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चुनाव आयोग ने क्यों भेजा असम के आठ अखबारों को नोटिस, पढ़ें पूरा मामला
इन अखबारों ने अधिकारियों के समक्ष अपनी रिपोर्ट जमा कर दी हैं, जिन्हें अब चुनाव आयोग को भेजा गया है।
समाचार4मीडिया ब्यूरो 4 years ago
कथित रूप से खबर के रूप में विज्ञापन छपवाने के लिए असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष रंजीत कुमार दास तथा आठ अखबारों के खिलाफ कांग्रेस ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है।
कांग्रेस की शिकायत के बाद चुनाव आयोग ने इस आठों अखबारों को नोटिस जारी किया है। बताया जाता है कि इन अखबारों ने अधिकारियों के समक्ष अपनी रिपोर्ट जमा कर दी हैं, जिन्हें अब चुनाव आयोग को भेजा गया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अपनी शिकायत में कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि न्यूज के रूप में छपे इस विज्ञापन के जरिये भाजपा ने ऊपरी असम की उन सभी सीटों पर अपनी जीत का दावा किया है, जहां 27 मार्च को पहले चरण में मतदान हुआ था।
असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) के विधि विभाग के अध्यक्ष निरन बोरा का कहना है कि आदर्श आचार संहिता, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 126ए के प्रावधानों और 26 मार्च को जारी चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के कथित उल्लंघन के लिए रविवार की रात शिकायत दर्ज कराई गई।
बोरा का कहना है कि मुख्यमंत्री, भाजपा अध्यक्ष, प्रदेश इकाई के प्रमुख तथा पार्टी के अन्य सदस्यों ने दूसरे और तीसरे चरण में मतदाताओं के प्रभावित करने की पूर्व नियोजति साजिश के तहत जानबूझकर विभिन्न अखबारों के पहले पन्नों पर न्यूज के रूप में विज्ञापन दिया है। इसमें दावा किया गया है कि भाजपा ऊपरी असम की सभी सीटों पर जीत हासिल करेगी।
प्रदेश कांग्रेस ने विज्ञापन प्रकाशन के खिलाफ रविवार को असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नितिन खाड़े जबकि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) ने चुनाव आयोग के समक्ष शिकायत दर्ज कराते हुए बीजेपी और अखबारों के खिलाफ कार्रवाई का अनुरोध किया है।
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