 से AAAI से जुड़े हैं। वह 2014 से AAAI के बोर्ड में हैं। उन्होंने Goafest में को-चेयर के रूप में काम किया और 2019 से इसके चेयरमैन हैं। AAAI के अलावा वह IAA India Chapter के बोर्ड सदस्य और Advertising Council of India के STACA Trust के ट्रस्टी हैं। AAAI के अनुसार, मानद सचिव, मानद कोषाध्यक्ष और अन्य को-ऑप्टेड निदेशकों के नाम बाद में घोषित किए जाएंगे। इसके लिए 2026-27 के निर्वाचित बोर्ड सदस्यों की बैठक में एसोसिएशन के नियमों के अनुसार रिक्त पदों को भरा जाएगा।
गौरतलब है कि AAAI इंडस्ट्री द्वारा संचालित और इंडस्ट्री प्रबंधित एक गैर-लाभकारी ट्रेड एसोसिएशन है। इसकी स्थापना 1945 में विज्ञापन एजेंसियों के इंडस्ट्री के हितों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से की गई थी। AAAI के अनुसार, आज इसके सदस्य छोटे, मध्यम और बड़े आकार की बड़ी संख्या में एजेंसियों का प्रतिनिधित्व करते हैं, जो मिलकर देश में किए जाने वाले विज्ञापन कारोबार का लगभग 80 प्रतिशत हिस्सा रखते हैं।
याप डिजिटल को नारायणा हेल्थ के देशभर के अस्पतालों के सोशल मीडिया मैंडेट की जिम्मेदारी मिली है। इसमें रणनीति, कंटेंट, क्रिएटिव, स्थानीय स्टोरीटेलिंग, प्लेटफॉर्म मैनेजमेंट और ऑडियंस एंगेजमेंट शामिल हैं।
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Samachar4media Bureau
याप डिजिटल लिमिटेड (YAAP Digital Limited) को नारायणा हेल्थ (Narayana Health) के उत्तर, पूर्व, पश्चिम, दक्षिण और मध्य भारत स्थित अस्पतालों के सोशल मीडिया मैंडेट की जिम्मेदारी मिली है।
इस मैंडेट में सोशल मीडिया स्ट्रैटेजी (Social Media Strategy), कंटेंट डेवलपमेंट (Content Development), क्रिएटिव एग्जीक्यूशन (Creative Execution), स्थानीय स्टोरीटेलिंग (Local Storytelling), प्लेटफॉर्म मैनेजमेंट (Platform Management) और लगातार ऑडियंस एंगेजमेंट (Audience Engagement) शामिल हैं। इसके तहत नारायणा हेल्थ की कई अस्पताल इकाइयों और क्षेत्रीय सोशल मीडिया हैंडल्स का मैनेजमेंट किया जाएगा।
यह नई जिम्मेदारी हेल्थकेयर क्षेत्र में याप डिजिटल की मौजूदगी को और मजबूत करती है। कंपनी के अनुसार, उसे अलग-अलग भौगोलिक क्षेत्रों में फैले सोशल मीडिया अकाउंट्स संभालने का अनुभव है। देशभर में मरीजों के समुदाय और सांस्कृतिक संदर्भ अलग-अलग होने को देखते हुए, हर अस्पताल इकाई की पहचान और स्थानीय संदर्भ से जुड़ी स्टोरीटेलिंग पर फोकस किया जाएगा।
इस साझेदारी पर नारायणा हेल्थ के कंट्री हेड- ब्रांड एंड मार्केटिंग अभिषेक मिश्रा (Abhishek Mishra) ने कहा कि उनके अस्पताल जिन समुदायों की सेवा करते हैं, वहां उनकी गहरी मौजूदगी है और सोशल मीडिया पर भी स्थानीय संदर्भ और प्रासंगिकता दिखाई देनी चाहिए। नेटवर्क में एक समान ब्रांड अनुभव बनाए रखते हुए भी हर अस्पताल इकाई अपने दर्शकों से अलग तरीके से जुड़ती है। उन्होंने कहा कि याप की स्थानीय स्टोरीटेलिंग क्षमता और बड़े स्तर पर अलग-अलग यूनिट पेज संभालने की क्षमता इस साझेदारी में अहम होगी।
याप डिजिटल के सीनियर पार्टनर मनन कपूर (Manan Kapoor) ने कहा कि नारायणा हेल्थ गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाने की मजबूत विरासत रखने वाला संस्थान है। उन्होंने कहा कि कंपनी के साथ साझेदारी के जरिए क्रिएटिविटी, तकनीक और क्षेत्रीय समझ को जोड़कर समुदाय के स्तर पर सार्थक जुड़ाव बनाने की कोशिश की जाएगी।
