राज्यपाल से मांग: पत्रकार के बाद परिवार को 1 करोड़ और सरकारी नौकरी...

मथुरा के पत्रकारों के प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को राजभवन में उत्तर प्रदेश के राज्यपाल...

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 13 September, 2018
Last Modified:
Thursday, 13 September, 2018
Samachar4media

समाचार4मीडिया ब्‍यूरो।।

मथुरा के पत्रकारों के प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को राजभवन में उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाइक से मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने उन्हें नौ सूत्रीय मांग पत्र सौंपा, साथ ही स्मृति चिह्न भेंट किया।   

राज्यपाल राम नाइक ने इस दौरान प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि वे पत्रकारों की सुरक्षा, आवास, पेंशन व तहसील स्तर पर पत्रकारों को मान्यता दिलाने जैसी मांगों को पूरा कराने के लिए राज्य सरकार से बात करेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी पूरी कोशिश होगी कि ये मांगें पूरी हों।

बैठक उपजा के प्रांतीय उपाध्यक्ष व ब्रज प्रेस क्लब के अध्यक्ष कमलकांत उपमन्यु के नेतृत्व में हुई, जिसमें उपमन्यु के साथ वरिष्ठ पत्रकार गोलेश स्वामी, नितिन गौतम,मदन गोपाल शर्मा,मुकुल गौतम और मंडल अध्यक्ष व सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता सार्थक चतुर्वेदी आदि शामिल थे।

इस मौके पर उपमन्यु ने राज्यपाल को बताया कि आज पत्रकारों को राज्य सरकार से बहुत उम्मीद है। उनकी मांगों को पूर्ण कराने की बेहद आवश्यकता है। उनका कहना था पत्रकारों के लिए सुरक्षा कानून लागू हो। पत्रकार के हताहत होने पर एक करोड़ रुपए व सरकारी आवास उसके परिजनों को और उसके पुत्र,  पुत्री या पत्नी को योग्यतानुसार सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। हर जनपद में प्रेस क्लब व गेस्ट हाउस बनने चाहिए। जिला स्तरीय मान्यता की तरह तहसील स्तर पर भी मान्यता कार्ड जारी किए जाएं।

उपमन्यु ने कहा कि पत्रकारों को जो बीमा दिया जाए, उसका प्रीमियम स्वयं सरकार भुगतान करे। इसके अलावा पत्रकारों पर आए दिन माफिया व अवैध धंधा करने वाले जो फर्जी मुकदमे लगाते हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई हो। पत्रकार के विरुद्ध जो शिकायत मिले,  उसकी पूर्ण जांच के बाद ही कार्रवाई हो। हर जिले में प्रेस कॉलोनी व पेंशन की मांगे भी लंबित हैं, जिन्हें पूर्ण कराया जाए। अंत में राज्यपाल ने शिष्टमंडल को आश्वासन दिया है कि वह स्वयं इस ज्ञापन को अपनी संस्तुति के साथ राज्य सरकार को भेजेंगे।

 



समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

ZEEL: पुनीत गोयनका की डायरेक्टर पद पर फिर नियुक्ति को शेयरधारकों की हरी झंडी

ZEEL ने शुक्रवार को कंपनी के शेयरधारकों की मौजूदगी में अपनी 40वीं वार्षिक आम बैठक की, जिसमें प्रस्तुत सभी आठ प्रस्तावों को मंजूरी दी गयी।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Saturday, 01 October, 2022
Last Modified:
Saturday, 01 October, 2022
Punit Goenka

जी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड (ZEEL) ने शुक्रवार को कंपनी के शेयरधारकों की मौजूदगी में अपनी 40वीं वार्षिक आम बैठक का समापन किया। बैठक के दौरान प्रस्तुत सभी आठ प्रस्तावों को शेयरधारकों ने मंजूरी दी।

शेयरधारकों ने पुनीत गोयनका के डायरेक्टर के रूप में फिर नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। गोयनका ने दोबारा से डायरेक्टर के पद पर बने रहने की इच्छा जताई थी। वहीं एक अन्य डायरेक्टर के रूप में आदेश कुमार गुप्ता को सर्वसम्मति से नियुक्त को मंजूरी दी गयी, तो वहीं इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर आर. गोपालन की पुनर्नियुक्ति को भी शेयरधारकों ने मंजूरी दी।

ZEEL ने एक बयान में कहा कि बैठक के दौरान शेयरधारकों के सामने पेश किए गए सभी प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। शेयरधारकों ने भविष्य में कंपनी की ग्रोथ के लिए मैनेजमेंट और इसकी रणनीतिक पहल के प्रति अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।

बैठक में बोर्ड के जिन सदस्यों ने भाग लिया, उनमें चेयरमैन आर. गोपालन; आदेश कुमार गुप्ता, नॉन एग्जिक्यूटिव, नॉन इंडिपेंडेंट डायरेक्टर, एलिसिया यी, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर;  पीयूष पांडे, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर; विवेक मेहरा, इंडिपेंडेंट डायरेक्टर, और पुनीत गोयनका, मैनेजिंग डायरेक्टर व चीफ एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर शामिल रहे।

शेयरधारकों को अपने संबोधन में आर. गोपालन ने कहा कि एमडी व सीईओ पुनीत गोयनका के सक्षम नेतृत्व में, कंपनी अपने उपभोक्ताओं के लिए मनोरंजन को बदलने के अपने वादे को पूरा करना जारी रखे हुए है। मुझे विश्वास है कि हमारी रणनीतियां वर्तमान को पसंद करेंगी और उत्साहित करेंगी। भविष्य के उपभोक्ता, जी को वैश्विक मीडिया और मनोरंजन उद्योग में एक दुर्जेय खिलाड़ी के रूप में स्थापित करते हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

