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IIMA में पीजीपी-एफएबीएम के लिए नए बैचों में छात्रों की संख्या बढ़ी...

Monday, 02 July, 2018

समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।

भारतीय प्रबंधन संस्थान अहमदाबाद (आईआईएमए) में इस साल पोस्ट ग्रेजुएट प्रोग्राम इन फूड-एग्री बिजनेस मैनेजमेंट (पीजीपी-एफएबीएम)  के लिए नए बैचों की रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूरी हो गई है। वर्ष 2018-20 के लिए पीजीपी के इस नए बैच में 399 छात्रों का दाखिला हुआ है। इस वर्ष पीजीपी कार्यक्रम में 33% गैर-इंजीनियर छात्र शामिल हुए हैंजो बैच आकार में वृद्धि के साथ भी पिछले पांच वर्षों से अधिक है।


बैच

छात्राओं का प्रतिशत

कुल बैच

2016-18

21%

396

2017-19

28%

395

2018-20

27%

399

 

 

 


आईआईएमए के निदेशक प्रोफेसर एरोल डिसूजा ने कहा, ‘हमें आईआईएमए में शामिल छात्रों की संख्या बढ़ने पर खुशी हुई हैहमारा ऐसा मानना है ये भविष्य में संगठनों का नेतृत्व करेंगे। छात्रों की संख्या में विविधता से सीखने की प्रक्रिया को समृद्ध करने में मदद मिलेगी। हम वास्तविक स्तर पर विविधता को ध्यान में रखते हैं जिसमें लिंग या शैक्षिक पृष्ठभूमि जैसी आसानी से पहचानी जाने वाली विशेषताओं को महत्वपूर्ण माना जाता है। संस्थान का मानना ​​है कि इस तरह की विविधता से छात्रों के दृष्टिकोणोंमूल्यों, विचारों और परिपेक्ष्यों के गहरे और स्थायी गुणों की विषमता पर असर पड़ता है जो संगठनात्मक संदर्भ में उनकी रचनात्मकता और प्रदर्शन को बढ़ाता है।

आईआईएमए की प्रवेश समिति के आउटगोइंग-अध्यक्ष प्रोफेसर अप्रतिम गुहाने बताया कि, ‘हमारी प्रवेश नीति हमें विभिन्न दृष्टिकोण युक्त छात्रों को प्रवेश देने में मदद करती है ताकि हम आईआईएमए में चर्चा-आधारित शिक्षणमें अधिकतम योगदान दे सकें। गुणवत्ता से समझौता किए बिना प्रतिभागियों का व्यापक मिश्रण आईआईएमए छात्रों के अकादमिक अनुभव को और भी समृद्ध करेगा।  

बैच

छात्राओं का प्रतिशत

कुल बैच

2016-18

21%

396

2017-19

28%

395

2018-20

27%

399





पीजीपी कार्यक्रम में पिछले चार वर्षों से महिला छात्रों के प्रतिशत में लगातार वृद्धि देखी गई है। इस वर्ष के बैच में 27% महिलाएं (छात्रा) हैं जो पिछले साल की वृद्धि का समर्थन करती हैं।

प्रोफेसर डिसूजा ने कहा, ‘हम क्लास में प्रवेश करने वाली महिलाओं के प्रतिशत में वृद्धि की प्रभावकारिता के बारे में जागरूक हैं। उपलब्धियां धीमी हैं क्योंकि लक्ष्य अतिरिक्त क्रेडिट नहीं देना है या प्रवेश प्रक्रिया में लिंग या अन्य विविधता विशेषताओं के लिए कोटा (हिस्सा) निर्दिष्ट करना है। एक चर्चा-आधारित शिक्षण के माहौल मेंजैसे कि, ‘प्रतिभागियों की पृष्ठभूमि की विविधता और संस्थागत स्तर पर समावेशिता सकारात्मक शिक्षण के माहौल में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।

पीजीपी स्नातक कार्यक्रम के लिए डेटा: 

कृषि-व्यवसाय में विश्व के शीर्षस्थ कार्यक्रम, पीजीपी-एफ़एबीएम में विविध वर्गों से 46 छात्राओं का प्रवेश हुआ। इस वर्ष पीजीपी-एफएबीएम में प्रवेश के लिए शामिल होने वाले विभिन्न पृष्ठभूमि के आवेदकों में दोगुनी से अधिक प्रतिशत में 39 प्रतिशत छात्र खाद्य प्रौद्योगिकी क्षेत्र से हैं और 35% छात्र कृषि क्षेत्र से हैं। 

पीजीपी-एफएबीएम स्नातक कार्यक्रम (खाद्य प्रौद्योगिकी पृष्ठभूमि) के लिए डेटा: 

बैच

बैच का प्रतिशत

2017-19

9%

2018-20

39%

 

पीजीपी-एफएबीएम स्नातक कार्यक्रम (कृषि पृष्ठभूमि) के लिए डेटा: 

बैच

बैच का प्रतिशत

2017-19

15%

2018-20

35%

 

 

 

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