मैंडेट के तहत याप डिजिटल नारायणा हेल्थ की विभिन्न अस्पताल इकाइयों के साथ मिलकर हर क्षेत्र के लिए उपयुक्त सोशल मीडिया रणनीति तैयार करेगा। इसका उद्देश्य अलग-अलग क्षेत्रों में अस्पतालों को स्थानीय समुदायों से अधिक प्रभावी और सार्थक तरीके से जोड़ना है।
संजय कुमार इससे पहले करीब दो साल से Zee Media के हाइपरलोकल न्यूज प्लेटफॉर्म PINEWZ में एडिटर की जिम्मेदारी संभाल रहे थे
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Samachar4media Bureau
वरिष्ठ पत्रकार संजय कुमार ने देश के प्रमुख न्यूज नेटवर्क्स में शुमार ‘टाइम्स नेटवर्क’ (Times Network) के साथ नई पारी का आगाज किया है। उन्होंने टाइम्स नाउ डिजिटल में बतौर सीनियर एडिटर (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) जॉइन किया है।
संजय कुमार इससे पहले करीब दो साल से Zee Media के हाइपरलोकल न्यूज प्लेटफॉर्म PINEWZ में एडिटर की जिम्मेदारी संभाल रहे थे
मूल रूप से बिहार के रहने वाले संजय कुमार को मीडिया में काम करने का करीब 30 साल का अनुभव है। पत्रकारिता में अपने करियर की शुरुआत उन्होंने ऑल इंडिया रेडियो से की। वह न्यूज एजेंसी एएनआई में बिहार-नेपाल के हेड भी रह चुके हैं। वह लंबे समय तक सहारा में भी कार्यरत रहे हैं, जहां उन्होंने ब्यूरो चीफ से लेकर आउटपुट हेड जैसी प्रमुख भूमिकाओं में अपनी जिम्मेदारी निभाई।
कुछ प्रॉडक्शन हाउसेज में काम करने के अलावा संजय कुमार ने आर्यन नामक टीवी चैनल की लॉन्चिंग में भी अहम जिम्मेदारी निभाई। इसके साथ ही वह महुआ टीवी, पी7, न्यूज नेशन और इंडिया डेली लाइव जैसे प्रतिष्ठित न्यूज संस्थानों में भी महत्वपूर्ण पदों पर अपनी भूमिकाएं निभा चुके हैं।
दिल्ली यूनिवर्सिटी के विद्यार्थी रहे संजय कुमार ने भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई की है। समाचार4मीडिया की ओर से संजय कुमार को उनके नए सफर के लिए ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।
रुबिका ने जून में नेटवर्क18 को बाय बोलकर 'टाइम्स नाउ नवभारत' में सीनियर एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर नई पारी शुरू की थी। वह यहां वाइस प्रेजिडेंट (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) की जिम्मेदारी भी संभाल रही थीं।
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Samachar4media Bureau
जानी-मानी पत्रकार और लोकप्रिय न्यूज एंकर रुबिका लियाकत को लेकर मीडिया जगत में नई चर्चा जोर पकड़ रही है। इन चर्चाओं के अनुसार हाल ही में 'टाइम्स नाउ नवभारत' से अलग होने के बाद रुबिका लियाकत एक बार फिर 'न्यूज18 इंडिया' का रुख कर सकती हैं। विश्वसनीय सूत्रों की मानें तो वह यहां शाम सात बजे का शो कर सकती हैं और स्पेशल प्रोजेक्ट्स की जिम्मेदारी भी संभाल सकती हैं। हालांकि, इस बारे में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है।
इस संबंध में पुष्टि के लिए समाचार4मीडिया की टीम ने नेटवर्क18 प्रबंधन और रुबिका लियाकत से संपर्क किया, लेकिन खबर लिखे जाने तक वहां से किसी तरह की प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी थी।