एनएस राजन बने ASCI के नए चेयरमैन

August One Partners LLP के डायरेक्टर एनएस राजन को 'एडवर्टाइजिंग स्‍टैंडर्ड्स काउंसिल ऑफ इंडिया' (एएससीआई) का चेयरमैन चुना गया है।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 29 September, 2022
Last Modified:
Thursday, 29 September, 2022
NSRajan452155

‘अगस्त वन पार्टनर्स एलएलपी’ (August One Partners LLP) के डायरेक्टर एनएस राजन को 'एडवर्टाइजिंग स्‍टैंडर्ड्स काउंसिल ऑफ इंडिया' (एएससीआई) का चेयरमैन चुना गया है। एएससीआई की 36वीं वार्षिक आम बैठक के तुरंत बाद आयोजित की गई बोर्ड मीटिंग में सर्वसम्मति से यह घोषणा की गई।

एनएस राजन एक जनसंपर्क (पीआर) अनुभवी हैं। पीआर इंडस्ट्री में इनकी काफी अच्छी पकड़ है। इससे पहले वह 'ओम्नीकॉम ग्रुप' (Omnicom Group) की कंपनी 'केचम संपर्क' (Ketchum Sampark) के फाउंडर व मैनेजिंग डायरेक्टर थे।

वहीं, ‘मैरिको लिमिटेड’ (Marico Limited) के मैनेजिंग डायरेक्टर व सीईओ सौगात गुप्ता को काउंसिल का वाइस चेयरमैन चुना गया है, जबकि ‘आईपीजी मीडियाब्रैंड्स इंडिया’ (IPG Mediabrands India) के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर शशिधर सिन्हा को मानद कोषाध्यक्ष (Honorary Treasurer) नियुक्त किया गया है।

वहीं, निवर्तमान चेयरमैन (outgoing chairman) सुभाष कामथ अब बोर्ड की सलाहकार समिति का हिस्सा होंगे, जो अन्य गतिविधियों के साथ, संगठन के नए इनीशिएटिव्स का मार्गदर्शन करेंगे। बता दें कि ‘लिंटास इंडिया’ (Lintas India) के ग्रुप सीईओ विराट टंडन और जीएमएस इंडिया (GMS India) (मेटा) के डायरेक्टर अरुण श्रीनिवास को बोर्ड की इस मीटिंग में शामिल किया गया था।

वहीं, 'August One Partners LLP' के डायरेक्टर एनएस राजन को भी दोबारा वाइस चेयरमैन चुना गया है। इन पदों पर चुनाव के साथ ही एएससीआई की 35वीं वार्षिक आम सभा के बाद हुई बोर्ड बैठक में पूर्व में शुरू की गईं कई पहलों (initiatives) के लिए निरंतरता सुनिश्चित की गई।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

देश की GDP में 1% से भी कम है मीडिया-मनोरंजन उद्योग की हिस्सेदारी: अपूर्व चंद्र

केंद्रीय सूचना-प्रसारण के सचिव अपूर्व चंद्रा ने देश की जीडीपी में मीडिया और मनोरंजन उद्योग की हिस्सेदारी पर चिंता जतायी है।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Wednesday, 28 September, 2022
Last Modified:
Wednesday, 28 September, 2022
ApurvaChandra4587

केंद्रीय सूचना-प्रसारण के सचिव अपूर्व चंद्रा ने देश की जीडीपी में मीडिया और मनोरंजन उद्योग की हिस्सेदारी पर चिंता जतायी है। मुंबई में फिक्की फ्रेम्स 2022 के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए सूचना-प्रसारण सचिव अपूर्व चंद्र ने कहा की मीडिया और एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री भारत में कुल 23 बिलियन डॉलर की है, जो कि हमारी GDP का एक प्रतिशत से भी कम है और इस आकड़े को जल्द सुधारने की जरूरत है।

इस दौरान उन्होंने कहा की इस इंडस्ट्री को 2030 तक 100 बिलियन डॉलर के आकड़े तक पहुंचाने का हमारा लक्ष्य है।


मुंबई में मंगलवार को फिक्की फ्रेम्स फास्ट ट्रैक के उद्घाटन सत्र में उन्होंने कहा कि भारत एक दशक में 10 लाख करोड़ डॉलर की अर्थव्यवस्था बन जाएगा। इस दौरान मीडिया और मनोरंजन उद्योग को भी तय करना चाहिए कि यह क्षेत्र 2030 तक 100 अरब डॉलर से ज्यादा का हो जाए। सूचना-प्रसारण मंत्रालय लक्ष्य हासिल करने में मदद देगा।  

एनिमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (एवीजीसी) उद्योग को अर्थव्यवस्था के लिए बड़ी क्रांति की संभावनाओं वाला बताते हुए उन्होंने कहा, काफी चर्चाओं के बाद भी एवीजीसी उद्योग के उत्कृष्टता केंद्रों को लेकर प्रगति नहीं होना दुर्भाग्यपूर्ण है। हालांकि, मंत्रालय की 48% हिस्सेदारी के साथ एवीजीसी उत्कृष्टता केंद्र की स्थापना के लिए वह 15 दिन में केंद्र को रिपोर्ट सौंपने जा रहे हैं।

वहीं, दूसरी तरफ इन-दिनों बॉलीवुड फिल्मों पर भारी संकट गहराया हुआ है और ऐसा इसलिए क्योंकि यहां जो भी फिल्में रिलीज हो रही है, वह बुरी तरह फ्लॉप कर रही है। बड़ी बजट वाली फिल्में भी अपना कमाल नहीं दिखा पा रही हैं, जबकि यही फिल्में चीन में ताबड़तोड़ कमाई कर रही है। इस पर सचिव अपूर्व चंद्रा ने कहा कि हमें इस प्रवृत्ति को उलटने और यह सुनिश्चित करने की जरूरत है कि स्थानीय फिल्में देश के भीतर अधिक कारोबार करें।

