जानें, 15 वाइस चांसलर समेत 300 से अधिक शिक्षाविद् क्यों पहुंचे उपराष्ट्रपति के 'दरबार' में

माखनलाल यूनिवर्सिटी में विवादों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है

Last Modified:
Wednesday, 17 April, 2019
MAKHANLAL

माखनलाल यूनिवर्सिटी में विवादों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। आर्थिक अपराध अन्वेषण प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) द्वारा विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति बृजकिशोर कुठियाला सहित 20 प्रोफेसर व कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है। अकडेमिशियन्स फ़ॉर फ्रीडम, दिल्ली, के तत्वावधान में 300 से अधिक प्राध्यापकों सहित 15 से अधिक कुलपति, पूर्व कुलपति और प्रति कुलपतियों ने विश्वविद्यालय पर राजनैतिक दमन का आरोप लगाते हुए उपराष्ट्रपति को ज्ञापन सौंपा है और इसमें हस्तक्षेप की मांग की है। ग़ौरतलब है कि उपराष्ट्रपति इस विश्वविद्यालय के विज़िटर (कुलाध्यक्ष) हैं और विश्वविद्यालय के अधिनियम के अंतर्गत उन्हें यह अधिकार प्राप्त है।

शिक्षकों का कहना है कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति और अन्य 20 प्राध्यापकों पर बिना विधिसम्मत जाँच पड़ताल के गंभीर आरोपों पर एफआईआर दर्ज करवाई है। आरोपी प्राध्यापकों को अपना पक्ष रखने का या कोई स्पष्टीकरण देने का भी अवसर नहीं दिया गया। ज्ञापन में देने वाले लोगों में राज्यसभा सांसद प्रो. राकेश सिन्हा, हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. कुलदीपचन्द अग्निहोत्री, इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड स्टडीज़ के अध्यक्ष प्रो. कपिल कपूर, बी पी एस महिला विश्वविद्यालय, सोनीपत की कुलपति प्रो. सुषमा यादव, सिद्धार्थनगर विश्वविद्यालय, सिद्धार्थनगर के कुलपति प्रो. सुरेंद्र दुबे, राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज के कुलपति प्रो. के एन सिंह, चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एन के तनेजा, गौतमबुद्ध विश्वविद्यालय, नोएडा के कुलपति प्रो. भगवती प्रकाश शर्मा, विश्वभारती विश्वविद्यालय, शांतिनिकेतन के कुलपति प्रो. बिद्युत चक्रबर्ती, महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय मोतीहारी के प्रति कुलपति प्रो. अनिल राय, कुशाभाऊ ठाकरे विश्वविद्यालय, रायपुर के पूर्व कुलपति प्रो. मानसिंह परमार, भागलपुर विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. प्रेमचंद पतंजलि इत्यादि के नाम शामिल हैं।

विज्ञप्ति में कहा गया है, ‘हम सभी शिक्षकगण, हतप्रभ और आहत हैं कि माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्विद्यालय, भोपाल की महापरिषद के अध्यक्ष ने विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार को, पूर्व कुलपति एवं अन्य 20 वर्तमान शिक्षकों पर बिना जाँच के और कई अप्रमाणित आरोपों पर FIR करने का आदेश दिया। विश्वविद्यालय के शिक्षकों पर एफआईआर करने जैसा गंभीर कदम, एक सम्पूर्ण विधिसम्मत प्रक्रिया और स्पष्टीकरण के नोटिस भेजे जाने के पश्चात ही युक्तिसंगत माना जा सकता है। तब भी, उचित यही है, कि एक पूर्ण और पक्षपातरहित जाँच की जाए क्योंकि संबंधित व्यक्ति विश्वविद्यालय के शिक्षक हैं और अत्यन्त जिम्मेदार नागरिक हैं।‘

