सुधीर चौधरी बोले, पाकिस्तान से सीखें भारतीय पत्रकार...

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा ‘एएनआई’ की संपादक स्मिता प्रकाश के खिलाफ इस्तेमाल...

Last Modified:
Friday, 04 January, 2019
SUDHIR CHAUDHARY

समाचार4मीडिया ब्यूरो।।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा ‘एएनआई’ की संपादक स्मिता प्रकाश के खिलाफ इस्तेमाल किए गए शब्दों पर मीडिया में नाराज़गी है। हालांकि, नाराज़गी का स्तर उतना नहीं है, जितना होना चाहिए था। महज गिने-चुने पत्रकारों ने इस पर विरोध जताया है। इस मामले को ‘ZEE न्यूज़’ के संपादक सुधीर चौधरी ने प्रमुखता से उठाया है। चौधरी ने इस मुद्दे को पाकिस्तान में हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के विडियो के जरिये उठाया है। उन्होंने इस अहम मसले पर सिर्फ ट्वीट कर प्रतिक्रिया देने के बजाय अपने शो ‘डीएनए’ में इसे जगह दी और चेताया कि भारतीय मीडिया को अब खेमेबाजी से बाहर निकलना होगा।

चौधरी ने अपने शो की शुरुआत एक पाकिस्तानी विडियो से करते हुए भारतीय पत्रकारों को एकता की सीख दी। उन्होंने यह भी कहा कि ‘डीएनए’ का यह एपिसोड पत्रकारों को बहुत चुभने वाला है। दरअसल, पाकिस्तान के जल संसाधन मंत्री फैसल वावड़ा 3 जवनरी को एक प्रेस कांफ्रेंस कर रहे थे। इस मौके पर ‘डॉन’ अख़बार के वरिष्ठ पत्रकार भी मौजूद थे। उन्होंने एक सवाल पूछा, जो मंत्री साहब को नागवार गुजरा। इसके बाद फैसल वावड़ा ने सवाल पूछने वाले पत्रकार को अपमानित करना शुरू कर दिया। हालांकि, ये सिलसिला ज्यादा लंबा नहीं चल सका, क्योंकि प्रेस कांफ्रेंस में उपस्थित अन्य पत्रकार अपने साथी को इस तरह अपमानित होते नहीं देख पाए। उन्होंने खुलकर मंत्री का विरोध किया, जिसके बाद फैसल वावड़ा लगातार माफ़ी मांगते रहे, लेकिन पत्रकार नहीं मानें। सभी उठे और प्रेस कांफ्रेंस का बहिष्कार करते हुए बाहर निकल गए।

इस घटना को चौधरी ने राहुल गांधी की प्रेस कांफ्रेंस से जोड़ते हुए भारतीय पत्रकारों को कठघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि राहुल की प्रेस कांफ्रेंस में तमाम पत्रकार मौजूद थे। उनकी मौजूदगी के बीच एएनआई संपादक स्मिता प्रकाश का अपमान हुआ, लेकिन किसी ने एक शब्द तक बोलने की ज़हमत नहीं उठाई। सभी ख़ामोशी से राहुल को सुनते रहे। इसके बाद उन्होंने नवजोत सिंह सिद्धू की प्रेस कांफ्रेंस का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि सिद्धू ने पत्रकारों के सामने ‘ZEE न्यूज़’ को नानी याद दिलाने की धमकी दी थी, तब भी वहां उपस्थित किसी भी पत्रकार ने इस पर आपत्ति नहीं जताई थी।

सुधीर चौधरी ने मीडिया की खेमेबाजी पर दुःख जताते हुए पत्रकारों को कुछ हद तक नेताओं से सीख लेने की नसीहत दी। उन्होंने कहा कि नेता तो फिर भी कभी-कभी पार्टी लाइन से ऊपर उठकर एक साथ आ जाते हैं, लेकिन मीडिया में बंटवारे की लकीर बहुत गहरी हो चुकी है। उन्होंने प्रत्यक्ष रूप से इस मुद्दे पर खामोश रहने वाले पत्रकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस से हमदर्दी रखने वाले पत्रकार एक महिला संपादक के अपमान पर कुछ नहीं कहना चाहते। बहुत से कांग्रेसी पत्रकारों को पद्मश्री मिल चुका है  और बहुत से लाइन में लगे हैं इस उम्मीद में कि जब कांग्रेस की सरकार आएगी तो उन्हें भी उनकी वफ़ादारी के लिए कोई न कोई पुरस्कार ज़रूर मिलेगा।