उन्होंने कहा कि पांच वर्ष में देश में थियेटरों की संख्या 12,000 से 66 फीसदी घटकर 8,000 रह गई है, जबकि इसी अवधि में चीन में संख्या 10,000 से बढ़कर 70,000 पहुंच गई है। उन्होंने कहा इसलिए कुछ भारतीय फिल्में भारत की तुलना में चीन में बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं, जो एक ऐसा चलन है, जिसे हमें उलटने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हल स्थानीय तौर पर अधिक थिएटर खोलना है।

चंद्रा ने कहा कि सरकार नव-निर्मित फिल्म सुविधा कार्यालय (फिल्म फैसिलेशन ऑफिस) को यह कार्य सौंप रही है, जो अनुमति को आसान बनाने के लिए 'इन्वेस्ट इंडिया' और नेशनल सिंगल विंडो पोर्टल के साथ मिलकर काम करेगा, साथ ही साथ इस क्षेत्र में विदेशी निवेश लाने का प्रयास भी करेगा।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इस बड़े पद पर Zee Media से जुड़ीं सोनिया कपूर

इससे पहले सोनिया कपूर ‘नेटवर्क18’ में बतौर बिजनेस हेड और एग्जिक्यूटिव वाइस प्रेजिडेंट (फोकस स्टूडियो) अपनी जिम्मेदारी संभाल रही थीं।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Tuesday, 27 September, 2022
Last Modified:
Tuesday, 27 September, 2022
Sonia Kapoor

‘जी मीडिया कॉरपोरेशन लिमिटेड’ (ZMCL) ने सोनिया कपूर को हेड (इनोवेशन स्टूडियो) के पद पर नियुक्त किया है। अपनी इस भूमिका में वह बिजनेस डेवलपमेंट और रेवेन्यू जुटाने के लिए जिम्मेदार होंगी। कंपनी के दीर्घकालिक लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए वह संस्थान की सीनियर लीडरशिप टीमों के साथ मिलकर काम करेंगी।

‘जी मीडिया’ के साथ अपनी इस पारी में वह परफॉर्मेंस को बढ़ाने और जी मीडिया के चैनलों के लिए राजस्व वृद्धि को बढ़ावा देने के लिए सेल्स स्ट्रैटेजी का नेतृत्व करेंगी। इसके साथ ही वह इवेंट्स नई बिजनेस पहलों का प्रबंधन भी करेंगी।

बता दें कि इससे पहले सोनिया कपूर ‘नेटवर्क18’ (Network 18) में बतौर बिजनेस हेड और एग्जिक्यूटिव वाइस प्रेजिडेंट (फोकस स्टूडियो) अपनी जिम्मेदारी संभाल रही थीं। इसके साथ ही वह ‘आजतक’(AajTak) और ‘द इंडियन एक्सप्रेस’ (The Indian Express) समूह के साथ भी काम कर चुकी हैं।  

इस बारे में ‘जी मीडिया’ के चीफ बिजनेस ऑफिसर (सेल्स, डिस्ट्रीब्यूशन और मार्केटिंग) जॉय चक्रवर्ती (Joy Chakraborthy) का कहना है, ‘हमें सोनिया की क्षमता पर पूरा भरोसा है। पूर्व में वह नेटवर्क18 में मेरे साथ काम कर चुकी हैं और हमने मिलकर फोकस के रेवेन्यू को अब तक के सबसे उच्च स्तर पर पहुंचाया था। हम ब्रैंडेड कंटेंट रेवेन्यू को और अधिक ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।’

वहीं, अपनी नियुक्ति के बारे में सोनिया कपूर का कहना है, ’जी का मीडिया में काफी नाम है और अब वह मीडिया को टेक्नोलॉजी सक्षम दुनिया में बदल रहा है। मैं उस ब्रैंड का हिस्सा बनकर काफी उत्साहित हूं, जो इस क्षेत्र में अग्रणी है। मैं इस ब्रैंड की ग्रोथ में अपना योगदान देने के लिए पूरी तरह से तैयार हूं।’

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

MRUCI के चेयरमैन बने रहेंगे शशि सिन्हा, शैलेश गुप्ता को भी मिला पुराना पद

मीडिया रिसर्च यूजर्स काउंसिल इंडिया (MRUCI) ने मंगलवार, 27 सितंबर, 2022 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अपनी 28वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) आयोजित की।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Tuesday, 27 September, 2022
Last Modified:
Tuesday, 27 September, 2022
SHASHI4554545

मीडिया रिसर्च यूजर्स काउंसिल इंडिया (MRUCI) ने मंगलवार, 27 सितंबर, 2022 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अपनी 28वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) आयोजित की। इस बैठक में घोषणा की गई कि मीडिया रिसर्च यूजर्स काउंसिल इंडिया (MRUCI) के चेयरमैन भारत में मीडियाब्रैंड्स (Mediabrands) के सीईओ शशिधर सिन्हा ही रहेंगे। वहीं, जागरण प्रकाशन के डायरेक्टर शैलेश गुप्ता ही इस काउंसिल के वाइस चैयरमैन बने रहेंगे। यानी दोनों ही पहले की तरह अपनी-अपनी भूमिकाएं निभाते रहेंगे।

MRUCI की 28वीं वार्षिक आम बैठक के तुरंत बाद आयोजित की गई बोर्ड मीटिंग में सर्वसम्मति से यह घोषणा की गई।

वहीं, जिन नए सदस्यों को बोर्ड ऑफ गवर्नर्स में नियुक्त किया गया है, उनमें शामिल हैं:

