Share this Post:
Font Size   16

84 हजार रुपए की विकास संवाद मीडिया फेलोशिप के लिए 5 पत्रकारों का चयन

Saturday, 12 May, 2018

समाचार4मीडिया ब्यूरो ।।

विकास और जन सरोकारों के मुद्दे पर रिपोर्टिंग और शोध के लिए दी जाने वाली विकास संवाद मीडिया फैलोशिप के तहत वर्ष 2018 के लिए पांच पत्रकारों का चयन किया गया है।  इस वर्ष बाल एवं शिशु स्वास्थ्य के मुद्दे पर काम करने के लिए पत्रिका धार के प्रमुख संवाददाता अतुल पोरवाल और दैनिक भास्कर इंदौर की सीनियर हेल्थ रिपो​र्टर नीता सिसोदिया, मातृत्व स्वास्थ्य पर काम करने के लिए डीबी पोस्ट की सीनियर हेल्थ करेस्पोंडेंट एम पूर्णिमा, शिक्षा के अधिकार पर काम करने के लिए नईदुनिया खंडवा के सीनियर रिपोर्टर सुमित अवस्थी व बाल संरक्षण के मुद्दे पर काम करने के लिए देवास के स्वतंत्र पत्रकार व लेखक मनीष वैद्य का चयन किया गया है।

इसके साथ ही शॉर्ट टर्म फैलोशिप के लिए दैनिक जागरण के पवन श्रीवास्तव, स्वतंत्र पत्रकार अमिताभ पांडेय और कौशल किशोर चतुर्वेदी का चयन किया गया है।

फैलो का चयन वरिष्ठ संपादकों की एक चयन समिति ने किया। चयन समिति में द इंडियन एक्सप्रेस के पूर्व संपादक चंद्रकांत नायडू, ‘सुबह सबेरे के राज्य संपादक गिरीश उपाध्याय, वरिष्ठ संपादक व हिंदी विवि वर्धा के मीडिया प्राध्यापक अरुण त्रिपाठी, सीनियर एडिटर श्रावणी सरकार, ‘डाउन टू अर्थ मैग्जीन के संपादक रिचर्ड महापात्र व सीनियर एडिटर सेंटर फॉर मीडिया स्टडीज की अन्नू आनंद व जूरी मेंबर सेक्रेटरी राकेश दीवान शामि‍ल थे।

इन पत्रकारों को छह महीने के दौरान अपने-अपने विषय पर दस खबरें व आलेख के साथ एक जमीनी शोध कार्य पूरा करना होगा। इस फैलोशिप के तहत सभी फैलो को 84 हजार रुपए की राशि दी जाएगी।

विकास संवाद 13 वर्षों से विकास और जन सरोकारों के मुद्दों को मुख्यधारा की मीडिया में लाने, जमीनी रिपोर्टिंग को प्रोत्साहित करने और रिसर्च को प्रोत्साहित करने के लिए चल रहा है।


समाचार4मीडिया.कॉम देश के प्रतिष्ठित और नं.1 मीडियापोर्टल exchange4media.com की हिंदी वेबसाइट है। समाचार4मीडिया में हम अपकी राय और सुझावों की कद्र करते हैं। आप अपनी रायसुझाव और ख़बरें हमें mail2s4m@gmail.com पर भेज सकते हैं या 01204007700 पर संपर्क कर सकते हैं। आप हमें हमारे फेसबुक पेज पर भी फॉलो कर सकते हैं।



पोल

क्या इंडिया टीवी के चेयरमैन रजत शर्मा का क्रिकेट की दुनिया में जाना सही है?

हां, उम्मीद है कि वे वहां भी उल्लेखनीय कार्य कर सुधार करेंगे

नहीं, जिसका काम उसी को साजे। उनका कर्मक्षेत्र मीडिया ही है

बड़े लोगों की बातें, बड़े ही जाने, हम तो सिर्फ चुप्पी साधे

Copyright © 2018 samachar4media.com