संभव है कि कई पत्रकारों को चौधरी की ‘एकता’ वाली सीख समझ न आए, लेकिन ये हकीकत है कि भारतीय मीडिया कई खेमों में विभाजित है। इसलिए अधिकांश पत्रकारों को अपने साथियों के उपहास या अपमान में कुछ भी गलत नज़र नहीं आता।

 

 

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

अब विदेशी पत्रकारों से मिलेंगे संघ प्रमुख मोहन भागवत

अभी तक ये पता नहीं चल पाया है कि इस कार्यक्रम की विडियो कवरेज की अनुमति मिलेगी या नहीं या केवल बंद कमरे में ही चर्चा होगी

Last Modified:
Saturday, 21 September, 2019
Mohan Bhagwat

अगर आप किसी भी विदेशी मीडिया समूह के प्रतिनिधि के तौर पर भारत में पत्रकारिता कर रहे हैं, तो ये खबर आपके लिए है। दशकों तक मीडिया के लिए पहेली रहा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी आरएसएस लगातार समाज के अन्य क्षेत्रों के दिग्गजों ही नहीं, मीडिया के लोगों से भी पिछले कुछ सालों से खुलने में लगा हुआ है और शायद ये पहली बार होगा कि कोई संघ प्रमुख केवल विदेशी पत्रकारों से मिलने के लिए कोई खास कार्यक्रम आयोजित करे।

ये कार्यक्रम 24 सितंबर को दिल्ली के अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर में होगा। इधर, 23 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बड़ा कार्यक्रम अमेरिका के ह्यूस्टन शहर मे होना है, जिसका नाम है हाउडी मोदी। ऐसे में मीडिया वालों को 24 तक फुरसत भी मिल जाएगी। मोहन भागवत ने पिछले साल भी सितंबर में ‘भविष्य का भारत’ नाम से तीन दिन की एक लेक्चर सीरीज शुरू की थी, जिसमें समाज के विभिन्न हिस्सों से लोग आए थे। इसमें अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी की मौजूदगी चर्चा का विषय बनी थी, क्योंकि वो अपनी फिल्म मंटो का प्रीमियर छोड़कर वहां आए थे।

वैसे भी बीजेपी के राष्ट्रीय संगठन मंत्री रामलाल संघ में वापस जाकर सह सम्पर्क प्रमुख बन गए हैं, तो उनका काम होगा कि अलग-अलग क्षेत्रों के लोगों को संघ के सम्पर्क में लाना, उनकी गलतफहमियां दूर करना आदि। विदेशी मीडिया से जुड़े पत्रकारों से मुलाकात का ये कार्यक्रम खास तौर पर इसी दिशा में रखा गया है। ताकि वो अपने हर सवाल, हर गलतफहमी जो उन्हें संघ के बारे में है, संघ प्रमुख से पूछ सकें।

इस कायर्कम के बारे में आरएसएस के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख अरुण कुमार का कहना है कि, ‘ये कार्यक्रम परस्पर संवाद का है। मोहन भागवतजी इस संवाद में विदेशी मीडिया के पत्रकारों को संघ के कार्य व प्रासंगिक विषयों पर संघ के विचारों से अवगत कराएंगे तथा उनसे इसी संबंध में एक प्रासंगिक चर्चा करेंगे।’ हालांकि अभी तक ये पता नहीं चल पाया है कि  इस कार्यक्रम की विडियो कवरेज की अनुमति मिलेगी या नहीं या केवल बंद कमरे में ही चर्चा होगी। लेकिन इतना तय है कि उसके बाद कुछ बड़ी हेडलाइंस दुनिया भर के अखबारों, टीवी चैनल्स में बनना तय है।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

