कुछ यूं दिखे आज के हिंदी अखबारों के फ्रंट पेज

विज्ञापनों की अधिकता के कारण आज दैनिक जागरण में दो फ्रंट पेज बनाए गए हैं

नीरज नैयर by
Published - Wednesday, 16 October, 2019
Last Modified:
Wednesday, 16 October, 2019
Newspapers

दिल्ली की बिगड़ती हवा और अयोध्या विवाद आज राजधानी से प्रकाशित होने वाले अख़बारों की सुर्खियां हैं। आज सबसे पहले बात करते हैं देशबंधु की। अखबार के आज के फ्रंट पेज पर भी कोई विज्ञापन नहीं है। लीड अयोध्या विवाद है और पीएमसी बैंक के ग्राहकों को मौत के समाचार को प्रमुखता के साथ लीड के पास ही लगाया गया है. नवोदय टाइम्स के विपरीत देशबंधु ने पैकेजिंग को तवज्जो नहीं दी है। चिदंबरम और प्रफुल्ल पटेल की मुश्किलों को एक साथ लगाने के बजाये अलग-अलग रखा है। सावरकर को भारत रत्न देने के भाजपाई वादे को अपेक्षाकृत काफी बड़ी जगह मिली है। एंकर में यूनिसेफ़ की रिपोर्ट है, जिसके मुताबिक दुनिया में हर तीन में से एक बच्चा गलत पोषण का शिकार है. जबकि पेज खाली होने के बावजूद देशबंधु ने इंक अटैक और सेना प्रमुख के बयान को तवज्जो नहीं दी है।                                   

अब बात करते हैं नवभारत टाइम्स की। इसके फ्रंट पेज पर काफी विज्ञापन है। टॉप बॉक्स में दिल्ली की ख़राब होती हवा है, जिसे रंगीन बैकग्राउंड में रखा गया है। लीड अयोध्या विवाद है, डीप तीन कॉलम में सजी इस खबर का शीर्षक ‘अयोध्या केस में आज ख़त्म हो सकती है तारीख पर तारीख’ आकर्षक है। पीएमसी ग्राहकों की मौत की खबर को नवभारत ने अपेक्षाकृत छोटी जगह दी है। पेज पर मानवीय संवेदना व्यक्त करने वाली एक फोटो भी है। बुलंदशहर के 15 फीट गहरे गड्डे में मिली एक मासूम एम्स के अस्पताल की दुलारी बन गई है। हालांकि उसके परिजनों का अब तक कोई पता नहीं चला है। एंकर में भी एक बेहद दिलचस्प खबर को सजाया गया है। दिल्ली पुलिस की एक महिला पुलिसकर्मी ने बदमाश से चैट पर मीठी-मीठी बातें करके उसे बुलाया और फिर धर दबोचा। इसके अलावा पेज पर अमनदीप सिंह की बाइलाइन स्टोरी भी है, जिसमें वह बता रहे हैं कि दिल्ली सरकार करतारपुर जाने वालों का खर्चा उठा सकती है।

                                       

अमर उजाला ने आज तीसरे पेज को फ्रंट पेज बनाया गया है। पेज की शुरुआत टॉप बॉक्स से है, जो समूह के अपने आयोजन के नाम समर्पित है। इसके पास ही दो कॉलम में चिदंबरम की मुश्किलों को जगह मिली है। लीड सबसे अलग दिल्ली की बिगड़ती हवा को लगाया गया है। अयोध्या विवाद पर सुनवाई को भी अमर उजाला ने प्रमुखता दी है। इसके अलावा, पेज पर पीएमसी बैंक के ग्राहकों की मौत और दिल्ली में जज से लूटपाट से जुड़ा समाचार भी फ्रंट पेज पर हैं। विज्ञापनों के चलते केवल इतनी ही ख़बरों को जगह मिल सकी है, हालांकि संक्षिप्त में भी दो समाचार हैं।

