होम / ब्रैंड स्पीक्स / कोरोना के खौफ से मीडिया हाउस भी हुए सतर्क, लागू की ये व्यवस्था
कोरोना के खौफ से मीडिया हाउस भी हुए सतर्क, लागू की ये व्यवस्था
दुनियाभर में कोरोना वायरस से मरने वालों का आंकड़ा 7000 के पार हो गया है। कोरोना से लोगों को सावधानियां बरतने की जानकारी देने वाला मीडिया भी अब पूरी तरह से ऐतिहात बरत रहा है।
समाचार4मीडिया ब्यूरो 5 years ago
कोरोना वायरस का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। कहीं स्कूल बंद है, कहीं मॉल, तो कहीं ऑफिस बंद हों रहे हैं। दुनियाभर में इस संक्रामक बीमारी से मरने वालों का आंकड़ा 7000 पार हो गया है। कोरोना वायरस से लोगों को सावधानियां बरतने की जानकारी देने वाला मीडिया भी अब ऐतिहात बरत रहा है। बहुराष्ट्रीय कंपनियों की तर्ज पर कोरोना वायरस के चलते कई बड़े मीडिया हाउस अपने कर्मियों को घर से काम करने का निर्देश दे रहे हैं। जानकारी के मुताबिक, कई मीडिया कंपनियों ने तो अपने रिपोर्टर्स को जहां तक संभव हो सके प्रेस कॉन्फ्रेंस से दूर रहने तक की सलाह दी है।
‘इंडियन एक्सप्रेस’ समूह ने कोरोना से बचाव के तहत कदम उठाते हुए अपने एंप्लाईज को एक ई-मेल जारी किया है। एचआर की ओर से जारी इस मेल में कहा गया है कि जो एंप्लाईज सर्दी-खांसी-बुखार से पीड़ित हैं, ऑफिस आने-जाने के लिए पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करते हैं अथवा दूर से आते हैं, यदि वे चाहें तो अपने सीनियर से अनुमति लेकर घर से ऑफिस का काम (Work From Home) कर सकते हैं।
‘हिन्दुस्तान’ की बात करें तो यहां भी मैनेजमेंट ने अपने एंप्लाईजको वर्क फ्रॉम होम की छूट दी है। मैनेजमेंट ने अपने मैनेजर्स से कहा है कि कोरोना के मद्देनजर जो भी एंप्लाईज घर से काम करना चाहते हैं, उसकी एप्लीकेशन को मंजूर कर दें। यही नहीं, ऑफिस को पूरी तरह सैनिटाइज करने के साथ ही हर डेस्क पर सैनिटाइजर्स रखे गए हैं। इसके अलावा भी कई एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं।
वहीं, टाइम्स ग्रुप ने भी अपने सभी एंप्लाईज को घर से ही काम करने के आदेश दिए हैं। इन आदेशों में कहा गया है कि सभी एंप्लाईज अपने अधिकारी को इंफॉर्म कर घर से काम कर सकते हैं। जो कर्मचारी ऑफिस में डेस्कटॉप का इस्तेमाल करते थे, वे डेस्कटॉप उनके घर ही पहुंचा दिए गए हैं, ताकि किसी भी तरह से काम प्रभावित न हो। हालांकि, जो एंप्लाईज किसी कारण से घर की बजाय ऑफिस में आकर काम करना चाहते हैं, उनके लिए भी संस्थान ने कई इंतजाम किए हैं। गेट पर ही उनका बुखार चेक करने के साथ ही सैनिटाइज कराया जा रहा है। इसके अलावा ऑफिस को सैनिटाइज करने के साथ ही उन कर्मचारी को सैनिटाइजर्स भी उपलब्ध कराए जा रहे हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर विनीत जैन ने इस बारे में एक ट्वीट भी किया है। इस ट्वीट में उन्होंने वर्क फ्रॉम होम कल्चर को काफी सही बताया है।
Why hasn’t tech advanced to a level where most people don’t need to go to office? Company measures your productivity on computer, meetings via video conference. It will limit office goers. Office Real estate market will crash&pollution level will drop & cities will be beautiful.
— Vineet jain (@vineetjaintimes) March 12, 2020
दैनिक जागरण प्रकाशन लिमिटेड ने भी कोरोना के खौफ को देखते हुए कई एहतियाती कदम उठाए हैं। इसके तहत कंपनी ने अपने सभी डिपार्टमेंट्स के लिए एक ईमेल जारी किया है। इस ईमेल में कहा गया है कि जो एंप्लाईज घर से ही ऑफिस का काम कर सकते हैं और यदि ऐसा करना चाहते हैं, वे अपने रिपोर्टिंग ऑफिसर को इंफॉर्म कर वर्क फ्रॉम होम कर सकते हैं। इसके अलावा जिन एंप्लाईज का आना जरूरी है और उनका काम घर से नहीं हो सकता है, उसके लिए ऑफिस में निर्धारित गाइडलाइंस के अनुसार सैनिटाइजेशन की पूरी व्यवस्था की गई है।
कोरोना के खौफ को देखते हुए 'सहारा न्यूज नेटवर्क' ने भी बचाव की दिशा में कई बुनियादी उपाय किए हैं। इन उपायों के तहत पूरे ऑफिस को सैनिटाइज किया गया है, बल्कि पैनल में शामिल डॉक्टर भी रोजाना ऑफिस की विजिट कर एंप्लाईज की जांच करेंगे।
‘इंडिया टुडे’ ग्रुप ने भी कोरोना के खतरे को देखते हुए अपने कर्मचारियों को एक ईमेल जारी कर न घबराने की सलाह दी है। एंप्लाईज को जारी इस ईमेल में ‘इंडिया टुडे’ ग्रुप की वाइस चेयरपर्सन कली पुरी का कहना है, ‘हमारी पहली प्राथमिकता आप सभी की सुरक्षा है, इसके साथ ही हमें पत्रकारिता के उच्च मानकों को भी बनाए रखना है।’ इस ईमेल के अनुसार, कोरोना के खतरे को देखते हुए कंपनी नियमित रूप से बेहतरीन डॉक्टरों के संपर्क में है और सुरक्षा के लिए लगातार उचित कदम उठा रही है। इसके तहत कंपनी की ओर से पिछले कुछ दिनों में सुरक्षा को लेकर कई एडवाइजरी जारी की गई हैं और पूरे ऑफिस को सैनिटाइज किया जा रहा है।
इस स्थिति में कंपनी का कामकाज प्रभावित न हो, इसके लिए भी कई कदम उठाए जा रहे हैं। जैसे-पूरे ऑफिस के स्टाफ को तीन ग्रुप्स में बांटा जा रहा है। पहला ग्रुप ‘मीडियाप्लेक्स’ (Mediaplex) से काम करना जारी रखेगा। दूसरा ग्रुप वर्क फ्रॉम होम करेगा और तीसरे ग्रुप में शामिल एंप्लाईज सी-9, सेक्टर-10 स्थित कंपनी के ऑफिस (ITMI) से काम करेंगे। ईमेल के अनुसार, कोरोना के खतरे को देखते हुए ही टीम को ग्रुप्स में बांटा गया है, ताकि संक्रमण की गुंजाइश न रहे। तीनों ग्रुप आइसोलेट किए जाएंगे और उन्हें एक-दूसरे के संपर्क में नहीं आना चाहिए। जैसे-मीडियाप्लेक्स में काम करने वाले एंप्लाईज को सी9 में काम करने वाले अपने सहयोगियों से नहीं मिलना चाहिए। वहीं, जो एंप्लाईज वर्क फ्रॉम होम करेंगे, उन्हें मीडियाप्लेस् और सी9 नहीं आना चाहिए। ये नए बदलाव 31 मार्च तक प्रभावी रहेंगे और हम लगातार स्थिति पर नजर बनाए रखेंगे। जल्द ही इस बारे में प्रत्येक डिपार्टमेंट द्वारा विस्तृत ब्यौरा जारी किया जाएगा।'
कली पुरी के अनुसार, ‘भगवान न करे इस तरह की स्थिति आए, लेकिन फिर भी मैंने एचआर डिपार्टमेंट से कहा है कि सभी एंप्लाईज को मेडिकल इंश्योरेंस की डिटेल्स दे दें और बताएं कि आपात स्थिति में उन्हें क्या करना है। मुझे इस बात की भी खुशी है कि कुछ परेशानियों के बावजूद हम अपने परिवार और सोसायटी को सेफ रखने की दिशा में मिलकर काम कर रहे हैं। मैं रोजाना मीडियाप्लेक्स से काम करूंगी, लेकिन आपके साथ बनी रहूंगी, आपका सपोर्ट ही मेरी ताकत है, इसके लिए आपका धन्यवाद’
इन सबके अलावा, ‘एबीपी न्यूज नेटवर्क’ (ANN) ने भी कोरोना के प्रकोप के मद्देनजर एंप्लाईज की सुरक्षा के मद्देनजर कई कदम उठाए हैं। नेटवर्क ने इस संबंध में जारी इंटरनल ईमेल में कहा है कि जब तक जरूरत न हो, एंप्लाईज ऑफिस न आएं और अपने अधिकारी से अनुमति लेकर घर से ऑफिस का काम करें। वर्क फ्रॉम होम के दौरान सभी एंप्लाईज को फोन और ईमेल पर उपलब्ध रहना होगा। इस ईमेल में यह भी कहा गया है कि पब्लिक ट्रांसपोर्ट से दूरी बनाकर रखें। रिपोर्टर/कैमरामैन और सेल्स टीम को भी सार्वजनिक परिवहन से बचने के लिए कहा गया है। जो भी कर्मचारी ऑफिस के काम से सार्वजनिक परिवहन के बजाय अन्य साधनों से यात्रा करते हैं, वे यात्रा खर्च के बिलों का भुगतान प्राप्त कर सकते हैं, लेकिन इसके लिए उन्हें अपने अधिकारी से अप्रूवल लेना होगा। इस ईमेल के अनुसार, अगले आदेश तक गेस्ट, वेंडर्स और बाहरी लोगों को रिशेप्सन एरिया को छोड़कर कार्यालय परिसर में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। जरूरी मीटिंग्स भी ऑनलाइन की जाएगी। इसके साथ ही एंप्लाईज को सलाह दी गई है कि जब तक बहुत जरूरी न हो, वे अपनी यात्रा टाल दें। ऑफिस के सभी प्रिंटर्स से पासवर्ड हटा दिया गया है, ताकि ज्यादा लोग स्क्रीन को टच न करें। इसके साथ ही काम के घंटों के दौरान ऑफिस के सभी दरवाजे खुले रहने के आदेश भी दिए गए हैं। यदि किसी एंप्लाई अथवा उनके घर के किसी सदस्य ने किसी दूसरे देश की यात्रा की है, तो उन्हें तुरंत इस बारे में एचआर अथवा अपने मैनेजर्स को सूचित करना होगा।
इसके साथ ही इस ईमेल में यह भी कहा गया है कि यदि किसी भी एंप्लाईज को कोरोना के जरा भी लक्षण दिखें तो वह तुरंत अपने मैनेजर अथवा एचआर से बात कर घर पर रहें। कंपनी की बीमा पॉलिसी में ये बीमारी कवर होती है। इसके अलावा प्रभावित एंप्लाईज को पूरा सहयोग दिया जाएगा और प्रभावित कर्मचारी को पेड लीव (Paid Leave) दी जाएगी।
वहीं, कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने सोमवार को सलाह दी है कि अगर यह संभव हो कि किसी संस्थान के एंप्लाईज अपने घर पर रह कर काम कर सकते हैं तो उन्हें ऐसा करना चाहिए। उन्होंने दफ्तर जाने वाले लोगों को घर से काम करने, सार्वजनिक परिवहन का कम से कम उपयोग करने और एक-दूसरे से करीब एक मीटर की दूरी बनाकर रखने की सलाह दी है।
अग्रवाल के अनुसार, कोरोना वायरस से बचाव के लिए सभी एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। इसी वजह से स्कूल, स्वीमिंग पूल और मॉल आदि जैसे सार्वजनिक संस्थान 31 मार्च तक बंद करने के लिए कहा गया है। लोगों से कहा गया है कि वे सार्वजनिक परिवहन का कम से कम उपयोग करें। एक-दूसरे से करीब एक मीटर की दूरी बनाकर रखें।
टैग्स मीडिया हाउस कोरोना वायरस वर्क फ्रॉम होम