गूगल को बाय बोल स्टार इंडिया से जुड़े नितिन बवनकुले, मिली बड़ी जिम्मेदारी

पूर्व में कई बड़ी कंपनियों में निभा चुके हैं भूमिका, ‘स्टार’ और ‘डिज्नी इंडिया’ के कंट्री मैनेजर संजय गुप्ता को रिपोर्ट करेंगे

Last Modified:
Saturday, 21 September, 2019
Nitin-Bawankule

‘स्टार इंडिया’ (Star India) से एक बड़ी खबर निकलकर सामने आई है। खबर है कि  नितिन बवनकुले ने यहां पर हेड (एड सेल्स)  के तौर पर जॉइन किया है। वह एक अक्टूबर से यहां अपनी नई पारी की शुरुआत करेंगे। वह ‘स्टार’ और ‘डिज्नी इंडिया’ के कंट्री मैनेजर संजय गुप्ता को रिपोर्ट करेंगे।   

बता दें कि बवनकुले ‘गूगल क्लाउड इंडिया’ (Google Cloud India) से यहां आए हैं, जहां पर वे कंट्री डायरेक्टर के तौर पर अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। गूगल से वह आठ साल से ज्यादा समय से जुड़े हुए थे। बवनकुले ‘स्टार इंडिया’ में अमित चोपड़ा की जगह लेंगे, जिन्होंने इसी साल मई में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था।  

बवनकुले को सेल्स और डिजिटल के क्षेत्र में काम करने का करीब 25 साल का अनुभव है। पूर्व में वह ‘डेल’, ‘मोटोरोला’, ‘व्हर्लपूल इंडिया’ और ‘गोदरेज जी अप्लायंसेज’ जैसे संस्थानों में अपनी भूमिका निभा चुके हैं। बवनकुले ने विश्वेश्वरैया नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने के बाद बेंगलुरु के इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट से मार्केटिंग और फाइनेंस में एमबीए की पढ़ाई भी की है।   

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

मीडिया इंडस्ट्री के लिए कैसे फायदे का सौदा होगा ये सरकारी कदम, पढ़ें यहां

एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू में कमी का सामना कर रहे अखबार, टीवी और मीडिया के अन्य सेगमेंट्स के लिए यह काफी अच्छी खबर है

Last Modified:
Saturday, 21 September, 2019
Media

कारोबारियों को राहत देने के उद्देश्य से वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा कारपोरेट टैक्स में कटौती किए जाने की घोषणा का फायदा मीडिया जगत को भी मिलने वाला है। दरअसल, सरकार ने शुक्रवार को बेसिक कॉरपोरेट 30 प्रतिशत से घटाकर 22 प्रतिशत कर दिया है। घरेलू कंपनियों पर बिना किसी छूट के इनकम टैक्स 22 फीसदी होगा, जबकि सरचार्ज और सेस जोड़कर प्रभावी दर 25.17 फीसदी हो जाएगी। मीडिया इंडस्ट्री से जुड़े विशेषज्ञों की मानें तो एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू में कमी का सामना कर रहे अखबार, टीवी और मीडिया के अन्य सेगमेंट्स के लिए यह काफी अच्छी खबर है।

अंग्रेजी वेबसाइट ‘लाइवमिंट’ (Livemint) में छपी एक रिपोर्ट के अनुसार, इस बारे में ‘डेलायट इंडिया’ (Deloitte India) के पार्टनर जेहिल ठक्कर का कहना है, ‘सरकार के इस फैसले से मीडिया इंडस्ट्री को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष दोनों तरह से फायदा होगा। डायरेक्टली फायदा इस तरह होगा कि टैक्स में कमी आने से संकट के इस दौर में इंडस्ट्री में कैश का ज्यादा फ्लो होगा। इनडायरेक्टली फायदा ये होगा कि नए प्रॉडक्ट लॉन्च हो सकते हैं अथवा नई कंपनी शुरू हो सकती हैं, जो आने वाले समय में विज्ञापन में बढ़ोतरी का कारण बन सकती हैं।’