दैनिक जागरण में आज दो फ्रंट पेज हैं। पहले पेज पर नीलू रंजन की स्टोरी सहित मात्र दो बड़ी ख़बरें हैं। नीलू ने बताया है कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद के गैंगस्टर मिर्ची से रिश्तों पर पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रफुल्ल पटेल को ईडी ने 18 अक्टूबर को तलब किया है। वहीं दिल्ली सरकार से जुड़ी खबर को तीन कॉलम में लगाया गया है। सरकार ने सड़क हादसे के पीड़ित का मुफ्त इलाज न करने पर एक निजी अस्पताल को नोटिस जारी किया है। फारुख अब्दुल्ला की बहन-बेटी की गिरफ़्तारी और जज से लूटपाट को संक्षिप्त में जगह मिली है। दूसरे फ्रंट पेज पर नज़र डालें तो दिल्ली की बिगड़ती हवा टॉप बॉक्स में है। लीड अयोध्या विवाद पर सुनवाई है। इसके पास ही पीएमसी बैंक के ग्राहकों की मौत को लगाया गया है। स्वदेशी हथियार संबंधी सेना प्रमुख के बयान को फोटो के साथ पेज पर जगह मिली है, जबकि अरविंद पाण्डेय की स्टोरी को एंकर में सजाया गया है। पाण्डेय बता रहे हैं कि आईआईटी में अब शुरू होंगे दोहरे डिग्री कोर्स।

                                       

दैनिक भास्कर की बात करें, तो फ्रंट पेज कल जैसा ही नज़र आ रहा है। लीड पहचान की समस्या आज भी कायम है। भास्कर ने फिर पाठकों के सामने लीड को पहचानने की चुनौती रखी है। टॉप बॉक्स और उसके नीचे दी खबर का फॉन्ट साइज़ लगभग समान है। टॉप बॉक्स में अयोध्या है, जिसे काफी विस्तार से लगाया गया है। पीएमसी बैंक के दो खाताधारकों की सदमे से मौत को भी भास्कर ने प्रमुखता से पेज पर जगह दी है। वहीं, पटना में केंद्रीय मंत्री पर इंक अटैक की खबर फोटो के साथ है, और इसके ठीक नीचे दिल्ली में चोरों द्वारा जज को निशाना बनाये जाने का समाचार है। सेना प्रमुख का स्वदेशी हथियारों से युद्ध संबंधी बयान, चिदंबरम की मुश्किलें, सावरकर को भारत रत्न दिलाने का भाजपा का वादा और पाकिस्तान पर लटकती काली सूची की तलवार को भी पेज पर रखा गया है। जबकि एंकर में अमित मिश्रा की बाइलाइन स्टोरी है। अमित ने स्मार्ट सिटी के लिए बनाये गए स्मार्ट टावर के बारे में बताया है। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आपको खबर पढ़नी होगी।

अब बारी हिन्दुस्तान की। लीड अयोध्या है, इस मामले में आज मैराथन सुनवाई होगी। पेज पर दूसरी बड़ी खबर है दिल्ली पुलिस का यूटर्न। पुलिस ने ओवर स्पीड में काटे गए डेढ़ लाख चालान वापस लेने का फैसला लिया है। सवाल यह है कि जो लोग पहले ही भुगतान कर चुके हैं उन्हें राहत कैसे मिलेगी? वहीं, चिदंबरम की मुश्किलों में भी इजाफा हो गया है। अब ईडी भी उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। इस खबर को प्रमुखता के साथ फर्स्ट हाफ में रखा गया है। फारूख अब्दुल्ला की बहन-बेटी की गिरफ़्तारी और दिल्ली में प्रदूषण फैलाने पर कार्रवाई भी पेज पर है। इसके अलावा, पांच सिंगल ख़बरों को भी पेज पर जगह दी गई है। मसलन, देश में 40% अन्न की बर्बादी, दो लेखिकाओं को बुकर सम्मान, ऑड-इवन सिस्टम में बाइक को मिलेगी छूट, सावरकर को भारत रत्न दिलाएगी भाजपा और सेना प्रमुख बोले अगला युद्ध स्वदेशी हथियारों से।

                   

नवोदय टाइम्स की बात करें तो फ्रंट पेज पर काफी ख़बरें हैं, लीड अयोध्या विवाद है जिसके दोनों तरफ दो-दो ख़बरों को लगाया गया है। पहली, चालान पर दिल्ली पुलिस का यूटर्न और दूसरी, मलेशिया को यूएन में भारत विरोधी बयान पड़ रहा भारी। चिदंबरम और प्रफुल्ल पटेल की मुश्किलों को अख़बार ने एक पैकेज के रूप में लगाया है। केंद्रीय मंत्री पर इंक अटैक और स्वदेशी हथियारों पर सेना प्रमुख के बयान को भी जगह मिली है। इसके अलावा पीएमसी बैंक के ग्राहकों की मौत के साथ ही फोर्टिस प्रमोटरों के संबंध में खुलासे को आस-पास लगाया गया है। एंकर में पढ़ने लायक समाचार है. नोबल पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री अभिजीत बनर्जी का कहना है कि कॉर्पोरेट टैक्स में कटौती से अर्थव्यवस्था गड़बड़ा गई है। साथ ही पराली जलाने पर एनजीटी की राज्यों को फटकार को भी नवोदय टाइम्स ने तवज्जो देते हुए दो कॉलम में रखा है।