ज्ञापन में कहा गया है, ‘हम आशंकित हैं कि माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय की महापरिषद के अध्यक्ष के इस कदम से राजनैतिक प्रतिशोध की गंध आती है। क्योंकि आवश्यक प्रक्रिया का पालन नहीं हुआ है, अतः यह कदम स्पष्टतः असमर्थनीय है और निश्चित रूप से एक लंबी कानूनी लड़ाई की ओर ले जा सकता है। सरकार को भले ही इससे कोई अंतर ना पड़ता हो परन्तु यह शिक्षकों और उनके परिवारों के लिए अत्यंत प्रताड़ित करने वाला होगा। इस संदर्भ को देखते हुए हमें संदेह है कि कोई भी जांच कमेटी जो विश्वविद्यालय द्वारा अपने कदम को तर्कसंगत सिद्ध करने के लिए स्थापित की जाती है या की जाएगी, वह पर्याप्त रूप से पक्षपातरहित और वस्तुनिष्ठ होगी। इससे विश्वविद्यालय और सरकार की विश्वसनीयता और छवि और भी अधिक धूमिल हो जाएगी।‘

शिक्षकों का यह भी कहना है, ‘हमारी मांग है कि शिक्षकों के विरुद्ध FIR तुरंत वापस ली जाए। यद्यपि किसी संस्था की जाँच करना सरकार का विशेषाधिकार है, उसी प्रकार यह भी सरकार का ही दायित्व है कि वह पक्षपातरहित रहे जिससे शिक्षकों के प्रति न्याय होना सुनिश्चित हो। अतः, विश्वविद्यालय केविजिटर, भारत के उपराष्ट्रपति से प्रार्थना है कि वे यथाशीघ्र इस विषय में हस्तक्षेप करें और इस विश्वविद्यालय की महापरिषद के अध्यक्ष को परामर्श दें कि एफआईआर वापस लें और शिक्षकों को प्रताड़ित करना बंद करें।‘

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

सरकार के इस कदम के विरोध में एकजुट हुए पत्रकार, किया प्रदर्शन

प्रदर्शन के दौरान पत्रकारों ने हाथों में नारे लिखी हुई तख्तियां भी ले रखी थीं

Last Modified:
Tuesday, 12 November, 2019
Media

कश्मीर में इंटरनेट सेवा पर प्रतिबंध लगाए जाने के विरोध में कश्मीरी पत्रकारों के एक संगठन ने मंगलवार को श्रीनगर प्रेस क्लब में प्रदर्शन किया। इस दौरान पत्रकारों ने अपने हाथों में लैपटॉप के साथ तख्तियां भी ले रखी थीं, जिन पर नारे लिखे हुए थे।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पत्रकारों का कहना था कि इलाके में इंटरनेट सेवाएं करीब 100 दिनों से बंद हैं। ऐसे में यहां के पत्रकार काफी मुश्किलों का सामना कर रहे हैं। गौरतलब है कि कश्मीर में पांच अगस्त को अनुच्छेद 370 हटाने के बाद से वहां बॉडबैंड और मोबाइल इंटरनेट पर रोक लगी हुई है। सरकार ने पत्रकारों के लिए एक मीडिया सेंटर स्थापित किया है, लेकिन पत्रकार हाईस्पीड ब्रॉडबैंड की बहाली की मांग कर रहे हैं।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

TOI के पूर्व पत्रकार आरसी श्रीवास्तव ने दुनिया को कहा अलविदा

लंबे समय से किडनी की बीमारी से जूझ रहे थे। लखनऊ स्थित अपने आवास पर ली अंतिम सांस

Last Modified:
Tuesday, 12 November, 2019
Death

वरिष्ठ पत्रकार और लखनऊ में ‘टाइम्स ऑफ इंडिया’ के विशेष संवाददाता रहे आरसी श्रीवास्तव का निधन हो गया है। उन्होंने सोमवार की रात 3/5, ऑफिसर्स कॉलोनी कैसरबाग, लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर अंतिम सांस ली।

करीब 80 वर्षीय आरसी श्रीवास्तव लंबे समय से किडनी की बीमारी से पीड़ित थे। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार की दोपहर बाद बैकुंठधाम में किया जाएगा। आरसी श्रीवास्तव के परिवार में पत्नी, एक बेटा व एक बेटी है।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