  1. शशांक श्रीवास्तव, सीनियर एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर (मार्केटिंग व सेल्स), मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड।
  2. विवेक मल्होत्रा, ग्रुप चीफ मार्केटिंग ऑफिसर व सीओओ कंज्यूमर रेवेन्यू, टीवी टुडे नेटवर्क लिमिटेड।

शशिधर सिन्हा ने कहा, ‘कोरोना के बाद अब परिस्थितियां वापस से सामान्य होने लगी हैं, लिहाजा हमें उम्मीद है कि अब जल्द ही नए आईआरएस पर काम शुरू हो जाएगा।’

वहीं, शैलेश गुप्ता ने कहा, ‘ये रिसर्च के लिए दिलचस्प समय है। मार्केट और बिजनेस के सामान्य होने के बाद यदि अब बिजनेस डिसिजन पर काम किया जाए, तो रिसर्च इसमें एक बड़ी भूमिका निभाएगा। MRUCI रिसर्च के अगले चरण में प्रवेश करने के लिए अच्छी तरह से तैयार है, जो कि टेक्नोलॉजी के बेहतर उपयोग के चलते तेजी से संचालित होगा, जो बिजनेस, मीडिया और मार्केटिंग डिसिजन को और मजबूत बनाएगा। ”

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

दूरसंचार मंत्रालय के प्रवक्ता बने राजीव जैन

राजीव जैन को पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस, आवास एवं शहरी मामलों का मंत्रालय  के साथ दूरसंचार मंत्रालय के लिए एडिशनल डायरेक्टर जनरल (एडीजी) व स्पोक्सपर्सननियुक्त किया गया है

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 26 September, 2022
Last Modified:
Monday, 26 September, 2022
rajiv46813

राजीव जैन को पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस, आवास एवं शहरी मामलों का मंत्रालय  के साथ दूरसंचार मंत्रालय के लिए एडिशनल डायरेक्टर जनरल (एडीजी) व स्पोक्सपर्सन (प्रवक्ता) नियुक्त किया गया है।

इससे पहले जैन रेल मंत्रालय में एडिशनल डायरेक्टर जनरल (एडीजी) थे, साथ ही यहां पीआर का काम भी देखते थे।

राजीव जैन प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, आवास एवं शहरी मामलों का मंत्रालय, नागरिक उड्डयन और आयुष मंत्रालय के एडिशनल डायरेक्टर जरनल (एडीजी) रह चुके हैं। इसके अतिरिक्त वे दूरदर्शन न्यूज के डायरेक्टर रह चुके हैं और डीडी मध्य प्रदेश को भी हेड कर चुके हैं।

राजीव जैन प्रतिष्ठित यूसी बर्कले और आईआईएम अहमदाबाद के पूर्व छात्र हैं।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

‘हैप्पी बर्थडे: KG सुरेश बोले तो Knowledge Guru सुरेश’

सत्य, तथ्य, धर्म, दायित्व, शोध, सुधार, नवाचार, गुणवत्ता, समस्या, समाधान, विश्वास, शिक्षा, सेवा, राष्ट्रधारा और कर्तव्य पथ का प्रार्थी बोल रहा हूं। मैं केजी सुरेश का विद्यार्थी बोल रहा हूं।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Monday, 26 September, 2022
Last Modified:
Monday, 26 September, 2022
KG Suresh

सत्य, तथ्य, धर्म, दायित्व, शोध, सुधार, नवाचार, गुणवत्ता, समस्या, समाधान, विश्वास, शिक्षा, सेवा, राष्ट्रधारा और कर्तव्य पथ का प्रार्थी बोल रहा हूं। मैं केजी सुरेश का विद्यार्थी बोल रहा हूं। वो भी उनके जन्मदिन पर। हालांकि ये कोई जन्मदिन भर नहीं है। यह KG यानी Knowledge Guru दिन है या KG दिवस। वह इसलिए क्योंकि KG हुआ जा सकता है, बना नहीं जा सकता। KG कोई व्यक्ति नहीं है। KG ज्ञान गुरु हैं।

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित महाविद्यालय अम्बेडकर में 1999 में KG सर की कक्षा लगी। जिस दिन लगी, उसी दिन कक्षा का हर विद्यार्थी KG सर का शिष्य हो गया और उन्होंने अपने हर शिष्य को अपने गर्भ में धारण किया। यह भारतीय गुरुकुल प्रणाली है जब गुरू अपने शिष्य को गुरुकुल में लेते समय यह घोषणा करता है कि मैं तुम्हें अपने गर्भ रूपी गुरुकुल में धारण करता हूं। उस दिन KG सर ने ऐसा ही किया और अपने गुरुरूपी गर्भ से तरह-तरह के रत्नों का आविष्कार किया। सप्ताह में एक दिन KG सर की क्लास होती थी और क्लास पूरी ठस्सम ठस्स।

दरअसल, झगड़ा होता था कि कौन आगे बैठेगा। तो झगड़े को पहली बार उन्होंने दूर किया 1999 में रोटेशन पर आगे बैठने के नियम को लागू कर। और फिर शुरू होता था उनके धाराप्रवाह होने वाला लेक्चर, जिसे सुनकर हर विद्यार्थी रोमांचित हो उठता और समझने लगता था कि मैं स्वयं KG हूं। मैं भी खुद को KG मानता था। और सबसे बड़ा KG मैं ही था, क्योंकि उस कक्षा में मैं मॉनिटर नियुक्त था। जब भी KG सर की कक्षा होती, मेरे भीतर का KG उभरता जाता। इसलिए कहा मैंने KG हुआ तो जा सकता है परन्तु बना नहीं जा सकता। क्योंकि सप्ताह भर की कक्षा में वे जीवन भर का सबक दे जाते थे।

कक्षा का मॉनिटर होने के नाते मैं उनका पहला विद्यार्थी था और आज भी हूं। उन्होंने मेरे जैसे विद्यार्थियों को अपने उसी गर्भ में धारण किया जो ज्ञान से विशेष ज्ञान की धुरी है। निरंतर तराशते रहे। आज भी तराशते हैं। एक कुशल साध के रूप में जौहरी के रूप में नहीं। साध के रूप में इसलिए क्योंकि हीरा परखे जौहरी, शब्दहि परखे साध। कबीर परखे साध को, ताका मता अगाध। वे शब्द के पारखी हैं। भाव के निरूपक हैं। बात-बात में व्यक्ति के चरित्र में इनका निर्माण कर देते हैं।

उसी कक्षा की चारदीवारी में उन्होंने 1999 के उस बैच को साध के रूप में तराशने का काम किया था, जिसमें अधिकांश विद्यार्थियों ने राष्ट्रपटल पर पत्रकारिता के मूल्यों को स्थापित करने का कार्य किया। इसका मुख्य कारण मैं उनका प्रथम विद्यार्थी होते हुआ मानता हूं कि उन्हें कोई वहम नहीं है, क्योंकि उनमें अहम नहीं है। कभी स्वयं की तारीफ और भेंट उनसे ज्ञान पाने के लिए कारगर नहीं रही। विमर्श, विचार, शब्द, पड़ताल, भाव की पवित्रता उन्हें अधिक भाव-विभोर करती है।

कक्षा से बाहर वे खाटी पत्रकार और कक्षा में परिपाटी के गुरू दिखते हैं। आज भी उनका हर विद्यार्थी उनके संपर्क में है। जैसे भारतीय ज्ञान प्रणाली में गुरू जीवनपर्यंत शिष्य के कल्याण की कामना और आवश्यकता पड़ने पर उसका मार्गदर्शन करता है, उसी रूप में विद्यार्थी कल्याण उनकी कार्यसूची में शीर्ष पर रहा है। एक्सपीरियंशल लर्निंग का उदाहरण मुझे आज भी याद है। जब कक्षा में उन्होंने हरियाणा के चरखी-दादरी के विमान हादसे की रिपोर्टिंग का उदाहरण बताते हुए एक्सपीरियंशल लर्निंग और आपदा प्रबंधन की पत्रकारिता के गुर शिष्यों को सिखा दिए थे। उपहार कांड की रिपोर्टिंग कैसे की और कैसे नवपत्रकार खोज कर रिपोर्ट लिखे, उन्होंने उस घटना के वृतांत्त से रोम रोम को रोमांचित कर दिया था। कैसे उन्होंने एके47 के निर्माता रूसी वैज्ञानिक का मौका पाकर साक्षात्कार लिया और न्यूज ब्रेक की।

उन्होंने हर विद्यार्थी को फैक्टिविस्ट बनाया है न कि एक्टिविस्ट। वे आज भी बात-बात में सम्मुख बैठे विद्यार्थी में फैक्टिविजम जगा देते हैं। जो सत्य की डगर पर राष्ट्र के नवजागरण और पुनर्जागरण के भाव को कलम से कागद पर कुरेदता है। वे कहते हैं कि न्यूज कभी फेक हो ही नहीं सकती क्योंकि फेक पत्रकार होता है, फेक कलम की स्याही होती है, फेक धारणा है, फेक विमर्श होता है, फेक विचार होते हैं, फेक दृष्टि होती है क्योंकि इनके फेयर होने के कोई पैरामीटर नहीं होते परन्तु न्यूज के पैरामीटर होते हैं। पत्रकार जब-जब पैरामीटर पर सूचना या विचार का लेखन करता है वो फेयर होगा। फेक तो कंटेंट होता है।

अपने इस राष्ट्रीय विचार से KG सर राष्ट्र विरोधी विमर्श को लक्ष्य मानकर लिखने वाले पत्रकारों को आईना तो दिखाते ही हैं, साथ ही नवपत्रकारों को न्यूज पैरामीटर की सीख भी देते हैं। पत्रकारिता पेशे और पत्रकारिता शिक्षण की कई भ्रांतियों को KG सर ने राष्ट्रीय विमर्श के रूप में स्थापित किया है। अब नागरिक पत्रकारिता को ही ले लीजिए। KG सर अक्सर बोलते हैं कि जब सिटीजन डॉक्टर नहीं होता, सिटीजन इंजीनियर नहीं होता, सिटीजन वकील नहीं होता तो सिटीजन जर्नलिस्ट घातक व्यवस्था है। क्योंकि जर्नलिस्ट वही है जो प्रवीण है और राष्ट्र जिसके केंद्र में है। बाकी सब सिटीजन कम्युनिकेटर हैं, जर्नलिस्ट नहीं।

यही नहीं बात-बात में KG सर ने सिखाया है की गूगल के बाद की पत्रकारिता नहीं गूगल से पहले की पत्रकारिता की संस्थापना ही उनका ध्येय है। जब पत्रकार को मिट्टी की समझ होती थी। गूगल के बाद चिट्ठी की समझ नहीं रही। ऐसे में शिक्षकों का दायित्व बढ़ जाता है उनके विचारों में अक्सर यह बल रहता है। इसी क्रम में शब्दों, विचारों, विमर्शों और व्यवस्थाओँ में व्याप्त विसंगतियों की खाल नोंचने के माहिर हैं KG सर। सबने माना फैक्ट चेक आज के दौर में जरूरी है। और लगभग हर पत्रकार बन बैठा फैक्टचेकर।

