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सरकार के इस कदम से प्रेस की स्वतंत्रता पर फिर उठे सवाल
मीडिया की स्वतंत्रता पर हमले का यह पहला मामला नहीं है
समाचार4मीडिया ब्यूरो 6 years ago
प्रेस की स्वतंत्रता पर हमले को लेकर पाकिस्तान की इमरान खान सरकार एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। दरअसल, यह विवाद गुरुवार को पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की बेटी मरियम नवाज का इंटरव्यू जबरन रोके जाने को लेकर हो रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, ‘पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज’ (पीएमएल-एन) की नेता मरियम नवाज पाकिस्तानी न्यूज चैनल ‘हम न्यूज’ (HUM News) पर पत्रकार नदीम मलिक को इंटरव्यू दे रही थीं, लेकिन चंद मिनट बाद ही इस इंटरव्यू को रुकवा दिया गया। बाद में इस इंटरव्यू को जबरदस्ती रोके जाने को लेकर नदीम मलिक ने ट्वीट भी किया, साथ ही इस इंटरव्यू का एक लिंक भी शेयर किया।
Nadeem Malik Live l 11 July 2019 | Maryam Nawaz Sharif https://t.co/voydSzLK5y#Pakistan @MaryamNSharif Part-1 pic.twitter.com/LhXhZPjaqA
— Nadeem Malik (@nadeemmalik) July 11, 2019
नदीम के ट्वीट के बाद ‘हम न्यूज’ ने अपने ट्विटर हैंडल पर एक बयान पोस्ट किया। इस ट्वीट में कहा गया कि हमारा चैनल एक स्वतंत्र और जिम्मेदार मीडिया में विश्वास करता है। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करना हमारे मूल नियमों में से एक है।
#HumNews firmly believes in a free & responsible media. Protecting #FreedomOfExpression is one of our core values. At the same time, we stand for the respect & dignity of judiciary in line with our ethical values & the constitution. #PressFreedom
— HUM News (@humnewspakistan) July 11, 2019
इससे पहले मरियम नवाज की एक प्रेस कान्फ्रेंस दिखाने के लिए पाकिस्तान इलेक्ट्रॉनिक मीडिया नियामक प्राधिकरण (PEMRA) के आदेश पर तीन पाकिस्तानी समाचार चैनलों को नोटिस जारी किया गया था। उनकी प्रेस कान्फ्रेंस को भी बीच में रोक दिया गया था। मरियम ने तब इस घटना को अविश्वसनीय और शर्मनाक करार दिया था।
बता दें कि 6 जुलाई को मरियम नवाज ने न्यायाधीश अरशद मलिक का एक विडियो जारी किया था। इसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि उनके पिता के खिलाफ सबूतों की कमी होने के बावजूद जेल में डाल दिया गया। मरियम का यह भी आरोप था कि जज अरशद मलिक ने कथित तौर पर स्वीकार किया है कि नवाज शरीफ को सजा सुनाने के लिए उन्हें धमकी मिली थी। हालांकि, न्यायाधीश ने मरियम के आरोपों का खंडन किया था। बता दें कि नवाज शरीफ को भ्रष्टाचार के मामले में सजा सुनाई गई है। यह पहला मामला नहीं है, जब पाकिस्तान में ऐसा हुआ हो, इससे पहले एक जुलाई को भी कुछ ऐसा हुआ था, जब पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी के इंटरव्यू को प्रसारित होने के कुछ देर बाद ही रोक दिया गया था।
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