नहीं रहे दैनिक जागरण से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार आरके वर्मा, अंतिम संस्कार आज

काफी समय से ब्रेन ट्यूमर से जूझ रहे थे आरके वर्मा। इन दिनों बेटे के पास गुरुग्राम में रह रहे थे

Last Modified:
Tuesday, 12 November, 2019
RK Verma

'दैनिक जागरण' से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार आरके वर्मा का सोमवार को निधन हो गया है। 60 वर्षीय आरके वर्मा करीब एक साल से ब्रेन ट्यूमर से जूझ रहे थे। मंगलवार की सुबह करीब दस बजे मदनपुरी में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

मूलरूप से फर्रुखनगर (गुरुग्राम) के रहने वाले आरके वर्मा 'दैनिक जागरण' से करीब 20 साल से जुड़े हुए थे और बतौर संवाद सहयोगी फर्रुखनगर से खबरें कवर करते थे। इन दिनों वह अपने बेटे के पास गुरुग्राम में रह रहे थे, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इकनॉमिक टाइम्स के कंसल्टिंग एडिटर अभीक बर्मन के बारे में आई ये बुरी खबर

बर्मन ने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1993 में ‘बिजनेस स्टैंडर्ड’ अखबार से बतौर फीचर राइटर की थी

Last Modified:
Monday, 11 November, 2019
Abheek Barman

वरिष्ठ पत्रकार और ‘इकनॉमिक टाइम्स’ के कंसल्टिंग एडिटर अभीक बर्मन का रविवार को निधन हो गया है। बर्मन ने पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने करियर की शुरुआत वर्ष 1993 में ‘बिजनेस स्टैंडर्ड’ अखबार से बतौर फीचर राइटर की थी। इसके बाद उन्होंने 'इकनॉमिक टाइम्स' का दामन थाम लिया।

बाद में ‘टाइम्स ऑफ इंडिया’ में बतौर एडिटर (स्पेशल प्रोजेक्ट्स) उन्होंने अपनी जिम्मेदारी संभाली। पत्रकार के साथ-साथ बर्मन एक अच्छे लेखक भी थे। बर्मन ने कोलकाता के ‘प्रेजिडेंसी कॉलेज’ से स्नातक की पढ़ाई की थी। इसके बाद उन्होंने ‘दिल्ली स्कूल ऑफ इकनॉमिक्स’ से मास्टर्स डिग्री ली थी।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

राजस्थान पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी को मातृशोक

वह 90 साल की थीं। रविवार की शाम जयपुर स्थित आदर्शनगर मोक्षधाम में उनका अंतिम संस्कार किया गया

Last Modified:
Monday, 11 November, 2019
Kanchan Devi

राजस्थान पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी की मां कंचन देवी कोठारी का निधन रविवार की दोपहर हो गया। वह 90 साल की थीं। कंचन देवी राजस्थान पत्रिका समूह के संस्थापक कर्पूर चन्द्र कुलिश की धर्मपत्नी पत्नी थीं।

रविवार की शाम जयपुर स्थित आदर्शनगर मोक्षधाम में उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनकी अंतिम यात्रा में तमाम पत्रकारों समेत राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी मौजूद रहीं।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

MEET AT AGRA: इस तरह कम लागत में भी कर सकते हैं बेहतर कमाई

आगरा फुटवियर मैन्युफैक्चरर्स एंड एक्सपोर्टर्स चैंबर की ओर से आयोजित कार्यक्रम के दूसरे दिन फुटवियर ट्रेनिंग प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को मिली स्वरोजगार की प्रेरणा

Last Modified:
Saturday, 09 November, 2019
Agra Meet

सींगना गांव में बने अत्याधुनिक आगरा ट्रेड सेंटर में आगरा फुटवियर मैन्युफैक्चरर्स एंड एक्सपोर्टर्स चैंबर यानी एफमैक द्वारा तीन दिवसीय लेदर, फुटवियर कॉम्पोनेंट्स एवं तकनीकी मेला के 13वें संस्करण का आयोजन किया जा रहा है। इसमें दूसरे दिन शनिवार को हुए तकनीकी सत्र में सेंट्रल फुटवियर ट्रेंनिंग इंस्टीट्यूट, फुटवियर डिजाइन एवं डेवलपमेंट इंस्टीट्यूट, दयालबाग एजुकेशनल इंस्टीट्यूट, हिंदुस्तान कॉलेज, डॉ एमपीएस और उत्तम इंस्टीट्यूट के इंजीनियरिंग एवं प्रबंधन के छात्र-छात्राओं को जीवन में आगे बढ़ने के संदेश के साथ साथ स्वरोजगार लगाने की प्रेरणा दी गई।

एफमैक के प्रेजिडेंट पूरन डावर ने कहा कि पढ़ाई-लिखाई से मसाज वाले स्पा सेंटर, दर्जी ड्रेस डिजायनर और मोची शू रिपेयर क्लीनिक खोल रहे हैं। ऐसे ही आप भी पढ़-लिखकर अपने काम को आकर्षक स्वरोजगार में बदल सकते हैं। याद रखें, कोई भी काम छोटा नहीं होता। एक साइकिल पर आप मॉडल टी शॉप भी खोलकर ठीकठाक पैसा कमा सकते हैं। उन्होंने कहा कि शिक्षा सिर्फ ज्ञान का माध्यम है। इस ज्ञान से नौकरी देने वाले बनें। मात्र पांच लाख रुपए से शू बैग बनाने की मशीन लगाकर अच्छा कमाया जा सकता है।

पूरन डावर ने राम मंदिर मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट के निर्णय की सराहना करते हुए और इस निर्णय पर सबको बधाई देते हुए स्पष्ट किया कि इसी निर्णय के मद्देनजर शनिवार को मंत्रियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ होने वाले पैनल डिस्कशन स्थगित कर दिए गए।

इससे पूर्व, इस तकनीकी सत्र का दीप जलाकर मुख्य अतिथि व राज्यमंत्री डॉ. जीएस धर्मेश ने विधिवत शुभारंभ किया। डॉ. धर्मेश ने कहा कि इस तरह के इंटरनेशनल फेयर से यहां की स्थापित जूता इकाइयों का विस्तार होगा। छोटी इकाइयों को मदद मिलेगी। नई तकनीकी का लाभ जूता उद्योग को मिलेगा और विश्व में आगरा के जूते की मांग बढ़ेगी, खपत बढ़ेगी। साथ ही साथ कौशल विकास में ट्रेनिंग लेने वाले विद्यार्थियों को भी यहां बहुत कुछ सीखने और समझने का अवसर मिल रहा है। उनका कहना था कि हुनरमंद विद्यार्थी जब फैक्ट्री चलाएंगे तो देश की आर्थिक तरक्की सुनिश्चित होगी। भारत सरकार की कौशल विकास, स्किल इंडिया, मेक इन इंडिया, स्मार्ट इंडिया की योजनाएं बेरोजगारी को खत्म कर स्वरोजगार के लिए नए रास्ते बना रही हैं। इन योजनाओं का नई पीढ़ी को लाभ मिलेगा।

सेंट्रल फुटवियर ट्रेंनिंग इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर सनातन साहू ने छात्र छात्राओं को ज्ञान और कठिन मेहनत से मंजिल पाने की सीख दी। स्पेन के एंटोन्यू ने रैड 21 कंपनी का प्रेजेंटेशन दिया। स्पेन के ही लोरेंजो ने पॉल केमिकल कंपनी द्वारा शू फिनिशिंग की जानकारी दी। प्रोविडेंट फंड कमिश्नर राजीव कुमार पाल ने मीट एट आगरा जैसे विश्व स्तरीय ट्रेड फेयर की सराहना की। चम्बल के डिस्ट्रिक फॉरेस्ट ऑफिसर आनंद श्रीवास्तव ने कहा कि हम पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध हैं, लेकिन जूता उद्योग पर्यावरण को प्रदूषित नहीं करता। आगरा ट्रेड सेंटर ईको सेंसेटिव जोन के अंतर्गत आता है, पर ऐसे आयोजन पर्यावरण को प्रदूषित नहीं करते। अब यूं तो नेशनल हाईवे टू से सर्वाधिक ध्वनि वायु प्रदूषण होता है तो क्या इस मार्ग को बंद कर देना चाहिए? नहीं..