आज का किंग कौन?
1: लेआउट के मामले में आज हिन्दुस्तान बेहतर नज़र आ रहा है। सीमित जगह में अख़बार ने काफी अच्छा ले-आउट तैयार किया है। दैनिक भास्कर का लेआउट भी अच्छा है, लेकिन फ्रंट पेज का फर्स्ट हाफ लगभग कल जैसा है।
2: कलात्मक शीर्षक लगाने में आज नवभारत टाइम्स कुछ हद तक सफल रहा है। बाकी अखबारों ने सपाट हेडलाइंस के ट्रेंड को ही अपनाया है।
 

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

पीटर मुखर्जी ने यूं खोला टीवी इंडस्ट्री में अपने अनुभवों का 'पिटारा'

स्टार इंडिया के पूर्व सीईओ पीटर मुखर्जी ने पिछले दिनों अपना संस्मरण 'Starstruck: Confessions of a TV Executive' जारी किया है।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 25 February, 2021
Last Modified:
Thursday, 25 February, 2021
Peter Mukerjea

शीना बोरा मर्डर केस में चार साल की सजा काट चुके मीडिया टाइकून पीटर मुखर्जी ने टेलिविजन इंडस्ट्री में अपने दिनों को याद करते हुए एक संस्मरण जारी किया है। ‘Starstruck: Confessions of a TV Executive’ नाम से जारी इस संस्मरण में ‘स्टार इंडिया’ (Star India) के पूर्व सीईओ मुखर्जी ने इंडस्ट्री में अपने अनुभवों और तमाम उथल-पुथल के बारे में बताया है। हालांकि, इस किताब से ऐसे लोगों को कुछ निराशा हो सकती है, जो उम्मीद कर रहे थे कि मुखर्जी अपनी सौतेली बेटी शीना बोरा हत्याकांड में जेल में बिताए गए समय के बारे में जानकारी शेयर करेंगे। इसके बजाय मुखर्जी ने इस संस्मरण में इंडस्ट्री में अपनी तीन दशक लंबी यात्रा का जिक्र किया है, जिसने तमाम उतार-चढ़ाव देखे हैं। मीडिया मुगल रूपर्ट मर्डोक द्वारा अधिग्रहीत किए जाने के एक दिन बाद मुखर्जी ने स्टार इंडिया जॉइन किया था।

अपने संस्मरण में मुखर्जी लिखते हैं कि 90 के दशक की शुरुआत में अमेरिकी शो ‘बेवॉच’ (Baywatch) जैसे शोज का बोलबाला था। लेकिन यह सोच भारत में काम नहीं कर रही थी। उस समय मर्डोक ने मुखर्जी को एक छोटे टीवी चैनल को दुनिया के बड़े चैनल के रूप में विकसित करने का काफी मुश्किल काम सौंपा। मुखर्जी के इस संस्मरण के अनुसार, वास्तविकता में न तो मर्डोक और न ही स्टार के संस्थापक रिचर्ड ली ने भारत से बहुत उम्मीद की थी, क्योंकि उनकी नजर में यह उनके व्यापार मॉडल के लिए उपयुक्त बाजार नहीं था।

अपनी किस किताब में स्टार इंडिया से जुड़ी आकांक्षाओं और इसे ऊंचाई तक ले जाने के दौरान अपने संघर्षों का जिक्र किया है। मुखर्जी के अनुसार, ’मैं चाहता था कि स्टार टीवी को मीडिया इंडस्ट्री में पसंदीदा नियोक्ता के रूप में देखा जाए, खासकर भारत में।’ कर्मचारियों की नजर में स्टार की प्रतिष्ठा मुखर्जी के लिए महत्वपूर्ण थी। उनका मानना था कि कर्मचारियों का सम्मान देश में एक शानदार ब्रैंड के रूप में स्टार इंडिया के निर्माण के दीर्घकालिक कार्य में मदद करेगा।

अपनी किताब में मुखर्जी लिखते हैं कि प्रतिष्ठित शो कौन बनेगा करोड़पति को शुरू में एक लाख के पुरस्कार के साथ कौन बनेगा लखपति का नाम दिया गया था, लेकिन दर्शकों की रुचि बढ़ाने के लिए मर्डोक ने खुद इस राशि को एक करोड़ बढ़ा दिया था। मुखर्जी ने स्टार के साथ एकता कपूर के दिनों को भी याद किया जिन्होंने अपने धारावाहिकों के द्वारा भारतीय टेलिविजन इंडस्ट्री में क्रांति ला दी थी। अपने इस संस्मरण में मुखर्जी ने अपने कुछ पूर्व साथियों का भी जिक्र किया है, जो आज इंडस्ट्री में काफी ऊंचाइयों पर हैं। इनमें राज नायक, मोनिका टाटा, अजय विद्यासागर, सिद्धार्थ रॉय कपूर, विकास खनचंदानी जैसे नाम शामिल हैं।  

एक मीडिया टाइकून के रूप में मुखर्जी के बीते दिनों पर इस किताब को वेस्टलैंड ने पब्लिश किया है। 296 पेज के इस संस्मरण को पिछले दिनों जारी किया गया है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इस वजह से विरोध में उतरे पत्रकार, राज्य में नहीं छपा अखबार

पत्रकारों ने इस घटना का विरोध किया और कार्य बहिष्कार कर दिया, जिसके चलते मणिपुर में रविवार को कोई अखबार प्रकाशित नहीं हुआ

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 15 February, 2021
Last Modified:
Monday, 15 February, 2021
Newspaper4545

मणिपुर में शनिवार 13 फरवरी की शाम दैनिक ‘पोकनाफाम’ के स्थानीय कार्यायल पर एक हथगोला फेंका गया, लेकिन कोई विस्फोट नहीं हुआ और उसे सुरक्षित तरीके से नष्ट कर दिया गया। बताया जा रहा है कि इस बीच कार्यालय में एक अज्ञात बदमाश ने लूटपाट भी की। इस घटना के संबंध में फिलहाल अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई।

वहीं, दूसरी तरफ मणिपुर के पत्रकारों ने इस घटना का विरोध किया और कार्य बहिष्कार कर दिया, जिसके चलते मणिपुर में रविवार को कोई अखबार प्रकाशित नहीं हुआ और न ही टीवी पर खबरें प्रसारित हुईं।

ऑल मणिपुर वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन (AMWJU) और एडिटर्स गिल्ड मणिपुर (EGM) ने हमले की निंदा की, जिसके बाद दोनों ही संगठनों ने कार्य बहिष्कार का फैसला किया था।

उधर, पुलिस ने बताया कि यह घटना शाम 6.30 बजे  इम्फाल पश्चिम जिले के केशिमपत थियाम लेइकाई स्थित समाचार पत्र ‘पोकनाफाम’ के कार्यालय में हुई। पुलिस ने कहा कि ग्रेनेड का सेफ्टी पिन बरकरार पाया गया। सीसीटीवी फुटेज से पता चला कि ग्रेनेड एक महिला द्वारा फेंका गया था, जो मोपेड पर आई थी। राज्य पुलिस के बम विशेषज्ञों ने विस्फोटक हथियार को मौके से हटा दिया।

घटना के पीछे अपराधियों को पकड़ने के लिए मणिपुर पुलिस द्वारा तलाशी अभियान चलाया गया है। क्षेत्र के सभी मीडिया हाउसों के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

पोकनाफम के संपादक अरीबम रोबिन्द्रो शर्मा ने कहा कि उन्हें किसी से भी तरह की धमकी या कुछ ऐसा नहीं मिला है, जो संदिग्ध हो।

इस हमले के विरोध में कीशामपाट थियाम लीकाई में पत्रकारों ने धरना दिया। बाद में मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह को एक ज्ञापन सौंपा गया और उनसे यह सुनिश्चित करने की अपील की गई कि राज्य में प्रेस स्वतंत्र रूप से काम कर पाए।

पुलिस के अनुसार हमले की वजह पता नहीं चल पाई है। किसी संगठन ने भी इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

एक साथ आगे आए सात प्रमुख अखबार, स्टेकहोल्डर्स के लिए लिखा ये लेटर

इस लेटर पर ‘अमर उजाला’, ‘ईनाडु’, ‘हिन्दुस्तान’, ‘साक्षी’, ‘दैनिक जागरण’ ‘दैनिक भास्कर’ और ‘मलयाला मनोरमा’ के प्रतिनिधियों के हस्ताक्षर हैं।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Friday, 05 February, 2021
Last Modified:
Friday, 05 February, 2021
Newspaper

पिछले काफी समय से रुकी हुई भारतीय अर्थव्यवस्था धीरे-धीरे गति पकड़ रही है। तमाम अन्य बिजनेस के साथ भारतीय भाषाई अखबारों की ग्रोथ भी बढ़ रही है। ऐसे में अब सात प्रमुख भाषाई अखबार अपने स्टेकहोल्डर्स (stakeholders) के लिए एक कॉमन लेटर के जरिये एक साथ आगे आए हैं। इस लेटर में कहा गया है कि कोविड-19 से पहले की तुलना में सर्कुलेशन 80 से 90 प्रतिशत तक पहुंच गया है और 80 प्रतिशत से ज्यादा एडवर्टाइजिंग रिकवरी हो चुकी है।

लेटर में कहा गया है, ‘भारतीय अर्थव्यवस्था अच्छी रिकवरी कर रही है। वैक्सीन अभियान गति पकड़ रहा है और जीएसटी कलेक्शन भी अच्छी ग्रोथ दिखा रहा है। देश के टियर-दो और टियर-तीन मार्केट इस ग्रोथ में अहम भूमिका निभा रहे हैं। अखबारों का सर्कुलेशन भी बढ़ रहा है और यह जितना कोविड-19 से पहले था, उसके 80-90 प्रतिशत लेवल तक पहुंच गया है, इसके साथ ही एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू भी कोविड-19 से पहले की तुलना में 80 प्रतिशत ग्रोथ प्राप्त कर चुका है।’

इस लेटर पर हस्ताक्षर करने वालों में ‘अमर उजाला’ के राजुल माहेश्वरी, ‘ईनाडु’ के आई वेंकट, ‘हिन्दुस्तान’ के राजीव बेओत्रा, ‘साक्षी’ के विनय माहेश्वरी, ‘दैनिक जागरण’ के शैलेष गुप्ता, ‘दैनिक भास्कर’ के गिरीश अग्रवाल और ‘मलयाला मनोरमा’ के जयंत मैमन मैथ्यू शामिल हैं।

इस रिकवरी के बारे में ‘दैनिक भास्कर ग्रुप’ के प्रमोटर डायरेक्टर गिरीश अग्रवाल का कहना है, ‘टियर दो और टियर तीन शहरों की ग्रोथ की वजह से भारतीय भाषाई अखबार पूरे मार्केट की ग्रोथ में अहम भूमिका निभा रहे हैं। अब जब मार्केट्स सामान्य स्थिति में पहुंचे हैं और तेजी से खुल रहे हैं, अखबारों का सर्कुलेशन स्तर भी कोविड-19 से पहले की तुलना में लगभग 85-87 प्रतिशत तक पहुंच गया है। इसके अलावा समाचार पत्रों की विश्वसनीयता और भरोसा एक प्रमुख प्लस पॉइंट के रूप में उभरा है। खासकर फेक न्यूज के माहौल के बीच जिस तरह अखबारों ने अपनी विश्वसनीयत बनाए रखी है, ऐसे में अखबारों की संपादकीय शक्ति को मार्केट्स और पाठकों द्वारा सराहा जा रहा है।’

इस लेटर में अखबारों की ग्रोथ के साथ ही उसके कारणों पर भी बात की गई है। इस लेटर को आप यहां पढ़ सकते हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

आम बजट से न्यूजपेपर इंडस्ट्री की टूटी उम्मीदें

प्रिंट मीडिया इंडस्ट्री इस बजट में न्यूजप्रिंट पर कस्टम ड्यूटी में पांच प्रतिशत छूट मिलने का इंतजार कर रही थी।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 01 February, 2021
Last Modified:
Monday, 01 February, 2021
Budget 2021

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा सोमवार को पेश किए गए केंद्रीय बजट 2021 के दौरान न्यूजपेपर पब्लिशर्स को कुछ राहत नहीं मिली है। कोरोनावायरस (कोविड-19) के मद्देनजर इस साल प्रिंट मीडिया इंडस्ट्री का सर्कुलेशन काफी प्रभावित हुआ है और इससे मुनाफे में कमी आई है। ऐसे में प्रिंट इंडस्ट्री इस बजट में अखबारों और मैगजींस में इस्तेमाल होने वाले कागज यानी न्यूजप्रिंट पर कस्टम ड्यूटी में पांच प्रतिशत छूट मिलने का इंतजार कर रही थी। हालांकि, बजट में इस तरह की कोई घोषणा नहीं की गई है।