ऑडिट एवं परामर्श देने वाली कंपनी केपीएमजी (KPMG) ने पिछले दिनों मीडिया और एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री (M&E) से जुड़ी जो रिपोर्ट जारी की थी, उसके अनुसार कुल एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू में प्रिंट मीडिया का जो शेयर वित्तीय वर्ष 2018 (FY18) में 35 प्रतिशत था, वह वर्ष 2019 में घटकर 32 प्रतिशत रह गया है। वहीं, ‘फिक्की-ईवाई’ (FICCI-EY) की रिपोर्ट के अनुसार, न्यूजपेपर्स का एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू एक प्रतिशत बढ़ा है, जबकि मैगजींस के एडवर्टाइजिंग रेवेन्यू में आठ प्रतिशत की गिरावट हुई है।

जनवरी की शुरुआत में, सूचना प्रसारण मंत्रालय (MIB) ने ब्यूरो ऑफ आउटरीच एंड कम्यूनिकेशन द्वारा प्रिंट मीडिया को दिए जाने वाले विज्ञापनों की दरों में 25 प्रतिशत की वृद्धि कर दी थी। इसके बाद प्राइवेट टीवी चैनल्स के लिए एडवर्टाइजिंग की दरों में 11 प्रतिशत बढ़ोतरी की गई थी।   

अब कॉरपोरेट टैक्स में कटौती किए जाने की सरकार की घोषणा के बारे में ‘जी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड’ (Zee Entertainment Enterprises Ltd) के मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर पुनीत गोयनका का कहना है, ‘कॉरपोरेट टैक्स में 25 प्रतिशत की कमी किया जाना वास्तव में काफी अच्छा कदम है। इससे भारतीय कंपनियों को काफी फायदा होगा।’

वहीं, ‘दैनिक भास्कर’ (Dainik Bhaskar) समूह के प्रमोटर डायरेक्टर गिरीश अग्रवाल का कहना है, ‘टैक्स में कमी किए जाने से प्रॉफिट बढ़ेगा और बिजनेसमैन के हाथों में पैसा आएगा, जिससे वे आगे निवेश करेंगे। इसका आर्थिक विकास पर अच्छा प्रभाव पड़ेगा।’

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

डॉक्टर का यह सवाल सुनते ही रफूचक्कर हुआ अस्पताल में हंगामा कर रहा ‘पत्रकार’

इलाज के लिए राजस्थान के बांसवाड़ा स्थित महात्मा गांधी अस्पताल पहुंचा था खुद को पत्रकार बता रहा युवक, धमका रहा था स्टाफ को

Last Modified:
Friday, 20 September, 2019
Journalist

खुद को पत्रकार बताकर अस्पताल कर्मियों को धमका रहा युवक उस समय बैकफुट पर आ गया, जब कार्यवाहक पीएमओ ने उससे पहचान पत्र मांग लिया। पहले तो युवक तमाम बहाने बनाता रहा, फिर मौका देखकर वहां से रफूचक्कर हो गया।

यह मामला है राजस्थान में बांसवाड़ा के महात्मा गांधी अस्पताल का, जहां गुरुवार सुबर एक युवक इलाज के लिए पहुंचा था। उस दौरान सभी डॉक्टर्स वार्डों में मरीजों को देखने के लिए गए हुए थे। ऐसे में सीट पर डॉक्टरों को न पाकर युवक भड़क गया और खुद को पत्रकार बताते हुए नर्सिंग स्टाफ को धमकाने के साथ ही हंगामा करने लगा।

शोरशराबा सुनकर कार्यवाहक पीएमओ डॉ. सर्वेश बिसारिया मौके पर पहुंचे और हंगामे की वजह पूछी। युवक ने अपना नाम रणजीत सिंह बताते हुए खुद को पत्रकार बताया। इस पर डॉ. सर्वेश ने युवक से पहचान पत्र दिखाने को कहा। पहचान पत्र मांगते ही युवक बैकफुट पर आ गया और खुद को पत्रकार का दोस्त बताने समेत तमाम बहाने करने लगा। इसके बाद वह मौका देखकर वहां से चला गया।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

विधायक के दफ्तर में हुई पत्रकारों की पिटाई, जानें पूरा मामला

किसी मामले में शिकायत करने के लिए अपने साथियों के साथ विधायक के कार्यालय गए थे पत्रकार

Last Modified:
Friday, 20 September, 2019
Attack

पत्रकारों पर हमले का एक और मामला सामने आया है। यह मामला उत्तर प्रदेश में गाजियाबाद के लोनी इलाके का है, जहां पर कुछ लोगों ने बीजेपी विधायक के दफ्तर में घुसकर पत्रकारों की जमकर पिटाई कर दी। मारपीट में घायल एक पत्रकार को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

बताया जाता है कि लोनी में बलराम नगर स्थित स्टेट बैंक के पास बीजेपी विधायक नंद किशोर गुर्जर का ऑफिस है। यहां कुछ पत्रकार एक मामले में शिकायत करने पहुंचे थे। तभी 5-6 बदमाशों ने उनकी जमकर पिटाई कर दी। घटना के बाद पत्रकारों ने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। बॉर्डर थाना प्रभारी शैलेन्द्र प्रताप सिंह ने बताया कि पत्रकार सरताज खान ने शिकायत दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

दरअसल, बुधवार को अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही के दौरान पत्रकार शौकत अली वहां फोटोग्राफी कर रहे थे। इसी बीच एसडीएम के गनर द्वारा रोके जाने पर उनके साथी पत्रकार सरताज खान का गनर से विवाद हो गया। आरोप है कि इस पर गनर ने सरताज के साथ अभद्रता कर दी।

नाराज दोनों पत्रकार अपने कुछ साथियों के साथ गुरुवार को विधायक के कार्यालय पहुंचे थे। वहां विधायक के प्रतिनिधि ललित शर्मा ने कार्यालय में विधायक के न होने की सूचना दी और इंतजार करने के लिए कहा। आरोप है कि ललित शर्मा के बाहर जाते ही कुछ नकाबपोश बदमाश दफ्तर में घुसे और हॉकी-डंडों से सरताज खान और शौकत अली के साथ मारपीट की। वहीं, इस मामले में विधायक नंद किशोर गुर्जर का कहना है कि अपने दफ्तर में पत्रकारों के साथ मारपीट की घटना से वह स्तब्ध हैं। उन्होंने आशंका जताई कि शायद पत्रकारों का बाहर विवाद हुआ हो।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

पत्रकारों को लेकर प्रज्ञा ठाकुर के बिगड़े बोल, हो रहा विरोध

बयान से गुस्साए पत्रकारों ने प्रज्ञा ठाकुर से माफी मांगने के साथ ही बीजेपी आलाकमान से उन्हें पार्टी से निकालने की मांग उठाई है

Last Modified:
Thursday, 19 September, 2019
Pragya Thakur

अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वालीं व भोपाल से बीजेपी सांसद साध्वी प्रज्ञा ठाकुर नए विवाद में फंस गई हैं। अब उन्होंने पत्रकारों को बेईमान बता दिया है। प्रज्ञा ठाकुर के इस बयान पर पत्रकार काफी गुस्सा हैं और उन्होंने प्रज्ञा ठाकुर से माफी की मांग की। इसके साथ ही पत्रकारों ने बीजेपी आलाकमान से प्रज्ञा ठाकुर को पार्टी से निकालने की मांग भी उठाई है।

दरअसल, प्रज्ञा ठाकुर ने ये बयान मंगलवार को सीहोर जिले की यात्रा के दौरान दिया। यहां वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 69वें जन्मदिन पर फलों का वितरण करने आई थीं। पत्रकारों ने मध्य प्रदेश से जुड़े विभिन्न मुददों पर उनकी टिप्पणी चाही थी। इस पर प्रज्ञा का हंसते हुए कहना था, ‘एक भी ईमानदार नहीं है। हां हम बोल रहे हैं, सुनो तुम्हारी तारीफ, जितने भी सीहोर के मीडियावाले हैं, सब बेईमान हैं।’

प्रज्ञा ठाकुर की इस टिप्पणी पर पत्रकार गुस्सा हो गए। इसके बाद स्थानीय पत्रकारों के एक समूह ने प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर प्रज्ञा ठाकुर से माफी की मांग की। साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने कैसे मीडियाकर्मियों को बेईमान बताया, वह आप इस विडियो में देख सकते हैं। 

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

वरिष्ठ पत्रकार सायना धेनुगारा ने नई दिशा में बढ़ाए कदम

‘CNBC-TV18’ की मैनेजिंग एडिटर शीरीन भान के साथ मिलकर किताब भी लिख चुकी हैं सायना धेनुगारा

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
Published - Wednesday, 18 September, 2019
Last Modified:
Wednesday, 18 September, 2019
Syna

‘सीएनबीसी-टीवी18’ (CNBC-TV18) की फीचर एडिटर सायना धेनुगारा ने अब अपने करियर को नई दिशा दी है। उन्होंने बेंगलुरु के स्टार्ट अप ‘लेट्सवेंचर’ (LetsVenture) में बतौर चीफ ब्रैंड ऑफिसर जॉइन किया है। यह एक इन्वेस्टमेंट प्लेटफॉर्म है। अपनी नई भूमिका में धेनुगारा ‘लेट्सवेंचर’ के फाउंडर्स शांति मोहन और संजय झा के साथ ही सीनियर लीडरशिप टीम के साथ मिलकर काम करेंगी।   

‘CNBC-TV18’ में रहते हुए धेनुगारा टेक्नोलॉजी, नई अर्थव्यवस्था, पॉलिसी प्रभाव पर काम करने के साथ ही स्टार्ट अप्स व एंटरप्रिन्योरशिप पर बने शो ‘यंग टर्क्स’ को भी संभाल चुकी हैं। अपने 13 साल के पत्रकारिता के करियर में वह ‘CNBC-TV18’ की मैनेजिंग एडिटर शीरीन भान के साथ मिलकर ‘Young Turks-Inspiring Stories of Tech Entrepreneurs’ के नाम से किताब भी लिख चुकी हैं। इस किताब में ऊंचा मुकाम पाने वाले 13 एंटरप्रिन्योर की प्रेरक कहानियां हैं।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

लाइव डिबेट में पैनलिस्ट के साथ हुआ कुछ ऐसा, विडियो वायरल

कश्मीर के मुद्दे पर चल रही थी चर्चा, विडियो वायरल होने के साथ ही सोशल मीडिया पर जमकर उड़ाया जा रहा है मजाक

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
Published - Wednesday, 18 September, 2019
Last Modified:
Wednesday, 18 September, 2019
Debate Show

कश्मीर के मुद्दे को लेकर पाकिस्तान के ‘GTV’ टेलिविजन चैनल पर हो रही लाइव डिबेट के दौरान एक पैनलिस्ट अचानक अपनी कुर्सी से लड़खड़ाकर गिर पड़ा। इस घटना से जुड़े विडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होते ही लोगों ने इस पैनलिस्ट को निशाने पर ले लिया और जमकर मजाक उड़ाना शुरू कर दिया।

कुछ लोगों ने तो इसकी तुलना कश्मीर मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना करने के दौरान पाकिस्तान के रेलमंत्री शेख रशीद को लगे करंट से कर दी। कुछ लोगों ने मजाक में यह भी कहना शुरू कर दिया है कि जरूर इस पैनलिस्ट ने भी मोदी का मजाक उड़ाया होगा।  

पाकिस्तान की पत्रकार @nailainayat (नायला इनायत) ने अपने ट्विटर हैंडल पर इस विडियो को शेयर किया है। आप भी इस विडियो को यहां देख सकते हैं।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

मीडिया से जुड़े मुद्दों का अब इस तरह समाधान करेगी सरकार

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में लिया गया फैसला

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
Published - Wednesday, 18 September, 2019
Last Modified:
Wednesday, 18 September, 2019
Media

पाकिस्तान में मीडिया से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए अब विशेष मीडिया न्यायाधिकरणों (Special Media Tribunals) का गठन किया जाएगा। पाकिस्तान की सरकार ने इसकी घोषणा की है। बताया जाता है कि प्रधानमंत्री इमरान खान की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री की विशेष सहायक (सूचना) फिरदौस आशिक अवान ने मंगलवार को बताया कि ये न्यायाधिकरण पाकिस्तान के इलेक्ट्रॉनिक मीडिया नियामक प्राधिकरण (PEMRA) की शिकायत परिषद की जगह लेंगे।

उन्होंने बताया कि न्यायाधिकरणों के गठन के लिए संसद में कानून बनाया जाएगा। इन न्यायाधिकरणों में मीडिया से जुड़े मुद्दे 90 दिन के भीतर सुलझाए जाएंगे और ये न्यायाधिकरण किसी न्यायपालिका के तहत काम करेंगे। ये न्यायाधिकरण सरकारी नियंत्रण या प्रभाव से मुक्त होंगे और सरकारी अधिकारी भी उनके प्रति जवाबदेह होंगे।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए

सिर्फ इतनी सी बात पर पत्रकार की कर दी पिटाई, थाने पहुंचा मामला

अपने साथी के साथ होटल में भोजन करने गए थे पत्रकार, पुलिस ने एक आरोपित को किया गिरफ्तार

समाचार4मीडिया ब्यूरो by समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।
Published - Wednesday, 18 September, 2019
Last Modified:
Wednesday, 18 September, 2019
Attack on Scribe

देश भर में पत्रकारों पर हमलों की घटनाएं रुक नहीं रही हैं। आए दिन इस तरह के मामले सामने आते रहते हैं। इस लिस्ट में अब एक और मामला जुड़ गया है। यह मामला झारखंड के पाकुड़ का है, जहां पर शहर के प्रसिद्ध होटल से भोजन कर लौट रहे पत्रकार राजकुमार कुशवाहा और उनके साथी पर कुछ असामाजिक तत्वों ने हमला कर दिया। हमले में पत्रकार व उनके साथी को काफी चोट आई हैं। पीड़ित पत्रकार ने इस मामले में थाने में एफआईआर दर्ज करा दी है।  

बताया जाता है कि पाकुड़ प्रेस क्लब के उपाध्यक्ष और एक दैनिक अखबार में पत्रकार राजकुमार कुशवाहा अपने साथी के साथ आरके पैलेस रेस्टोरेंट में भोजन करने गए थे। इसी दौरान खाने की क्वालिटी और बिल के संदर्भ में उनकी बातचीत वेटर राय से हुई। उन्होंने खाने की क्वालिटी को लेकर मैनेजर से बात करनी चाही लेकिन वेटर ने मैनेजर को न बोलकर जयंतो दुबे और तन्मय त्रिवेदी नामक दो लड़कों को बुला लिया।

इसके बाद तीनों ने कुशवाहा व उनके साथी से मारपीट शुरू कर दी। पुलिस ने वेटर को गिरफ्तार कर लिया है, वहीं एक आरोपित के परिवार के सदस्य को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। पुलिस ने इस मामले में अन्य आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है।

घटना की जानकारी मिलते ही पाकुड़ प्रेस क्लब के सदस्यों ने एसपी राजीव रंजन सिंह को ज्ञापन सौंपकर नामजद अभियुक्तों को 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार करने की मांग की है। 24 घंटे के अंदर आरोपितों की गिरफ्तारी न होने पर मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का विरोध करने की चेतावनी दी गई है।

आप अपनी राय, सुझाव और खबरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। (हमें फेसबुक, ट्विटर, लिंक्डइन और यूट्यूब पर फॉलो करें)

न्यूजलेटर पाने के लिए यहां सब्सक्राइब कीजिए