उन्होंने कहा कि हमें पर्यावरण का संरक्षण करते हुए उद्योग धंधों का भी लगातार विकास करना है। ‘ताज ट्रिपेजियम जोन’(टीटीजेड) के सदस्य व पूर्व विधायक केशो मेहरा ने कहा कि जूता फैक्ट्री धूल के कण पैदा नहीं करती। 8 सितंबर 2016 को सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के विरुद्ध तदर्थ रोक का आदेश एनवायरमेंट प्रोटक्शन रूल्स के भी विरुद्ध है। इस संबंध में शीघ्र ही प्रधानमंत्री स्तर पर बातचीत करके समस्या का हल निकाला जाएगा।

तकनीकी सत्र का संचालन एडमिन व ईवेंट को-ऑर्डिनेटर चंद्रशेखर ने किया। उपाध्यक्ष राजेश सहगल ने आभार व्यक्त किया। इस दौरान अध्यक्ष पूरन डावर, महासचिव राजीव वासन, कन्वीनर कैप्टन एएस राणा, उपाध्यक्ष गोपाल गुप्ता, सचिव ललित अरोरा व कार्यकारिणी सदस्य सुनील मनचंदा प्रमुख रूप से शामिल रहे। आयोजन का प्रबंधन मनीष अग्रवाल के निर्देशन में रावी इवेंट की पूरी टीम ने संभाला।

प्रदर्शनी पर लगा रहा विजिटर्स का तांता..

मीट एट आगरा के दूसरे दिन भी भारत के विभिन्न शहरों और चीन, ब्राजील, अर्जेंटीना, ताइवान, जर्मनी, इटली, स्पेन व हांगकांग समेत 10 देशों के जूता उद्योग से जुड़े 220 एक्जीबिटर्स द्वारा 225 से अधिक स्टाल पर 150 कंपनियों के उत्पाद, मशीनरी व तकनीकी की जानकारी ली गई। सुबह से देर शाम तक आगरा व आस पास से सैकड़ों विजिटर्स का सिलसिला लगातार चलता रहा। वहीं स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैंक, एचडीएफसी बैंक और डाकघर द्वारा लगाए गए स्टॉल्स पर भी लोग जानकारियां जुटाते रहे। अशफाक अहमद और दुबई से आए तौफीक अहमद ने भी स्टॉल्स पर जानकारियां जुटाईं।

शू रिपेयर क्लीनिक रहा आकर्षण का केंद्र..

लेदर सेक्टर स्किल काउंसिल व सीएफटीआई की मदद से स्किल इंडिया के तहत मोची स्वाभिमान स्कीम शुरू की गई है। इस स्कीम में तैयार किया गया शू रिपेयर क्लिनिक यानी ई रिक्शा मीट एट आगरा में सबके आकर्षण का केंद्र रहा। खास बात यह रही कि इस वाहन पर बैठकर एफमैक के प्रेसिडेंट पूरन डावर ने भी स्वयं अपने हाथों से जूतों पर पालिश करके सभी को अपनी विनम्रता का और जमीन से ऊंचाई तक जाने का संदेश दिया।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

वरिष्ठ पत्रकार गीतेश्वर प्रसाद के काम को मिली नई पहचान, इस मंच पर होगा सम्मान

पत्रकारिता में उल्लेखनीय योगदान के लिए 17 नवंबर को मुंगेर नगर भवन में आयोजित एक समारोह में दिया जाएगा यह सम्मान

Last Modified:
Saturday, 09 November, 2019
Giteshwar

पत्रकारिता के क्षेत्र में योगदान के लिए ‘हिन्दुस्तान’ के भागलपुर संस्करण में स्थानीय संपादक गीतेश्वर प्रसाद सिंह को ‘आचार्य लक्ष्मीकांत मिश्र राष्ट्रीय सम्मान’ से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान 17 नवंबर को मुंगेर नगर भवन में आयोजित आचार्य लक्ष्मीकांत मिश्र स्मृति समारोह में पद्मभूषण परमहंस स्वामी निरंजनानंद सरस्वती जी द्वारा दिया जाएगा।

गीतेश्वर प्रसाद सिंह को पत्रकारिता के क्षेत्र में काम करने का करीब ढाई दशक का अनुभव है। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से दर्शनशास्त्र में एमए और पूर्वांचल विश्वविद्यालय से हिंदी में एमए तक की पढ़ाई की है। ‘हिन्दुस्तान’ से पहले वह ‘पंजाब केसरी’,’ दैनिक जागरण’ और ‘अमर उजाला’ में प्रमुख जिम्मेदारी निभा चुके हैं। गीतेश्वर प्रसाद सिंह की पत्रकारिता के साथ-साथ साहित्य में गहरी रुचि है। वह गजलें लिखने के शौकीन भी हैं। दूरदर्शन और आकाशवाणी से इनकी कई रचनाएं प्रसारित हुई हैं।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

इस सम्मान से नवाजे जाएंगे पत्रकार अभिमन्यु कुमार साहा

पटना के गांधी मैदान में चल रहे पुस्तक मेला में की गई घोषणा

Last Modified:
Saturday, 09 November, 2019
Abhimanyu Kumar Saha

बिहार की राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में आठ नवंबर से पुस्तक मेला शुरू हो गया है। करीब दस दिनों तक चलने वाले इस मेले के उद्घाटन समारोह में संस्कृति, साहित्य व पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट काम करने वाले युवाओं के लिए पुरस्कारों की घोषणा भी की गई।

इसमें साहित्य के क्षेत्र में मिलने वाला विद्यापति पुरस्कार अणुशक्ति सिंह, रंगमंच के क्षेत्र में दिए जाने वाला भिखारी ठाकुर पुरस्कार चंदन वत्स, कला के क्षेत्र में यक्षिणी पुरस्कार मूर्तिकला के युवा कलाकार पिंटू प्रसाद को दिया जाएगा। इसके साथ ही उत्कृष्ट पत्रकारिता के लिए बीबीसी दिल्ली के पत्रकार अभिमन्यु कुमार साहा को पत्रकारिता पुरस्कार दिया जाएगा।

फिल्म समीक्षक विनोद अनुपम ने इन पुरस्कारों की घोषणा की। बता दें कि पुस्तक मेले में प्रति वर्ष साहित्य, कला, रंगमंच और पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित किया जाता है। विनोद अनुपम ने बताया कि मेले के समापन पर इन लोगों को पुरस्कृत किया जाएगा।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

लेदर पार्क के लिए जल्द उठाए जाएंगे ये ठोस कदम: डॉ. महेंद्र नाथ पांडे

आगरा में तीन दिवसीय लेदर, फुटवियर कंपोनेंट्स और तकनीकी मेला ‘मीट एट आगरा’ शुरू

Last Modified:
Friday, 08 November, 2019
Agran Meet

‘भारत सरकार ने लेदर सेक्टर को बढ़ावा देने के लिए दो साल पहले 2600 करोड़ रुपए का स्पेशल पैकेज दिया। इसमें 696 करोड़ रुपए रोजगार के लिए निर्धारित हैं। लेदर फील्ड में आगरा की बड़ी भूमिका है। यह उद्योग और आगे बढ़े, इसके लिए जरूरी है आगरा में लेदर पार्क का बनाया जाना। इसके लिए पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर से मिलकर इस समस्या को शीघ्र ही दूर कराया जाएगा।‘ यह कहना था केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्री डॉ. महेंद्र नाथ पांडे का। डॉ. पांडे शुक्रवार को सींगना स्थित आगरा ट्रेड सेंटर में एफमेक द्वारा आयोजित तीन दिवसीय लेदर, फुटवियर कंपोनेंट्स और तकनीकी मेला ‘मीट एट आगरा’ के 13वें संस्करण के उद्घाटन अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने कहा कि लेदर सेक्टर में हमको ऐसा काम करना है कि दुनिया 130 करोड़ लोगों के मार्केट भारत की अनदेखी नहीं कर सके।

इससे पूर्व उन्होंने दीप जलाकर ‘मीट एट आगरा’ के 13वें संस्करण का शुभारंभ किया। उन्होंने गरीबों का जीवन बेहतर बनाने के मुख्य उद्देश्य के साथ फुटपाथ पर बैठकर जूता सिलने वाले मोचियों को स्किल इंडिया अभियान के तहत सम्मान प्रदान करने के लिए शुरुआती तौर पर 10 मोचियों को टूल किट व छतरी वितरित कीं। पांडे ने एक्सपोर्ट्स परफॉर्मेंस अवार्ड भी प्रदान किए। इनमें गुप्ता ओवरसीज के गोपाल गुप्ता को प्रथम, लाइनर शूज प्राइवेट लिमिटेड के गौतम मेहरा को द्वितीय और डावर फुटवियर इंडस्ट्री के पूरन डावर को तृतीय अवार्ड प्रदान किया गया।

इस दौरान उत्तर प्रदेश सरकार में श्रम एवं रोजगार मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य, कौशल विकास राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, एमएसएमई राज्यमंत्री चौधरी उदय भान सिंह, सांसद प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल, सांसद राजकुमार चाहर, सीएलई के चेयरमैन अकील अहमद, रफीक अहमद, विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, विधायक योगेंद्र उपाध्याय, भारत सरकार में डीआईपीपी के संयुक्त सचिव अनिल अग्रवाल, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के चीफ जनरल मैनेजर विजय रंजन, महापौर नवीन जैन, भाजपा जिला अध्यक्ष श्याम भदौरिया, महानगर अध्यक्ष विजय शिवहरे, पूर्व मंत्री केशो मेहरा, डॉक्टर एके सिंह व गागन दास रामानी प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

इससे पूर्व एफमैक के प्रेजिडेंट पूरन डावर ने कहा कि ग्लोबल मार्केट में हम तभी स्थापित होंगे, जब सामूहिक प्रयास हों। विश्व में लगने वाले लेदर के हर प्रमुख फेयर में आगरा की प्रमुख भागीदारी है। 3378 करोड़ का सीधा निर्यात आगरा कर रहा है। इस फेयर में सप्लायर्स नहीं, बायर्स खुद सप्लायर्स को आमंत्रित करते हैं। जिन विश्व स्तरीय मेलों तक दस्तकार व छोटे उद्यमियों की पहुंच नहीं हो पाती, उनको इस इंटरनेशनल फेयर से एक ही छत के नीचे नए उत्पाद, नई तकनीक, नई डिजाइन व नई गुणवत्ता की जानकारी मिलती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि हम गुणवत्ता की दृष्टि से जीरो डिफेक्ट और पर्यावरण के लिए जीरो इफेक्ट ध्यान में रखते हुए जूता बनाते हैं। इस मेले में प्लास्टिक से मुक्ति कैसे मिले, इस पर भी ध्यान दिया गया है। पॉलीथिन प्रयोग में न आए, इसलिए जूतों को रखने के लिए पेपर के बैग के इस्तेमाल पर इस मेले में जागरूकता की जा रही है।

पूरन डावर ने मंत्रियों का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि आगरा 3 वर्ष से ‘ताज ट्रिपेजियम जोन’ (टीटीजेड) से जूझ रहा है। आगरा का जूता उद्योग पूरी तरह प्रदूषण मुक्त है। इसलिए इसे पर्यावरण के नाम पर ना उजाड़ा जाए। इस मौके पर श्रम एवं रोजगार मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने सरकार बनते ही प्राथमिकता पर अपने श्रमिक कानूनों में 15 संशोधन करके व्यापार व उद्योग को सुचारु करने व बढ़ावा देने का प्रयास किया है। उत्तर प्रदेश सरकार उद्योग व श्रमिकों के हित में लगातार काम कर रही है। जितने उद्योग बढ़ेंगे, उतना ही श्रमिकों को रोजगार मिलेगा। उनका कल्याण होगा।

राज्यमंत्री चौधरी उदयभान सिंह ने कहा कि टीटीजेड को तमाशा ना बनाएं। इसको समझें। इसने उद्योगों को समेट कर रख दिया है। लेदर पार्क के नाम पर इतनी बड़ी भूमि दिल्ली की ओर निहार रही है। कृपया मंत्रीजी इस ओर ध्यान दें। सीएलई के चेयरमैन पीआर अकील अहमद ने कहा कि प्रधानमंत्री इस उद्योग को पूरा बढ़ावा दे रहे हैं। लाखों लोगों को रोजगार मिला है। जल्दी ही भारत में सरकार की मदद से वर्ल्ड क्लास मैन्युफैक्चरिंग सिस्टम हासिल करेंगे।

कौशल विकास व व्यावसायिक शिक्षा मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि भाजपा सरकार में ऊपर से एक रुपया चलता है तो नीचे एक रुपया ही पहुंचता है। इसलिए देश का विकास हो रहा है और उद्योग भी तेजी से पनप रहे हैं। योगी सरकार ने करोड़ों रुपए के एमओयू उद्योगों की भलाई के लिए साइन किए हैं। प्रदेश में व्यापार बढ़ रहा है। सांसद एसपी सिंह बघेल ने कहा कि आगरा एनजीटी, टीटीजैड व सुप्रीम कोर्ट की तमाम पाबंदियों के कारण पिछड़ रहा है। कहीं ऐसा न हो कि आगरा सीनियर सिटीजन व पेंशनर का शहर होकर रह जाए। उन्होंने कहा कि केवल 7 पेड़ों की वजह से आगरा का लेदर पार्क कई सालों से अटका पड़ा है। हम सात की जगह 7000 पेड़ लगाने को तैयार हैं। सांसद राजकुमार चाहर ने कहा कि आगरा को आगरा का हक मिलना चाहिए। हम सभी मिलकर आगरा के इस उद्योग को बचाने का प्रयास करें। अनिल अग्रवाल ने सरकार से बाधाएं दूर कर कानपुर व आगरा में लेदर क्लस्टर बनाने में मदद करने की अपील की।

कन्वीनर कैप्टन एएस राणा ने सब का आभार व्यक्त किया। सचिव ललित अरोरा, प्रदीप वासन, गोपाल गुप्ता, राजेश सहगल व राजीव वासन ने अतिथियों का स्वागत किया। संचालन नाइला खान ने किया। इस दौरान विश्व स्तरीय लेदर, फुटवियर कंपोनेंट्स और तकनीकी के मेला को देखने के लिए सैकड़ों की संख्या में विजिटर्स का सिलसिला देर शाम तक चलता रहा। मनीष अग्रवाल के निर्देशन में रावी ईवेंट ने समूचे आयोजन का प्रबंधन संभाला।  तीन दिवसीय इस आयोजन के दूसरे दिन नौ नवंबर को सुबह 10:00 बजे से शाम 6:00 बजे तक प्रदर्शनी जारी रहेगी। वहीं 11:00 बजे से तकनीकी सत्र होंगे।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

‘मेरी सहेली’ की कार्यकारी संपादक प्रतिभा तिवारी के पति का निधन

पत्नी और बेटी के साथ घूमने के लिए गए हुए थे जम्मू-कश्मीर, होटल में ली अंतिम सांस

Last Modified:
Thursday, 07 November, 2019
Meri Saheli

वरिष्ठ पत्रकार और ‘मेरी सहेली’ मैगजीन की कार्यकारी संपादक प्रतिभा तिवारी के पति अरविंद तिवारी का निधन हो गया है। वह पत्नी प्रतिभा तिवारी और बेटी श्रेया तिवारी के साथ जम्मू-कश्मीर घूमने के लिए गए थे। यहां सभी लोग एक होटल में ठहरे हुए थे, जहां गुरुवार की तड़के अरविंद तिवारी ने अंतिम सांस ली।

अरविंद तिवारी के पार्थिव शरीर को जम्मू से मुंबई ले जाया जा रहा है, जहां उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए