5 जनवरी 2026 से NDTV Profit एक नए रूप और नई सोच के साथ दर्शकों के सामने आ रहा है।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
बिजनेस और शेयर बाजार में बढ़ती उठापटक के बीच बिजनेस पत्रकारिता भी बदल रही है। अब सिर्फ खबर बताना ही काफी नहीं है, बल्कि यह समझाना भी जरूरी हो गया है कि बाजार में बदलाव क्यों हो रहा है और उसका असर आम निवेशकों पर क्या पड़ेगा। इसी सोच के साथ NDTV Profit ने नए साल में अपने सफर का अगला अध्याय शुरू किया है।
5 जनवरी 2026 यानी आज से NDTV Profit एक नए रूप और नई सोच के साथ दर्शकों के सामने आ रहा है। चैनल की विजुअल पहचान को नया रूप दिया गया है, एडिटोरियल अप्रोच को और साफ व मजबूत बनाया गया है और ऐसे शो फॉर्मेट्स लाए गए हैं जो आसान भाषा में गहरी जानकारी देते हैं। मकसद है बाजार की अनिश्चितता के बीच दर्शकों को सही और भरोसेमंद जानकारी देना।
NDTV के CEO और एडिटर-इन-चीफ राहुल कंवल ने कहा कि आज के दौर में बिजनेस न्यूज को हर दिन अपना भरोसा साबित करना होता है। बाजार बढ़ा-चढ़ाकर कही गई बातों को तुरंत नकार देता है। NDTV Profit का फोकस है बातचीत को और धारदार बनाना, तेज रफ्तार अपडेट देना, बेहतर एनालिसिस करना और मार्केट ऑवर्स के दौरान ज्यादा साफ सोच के साथ खबरें पेश करना। उन्होंने कहा कि चैनल की प्राथमिकता भरोसा, प्रासंगिकता और विश्वसनीयता है।
NDTV Profit के इस नए चरण में बाजार कवरेज को और तेज किया गया है, एनालिसिस को ज्यादा गहराई दी गई है और एडिटोरियल आवाज को पहले से ज्यादा उद्देश्यपूर्ण बनाया गया है, ताकि निवेशकों, प्रोफेशनल्स और बिजनेस लीडर्स की जरूरतों को बेहतर तरीके से समझा जा सके।
सुबह का पॉपुलर शो ‘India Market Open’ भी अब और मजबूत हो गया है। 5 जनवरी से इसमें मार्केट एक्सपर्ट पाराग ठक्कर (फोर्ट कैपिटल) और कुश बोहरा (KushBohra.com) शामिल हुए हैं। वे तमन्ना इनामदार, नीरज शाह और एलेक्स मैथ्यूज के साथ मिलकर दर्शकों को बाजार की बेहतर समझ देंगे। पाराग ठक्कर अपने मजबूत और साफ फैसलों के लिए जाने जाते हैं, जबकि कुश बोहरा इंट्राडे ट्रेडिंग पर तकनीकी विश्लेषण के जरिए दर्शकों की मदद करेंगे।
दिनभर NDTV Profit पर बिजनेस शोज की नई लाइन-अप भी शुरू की गई है। सुबह 11:30 बजे शरद दुबे ‘Know Your Company’ में बड़ी कंपनियों पर बात करेंगे। दोपहर 12 बजे निशा पोद्दार ‘Markets at 12’ में बाजार की ताजा चाल बताएंगी। 12:30 बजे हिरल दादिया और शरद दुबे ‘Trending Stocks’ में इंट्राडे ट्रेंड्स पर नजर डालेंगे। 1 बजे श्रेयांसी सिंह ‘Lunch Time Trade’ लेकर आएंगी और 1:30 बजे सौमीत सरकार ‘Small Cap Buzzers’ में उभरते मौकों पर फोकस करेंगे।
NDTV की मैनेजिंग एडिटर तमन्ना इनामदार ने कहा कि NDTV Profit का यह नया दौर टैलेंट और सोच दोनों को और धारदार बनाने का है। कोर शोज को मजबूत किया गया है, नए एक्सपर्ट्स जोड़े गए हैं और ऐसे फॉर्मेट बनाए गए हैं जो आज के तेज और लगातार बदलते बाजार की हकीकत को समझते हैं। फोकस साफ जानकारी और दर्शकों के लिए उपयोगी कंटेंट पर है।
इस नई रणनीति में डेटा आधारित एनालिसिस और AI टूल्स का इस्तेमाल भी बढ़ाया गया है, ताकि बाजार को बेहतर तरीके से समझा जा सके और निवेशकों को सही फैसले लेने में मदद मिले।
शाम 9 बजे ‘India Business Report’ में विक्रम ओझा दिनभर की बड़ी बिजनेस खबरों और उनके आगे के असर पर रोशनी डालेंगे।
NDTV Profit अब नए जोश, गहरे विश्लेषण और साफ एडिटोरियल सोच के साथ आगे बढ़ रहा है।
इस बार सीजन 5 में पुराने जाने-पहचाने शार्क्स की वापसी के साथ-साथ कई नए और चर्चित उद्यमी भी निवेशक पैनल में शामिल होंगे।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
बिजनेस रियलिटी शो Shark Tank India अपने पांचवे सीजन के साथ फिर से दर्शकों के सामने आने वाला है। इस बार सीजन 5 में पुराने जाने-पहचाने शार्क्स की वापसी के साथ-साथ कई नए और चर्चित उद्यमी भी निवेशक पैनल में शामिल होंगे। सभी का मकसद देश के होनहार स्टार्टअप्स में निवेश करना और उन्हें आगे बढ़ने में मदद करना है।
शो का प्रीमियर 5 जनवरी 2026 को होगा। इसे Sony TV पर देखा जा सकेगा और Sony LIV पर ऑनलाइन स्ट्रीम भी किया जाएगा। इस बार भी फॉर्मेट वैसा ही रहेगा: चुनिंदा स्टार्टअप्स अपने बिजनेस आइडियाज को शार्क्स के सामने पेश करेंगे और निवेश, मेंटरशिप और रणनीतिक मार्गदर्शन के लिए मुकाबला करेंगे।
इस सीजन में कई पुराने जज भी वापस आ रहे हैं:
अनुपम मित्तल – Shaadi.com के फाउंडर और डायरेक्टर
अमन गुप्ता – boAt के को-फाउंडर
विनीता सिंह – SUGAR Cosmetics की को-फाउंडर और CEO
नमिता थापर – Emcure Pharmaceuticals की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर
पयूष बंसल – Lenskart के CEO और को-फाउंडर
रितेश अग्रवाल – OYO के फाउंडर और CEO
कुणाल बहल – Snapdeal के को-फाउंडर
विराज बहल – Veeba के फाउंडर और CEO
अमित जैन – CarDekho Group के CEO और को-फाउंडर
ये सभी शार्क्स अपनी विशेषज्ञता और निवेश अनुभव के साथ स्टार्टअप्स को मार्गदर्शन देंगे।
सीजन 5 में कुछ नए चेहरे भी शामिल हैं:
वरुण आलाघ – Mamaearth और The Derma Co. जैसी कंपनियों के फाउंडर और CEO
मोहित यादव – Minimalist स्किनकेयर ब्रांड के को-फाउंडर
शैली मेहरोत्रा – Fixderma की फाउंडर और CEO
हार्दिक कोठिया – Rayzon Solar के फाउंडर, रिन्यूएबल एनर्जी के युवा उद्यमी
कनिका टेकरीवाल – JetSetGo Aviation की फाउंडर
प्रथम मित्तल – Masters’ Union और Tetr College of Business के फाउंडर
नए शार्क्स अपने अनुभव और उद्योग विशेषज्ञता के जरिए स्टार्टअप्स को नए स्तर तक पहुंचाने में मदद करेंगे।
इस बार शो में बड़े निवेश, नए बिजनेस आइडियाज और शार्क्स के बीच रोमांचक डील-बैटल देखने को मिलेगी। पुराने और नए शार्क्स के मेल से दर्शकों को अधिक इनोवेशन, प्रेरणा और मनोरंजन मिलने की उम्मीद है।
हर एपिसोड में स्टार्टअप्स के आइडियाज, उनके बिजनेस मॉडल और निवेश की रणनीति पर ध्यान दिया जाएगा। साथ ही दर्शकों को इंडस्ट्री एक्सपर्ट से सीखने का मौका भी मिलेगा।
शार्क टैंक इंडिया सीजन-5 इस बार भी दर्शकों को स्टार्टअप्स की दुनिया की रोमांचक झलक, बुद्धिमानी से लिए गए निवेश फैसले और प्रेरक कहानी दिखाने के लिए तैयार है।
मीडिया सेल्स क्षेत्र की अनुभवी प्रोफेशनल मौमिता घोष को India Today Group में AVP – Aaj Tak Sales नियुक्त किया गया है। वे दक्षिण भारत के हिंदी क्लस्टर का नेतृत्व करेंगी।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
मीडिया इंडस्ट्री में एक अहम नियुक्ति के तहत मौमिता घोष को India Today Group में AVP – Aaj Tak Sales की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस जानकारी को उन्होंने स्वयं LinkedIn पोस्ट के ज़रिये साझा किया। अपने पोस्ट में मौमिता ने बताया कि वे अब South Market – Hindi Cluster का नेतृत्व करेंगी, जिसमें Aaj Tak SD, Aaj Tak HD और Good News Today शामिल हैं।
उन्होंने इसे अपने प्रोफेशनल करियर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव बताया, जो सीखने, खुद को नए सिरे से गढ़ने और निरंतर विकास से आकार लिया है। मौमिता घोष ने कहा कि उत्तर, पूर्व और अब दक्षिण भारत में काम करने के अनुभव ने उन्हें अलग-अलग बाज़ारों, दर्शकों के व्यवहार और बिज़नेस इकोसिस्टम को समझने का व्यापक अवसर दिया है।
इससे उनकी टीम बिल्डिंग, रणनीतिक सोच और स्थायी बिज़नेस ग्रोथ की क्षमता और मजबूत हुई है। इस नई भूमिका से पहले मौमिता NDTV में Branch Head – South (Display Sales) के पद पर कार्यरत थीं, जहाँ वे लगभग एक महीने तक रहीं।
इससे पहले वे Z Media के साथ भी काम कर चुकी हैं। इंडस्ट्री जानकारों के अनुसार, आजतक के साउथ मार्केट में उनके अनुभव से हिंदी न्यूज़ ब्रांड्स की सेल्स रणनीति को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।
तीन दशकों के पत्रकारिता अनुभव के साथ वरिष्ठ पत्रकार यूसुफ अंसारी न्यूज़ इंडिया 24x7 से जुड़े हैं। प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में उनकी गहरी समझ चैनल को नई धार देगी।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
न्यूज़ इंडिया 24x7 ने अपने संपादकीय ढांचे को मजबूत करते हुए वरिष्ठ पत्रकार यूसुफ अंसारी को कंसल्टिंग एडिटर के रूप में अपनी टीम में शामिल किया है। करीब 30 वर्षों के पत्रकारिता अनुभव के साथ यूसुफ अंसारी का जुड़ना चैनल के लिए अहम माना जा रहा है। न्यूज़रूम की रणनीति से लेकर ज़मीनी रिपोर्टिंग तक उनकी गहरी पकड़ न्यूज़ इंडिया 24x7 को कंटेंट और विश्लेषण के स्तर पर और मजबूत बनाएगी।
यूसुफ अंसारी ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 1997 में प्रिंट मीडिया से की थी। उन्होंने ‘दैनिक नवज्योति’ से पत्रकारिता की बुनियाद रखी और इसके बाद ‘सन स्टार’ अखबार में राजनीतिक संपादक तथा ‘संदेश’ में न्यूज कोऑर्डिनेटर जैसे अहम दायित्व निभाए। प्रिंट मीडिया में मजबूत पहचान बनाने के बाद उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का रुख किया और वर्ष 1999 से 2010 तक करीब 11 वर्षों तक ‘ज़ी न्यूज़’ के साथ जुड़े रहे।
इसके बाद वे चार वर्षों तक ‘चैनल वन’ में संपादक की भूमिका में रहे, जहां उन्होंने चैनल की संपादकीय दिशा तय करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। डिजिटल मीडिया के विस्तार के दौर में यूसुफ अंसारी ने ‘टीवी9 भारतवर्ष (यूपी-यूके डिजिटल)’ के साथ सलाहकार संपादक के रूप में भी काम किया।
साथ ही वे एक स्वतंत्र पत्रकार के तौर पर नवभारत टाइम्स, अमर उजाला, दैनिक जागरण, सत्य हिंदी और कई प्रमुख डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए राजनीतिक और समसामयिक विषयों पर लेखन करते रहे हैं। राजनीतिक विश्लेषक और मुस्लिम मामलों के जानकार के रूप में उनकी पहचान उन्हें न्यूज़ इंडिया 24x7 के लिए एक सशक्त संपादकीय स्तंभ बनाती है। उनके अनुभव और दृष्टिकोण से चैनल की पत्रकारिता को नई दिशा और विश्वसनीयता मिलने की उम्मीद की जा रही है।
पैरामाउंट ग्लोबल (Paramount Global) ने 1 जनवरी, 2026 से ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, आयरलैंड, फ्रांस, पोलैंड और ब्राजील जैसे देशों में MTV के 24 घंटे चलने वाले म्यूजिक चैनल बंद कर दिए हैं।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
पैरामाउंट ग्लोबल (Paramount Global) ने 1 जनवरी, 2026 से ऑस्ट्रेलिया, ब्रिटेन, आयरलैंड, फ्रांस, पोलैंड और ब्राजील जैसे देशों में MTV के 24 घंटे चलने वाले म्यूजिक चैनल बंद कर दिए हैं। बताया जा रहा है कि इसमें MTV Music, MTV 80s, MTV 90s, Club MTV और MTV Live शामिल हैं।
यह कदम पैरामाउंट के वैश्विक मीडिया पोर्टफोलियो में लागत कम करने की रणनीति का हिस्सा है। 2025 में Skydance के साथ $8.4 बिलियन (लगभग 12.6 अरब ऑस्ट्रेलियन डॉलर) के विलय के बाद यह फैसला लिया गया।
MTV के म्यूजिक चैनल ने 24 घंटे म्यूजिक वीडियो प्रसारित किए और कई ऐतिहासिक कार्यक्रमों की मेजबानी की। इनमें 1985 में Live Aid का 16 घंटे का प्रसारण और माइकल जैक्सन के Thriller वीडियो का वर्ल्ड प्रीमियर शामिल हैं। इसके अलावा चैनल ने MTV Video Music Awards की शुरुआत भी की थी।
चैनल की विदाई के मौके पर इसने 1979 के हिट गाने 'Video Killed The Radio Star' को बजाया, जो 1981 में MTV द्वारा अमेरिका में प्रसारित पहला वीडियो था। यह चुनाव प्रतीकात्मक था।
हालांकि MTV का मुख्य चैनल अब भी टेलीकास्ट होगा और अब रीयलिटी टीवी और पॉप कल्चर प्रोग्रामिंग को प्राथमिकता देगा।
MTV अमेरिका में म्यूजिक की दुनिया में ट्रेंडसेटर बनने के बाद 1987 में ऑस्ट्रेलिया में भी प्रसारित होना शुरू हुआ। वहां यह छह साल तक Richard Wilkins द्वारा होस्ट किए गए म्यूजिक वीडियो शो के रूप में दिखाया गया।
बाद में MTV को ऑस्ट्रेलिया में Optus Television पर फिर से म्यूजिक वीडियो चैनल के रूप में शुरू किया गया और इसके बाद इसे Austar और Foxtel पर भी जोड़ा गया।
इस तरह, दुनियाभर में MTV के म्यूजिक चैनलों का युग अब खत्म हो गया, लेकिन मुख्य चैनल अब भी दर्शकों को पॉप कल्चर और रियलिटी टीवी के जरिए जोड़ता रहेगा।
जैसे-जैसे 2025 अपने अंत की ओर बढ़ रहा है, Network18 के मैनेजिंग डायरेक्टर व ग्रुप एडिटर-इन-चीफ राहुल जोशी ने कर्मचारियों को भेजे गए अपने संदेश में बीते साल के दौरान कंपनी के प्रदर्शन पर नजर डाली।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
जैसे-जैसे 2025 अपने अंत की ओर बढ़ रहा है, Network18 के मैनेजिंग डायरेक्टर और ग्रुप एडिटर-इन-चीफ राहुल जोशी ने एम्प्लॉयीज को साल के अंत में नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए हिंदी में एक संदेश लिखा, जिसमें उन्होंने बीते साल के दौरान कंपनी के प्रदर्शन पर नजर डाली। उन्होंने कहा कि जहां कई मीडिया कंपनियां चुनौतियों से जूझती रहीं, वहीं Network18 समूह ने मजबूत प्रदर्शन करने में सफलता हासिल की।
यहां पढ़िए, उनका ये संदेश-
प्रिय साथियों,
पिछले साल मैंने खबरों की दुनिया में आ रहे बुनियादी बदलावों की तरफ इशारा किया था, और ये कहा था कि अब हमें एक नए रास्ते पर जाने की जरूरत है।
आप सबको पता है कि पिछला साल उन सभी मीडिया कंपनियों के लिए काफी मुश्किल रहा था, जो सिर्फ विज्ञापन के सहारे अपना समाचार संगठनों को चलाती हैं, बल्कि उन्होंने अपने भरोसे और दर्शकों को भी खोया है, कमाई में कमी तो आई ही है। इन सबके मुकाबले हमारी कंपनी ने तमाम चुनौतियों का मुकाबला करते हुए अच्छा प्रदर्शन किया है।
यही नहीं, हमने अपने को सार्थक भी बनाए रखा है, सामान्य, सटीक, पारंपरिक सोच और डर से किनारा करते हुए हम निरंतर आगे बढ़े हैं, content पर लगातार फोकस करते हुए, creator ecosystem पर ध्यान देते हुए, बिना इस बात की चिंता किये कि content कहां से आ रहा है।
इसी सोच के तहत हमने इस साल Creator18 को लॉन्च किया, ताकि हमारा दायरा बढ़ सके, हम सभी किस्म के content creators को प्लेटफॉर्म दे सकें। इसके जरिये सभी किस्म के content तैयार करने वालों को एक ऐसा मंच दिया गया, जहां वे बिल्कुल नए ढंग के content को रख सकें, जिसके लिए एक बड़ा उपभोक्ता वर्ग तैयार बैठा है, और इसके जरिये हम उपभोक्ताओं के इस बड़े वर्ग तक पहुंच सकें। इससे दोनों को फायदा है, content creators का हम market share बढ़ा रहे हैं, और हमारी relevance और audience share बढ़ रही है, जिसकी वजह से हम दोनों एक-दूसरे की आमदनी भी बढ़ा रहे हैं।
आने वाले समय में आप ढेर सारे ऐसे प्रयोगों को होते हुए देखेंगे, जिसके जरिये हम अपने पाठकों, दर्शकों और ग्राहकों को काफी रोचक content भांति-भांति के platforms के जरिये मुहैया कराएंगे। CNBC-TV18 और Moneycontrol के जरिये हम click-baity content नहीं, बल्कि high-quality tools, research और insights दे रहे हैं।
CNBC-TV18 Prime, जहां हमारा दूसरा global business channel है, भारतीय दृष्टिकोण के साथ, वहीं Access एक gateway के तौर पर काम कर रहा है, CNBC-TV18 का भरपूर लुत्फ़ देने के लिए। इसके ज़रिये CNBC-TV18 बतौर ब्रांड नई ऊंचाइयां छूने जा रहा है और ये हमारे लिए कमाई का एक बड़ा दरवाज़ा खोलने जा रहा है, जैसा पहले सोच के परे था।
Moneycontrol का lending platform काफ़ी मशहूर हो चुका है, और इसके चलते वो अपने आप में एक नया vertical होने जा रहा है। MC Pro के दस लाख से अधिक subscribers हो चुके हैं, अब SuperPro के लॉन्च के साथ ही हम गंभीर किस्म के निवेशकों को आकर्षित करने के अच्छे विकल्प लेकर आए हैं, जिसकी वजह से हमें बड़े पैमाने पर high-value subscribers हासिल हो रहे हैं। इसकी वजह से हमारा average revenue per subscriber भी बढ़ा है।
आने वाले दिनों में Moneycontrol और CNBC-TV18 में ऐसे ढेर सारे नए प्रयोग दिखेंगे, जो non-news content और tools ही नहीं, बल्कि नए formats के ज़रिये हमारे नेटवर्क की साख को बढ़ाएंगे।
अच्छी बात ये भी है कि हमारा regional cluster भी तेज़ी से अपनी पहुंच बढ़ा रहा है, सभी भाषाओं और क्षेत्रों में हमारी पकड़ मज़बूत हुई है। यही नहीं, हमने अपनी sales टीम को भी पूरे देश में मज़बूत किया है, जिसकी वजह से भारत के तमाम हिस्सों में रहने वाले सभी किस्म के विज्ञापनदाताओं तक हम तेज़ी से पहुंच रहे हैं।
हमारा digital outreach बढ़ने के कारण हम छोटे कारोबारियों और ग्राहकों से भी विज्ञापन हासिल करने में कामयाब रहे हैं, जिसकी वजह से हमारी आमदनी बढ़ रही है।
जिस तरह से traditional advertising का दौर थम रहा है, और advertising industry में consolidation हो रहा है, हमारा business model हमें बचाए हुए है, क्योंकि हमारा subscriber base सबसे तेजी से बढ़ रहा है, हमारा transactions business भी ज़ोर पकड़ रहा है, Creator18 जैसे नए प्रयोग हमें relevant बनाए हुए हैं, events, IPs और campaigns के ज़रिये होने वाली कमाई हमारे traditional revenue को बचाने में मददगार साबित हुई है।
यही पर अब हमें traditional business of news पर भी बात कर लेनी चाहिए। Old is gold but gold has peaked, इसलिए अब ज़रूरत है, हमें GenZ को पकड़ने की। उसके हिसाब से content परोसने की। ये GenZ अख़बार नहीं पढ़ रहा है, न ही टीवी देख रहा है, वो वेबसाइट पर जा रहा है, reels देख रहा है, छा जाना चाहता है Insta पर और चिपका हुआ है अपने स्मार्ट फोन पर।
इसलिए जैसा मैंने पिछले साल कहा था, फिर से दोहरा रहा हूं, old traditional formats अब irrelevant हो चुके हैं, viewers हमारी तरफ नहीं आ रहे हैं। News is fast getting replaced by nuance and nous, ये सबको समझ में आ रहा है। यही नहीं, AI भी खबरों को परोसने और लिखने के पारंपरिक मॉडल को हिलाने जा रहा है, यहां तक कि वो इसे और बेहतर कर डालेगा। अब हम लोगों के लिए अपनी बुद्धि और विवेक का असली जोर दिखाने का समय आ गया है, अगर ऐसा होता है तो गेहूं भूसे से अलग दिखेगा, साफ तौर पर दिखेगा।
और यही काम हमारे सभी brands को करने की ज़रूरत है। हमारे digital-first platforms, चाहे Firstpost हो या फिर Kadak, हमें रास्ता दिखाने जा रहे हैं। हमारे सबसे बड़े ब्रांड, News18 India और CNN-News18 भी connected tv और social media game में और बड़ी छलांग लगाने जा रहे हैं।
इस बेहतरीन संगठन में आप सभी प्रतिभाशाली और शानदार साथियों के साथ काम करते हुए मैंने दस साल पूरे कर लिये हैं। अब 2026 में मैं mission mode में एक नया काम करने जा रहा हूं, ये काम है हमारे young leaders को platform देना, ताकि वो ज़िम्मेदारी लेकर हमारे काम को तेज़ी से आगे बढ़ा सकें। इसलिए मैं नए साल में नया नारा दे रहा हूं, Hire young, think younger, dream bigger, उम्मीद है कि आप सभी इस नारे को चरितार्थ करते हुए 2026 को एक शानदार साल बनाएंगे।
2025 की चुनौती को हमने बड़े शानदार ढंग से पार कर लिया, अब 2026 में और बेहतर करने है। Road Dahl की एक लाइन हम सबके लिए काफ़ी प्रासंगिक है- “those who don’t believe in magic will never find it.”
आपको और आपके परिवार के सदस्यों को नववर्ष की ढेर सारी शुभकामनाएं!
आपका,
राहुल
न्यू दिल्ली टेलीविजन लिमिटेड (NDTV) ने पोस्टल बैलेट के जरिए कराई गई ई-वोटिंग के नतीजे जारी कर दिए हैं।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
न्यू दिल्ली टेलीविजन लिमिटेड (NDTV) ने पोस्टल बैलेट के जरिए कराई गई ई-वोटिंग के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी ने सेबी के नियमों के तहत शेयरधारकों को ऑनलाइन वोटिंग की सुविधा दी थी, जो 27 नवंबर 2025 से 26 दिसंबर 2025 तक चली। यह पूरी प्रक्रिया नेशनल सिक्योरिटीज डिपॉजिटरी लिमिटेड (NSDL) के ई-वोटिंग प्लेटफॉर्म के माध्यम से हुई।
कंपनी ने बताया कि पोस्टल बैलेट नोटिस केवल इलेक्ट्रॉनिक रूप में भेजा गया था। जिन शेयरधारकों के ईमेल रजिस्टर्ड नहीं थे, उनके लिए नोटिस NDTV की वेबसाइट, बीएसई, एनएसई और NSDL की वेबसाइट पर उपलब्ध कराया गया। इसके अलावा, इस संबंध में 26 नवंबर 2025 को अंग्रेजी अखबार 'फाइनेंशियल एक्सप्रेस' और हिंदी अखबार 'जनसत्ता' में विज्ञापन भी प्रकाशित किया गया था।
वोटिंग का मुख्य प्रस्ताव स्वतंत्र निदेशक (Independent Director) के तौर पर वायरल जगदीश दोशी की तीन साल के दूसरे कार्यकाल के लिए दोबारा नियुक्ति से जुड़ा था। स्क्रूटनाइज़र की रिपोर्ट के अनुसार, कुल 303 शेयरधारकों ने वोट डाले, जिनमें से 236 ने प्रस्ताव के समर्थन में और 67 ने विरोध में मतदान किया। कुल वोटों में से लगभग 99.99 फीसदी वोट समर्थन में रहे, जबकि विरोध में मात्र 0.01 फीसदी वोट पड़े।
इन नतीजों के आधार पर स्क्रूटनाइजर ने पुष्टि की है कि यह प्रस्ताव आवश्यक बहुमत के साथ पास हो गया है। ई-वोटिंग के नतीजे 26 दिसंबर 2025 को दो स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में ओपन किए गए।
इस प्राइम टाइम शो को जाने-माने टीवी पत्रकार सुमित अवस्थी होस्ट करेंगे और सोमवार से शुक्रवार, शाम 6:57 बजे इसका प्रसारण किया जाएगा।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
देश के प्रमुख न्यूज नेटवर्क्स में शुमार ‘टाइम्स नेटवर्क’ (Times Network) के हिंदी न्यूज चैनल ‘टाइम्स नाउ नवभारत’ (Times Now Navbharat) ने अपना नया प्राइम-टाइम शो ‘ChakraView–with Sumit Awasthi’ लॉन्च किया है। इस शो को जाने-माने टीवी पत्रकार सुमित अवस्थी होस्ट करेंगे और सोमवार से शुक्रवार, शाम 6:57 बजे इसका प्रसारण किया जाएगा।
टाइम्स नेटवर्क के अनुसार, इस शो का उद्देश्य दर्शकों को केवल हेडलाइंस नहीं, बल्कि हर खबर के ‘क्यों’ और ‘कैसे’ को समझाना है। ‘ChakraView’ में हर मुद्दे की गहन पड़ताल की जाएगी।
इस शो में युवाओं और आम नागरिकों से जुड़ी खबरों पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा, साथ ही डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर उठ रही चर्चाओं को भी कड़ाई से फैक्ट-चेक करने के बाद दिखाया जाएगा। एक नई पहल के तहत, दर्शक स्वयं तय कर सकते हैं कि किस विषय पर अधिक गहन रिपोर्टिंग होनी चाहिए।
इस बारे में टाइम्स टेलीविजन नेटवर्क के सीईओ और मीडिया व एंटरटेनमेंट के चीफ ग्रोथ ऑफिसर आशीष सहगल का कहना है, ‘खबरें सिर्फ जानकारी नहीं देतीं, बल्कि भविष्य के दृष्टिकोण और सार्वजनिक राय को आकार देती हैं। इसलिए सटीकता, जवाबदेही और संतुलन बेहद जरूरी हैं। ChakraView का उद्देश्य यही है कि हम हेडलाइंस से आगे जाकर गहराई और विश्वसनीयता के साथ खबरें पेश करें।’
साल 2025 भारतीय मीडिया इंडस्ट्री के लिए पारंपरिक टीवी चैनलों के लिहाज से अपेक्षाकृत शांत रहा, लेकिन डिजिटल और हाइब्रिड प्लेटफॉर्म्स के स्तर पर कई अहम हलचलें देखने को मिलीं।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
साल 2025 भारतीय मीडिया इंडस्ट्री के लिए पारंपरिक टीवी चैनलों के लिहाज से अपेक्षाकृत शांत रहा, लेकिन डिजिटल और हाइब्रिड प्लेटफॉर्म्स के स्तर पर कई अहम हलचलें देखने को मिलीं। लंबे समय तक यह चर्चा रही कि क्या 2025 में कोई नया न्यूज चैनल लॉन्च ही नहीं हुआ, लेकिन पूरी तरह ऐसा नहीं है। हालांकि, यह भी सच है कि इस साल बड़े पैमाने पर नए टीवी न्यूज चैनलों की बाढ़ नहीं आई।
2025 में सामने आए नए चैनलों में MKN News 24×7 का नाम प्रमुख रूप से शामिल है। यह एक राष्ट्रीय हिंदी न्यूज चैनल है, जिसे सैटेलाइट टीवी प्लेटफॉर्म पर लॉन्च किया गया। रिपोर्ट्स के मुताबिक यह चैनल Dish TV, Zing Dish और Jio TV जैसे प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध कराया गया।
मीडिया जानकारों के अनुसार, यह लॉन्च ऐसे समय में हुआ जब नए टीवी चैनल शुरू करना आर्थिक और प्रतिस्पर्धात्मक रूप से चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है
2025 में यदि किसी क्षेत्र में सबसे ज्यादा गतिविधि दिखी, तो वह था डिजिटल और Connected TV (CTV)। ITV Network ने इस साल NewsX World नाम से एक डिजिटल-फर्स्ट न्यूज प्लेटफॉर्म लॉन्च किया। यह पारंपरिक टीवी चैनल न होकर एक ऐसा प्लेटफॉर्म है, जो स्मार्ट टीवी और डिजिटल स्क्रीन पर न्यूज देखने वाले दर्शकों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।
NewsX World को एक ऐसे प्रयोग के तौर पर देखा गया, जहां टीवी और ओटीटी के बीच की खाई को पाटने की कोशिश की गई। वैसे यह पहल मीडिया उपभोग के बदलते तरीकों को दर्शाती है, जहां दर्शक अब टीवी के अलावा स्मार्ट टीवी, स्ट्रीमिंग डिवाइसेज और ओटीटी ऐप्स पर भी न्यूज देखना पसंद कर रहे हैं।
इस सवाल का जवाब 'पूरी तरह नहीं' में है। 2025 में बड़े मीडिया हाउसों ने नए टीवी न्यूज चैनल लॉन्च करने के बजाय मौजूदा ब्रैंड्स के विस्तार, रिब्रैंडिंग और अंतरराष्ट्रीय डिस्ट्रीब्यूशन पर ज्यादा ध्यान दिया।
उदाहरण के तौर पर, Times Network ने अपने मौजूदा चैनलों ET NOW और Times Now Navbharat को कनाडा के Rogers Xfinity TV प्लेटफॉर्म पर लॉन्च किया। यह भारत में नया चैनल लॉन्च नहीं था, बल्कि भारतीय न्यूज ब्रैंड्स का अंतरराष्ट्रीय विस्तार माना गया।
ET NOW: यह बिजनेस और वित्तीय न्यूज पर केंद्रित चैनल है, जो भारतीय अर्थव्यवस्था, स्टार्टअप और मार्केट ट्रेंड पर गहराई से रिपोर्टिंग करता है।
Times Now Navbharat: हिंदी न्यूज चैनल है जो भारत और विश्वभर के मुद्दों पर हिंदी में रिपोर्टिंग देता है, खासकर प्रवासी भारतीय समुदाय को ध्यान में रखकर।
यह कदम भारतीय न्यूज मीडिया के वैश्विक विस्तार की ओर एक महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
मीडिया विशेषज्ञों के अनुसार, 2025 में नए टीवी चैनल कम लॉन्च होने के पीछे कई वजहें रहीं—
बढ़ती लागत और सीमित विज्ञापन बाजार
दर्शकों का तेजी से डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की ओर शिफ्ट होना
न्यूज चैनलों में पहले से मौजूद भारी प्रतिस्पर्धा
नियामकीय और लाइसेंसिंग प्रक्रियाओं की जटिलता
इन कारणों से कई मीडिया समूहों ने नया चैनल लॉन्च करने के बजाय डिजिटल विस्तार को प्राथमिकता दी।
2025 ने यह साफ संकेत दिया कि मीडिया का भविष्य तेजी से डिजिटल-फर्स्ट हो रहा है। नए प्रयोग टीवी स्क्रीन से ज्यादा मोबाइल, स्मार्ट टीवी और सोशल प्लेटफॉर्म्स पर केंद्रित रहे। इसी वजह से इस साल 'नए चैनल' से ज्यादा 'नए प्लेटफॉर्म' चर्चा में रहे।
कुल मिलाकर यह कहना गलत होगा कि 2025 में कोई चैनल लॉन्च ही नहीं हुआ। MKN News 24×7 जैसे नए टीवी चैनल सामने आए, वहीं NewsX World जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म्स ने न्यूज डिस्ट्रीब्यूशन के नए मॉडल पेश किए। हालांकि, यह भी उतना ही सच है कि 2025 पारंपरिक टीवी चैनलों के बड़े विस्तार का साल नहीं रहा, बल्कि यह डिजिटल ट्रांजिशन और कंसॉलिडेशन का वर्ष बनकर उभरा।
मीडिया इंडस्ट्री अब संख्या से ज्यादा प्लेटफॉर्म, टेक्नोलॉजी और ऑडियंस एंगेजमेंट पर फोकस करती नजर आ रही है।
नवंबर 2025 में अमेरिका में टीवी रेटिंग्स में स्ट्रीमिंग आधारित नेटवर्क्स का दबदबा देखा गया।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
नवंबर 2025 में अमेरिका में टीवी रेटिंग्स में स्ट्रीमिंग आधारित नेटवर्क्स का दबदबा देखा गया। नीलसन की रिपोर्ट के अनुसार, Paramount ने इस महीने सबसे ज्यादा बढ़त हासिल की और कुल टीवी देखे जाने का 8.9% हिस्सा कब्जा किया। Paramount ने महीने-दर-महीने 0.7 शेयर पॉइंट बढ़ाए, जो पूरे साल की सबसे बड़ी बढ़त है। CBS और Paramount+ की बढ़त ने इस उछाल में अहम भूमिका निभाई।
Netflix ने भी अच्छा प्रदर्शन किया। इस महीने कुल टीवी देखे जाने का 8.3% हिस्सा Netflix ने हासिल किया, जिसमें महीने-दर-महीने 0.3 शेयर पॉइंट की बढ़त रही। इसका मुख्य कारण Stranger Things का नया सीजन था, जिसने नवंबर में लगभग 12 बिलियन मिनट का व्यूअरशिप जेनरेट किया। नए शोज जैसे The Beast in Me और Guillermo del Toro’s Frankenstein ने मिलकर लगभग 7 बिलियन मिनट का व्यूअरशिप जोड़ा।
लाइव स्पोर्ट्स और छुट्टियों के प्रोग्रामिंग ने भी रेटिंग्स में बड़ा योगदान दिया। NBCUniversal ने 7% बढ़त दर्ज की और उसका कुल टीवी शेयर 8.8% तक पहुंचा। Peacock स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म ने 22% की बढ़त हासिल की, NFL Sunday Night Football, Thanksgiving Day प्रोग्राम्स और All Her Fault जैसे शो की वजह से। नीलसन के अनुसार, Peacock ने गैर-ओलंपिक रिकॉर्ड बनाया और कुल टीवी देखे जाने का 1.9% हिस्सा हासिल किया।
शीर्ष पर YouTube ने अपना No.1 स्थान कायम रखा, जहां कुल टीवी देखे जाने का 12.9% हिस्सा रहा। Disney ने No.2 का स्थान बनाए रखा, लेकिन उसका हिस्सा 10.5% पर आ गया, जिसमें 0.9 पॉइंट की गिरावट हुई। नीलसन ने बताया कि Disney की गिरावट ABC और ESPN पर कम दर्शकों के कारण हुई, जो YouTube TV विवाद से जुड़ी थी।
FOX ने मिले-जुले परिणाम दिए। उसके ब्रॉडकास्ट चैनल्स में 22% महीने-दर-महीने बढ़त रही, मुख्य रूप से Thanksgiving Day NFL कवरेज और World Series की वजह से। लेकिन Fox News Channel और FS1 पर MLB पोस्टसीजन न होने की वजह से केबल रेटिंग्स प्रभावित हुई। कुल मिलाकर FOX का कुल टीवी शेयर 8.1% रहा।
IBDF के भीतर भी इस पर मतभेद हैं। कुछ ब्रॉडकास्टर्स इस बदलाव के खिलाफ हैं, जबकि कुछ इसे सही मानते हैं।
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समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
टीवी इंडस्ट्री में TRP मापने के तरीके को लेकर सरकार और ब्रॉडकास्टर्स के बीच विवाद बढ़ गया है। हाल ही में MIB (सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय) ने नवंबर 2025 में एक ड्राफ्ट पॉलिसी जारी की थी, जिसमें कहा गया कि अब टीवी चैनलों के “लैंडिंग पेज” पर आने वाले दर्शकों को TRP में नहीं गिना जाएगा। लैंडिंग पेज वो होता है जो टीवी या DTH चालू होते ही अपने आप खुलता है।
इसके बाद IBDF (Indian Broadcasting & Digital Foundation) ने मंत्रालय को इस मुद्दे पर कोई साफ जवाब नहीं दिया। सूत्रों के अनुसार, IBDF के भीतर भी इस पर मतभेद हैं। कुछ ब्रॉडकास्टर्स इस बदलाव के खिलाफ हैं, जबकि कुछ इसे सही मानते हैं। केवल दो ब्रॉडकास्टर्स ने इस पर लिखित राय दी, इसलिए IBDF ने बाकी ड्राफ्ट के पहलुओं पर प्रतिक्रिया दी लेकिन लैंडिंग पेज वाले सवाल से दूर ही रही।
सूत्रों के अनुसार सरकार ने TRP सिस्टम सुधारने के लिए नया फ्रेमवर्क तैयार कर लिया है। इस नए नियम के बाद BARC को कहा जाएगा कि वह लैंडिंग पेज पर आने वाले दर्शकों को TRP में न गिने।
इस बदलाव से टीवी इंडस्ट्री में बड़ा असर पड़ सकता है। लैंडिंग पेज पर अपने चैनल दिखाकर टीवी नेटवर्क अपनी रेटिंग बढ़ाते थे और विज्ञापन की कीमतें भी बढ़ती थीं। अब यह फायदा केवल मार्केटिंग तक सीमित रहेगा।
छोटे या क्षेत्रीय चैनलों को फायदा हो सकता है, क्योंकि अब रेटिंग केवल दर्शकों की पसंद और कंटेंट की ताकत से तय होगी, न कि पैसों से खरीदी गई ऑटो-प्ले विजिबिलिटी से। वहीं DTH और केबल ऑपरेटरों को भी अपने पैकेज और प्राइसिंग पर दोबारा सोचना पड़ेगा।
सरकार का मकसद साफ है कि TRP में केवल असली दर्शकों की पसंद गिनी जाएगी, ऑटो-प्ले से दिखाई गई चैनल विजिबिलिटी नहीं।
हालांकि इसे लागू करना आसान नहीं है। तकनीकी चुनौतियां हैं, क्योंकि हर घर और हर छोटे ऑपरेटर का डेटा सही तरीके से अलग करना मुश्किल है। लेकिन यह बदलाव इंडस्ट्री के लिए एक बड़ा संदेश है कि अब दर्शक की नजर और पसंद ही मायने रखेगी, न कि चैनल की ऑटो-प्ले विजिबिलिटी।