बता दें कि पिछली साल प्रिंट मीडिया प्लेयर्सन ने उस समय राहत की सांस ली थी, जब न्यूजप्रिंट पर कस्टम ड्यूटी दस प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत कर दी गई थी। कस्टम ड्यूटी में कटौती से पब्लिशर्स के लिए लागत में भारी कमी आई थी।

हालांकि, जुलाई 2019 से पहले न्यूजपेपर बिजनेस में इस कैटेगरी के लिए किसी तरह की कस्टम ड्यूटी नहीं थी। ऐसे में पिछले साल कस्टम ड्यूटी में की गई कटौती की घोषणा का स्वागत किया गया था, क्योंकि इससे न्यूजप्रिंट में प्रति टन 1500 से 1700 रुपये की बचत हुई थी। देश में वर्तमान में सालाना रूप से 2.5 मिलियन टन न्यूजप्रिंट की मांग है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

बिजनेस स्टैंडर्ड में अब नई भूमिका में नजर आएंगे एके भट्टाचार्य

इससे पहले वह एडिटोरियल डायरेक्टर और उससे पहले अखबार के एडिटर के पद पर अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 01 February, 2021
Last Modified:
Monday, 01 February, 2021
AK Bhattacharya

एके भट्टाचार्य को ‘बिजेनस स्टैंडर्ड प्राइवेट लिमिटेड’ (Business Standard Private Limited) में एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर और एडिटोरियल डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। इससे पहले वह एडिटोरियल डायरेक्टर और उससे पहले अखबार के एडिटर थे।

इसके साथ ही कंपनी ने अपने बोर्ड में कुछ नए बदलाव भी किए हैं। इसके तहत ‘स्टार इंडिया’ (Star India) के पूर्व चेयरमैन और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर व ‘द वॉल्ट डिज्नी कंपनी, एशिया पैसिफिक’ के पूर्व प्रेजिडेंट उदय शंकर को बतौर नॉन एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर कंपनी बोर्ड में शामिल किया गया है।

वहीं, शिवेंद्र गुप्ता को कंपनी का मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर नियुक्त किया गया है। इससे पहले वह कंपनी के सीईओ थे।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

बिजनेस स्टैंडर्ड में शिवेंद्र गुप्ता को मिली अब नई जिम्मेदारी

नई जिम्मेदारी मिलने से पहले वह कंपनी में चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर के पद पर काम कर रहे थे।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 01 February, 2021
Last Modified:
Monday, 01 February, 2021
Shivendra Gupta

‘बिजनेस स्टैंडर्ड प्राइवेट लिमिटेड’ (Business Standard Private Limited) ने शिवेंद्र गुप्ता को मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर के पद पर नियुक्त किया है। नई जिम्मेदारी मिलने से पहले वह कंपनी में सीईओ के पद पर काम कर रहे थे।

इसके साथ ही कंपनी ने अपने बोर्ड में कुछ नए बदलाव भी किए हैं। इसके तहत ‘स्टार इंडिया’ (Star India) के पूर्व चेयरमैन और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर व ‘द वॉल्ट डिज्नी कंपनी, एशिया पैसिफिक’ के पूर्व प्रेजिडेंट उदय शंकर को बतौर नॉन एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर कंपनी बोर्ड में शामिल किया गया है।

वहीं, एके भट्टाचार्य को कंपनी का एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर और एडिटोरियल डायरेक्टर नियुक्त किया गया है। इससे पहले वह एडिटोरियल डायरेक्टर और उससे पहले अखबार के एडिटर थे।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

‘दैनिक भास्कर’ का अनूठा प्रयास, अपने इस अंक को बनाया खास

हिंदी अखबार ‘दैनिक भास्कर’ पाठकों के लिए कुछ न कुछ नया और अलग करने का प्रयास करता रहता है।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 28 January, 2021
Last Modified:
Thursday, 28 January, 2021
dainikbhaskar54542

हिंदी अखबार ‘दैनिक भास्कर’ पाठकों के लिए कुछ न कुछ नया और अलग करने का प्रयास करता रहता है। इसी कवायद के तहत उसने 25 जनवरी को भीलवाड़ा में एक कीर्तिमान रचा है। बताया जा रहा है कि ऐसा पहली बार हुआ है कि किसी अखबार का फ्रंट पेज बाकायदा कपड़े से ही तैयार किया गया है। कपड़े पर ही खबरों का प्रकाशन हुआ है। यह अंक 204 पेजों का प्रकाशित किया गया है।

ऐसा इसलिए, क्योंकि राजस्थान का भीलवाड़ा शहर ‘टेक्सटाइल सिटी’ के नाम से पूरे विश्व में मशहूर है। दरअसल ‘दैनिक भास्कर’ ने अपने भीलवाड़ा संस्करण के 15वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में पाठकों के लिए यह गौरवशाली अंक तैयार किया है। वस्त्रनगरी के रूप में ख्यात भीलवाड़ा के पाठकों को यह सौगात सोमवार के अंक में मिली। दैनिक भास्कर के मुताबिक, इस अंक की थीम गौरवशाली इसलिए रखी गई, क्योंकि ये भीलवाड़ा के संपूर्ण गौरव को बताने का प्रयास किया गया है।

बता दें कि इस विशेष अंक में ग्राउंड रिपोर्ट के अलावा ऐसी कहानियों का समावेश किया गया है, जिसने यह महसूस कराया कि भीलवाड़ा कितना गौरवशाली और वैभवशाली है। साथ ही ऐसी खबरें प्रकाशित की गई, जिससे पाठकों को यह पता चला कि भीलवाड़ा की पहुंच दुनिया में कहां-कहां तक है।  

 

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

दुनिया को अलविदा कह गए ‘ब्रिटिश हेराल्ड’ के पब्लिशर अंसिफ अशरफ

प्रसिद्ध भारतीय उद्यमी और ‘ब्रिटिश हेराल्ड’ (British Herald) और ‘कोचीन हेराल्ड’ (Cochin Herald) मैगजीन के मालिक अंसिफ अशरफ अब हमारे बीच नहीं रहे।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 28 January, 2021
Last Modified:
Thursday, 28 January, 2021
ansif-ashraf545

प्रसिद्ध भारतीय उद्यमी और ‘ब्रिटिश हेराल्ड’ (British Herald) और ‘कोचीन हेराल्ड’ (Cochin Herald) मैगजीन के मालिक अंसिफ अशरफ अब हमारे बीच नहीं रहे। उनका निधन संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के शाहजाह में बुधवार सुबह हुआ।

दुबई में बिजनेस कर रहे अंसिफ में दो दिन पहले ही कोविड की पुष्टि हुई थी, लेकिन उन्हें पहले स्वास्थ्य संबंधी कोई समस्या नहीं थी। सांस लेने में तकलीफ के बाद बुधवार सुबह अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई।

अवॉर्ड विजेता रहे बिजनेसमैन अंसिफ ने 2017 में ‘ब्रिटिश हेराल्ड’  का अधिग्रहण किया था और बाद में इसे एक ऑनलाइन न्यूज व इंफॉर्मेशन प्लेटफॉर्म के तौर पर लॉन्च किया। 2018 में, उन्होंने इस एक द्वि-मासिक ई-पत्रिका के तौर पर भी लॉन्च किया, जिसमें दुनिया के प्रमुख नेताओं को कवर किया जाता है। वे लंदन प्रेस क्लब (London Press Club) के सदस्य भी रहे हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

अमर उजाला को बाय बोलकर नए सफर पर निकले डॉ. अतुल मोहन सिंह

पत्रकार डॉ. अतुल मोहन सिंह ने ‘अमर उजाला’ में करीब साढ़े तीन साल पुरानी अपनी पारी को विराम दे दिया है।

Last Modified:
Monday, 25 January, 2021
Dr Atul Mohan

पत्रकार डॉ. अतुल मोहन सिंह ने ‘अमर उजाला’ में करीब साढ़े तीन साल पुरानी अपनी पारी को विराम दे दिया है। उन्होंने अपना नया सफर दैनिक ‘स्वदेश’ के साथ शुरू किया है। उन्होंने लखनऊ में बतौर रेजीडेंट एडिटर जॉइन किया है।

मूल रूप से हूंसेपुर (हरदोई) के रहने वाले डॉ. अतुल मोहन सिंह को मीडिया के क्षेत्र में काम करने का करीब 12 साल का अनुभव है। उन्होंने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत लखनऊ से पब्लिश होने वाले अखबार ‘स्पष्ट आवाज’ से की थी। इसके बाद ‘वॉयस ऑफ मूवमेंट’ ‘जनसंदेश’, ‘जन एक्सप्रेस’, ‘जनमत न्यूज’ और ‘अमर उजाला’ समेत तमाम अखबारों में विभिन्न जिम्मेदारी निभाने के बाद उन्होंने अब नई शुरुआत की है।

पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो 12वीं तक स्थानीय स्तर पर शिक्षा ग्रहण करने के बाद उन्होंने उच्च शिक्षा के लिए लखनऊ का रुख कर लिया था। खास बात यह है कि उच्च शिक्षा के लिए लखनऊ जाने वाले वह अपने गांव के पहले छात्र रहे हैं।

डॉ. अतुल मोहन सिंह पत्रकारिता की पढ़ाई करा रहे तमाम शिक्षण संस्थानों में समय-समय पर अतिथि अध्यापक के रूप में अध्यापन कार्य भी कराते रहते हैं। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार के प्रकाशनों के लिए विगत चार वर्षों से कंटेंट राइटर/कॉपी राइटर के रूप में नियमित लेखन के अलावा वह देश के विभिन्न स्थानों से प्रकाशित होने वाली विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं के लिए नियमित लेखन भी करते रहते हैं।   

समाचार4मीडिया की ओर से डॉ. अतुल मोहन सिंह को उनकी नई पारी के लिए ढेरों शुभकामनाएं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

3 महीने में 20% महंगा हुआ अखबारी कागज, न्यूज पब्लिशर्स ने वित्त मंत्री से की ये अपील

कोरोना महामारी के दौरान मांग-आपूर्ति का असंतुलन पैदा होने से पिछले तीन महीनों में अखबारी कागज की कीमतों में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

Last Modified:
Monday, 18 January, 2021
Print Media

समाचार पत्र प्रकाशकों (News Print Publishers) ने सरकार से न्यूजप्रिंट पर लागू पांच प्रतिशत का आयात शुल्क हटाने की मांग की है। इस बाबत इंडियन न्यूजपेपर सोसायटी (INS) ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को एक ज्ञापन सौंपा है। बजट से पहले सौंपे गए इस ज्ञापन में अखबारी कागज के आयात पर सीमा शुल्क कटौती, उद्योग को प्रोत्साहन पैकेज या कम से कम 50 प्रतिशत बढ़े शुल्क के साथ विज्ञापन जारी करने का आग्रह किया है।

समाचार पत्र उद्योग का कहना है कि कोरोना महामारी के दौरान मांग-आपूर्ति का असंतुलन पैदा होने से पिछले तीन महीनों में अखबारी कागज की कीमतों में 20 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि 10-15 फीसदी की बढ़ोतरी अगले महीने होने वाली है, जो प्रकाशकों को बुरी तरह प्रभावित करेगी। वहीं, घरेलू उत्पादकों ने पर्याप्त मात्रा में आपूर्ति के लिए अपने कच्चे माल को स्टॉक कर लिया है।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को बजट से पहले सौंपे ज्ञापन में कहा गया है कि यदि प्रिंट मीडिया के लिए इस समय प्रोत्साहन पैकेज दे पाना संभव नहीं है, तो विज्ञापन एवं दृश्य प्रचार निदेशालय (डीएवीपी) को अपने सभी विभागों के विज्ञापन 50 प्रतिशत बढ़े शुल्क के साथ जारी करने पर विचार करना चाहिए। इससे उद्योग को काफी मदद मिलेगी। इसके अलावा आईएनएस ने भारत के समाचार पत्र पंजीयक (आरएनआई) की प्रसार प्रमाणपत्र वैधता का विस्तार 31 मार्च, 2022 तक करने की मांग की है जिससे डीएवीपी की दरें अगले साल तक समान रहेंगी।

आईएनएस ने कहा कि ऐसा अनुमान है कि प्रिंट मीडिया को मौजूदा स्थिति से उबरने में दो से तीन साल लगेंगे।

इंडियन न्यूजपेपर सोसायटी (आईएनएस) के अध्यक्ष एल आदिमूलम ने कहा कि कोविड-19 महामारी से उद्योग बुरी तरह प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि महामारी के प्रभाव से उबरने के लिए समाचार पत्रों ने लागत घटाने के लिए अपने कई संस्करण बंद किए हैं। साथ ही उन्होंने अखबारों के पृष्ठ भी कम किए हैं और कर्मचारियों को भी हटाना पड़ा है। वहीं, ऐसे समय पर तो ज्यादातर समाचार पत्रों ने उन ग्रामीण क्षेत्रों में अखबार भेजना ही बंद कर दिया है, जहां 50 से कम प्रतियां जाती हैं। वितरण की लागत घटाने के लिए समाचार पत्रों ने यह कदम उठाया है।

आदिमूलम ने कहा कि सरकार ने महामारी के दौरान कुछ उद्योगों की प्रोत्साहन पैकेज से मदद की है। ‘हम भी कुछ प्रोत्साहन की उम्मीद कर रहे हैं।’

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए