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शब-ए-बारात में गुंडागर्दी पर मुस्लिमों का संग मिला, कांवड़ वाले तो भाई बोलने लायक भी नहीं...

Published At: Friday, 10 August, 2018 Last Modified: Monday, 13 August, 2018

समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।

देश के विभिन्‍न हिस्‍सों में शिव भक्‍त सावन के पवित्र महीने में कांवड़ यात्रा पर निकले हुए हैं, लेकिन इस दौरान कई जगह झड़पें देखने मिली। कांवड़ियों द्वारा तोड़फोड़ के साथ कुछ अन्‍य विवादास्‍पद वारदातें भी हुईं। फिर चाहे वह दिल्ली की घटना हो, जहां  एक महिला की कार एक कांवड़ी से छू जाने पर गुस्साए कांवड़ियों ने पूरी गाड़ी को ही तोड़ डाला हो। या फिर बुलंदशहर की घटना, जहां कांवड़ियों के आपसी झगड़े को सुलझाने पहुंची पुलिस को ही पीट-पीटकर उनकी गाड़ी को तोड़ डाला हो। ये ऐसी वारदातें हैं, जो सवाल खड़ा करती हैं कि क्या कांवड़ियां बनने पर गुंडागर्दी का लाइसेंस मिल जाता है? लेकिन अगर आपने यह सवाल किया तो फिर आप भी ऐसे लोगों के हमले का शिकार होने से नहीं बच सकते हैं, क्योंकि ऐसा ही कुछ देखने को मिला जानी-मानी न्यूज एंकर साक्षी जोशी के साथ।

दरअसल, कांवडियों द्वारा मचाए जा रहे उत्पात को लेकर न्यूज एंकर साक्षी जोशी ने जैसे ट्विटर पर इसकी आलोचना की, बस फिर क्या था, अगले ही पल उन्हें कुछ लोगों का शिकार होना पड़ा और ट्रोल किया जाने लगा और भद्दी-भद्दी गालियां दी जानें लगीं। पहले यहां जान लीजिए कि अखिर साक्षी ने कहा क्या।

साक्षी ने सवाल किया था कि इन कांवड़ियों को काबू में कोई करेगा? वैसे मैं भी किससे उम्मीद कर रही हूं! पुलिस तो खुद इनपर फूल बरसा रही है। अब सावन का इंतज़ार खुद शिव जी को नहीं होता होगा।



बस इतना कहते ही कुछ लोगों को यह बात इतनी कड़वी लगी कि वे साक्षी को ट्विटर पर घेरने के लिए अमादा हो गए और उन्हें भद्दी गालियां देने लगे। इसके बाद साक्षी जोशी ने एक अन्य ट्वीट कर कहा कि कांवड़ियों की उद्दंडता पर बोलने पर देखिए जरा कैसी भाषा का सामना कर रही हूं मैं। एक के बाद एक सभी ट्वीट दिखाऊंगी आपको। यही हैं वो जो वहां कांवड़ियों की शक्ल लेकर उद्दंडता मचाते हैं।




उन्होंने इसके बाद एक अन्य ट्वीट में कहा कि जब शब ए बारात में होने वाली गुंडागर्दी पर मैंने ट्वीट किया था तो मुसलमान भाइयों ने मेरा साथ दिया और कहा आप सही कह रही हैं ये गुंडागर्दी बंद होनी चाहिए।पर देखिए कांवड़ियों की गुंडागर्दी पर बोलते ही ये लोग(इन्हें तो मैं भाई भी बोलना नहीं चाहूंगी)कैसे अपशब्द कह रहे हैं। ये फर्क है।




हालांकि इस तरह के ट्वीट्स के बाद उन्हें ट्रोल किया जाने लगा और उन पर इस तरह का हमला लगातार जारी है।

 

 

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