बता दें कि रुबिका लियाकत ने इसी वर्ष जून में 'टाइम्स नाउ नवभारत' में सीनियर एग्जिक्यूटिव एडिटर के तौर पर नई पारी शुरू की थी। इसके साथ ही वह नेटवर्क में वाइस प्रेजिडेंट (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी संभाल रही थीं। वह नोएडा स्थित नेटवर्क कार्यालय से अपनी भूमिका का निर्वहन कर रही थीं, जहां से उन्होंने पिछले दिनों ही अपनी पारी को विराम दे दिया है।
'टाइम्स नाउ नवभारत' से अलग होने के साथ ही रुबिका लियाकत के अगले कदम को लेकर मीडिया इंडस्ट्री में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। इसी बीच यह चर्चा भी है कि वह अपने पुराने संस्थान 'न्यूज18 इंडिया' में वापसी कर सकती हैं।
गौरतलब है कि 'टाइम्स नाउ नवभारत' से पहले रुबिका लियाकत 'न्यूज18 इंडिया' में कंसल्टिंग एडिटर और प्राइम-टाइम एंकर के रूप में कार्यरत थीं। वहां उन्होंने कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों और विशेष कवरेज का नेतृत्व किया था और चैनल की प्रमुख चेहरों में शामिल थीं।
रुबिका लियाकत को ब्रॉडकास्ट जर्नलिज्म, राजनीतिक रिपोर्टिंग, प्राइम-टाइम एंकरिंग और न्यूजरूम नेतृत्व का 19 वर्षों से अधिक का अनुभव है। अपने पत्रकारिता करियर में उन्होंने एबीपी न्यूज, ज़ी न्यूज, न्यूज24, भारत24, लाइव इंडिया, नेटवर्क18 इंडिया और 'टाइम्स नाउ नवभारत' जैसे प्रमुख मीडिया संस्थानों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाई हैं।
फिलहाल उनकी अगली पारी को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन मीडिया गलियारों में उनकी संभावित वापसी को लेकर चर्चाएं लगातार जारी हैं।
याप डिजिटल लिमिटेड की 11वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) मंगलवार, 29 सितंबर 2026 को दोपहर 2 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यम (ओएवीएम) के जरिए आयोजित हुई।
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Vikas Saxena
English Headline: Yaap Digital Holds 11th AGM, Takes Up Five Resolutions
याप डिजिटल लिमिटेड की 11वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) मंगलवार, 29 सितंबर 2026 को दोपहर 2 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यम (ओएवीएम) के जरिए आयोजित हुई। कंपनी ने यह बैठक कंपनी कानून, 2013 और संबंधित नियमों के साथ-साथ कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय और सेबी की लागू गाइडलाइंस के अनुसार आयोजित की।
बैठक की शुरुआत दोपहर 2 बजे हुई। कंपनी का रजिस्टर्ड ऑफिस ही बैठक का स्थान माना गया। कंपनी की कंपनी सेक्रेटरी और कंप्लायंस ऑफिसर शिवानी तिवारी ने सदस्यों का स्वागत किया और बताया कि बैठक वीसी/ओएवीएम के जरिए हो रही है। उन्होंने यह भी बताया कि बैठक में शामिल सदस्यों को किसी तरह की परेशानी से बचाने के लिए होस्ट की ओर से म्यूट रखा गया था और बैठक की रिकॉर्डिंग अनुपालन के लिए की जा रही थी।
इसके बाद कंपनी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर लक्ष्मीराज सीताराम नायक ने बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने सदस्यों का स्वागत किया और बताया कि बैठक शुरू करने के लिए जरूरी संख्या में सदस्य मौजूद थे। इसके बाद उन्होंने बैठक शुरू करने की घोषणा की।
बैठक में कंपनी की इंडिपेंडेंट डायरेक्टर व नॉमिनेशन एंड रिम्यूनरेशन कमेटी की चेयरपर्सन वंदना मैथानी सिंह ने बताया कि वह दिल्ली से बैठक में शामिल हुईं। इंडिपेंडेंट डायरेक्टर और ऑडिट व स्टेकहोल्डर रिलेशनशिप कमेटी के चेयरमैन जगदेश बाबू बोट्टा और नॉन-एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर विजयकुमार मालपानी ने मलाड, मुंबई से बैठक में हिस्सा लिया।
कंपनी के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर जिगेश शाह, एजीएम के स्क्रूटिनाइजर मन्निश घिया, वैधानिक ऑडिटर्स के प्रतिनिधि प्रियंका जाजू और दिनेश जैन, सेक्रेटेरियल ऑडिटर्स की प्रतिनिधि दीप्ति शर्मा और कंपनी से जुड़े अन्य अधिकारी भी बैठक में मौजूद रहे।
बैठक में कुल 8 शेयरधारक/सदस्य वीसी/ओएवीएम के जरिए शामिल हुए।
वार्षिक रिपोर्ट और नोटिस
कंपनी सेक्रेटरी ने बताया कि 31 मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष की वार्षिक रिपोर्ट और 11वीं एजीएम का नोटिस सदस्यों के रजिस्टर्ड ईमेल पते पर पहले ही भेजा जा चुका था। इसमें ऑडिट किए गए स्टैंडअलोन और कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजे, बोर्ड की रिपोर्ट, ऑडिटर्स की रिपोर्ट और अन्य जरूरी दस्तावेज शामिल थे।
सदस्यों की सहमति से एजीएम का नोटिस पढ़ा हुआ मान लिया गया। कंपनी ने यह भी बताया कि वैधानिक ऑडिटर्स की रिपोर्ट में कोई क्वालिफिकेशन, रिजर्वेशन, प्रतिकूल टिप्पणी या डिस्क्लेमर नहीं था, इसलिए उसे बैठक में पढ़ने की जरूरत नहीं थी।
कंपनी सेक्रेटरी ने यह भी बताया कि सदस्यों को डायरेक्टर्स और प्रमुख मैनेजेरियल कर्मचारियों का रजिस्टर तथा कॉन्ट्रैक्ट या अरेंजमेंट से जुड़े रजिस्टर बैठक के दौरान देखने के लिए उपलब्ध थे। सदस्यों की ओर से पहले से कोई सवाल या पूछताछ नहीं मिली थी, इसलिए अलग से सवाल-जवाब सत्र की जरूरत नहीं पड़ी।
चेयरमैन ने कंपनी के प्रदर्शन की जानकारी दी
चेयरमैन लक्ष्मीराज सीताराम नायक ने सदस्यों को कंपनी के 31 मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष के प्रदर्शन और गतिविधियों की संक्षिप्त जानकारी दी। उन्होंने कंपनी के कारोबार और भविष्य की संभावनाओं को लेकर भी अपने विचार साझा किए।
उन्होंने सदस्यों को उनके लगातार समर्थन और एजीएम में शामिल होने के लिए धन्यवाद दिया।
ई-वोटिंग की सुविधा
कंपनी ने एजीएम में रखे गए प्रस्तावों पर मतदान के लिए नेशनल सिक्योरिटीज डिपॉजिटरी लिमिटेड (एनएसडीएल) के जरिए रिमोट ई-वोटिंग की सुविधा दी थी।
कंपनी ने बताया कि जिन सदस्यों ने पहले ही रिमोट ई-वोटिंग के जरिए वोट कर दिया था, वे एजीएम में शामिल तो हो सकते थे, लेकिन बैठक के दौरान दोबारा वोट नहीं कर सकते थे। जिन सदस्यों ने रिमोट ई-वोटिंग के जरिए वोट नहीं किया था, उन्हें एजीएम के दौरान इलेक्ट्रॉनिक तरीके से वोट करने का मौका दिया गया।
क्योंकि प्रस्तावों पर रिमोट ई-वोटिंग के जरिए पहले ही मतदान कराया जा चुका था, इसलिए बैठक में प्रस्तावों को रखने और उनका समर्थन करने की अलग प्रक्रिया की जरूरत नहीं थी।
एजीएम में 5 प्रस्ताव रखे गए
बैठक में कंपनी सेक्रेटरी ने नोटिस में दिए गए कारोबार के पांच प्रस्तावों को सामने रखा:
कंपनी ने बताया कि इन प्रस्तावों की पूरी जानकारी और उनसे जुड़ा एक्सप्लेनेटरी स्टेटमेंट एजीएम के नोटिस में पहले ही सदस्यों को उपलब्ध कराया गया था।
एजीएम के दौरान 15 मिनट चली ई-वोटिंग
कंपनी सेक्रेटरी ने बताया कि जिन सदस्यों ने रिमोट ई-वोटिंग के जरिए अपना वोट नहीं डाला था, उनके लिए एजीएम के दौरान 15 मिनट तक ई-वोटिंग की सुविधा खुली रही।
सदस्यों से एनएसडीएल के ई-वोटिंग प्लेटफॉर्म के जरिए वोट डालने को कहा गया। एजीएम के स्क्रूटिनाइजर मन्निश घिया रिमोट ई-वोटिंग और एजीएम के दौरान हुए ई-वोटिंग, दोनों के वोटों की जांच करेंगे और उनकी संयुक्त रिपोर्ट तैयार करेंगे।
2:33 बजे खत्म हुई एजीएम
कोई अन्य कारोबार नहीं होने के कारण चेयरमैन ने सदस्यों को उनकी भागीदारी के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने सदस्यों, डायरेक्टर्स, कर्मचारियों, ऑडिटर्स और अन्य स्टेकहोल्डर्स के सहयोग की भी सराहना की।
याप डिजिटल की 11वीं एजीएम दोपहर 2:33 बजे ई-वोटिंग की प्रक्रिया पूरी होने के बाद समाप्त हुई। रिमोट ई-वोटिंग और एजीएम के दौरान हुई ई-वोटिंग के संयुक्त नतीजे और स्क्रूटिनाइजर की रिपोर्ट तय समय के भीतर स्टॉक एक्सचेंज को भेजी जाएगी। इन्हें कंपनी और एनएसडीएल की वेबसाइट पर भी उपलब्ध कराया जाएगा।
वर्टोज लिमिटेड की 15वीं सालाना आम बैठक (एजीएम) 29 सितंबर 2026 को शाम 4 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यम (ओएवीएम) के जरिए हुई।
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Vikas Saxena
वर्टोज लिमिटेड (Vertoz Limited) की 15वीं सालाना आम बैठक (एजीएम) 29 सितंबर 2026 को शाम 4 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (वीसी) और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यम (ओएवीएम) के जरिए हुई। बैठक का आयोजन केफिन टेक्नोलॉजीज लिमिटेड की सुविधा के जरिए किया गया।
कंपनी ने बताया कि बैठक शुरू करने के लिए जरूरी संख्या में सदस्य मौजूद थे। 22 सितंबर 2026 की रिकॉर्ड डेट के मुताबिक कंपनी के कुल सदस्यों की संख्या 64,578 थी। एजीएम में कुल 47 सदस्य वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए। इनमें 12 प्रमोटर ग्रुप और 35 पब्लिक शेयरधारक थे।
बैठक की शुरुआत कंपनी के चेयरमैन और नॉन-एग्जीक्यूटिव नॉन-इंडिपेंडेंट डायरेक्टर हर्षद उत्तमचंद शाह ने की। इसके बाद सभी डायरेक्टर्स की सहमति से हिरेंकुमार शाह को बैठक का चेयरमैन बनाया गया।
कंपनी सेक्रेटरी एवं कंप्लायंस ऑफिसर नूपुर जोशी ने शेयरधारकों को एजीएम और वोटिंग प्रक्रिया से जुड़ी सामान्य जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उमाशंकर हेगड़े, जो यू. हेगड़े एंड एसोसिएट्स के सोल प्रोपराइटर हैं, को ई-वोटिंग प्रक्रिया की निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से जांच के लिए स्क्रूटिनाइजर नियुक्त किया गया था।
कंपनी ने बताया कि ई-वोटिंग के नतीजे और स्क्रूटिनाइजर की रिपोर्ट बैठक खत्म होने के दो कार्यदिवस के भीतर एनएसई को भेजी जाएगी। इन्हें कंपनी और केफिन टेक्नोलॉजीज की वेबसाइट पर भी रखा जाएगा।
एजीएम में रखे गए 5 प्रस्ताव
एजीएम में कुल 5 प्रस्ताव रखे गए। इनमें से पहले दो सामान्य कारोबार से जुड़े थे, जबकि तीन विशेष कारोबार से जुड़े थे।
एजीएम के दौरान जिन सदस्यों ने पहले रिमोट ई-वोटिंग के जरिए वोट नहीं किया था, उनके लिए 15 मिनट के लिए इंस्टा-पोल/ई-वोटिंग की सुविधा खुली रखी गई।
एजीएम शाम 4:35 बजे समाप्त हुई। कंपनी ने साफ किया है कि ई-वोटिंग के नतीजे अलग से स्टॉक एक्सचेंज को बताए जाएंगे।
वह फिलहाल NBT में स्टेट ब्यूरो चीफ की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनकी यह नियुक्ति सुधीर मिश्रा के रेजिडेंट एडिटर पद से इस्तीफा देने के बाद हुई है।
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Samachar4media Bureau
जाने-माने पत्रकार मनीष श्रीवास्तव को हिंदी दैनिक नवभारत टाइम्स (NBT) के लखनऊ संस्करण का रेजिडेंट एडिटर नियुक्त किया गया है। वह फिलहाल NBT में स्टेट ब्यूरो चीफ की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनकी यह नियुक्ति सुधीर मिश्रा के रेजिडेंट एडिटर पद से इस्तीफा देने के बाद हुई है। सुधीर मिश्रा ने मंगलवार को करीब 14 वर्षों तक टाइम्स ग्रुप के साथ रहने के बाद अपने पद से इस्तीफा दिया।
मनीष श्रीवास्तव वर्ष 2013 से NBT के साथ जुड़े हुए हैं। इससे पहले उन्होंने अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिंदुस्तान जैसे प्रमुख हिंदी अखबारों में काम किया है। उत्तर प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक मामलों पर उनकी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें जाना जाता है।
मनीष श्रीवास्तव के करियर में 2012 में उत्तर प्रदेश के नेशनल रूरल हेल्थ मिशन (NRHM) घोटाले की रिपोर्टिंग एक महत्वपूर्ण पड़ाव रही। उस समय वह अमर उजाला के साथ काम कर रहे थे। उनकी खोजी पत्रकारिता के जरिए उत्तर प्रदेश में सामने आए इस बड़े भ्रष्टाचार मामले की जानकारी सामने आई थी।
NRHM घोटाले में ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के लिए केंद्र सरकार की योजना से जुड़े करीब 10,000 करोड़ रुपये की कथित हेराफेरी का मामला सामने आया था। इस मामले में कई मुख्य चिकित्सा अधिकारियों की हत्या, जांच, कई नौकरशाहों और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी तथा बाद में एक मंत्री के इस्तीफे जैसी घटनाएं सामने आईं। यह मामला उत्तर प्रदेश से सामने आए बड़े घोटालों में शामिल रहा।
NBT के साथ 13 वर्षों से अधिक समय के दौरान मनीष श्रीवास्तव ने उत्तर प्रदेश के बाजार में रिपोर्टिंग और संपादकीय जिम्मेदारियों से जुड़ी कई महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। अब उन्हें लखनऊ संस्करण के रेजिडेंट एडिटर की जिम्मेदारी दी गई है।
समाचार4मीडिया की ओर से मनीष श्रीवास्तव को ढेरों बधाई और शुभकामनाएं।
सुधीर मिश्रा के अनुसार, उन्होंने करीब एक महीने पहले इस्तीफा दिया था। वह फिलहाल नवंबर के पहले हफ्ते तक नोटिस पीरियड पर काम करते रहेंगे।
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Samachar4media Bureau
वरिष्ठ पत्रकार सुधीर मिश्र ने ‘नवभारत टाइम्स’ (NBT) के लखनऊ संस्करण के स्थानीय संपादक पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर एक विस्तृत पोस्ट के जरिए अपने इस्तीफे की जानकारी साझा की है। सुधीर मिश्रा के अनुसार, उन्होंने करीब एक महीने पहले इस्तीफा दिया था। वह फिलहाल नवंबर के पहले हफ्ते तक नोटिस पीरियड पर काम करते रहेंगे।
सुधीर मिश्र का ‘नवभारत टाइम्स’ के साथ करीब 14 साल का सफर रहा है। 1 अप्रैल 2013 को लखनऊ-कानपुर संस्करण के दोबारा शुरू होने के दौरान स्थानीय संपादक के तौर पर उन्होंने NBT जॉइन किया था। जून 2017 तक उन्होंने लखनऊ संस्करण की जिम्मेदारी संभाली। इसके बाद 2017 से 2022 तक लखनऊ और एनसीआर संस्करण तथा 2022 से मार्च 2024 तक दिल्ली संस्करण के संपादक रहे। मार्च 2024 में उनकी लखनऊ वापसी हुई और तब से वह दोबारा लखनऊ संस्करण के स्थानीय संपादक के तौर पर काम कर रहे थे।
लखनऊ से ही अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत करने वाले सुधीर मिश्र करीब 15 साल तक वहां रिपोर्टर भी रहे हैं। उन्होंने ‘दैनिक जागरण’ में करीब पांच साल और ‘हिन्दुस्तान’ में करीब दस साल बतौर रिपोर्टर काम किया। इसके अलावा वह ‘दैनिक भास्कर’ राजस्थान में करीब तीन साल तक संपादक रहे हैं। वह दो किताबें ‘मुसाफिर हूं यारो’ और ‘हाइब्रिड नेता’ लिख चुके हैं। उन्होंने एक शॉर्ट फिल्म ‘गूलर का फूल’ भी बनाई है, जिसे बार्सिलोना में बेस्ट शॉर्ट फिल्म का अवॉर्ड मिल चुका है।
अपने इस्तीफे की वजह बताते हुए सुधीर मिश्र ने अपनी पोस्ट में कहा कि वह रिटायरमेंट मोड में नहीं जाना चाहते और आगे भी काम करना चाहते हैं। उनके मुताबिक, NBT लखनऊ में उनके रिटायरमेंट तक के करीब दो साल बाकी थे और उन्हें लगा कि इन वर्षों को किसी नए प्रोजेक्ट में लगाकर अधिक प्रोडक्टिव बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि फैसला कठिन था, लेकिन आगे की मंजिल साफ दिख रही हो तो फिर मुश्किल नहीं होती।
सुधीर मिश्र ने NBT में अपने 14 साल के सफर को याद करते हुए टीम और संस्थान से मिले अनुभवों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इस दौरान नई तकनीक, कोविड, डिजिटल का बढ़ता दबाव, पाठकों की बदलती आदतों और काम की बढ़ती चुनौतियों के बीच टीम ने मिलकर काम किया। उन्होंने अपनी लखनऊ टीम के गठन और उसके साथ लंबे जुड़ाव को भी विस्तार से याद किया।
उन्होंने संकेत दिया कि आगे वह किसी नए प्रोजेक्ट पर काम कर सकते हैं और कहा कि वह पत्रकारिता से जुड़े रहेंगे। उनके शब्दों में, ‘पत्रकारिता मेरा पैशन है और उसी को आगे भी जीना है।’
सचिन भटनागर को लक्सर ग्रुप में प्रेसिडेंट- इंटरनेशनल बिजनेस नियुक्त किया गया है। नोएडा स्थित हेड ऑफिस से वह बिजनेस ग्रोथ, मार्केट विस्तार और नए इंटरनेशनल अवसरों पर काम करेंगे।
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Samachar4media Bureau
सचिन भटनागर (Sachin Bhatnagar) को लक्सर ग्रुप (Luxor Group) में प्रेसिडेंट- इंटरनेशनल बिजनेस (President - International Business) नियुक्त किया गया है। कंपनी ने लिंक्डइन (LinkedIn) पोस्ट के जरिए उनकी नई जिम्मेदारी की जानकारी साझा की है। वह नोएडा स्थित कंपनी के हेड ऑफिस (Head Office) से काम करेंगे।
नई भूमिका में सचिन भटनागर बिजनेस ग्रोथ (Business Growth) बढ़ाने, मार्केट प्रेजेंस (Market Presence) मजबूत करने और नए इंटरनेशनल अवसर (International Opportunities) तैयार करने में अहम भूमिका निभाएंगे। लक्सर ग्रुप अपने इंटरनेशनल विस्तार को आगे बढ़ा रहा है।
कंपनी ने अपनी लिंक्डइन पोस्ट में कहा, “हमें सचिन भटनागर का लक्सर ग्रुप के प्रेसिडेंट के तौर पर स्वागत करते हुए खुशी हो रही है। हम उनके नेतृत्व, विशेषज्ञता और लक्सर की निरंतर ग्रोथ और सफलता में योगदान की उम्मीद करते हैं।”
सचिन भटनागर के पास 30 वर्षों से ज्यादा का अनुभव है। उन्हें मल्टीनेशनल कॉरपोरेशंस (Multinational Corporations), यूरोपियन मार्केट लीडर्स (European Market Leaders) और भारतीय लिस्टेड कंपनियों में इंटरनेशनल बिजनेस (International Business) तैयार करने और उसे बड़े स्तर पर विस्तार देने का अनुभव है।
उनका अनुभव कंज्यूमर प्रोडक्ट्स (Consumer Products), एफएमसीजी (FMCG), स्टेशनरी (Stationery), पैकेजिंग और प्रिंटिंग (Packaging & Printing), स्पेशलिटी केमिकल्स (Specialty Chemicals), प्रिसीजन इंजीनियरिंग (Precision Engineering) और फार्मा (Pharma) जैसे क्षेत्रों में रहा है।
ग्लोबल इवेंट मार्केटिंग एजेंसी ओपस एजेंसी (Opus Agency) ने एशिया पैसिफिक क्षेत्र में अपनी मौजूदगी बढ़ाने के लिए ASEAN और ANZ के लिए अलग-अलग वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति की है।
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Samachar4media Bureau
ग्लोबल इवेंट मार्केटिंग एजेंसी ओपस एजेंसी (Opus Agency) ने एशिया पैसिफिक क्षेत्र में अपनी मौजूदगी बढ़ाने के लिए ASEAN और ANZ के लिए अलग-अलग वरिष्ठ अधिकारियों की नियुक्ति की है।
एरिका सियो (Erica Seo) को सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, ASEAN और चार्ल्स टर्नर (Charles Turner) को सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, ANZ नियुक्त किया गया है। दोनों सीधे ओपस एजेंसी की प्रेसिडेंट डेना लोवरी (Dena Lowery) को रिपोर्ट करेंगे।
एरिका सियो इससे पहले स्पाल्बा (Spalba) में एपीएसी की बिजनेस हेड थीं। इससे पहले उन्होंने जॉर्ज पी. जॉनसन एक्सपीरियंस मार्केटिंग (George P Johnson Experience Marketing) में कई वरिष्ठ पदों पर काम किया है। वह जीपीजे कोरिया (GPJ Korea) की मैनेजिंग डायरेक्टर भी रह चुकी हैं।
वहीं, चार्ल्स टर्नर ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में ओपस एजेंसी के कारोबार की जिम्मेदारी संभालेंगे। उनके काम में कारोबारी प्रदर्शन, क्लाइंट ग्रोथ, रोजमर्रा के कामकाज और क्षेत्रीय क्षमताओं को बढ़ाना शामिल होगा।
टर्नर के पास जॉर्ज पी. जॉनसन ऑस्ट्रेलिया एंड न्यूजीलैंड में 12 साल काम करने का अनुभव है। इसके बाद उन्होंने द कंपनी वी कीप (The Company We Keep) में दो साल काम किया। ओपस एजेंसी ने 2025 में इस कंपनी का अधिग्रहण किया था।
इन नियुक्तियों के साथ ओपस एजेंसी APAC क्षेत्र में अपने कारोबार का विस्तार कर रही है। एजेंसी सेल्सफोर्स, एमेज़ॉन वेब सर्विसेज (AWS), यूबीएस और रेड हैट जैसे क्लाइंट्स के साथ काम करती है। हाल की परियोजनाओं में एडब्ल्यूएस समिट एएनसीईएएन (AWS Summit ASEAN) भी शामिल है, जिसका आयोजन सिंगापुर, बैंकॉक और जकार्ता में किया गया था। इस कार्यक्रम में 16,000 से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया था।