KG सर कहते हैं अगर कोई फैक्ट है तो उसे चेक करने की किसी की हिम्मत तक नहीं है। वे कहते हैं कंटेंट चेक हो सकता है परन्तु जो पहले से ही फैक्ट है, उसे चेक करने की कोई आवश्यकता नहीं। फैक्ट की रात के घनघोर अंधेरे के बाद भानू प्रकाशमान होगा। फैक्ट है। इसे चेक नहीं किया जा सकता। क्योंकि फैक्ट की कसौटी ही पूर्व में चेक किए गए सत्य से होकर साबित हुई है। वे जहां भी होते हैं, उस संस्था के विद्यार्थी और कर्मचारी उनकी वरीयता में होते हैं। छात्र कल्याण, कर्मचारी कल्याण उनका धर्म है। मैं स्वयं गवाह हूं कि किसी कर्मचारी की विषम स्थिति में उनके साथ KG सर के खड़े होने का। अभी हाल की घटना जरूर हम सबने उनकी एफबी वॉल पर देखी है।

सत्य, सनातन और मूल्याधिष्ठित शिक्षण प्रविधि उनकी कोर वैल्यू है। बात-बात में हर बात सिद्ध करती है इनकी शिक्षा। इसलिए वे क्रिकेट मैच के ऐसे कप्तान हैं, जिसमें उनका हर विद्यार्थी उनका बल्ला है जो चलेगा ही रुकेगा नहीं। मैंने जैसा कहा कि मैं स्वयं को KG मानता था और हूं अगर ऐसा हुआ तो मेरी कलम से KG सर क्या बोलेंगे। तो सुनें- 

सत्य की रचना। विश्वास की संरचना। मीडिया का धर्म। मीडिया शिक्षकों का कर्म। राष्ट्र विमर्श। निर्माणकारी परामर्श। कलम की सार्थकता और भारतीय व्रतधारी मीडिया का यशस्वी पत्रकार। यही विचार सर्वेश बोलता हूं। मैं KG सुरेश बोल रहा हूं।

फेक न्यूज नहीं। फेक कंटेंट। गूगल के बाद की पत्रकारिता नहीं गूगल से पहले की पत्रकारिता। घटना प्रधान लेखन नहीं। समस्या प्रधान लेखन बताने वाला सुलेख लिख रहा हूं। मैं KG सुरेश बोल रहा हूं।

नित नए प्रयोग। हर घड़ी सुयोग। नई रचनाएं। नई परिघटनाएं। नई विधियां, गतिविधियां। नए कीर्तिमान। पुराने प्रतिमान। नए लोग। सबका योग। मैं राष्ट्र का प्रलेख बोल रहा हूं। मैं KG सुरेश बोल रहा हूं।

एक मीडिया के छात्र की कलम से मीडिया गुरू के प्रति जन्मदिवस पर भाव चेतना। आप स्वस्थ रहें। व्यस्त रहें और मस्त रहें। आपका एक –एक शब्द राष्ट्र निर्माण करे। आपको जन्मदिवस की अनंतकोटि बधाई और शुभकामनाएं।     

डॉ. नीरज कर्ण सिंह, सहायक आचार्य,  हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय, महेंद्रगढ़।।

(यह लेखक के निजी विचार हैं)

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

सरकार ने राष्ट्रपति के प्रेस सचिव अजय कुमार सिंह का कार्यकाल बढ़ाया

कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने अजय कुमार सिंह के सेवा विस्तार को अपनी मंजूरी प्रदान कर दी है। अब 25 सितंबर 2024 तक वह इस पद पर बने रहेंगे।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Sunday, 25 September, 2022
Last Modified:
Sunday, 25 September, 2022
Ajay Kumar Singh

वरिष्ठ पत्रकार और लेखक अजय कुमार सिंह दो साल तक और राष्ट्रपति के प्रेस सचिव के पद पर बने रहेंगे। दरअसल, इस पद पर उनका दो साल कार्यकाल बढ़ा दिया गया है। कैबिनेट की नियुक्ति समिति (The Appointment Committee of Cabinet) ने इस पद पर अजय कुमार सिंह के दो साल के सेवा विस्तार को अपनी मंजूरी प्रदान कर दी है।

कैबिनेट की नियुक्ति समिति की सेक्रेटरी दीप्ति उमाशंकर की ओर से इस बारे में आदेश भी जारी कर दिया गया है। इस शासनादेश में कहा गया है कि अगले दो साल के लिए अजय कुमार सिंह का राष्ट्रपति के प्रेस सचिव के पद पर कार्यकाल बढ़ाया गया है। यह सेवा विस्तार कांट्रैक्ट बेस (संविदा के आधार पर) पर होगा और 26 सितंबर 2022 से 25 सितंबर 2024 तक अथवा अग्रिम आदेश तक (जो भी पहले हो) प्रभावी होगा। इससे पहले सिंह को जुलाई में दो महीने का सेवा विस्तार दिया गया था, जिसकी अवधि रविवार को खत्म हो रही थी।

अजय कुमार सिंह को प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में काम करने का तीन दशक से ज्यादा का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1985 में ‘टाइम्स ऑफ इंडिया’ (लखनऊ) से की थी। बाद में उन्होंने दिल्ली में ‘द पॉयनियर’ जॉइन कर लिया था। पूर्व में वह ‘बिजनेस स्टैंडर्ड’ ‘स्टार न्यूज’ (अब एबीपी न्यूज) और ‘न्यूज एक्स’ में भी अपनी जिम्मेदारी निभा चुके हैं।   

‘फर्स्टपोस्ट’ में एग्जिक्यूटिव एडिटर की भूमिका निभाने से पहले वह ‘गवर्नमेंस नाउ’ मैगजीन में एडिटर के रूप में भी काम कर चुके हैं। इसके बाद उन्होंने दोबारा ‘गवर्नमेंस नाउ’ में डायरेक्टर (एडिटोरियल) के पद पर वापसी की थी और इस मैगजीन का प्रिंट एडिशन बंद होने तक इसी पद पर काम कर रहे थे। यहां वह मैगजीन के अंग्रेजी और मराठी एडिशन की कमान संभाल रहे थे। फिर वह 'फर्स्टपोस्ट' से कंट्रीब्यूटर के तौर पर जुड़ गए थे। 

इसके बाद राष्ट्रपति के प्रेस सचिव के रूप में वरिष्ठ पत्रकार अशोक मलिक का दो साल का कार्यकाल पूरा होने पर अजय कुमार सिंह को इस पद पर नियुक्त किया गया था। तब से वह इस पद पर अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे।अब उनके सेवाकाल में दो साल का विस्तार किया गया है। 

बता दें कि अजय सिंह ने ‘आर्किटेक्ट ऑफ द न्यू बीजेपी: हाउ नरेंद्र मोदी ट्रांसफॉर्म्ड द पार्टी’ नाम से किताब भी लिखी है। अंग्रेजी में लिखी इस किताब को ‘पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया’ (PRHI) ने पब्लिश किया है। अजय सिंह ने इस पुस्तक में बताया है कि किस तरह नरेंद्र मोदी ने भारतीय जनता पार्टी की कायाकल्प की। मोदी के सांगठनिक कौशल पर केंद्रित इस पुस्तक में बताया गया है कि एक रणनीतिकार के तौर पर नरेंद्र मोदी में ऐसी क्या विशेषता है, जो उन्हें बाकी नेताओं से अलग खड़ा करती हैं और भाजपा में जब भी मोदी को जो भी भूमिका मिली, उनकी बनाई रणनीति ने कैसे पार्टी को लाभ पहुंचाया।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इंडियन न्यूजपेपर सोसाइटी के प्रेजिडेंट चुने गए के. राजा प्रसाद रेड्डी

तेलुगू दैनिक ‘साक्षी’ से जुड़े के. राजा प्रसाद रेड्डी शुक्रवार को इंडियन न्यूजपेपर सोसाइटी (आईएनएस) के प्रेजिडेंट चुने गए

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Saturday, 24 September, 2022
Last Modified:
Saturday, 24 September, 2022
INS5414

तेलुगू दैनिक ‘साक्षी’ से जुड़े के. राजा प्रसाद रेड्डी शुक्रवार को इंडियन न्यूजपेपर सोसाइटी (आईएनएस) के प्रेजिडेंट चुने गए। मीडिया संगठन ने यह जानकारी दी।

एक बयान में बताया गया है कि आईएनएस की 83वीं वार्षिक आम बैठक में समाचार पत्र ‘आज समाज’ के राकेश शर्मा को आईएनएस (INS) का ‘डिप्टी प्रेजिडेंट’ और मातृभूमि आरोग्य मासिक के एम.वी.एस. कुमार को ‘वाइस प्रेजिडेंट’ चुना गया।

बयान के अनुसार, ‘अमर उजाला’ समाचार पत्र के तन्मय माहेश्वरी को आईएनएस का ट्रेजरर (कोषाध्यक्ष) चुना गया है।

इसमें कहा गया है, ‘आईएनएस की आज वार्षिक आम बैठक वीडियो कांफ्रेंस और अन्य डिजिटल माध्यमों के जरिये हुई।’

आईएनएस की 41 सदस्यीय कार्यकारिणी समिति में मोहित जैन (द इकोनॉमिक टाइम्स), विवेक गोयनका (द इंडियन एक्सप्रेस), जयंत एम. मैथ्यू (मलयाला मनोरमा), अतिदेब सरकार (द टेलीग्राफ) और के.एन. तिलक कुमार (डेक्कन हेराल्ड और प्रजावाणी) शामिल हैं

अन्य सदस्यों की सूची यहां देखें:

गिरीश अग्रवाल (दैनिक भास्कर, भोपाल)
समहित बल (प्रगतिवादी)
समुद्र भट्टाचार्य (हिन्दुस्तान टाइम्स, पटना)
होर्मसजी एन. कामा (बॉम्बे समाचार)
गौरव चोपड़ा (फिल्म दुनिया)
विजय कुमार चोपड़ा (पंजाबी केसरी, जालंधर)
करण राजेंद्र दर्डा (लोकमत, औरंगाबाद)
विजय जवाहरलाल दर्डा (लोकमत, नागपुर)
जगजीत सिंह दर्दी (चारदीकला डेली)
विवेक गोयनका (द इंडियन एक्सप्रेस, मुंबई)
महेंद्र मोहन गुप्ता (दैनिक जागरण)
प्रदीप गुप्ता (डेटाक्वेस्ट)
संजय गुप्ता (दैनिक जागरण, वाराणसी)
शिवेंद्र गुप्ता (बिजनेस स्टैंडर्ड)
विवेक गुप्ता (संमार्ग)
सर्विंदर कौर (अजीत)
लक्ष्मीपति (दिनमलर)
विलास ए मराठे (दैनिक हिन्दुस्तान, अमरावती)
नरेश मोहन (रविवार स्टेट्समैन)
अनंत नाथ (गृहशोभिका, मराठी)
प्रताप जी. पवार (साकाल)
राहुल राजखेवा (द सेंटिनल)
आर एम आर रमेश (दिनाकरन)
अतिदेब सरकार (द टेलीग्राफ)
पार्थ पी सिन्हा (नवभारत टाइम्स)
प्रवीण सोमेश्वर (द हिन्दुस्तान टाइम्स)
किरण डी ठाकुर (तरुण भारत, बेलगाम)
बीजू वर्गीस (मंगलम साप्ताहिक)
आई वेंकट (अन्नदाता)
कुंदन आर व्यास (व्यापार, मुंबई)
रवींद्र कुमार (द स्टेट्समैन)
किरण बी वडोदरिया (संभव मेट्रो)
पी वी चंद्रन (गृहलक्ष्मी)
सोमेश शर्मा (राष्ट्रदूत सप्तहिक)
शैलेश गुप्ता (मिड-डे)
एल आदिमूलम (स्वास्थ्य और एंटीसेप्टिक)

बता दें कि आईएनएस देश में समाचार पत्रों और पत्रिकाओं का शीर्ष संगठन है।

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई का अब होगा सीधा प्रसारण, चैनल शुरू करने को लेकर उठी मांग

अब आप कोर्ट में चल रही सुनवाई को लाइव देख सकेंगे। फिर चाहे वह जनहित का मामला हो या देशहित व संविधान से जुड़े मामले सबकी सुनवाइयों का सीधा प्रसारण किया जाएगा।

समाचार4मीडिया ब्यूरो by
Published - Thursday, 22 September, 2022
Last Modified:
Thursday, 22 September, 2022
supremecourt45478932

 

देश में ऐसे कई मामले होते हैं जिनकी सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में चल रही होती है, जिन्हें निष्पक्ष न्याय के लिए सुप्रीम कोर्ट भेजा जाता है। ऐसे में जनता की निगाहें भी इनके फैसले पर होती हैं, लेकिन अब एक अच्छी खबर सामने आई है। अब आप कोर्ट में चल रही सुनवाई को लाइव देख सकेंगे। फिर चाहे वह जनहित का मामला हो या देशहित व संविधान से जुड़े मामले सबकी सुनवाइयों का सीधा प्रसारण किया जाएगा। यह ऐतिहासिक फैसला मंगलवार को लिया गया।

बता दें कि पिछले काफी समय से इस पर काम चल रहा था, जिसके बाद अब जाकर सारी चीजें तय हुई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट ने अगले सप्ताह यानी 27 सितंबर से सभी संवैधानिक बेंच की सुनवाइयों का लाइव स्ट्रीमिंग यानी सीधा प्रसारण करने का निर्णय लिया है। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) उदय उमेश ललित ने मंगलवार शाम को इसे लेकर शीर्ष अदालत के सभी जजों की एक बैठक बुलाई थी, जिसमें सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया।

बता दें कि लाइव स्ट्रीमिंग (Live Streaming) की शुरुआत संविधान पीठ में चल रहे मामलों से होगी, बाद में इसे दूसरे मामलों के लिए भी शुरू किया जाएगा।

हाल में ही सीनियर एडवोकेट इंदिरा जयसिंह ने इस बारे में चीफ जस्टिस समेत सुप्रीम कोर्ट के सभी जजों को लिखकर सूचित किया था। इसमें उन्होंने जनहित व संवैधानिक महत्व वाले मामलों की सुनवाई के सीधा प्रसारण की बात तो कही ही साथ ही इस दौरान वकीलों के बहस का भी रिकॉर्ड रखने पर जोर दिया था।

सीनियर एडवोकेट ने कहा कि EWS, हिजाब मामला, नागरिकता संशोधन विधेयक जैसे देश हित के मामलों की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में हो रही है, जिसका सीधा प्रसारण होना चाहिए। उन्होंने इसके लिए 2018 के फैसले का हवाला दिया जिसके अनुसार हर नागरिक का मूल अधिकार है कि उसे सूचना या जानकारी पाने की आजादी मिले। साथ ही सभी को न्याय पाने का भी अधिकार है।

सीनियर एडवोकेट इंदिरा जयसिंह ने सुप्रीम कोर्ट का एक अपना चैनल होने की भी सलाह दी है। साथ ही उन्होंने कहा कि तब तक शीर्ष कोर्ट अपनी वेबसाइट के साथ-साथ यूट्यूब पर लाइव स्ट्रीमिंग की शुरुआत कर सकता है। कई मौकों पर सुप्रीम कोर्ट ने लाइव स्ट्रीमिंग किया भी है। इसका जिक्र करते हुए सीनियर एडवोकेट ने कहा कि कोर्ट के पास इसके लिए पर्याप्त इंफ्रास्ट्रक्चर मौजूद है। इस क्रम में उन्होंने पूर्व चीफ जस्टिस एन वी रमना की रिटायरमेंट की तारीख पर हुए लाइव स्ट्रीमिंग के बारे में बताया। उन्होंने गुजरात, ओडिशा, कर्नाटक, झारखंड, पटना और मध्य प्रदेश के हाई कोर्ट में यू ट्यूब के जरिए होने वाले लाइव स्ट्रीमिंग की भी चर्चा की।

गौरतलब है कि 2018 में सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले में सुनवाई की लाइव स्ट्रीमिंग का फैसला दिया था। कोरोनाकाल में भी सुप्रीम कोर्ट में मामलों की वीडियो कांफ्रेसिंग के द्वारा सुनवाई की गई थी। हालांकि तब आम लोगों को यह सुनवाई देखने की व्यवस्था नहीं थी। इस साल 26 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने तत्कालीन चीफ जस्टिस एन.वी. रमना को विदाई देने के लिए बैठी सेरेमोनियल बेंच की कार्रवाई का सीधा प्रसारण किया था। अब शुरुआत में यह प्रसारण यूट्यूब पर किया जाएगा, बाद में सुप्रीम कोर्ट इसके लिए अपनी वेब भी सेवा शुरू करेगा। 

समाचार4मीडिया की नवीनतम खबरें अब आपको हमारे नए वॉट्सऐप नंबर (9958894163) से मिलेंगी। हमारी इस सेवा को सुचारु रूप से जारी रखने के लिए इस नंबर को आप अपनी कॉन्टैक्ट लिस्ट में सेव करें।
न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए